मध्यप्रदेश डाइजेस्ट
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: फीचर

बदलता मध्यप्रदेश : डॉ.एच.एल. चौधरी


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डा. नरोत्तम मिश्रा, जनसंपर्क मंत्री, मध्यप्रदेश शासन : जीवन परिचय
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D-83252/24-3-18


मुख्यमंत्री श्री चौहान द्वारा संत भय्यूजी महाराज के निधन पर शोक व्यक्त
13 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने संत श्री भय्यूजी महाराज के दु:खद अवसान पर शोक व्यक्त किया है और सादर श्रद्धांजलि अर्पित की है। श्री चौहान ने कहा कि संत भय्यूजी महाराज के असामयिक दु:खद अवसान से देश ने संस्कृति, ज्ञान और सेवा के त्रिवेणी व्यक्तित्व को खो दिया। उन्होंने कहा कि श्री भय्यूजी महाराज के विचार अनंत काल तक समाज को मानवता की सेवा के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करेंगे। उनके नर्मदा सेवा मिशन से जुड़ाव एवं पर्यावरण संरक्षण तथा सामाजिक कल्याण के क्षेत्र में किए गए कार्यों को कभी नहीं भुलाया जा सकेगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिये ईश्वर से प्रार्थना की है और परिजनों तथा अनुयायियों के प्रति गहन संवेदना व्यक्त की है।
संत भय्यूजी महाराज के निधन पर श्रीमती माया सिंह द्वारा शोक व्यक्त
13 Jun 2018
नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्रीमती माया सिंह ने संत भय्यूजी महाराज के दुखद अवसान पर शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि श्री भय्यूजी महाराज के निधन से एक ऐसा व्यक्तित्व हमारे बीच से चला गया, जो आध्यात्मिकता के साथ पर्यावरण संरक्षण सहित सामाजिक विषयों के प्रति समर्पित था। श्रीमती सिंह ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिये ईश्वर से प्रार्थना की है।
निर्वाचन अधिकारियों के पाँचवें एवं छठवें बैच का प्रशिक्षण शुरू
12 Jun 2018
भारत निर्वाचन आयोग एवं मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी मध्यप्रदेश के तत्वावधान में आर.सी.वी.पी. नरोन्हा प्रशासन अकादमी में 107 निर्वाचन अधिकारियों एवं सहायक निर्वाचन अधिकारियों का 4 दिवसीय प्रशिक्षण आज से प्रारंभ हुआ। शुभारंभ संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री एस.एस. बंसल ने किया। श्री बंसल ने कहा कि आगामी विधानसभा निर्वाचन के लिये इस प्रशिक्षण में सभी महत्वपूर्ण पहलु पर राष्ट्रीय स्तर के मास्टर ट्रेनर्स द्वारा विस्तृत प्रशिक्षण दिया जायेगा। सभी निर्वाचन अधिकारी प्रशिक्षण को गंभीरता से लें। प्रशिक्षण में आठ NLMT सम्मिलित होंगे। आज हुए सत्र में श्री चेतन गांधी (गुजरात) और सुश्री रूही खान ने प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षणार्थियों को आर.ओ. हेड बुक, इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन और वी.वी.पैट., मैनुअल मॉडल कोड ऑफ कन्डक्ट, कंपेडियम ऑन पेड न्यूज, अति संवेदनशील मानचित्र मैनुअल, दिव्यांग व्यक्तियों को सुविधाएँ प्रदाय करने संबंधी अनुदेश, निर्वाचन व्यय एवं मतदान केन्द्र मैन्युयल प्रदाय किये गये।
जलवायु परिवर्तन से निपटने मध्यप्रदेश से शुरू हुआ पायलॅट प्रोजेक्ट
12 Jun 2018
वर्ल्ड रिसोर्सेस इन्स्टीट्यूट और भारत सरकार के समन्वय से जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिये आज मध्यप्रदेश से पायलॅट प्रोजेक्ट की शुरूआत हुई । डब्ल्यू. आर. आई. द्वारा भारत में पायलॅट प्रोजेक्ट के रूप में मध्यप्रदेश और उत्तराखण्ड का चयन किया गया है। प्रमुख सचिव पर्यावरण श्री अनुपम राजन ने इस अवसर पर एप्को द्वारा प्रदेश की जलवायु संबंधित जानकारियाँ प्राप्त करने के लिये तैयार किये गये क्लाइमेट इन्फॉर्मेशन डैशबोर्ड का शुभारंभ किया। वर्ल्ड रिसोर्सेस इन्स्टीट्यूट भारत के निदेशक डॉ. नम्बी अप्पादुरई और सुश्री लॉरेटा बुरके भी उपस्थित थे। प्रमुख सचिव श्री राजन ने कहा कि जलवायु परिवर्तन से पूरे विश्व में रोजमर्रा का जीवन प्रभावित होने लगा है। अगर हमारे पास संबंधित डाटा उपलब्ध रहेंगे, तो नीति निर्धारकों को जलवायु के दुष्प्रभावों को रोकने और चुनौतियों से निपटने के लिए कार्य-योजना तथा रणनीति बनाने में मदद मिलेगी। श्री राजन ने कहा कि मध्यप्रदेश शासन बेहतर पर्यावरण देने के लिये कृत-संकल्पित है। राज्य में पॉलीथिन पर प्रतिबंध लगाया गया है। पिछले दो सालों में 50 हजार मीट्रिक टन से अधिक प्लास्टिक वेस्ट सीमेंट उद्योगों में जलाया गया है। पर्यावरण जागरूकता प्रसार के लिये मास्टर ट्रेनर्स और 12 हजार स्कूली बच्चों को तैयार किया गया है। सुश्री लॉरेटा बुरके ने पॉवर प्रजेन्टेशन से प्रेप डाटा और प्रेप इण्डिया की जानकारी दी। एप्को के समन्वयक श्री लोकेन्द्र ठक्कर ने एप्को/एसकेएमसीसी और डब्ल्यू. आर. आई. इण्डिया पार्टनरशिप की जानकारी दी। इंस्टीट्यूट की सुश्री पूजा पाण्डेय ने 'मध्यप्रदेश का डाटाबेस', सुश्री नम्रता गिनोया ने 'मध्यप्रदेश में गेहूँ,' सुश्री लॉरा सत्कोवस्की ने 'भविष्य में पृथ्वी' के तहत 'मध्यप्रदेश के वन' पर प्रस्तुतीकरण दिया। कार्यशाला में यूएनडीपी, हैदराबाद, दिल्ली के वैज्ञानिक और प्रदेश के विभिन्न विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।
एनसीटीई के पाठ्यक्रमों के लिये इस वर्ष एम.पी. ऑनलाइन से होगा प्रवेश
12 Jun 2018
मध्यप्रदेश में सभी अशासकीय शिक्षा महाविद्यालयों एवं पारम्परिक विश्वविद्यालयों की शैक्षणिक एवं शारीरिक शिक्षण अध्ययन शालाओं में सत्र 2018-19 में राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (एनसीटीई) के बी.एड. एवं अन्य पाठ्यक्रमों के लिये स्वीकृत लगभग 50 हजार सीटों के लिये प्रोफेशनल एक्जामिनेशन बोर्ड (पीईबी) के माध्यम से प्रवेश परीक्षा व्यवस्था को समाप्त करने का निर्णय लिया गया है। उच्च शिक्षा मंत्री श्री जयभान सिंह पवैया से मध्यप्रदेश में बी.एड. तथा बी.पी.एड. में प्रवेश प्राप्त विद्यार्थियों तथा विभिन्न संस्थानों के संचालकों के प्रतिनिधि-मण्डल ने विगत 10 मई को भेंट कर एनसीटीई के पाठ्यक्रमों में प्रवेशित प्रक्रिया को परिवर्तित करने का अनुरोध किया था। इस वर्ष एम.पी. ऑनलाइन के माध्यम से ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया सम्पन्न की जायेगी। ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया 15 जून से शुरू की जायेगी। ऑनलाइन काउंसलिंग की समय-सारणी शीघ्र ही उच्च शिक्षा विभाग की वेबसाइट http://www.highereducation.mp.gov.in एवं एम.पी. ऑनलाइन के पोर्टल http://hed.mponline.in पर उपलब्ध रहेगी। इस वर्ष इन पाठ्यक्रमों में अर्हकारी परीक्षाओं के प्राप्तांक के गुणानुक्रम के आधार पर प्रवेश की प्रक्रिया होगी। एनसीटीई के 8 पाठ्यक्रमों के लिये 3 चरणों में प्रवेश प्रक्रिया पूर्ण की जायेगी। प्रथम चरण में आवेदक एम.पी. ऑनलाइन के पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीयन करते हुए दस्तावेजों का ऑनलाइन सत्यापन शासन द्वारा चिन्हित हेल्प-सेंटर (शासकीय महाविद्यालय तथा विश्वविद्यालय) के माध्यम से किया जायेगा। बीपीएड एवं एमपीएड के लिये क्रमश: फिटनेस एवं प्रोफिशियेन्सी टेस्ट निर्धारित हेल्प-सेंटर पर निर्धारित तिथियों में होगा। इसके बाद समेकित मेरिट-सूची का प्रकाशन एवं वरीयता के अनुसार प्रथम चरण में सीटें आवंटित की जायेंगी। चिन्हित हेल्प-सेंटर के माध्यम से शुल्क, टी.सी. तथा माइग्रेशन जमा करवाने पर प्रवेश दिया जायेगा। प्रत्येक चरण की समाप्ति के बाद महाविद्यालयों की रिक्त सीटों का प्रकाशन किया जायेगा। प्रत्येक चरण में नवीन आवेदकों को ऑनलाइन पंजीयन तथा ऑनलाइन दस्तावेजों के सत्यापन की सुविधा उपलब्ध होगी। ऑनलाइन सत्यापन के लिये 77+7=84 चिन्हित हेल्प-सेंटर (शासकीय महाविद्यालय तथा विश्वविद्यालय) होंगे। बी.एड. तथा एन.सी.टी.ई. के अन्य पाठ्यक्रमों के लिये मेरिट तथा वरीयता के आधार पर 3 चरणों में प्रवेश प्रक्रिया की जायेगी। प्रत्येक चरण में विद्यार्थियों को ऑनलाइन पंजीयन करवाने की सुविधा प्राप्त होगी। तृतीय चरण की समाप्ति के बाद महाविद्यालयों में रिक्त सीट पर प्रशासकीय अनुमोदन के बाद रिक्त सीटों को भरने की कार्यवाही पर विचार किया जायेगा।
विद्यार्थी दृढ़ निश्चय के साथ रास्ता चुनें और आगे बढ़ें - मुख्यमंत्री श्री चौहान
11 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रतिभाशाली विद्यार्थियों का आव्हान किया कि वे दृढ़ निश्चय के साथ अपना रास्ता चुनकर आगे बढ़ें। पढ़ाई के लिये पैसों की कमी नहीं होने दी जायेगी। उन्होंने कहा कि जीवन में आगे बढ़ने के लिये प्रेरणा, परिश्रम और धन की जरूरत होती है। परिश्रम विद्यार्थी करें, धन की व्यवस्था राज्य सरकार करेगी। श्री चौहान आज यहाँ स्थानीय लाल परेड मैदान में प्रतिभाशाली विद्यार्थी सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे। समारोह में म.प्र. बोर्ड परीक्षा में 75 प्रतिशत से अधिक अंक लाने वाले विद्यार्थी शामिल हुए। इन विद्यार्थियों को मुख्यमंत्री ने लेपटॉप खरीदने के लिये ऑनलाइन 25-25 हजार रूपये की राशि उनके बैंक खातों में वितरित की। श्री चौहान ने विद्यार्थियों को उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दीं और शिक्षकों को विद्यार्थियों का कुशल मार्गदर्शन करने के लिये बधाई दी। समारोह में आज 22 हजार 35 प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को लेपटॉप खरीदने के लिये ऑनलाइन राशि दी गई। अन्य 66 हजार बच्चों के खातों में राशि जल्दी पहुँचाई जायेगी। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री श्री चौहान की पहल पर वर्ष 2009 से परीक्षाओं में अच्छे अंक लाने वाले विद्यार्थियों को प्रोत्साहन देने के लिये यह योजना शुरू की गई थी। सत्र 2009-10 में प्रतिभाशाली छात्र-छात्राओं की संख्या 473 थी। अब 2017-18 में 8 वर्ष में यह संख्या लगभग 47 गुना बढ़कर 22,035 हो गई है। इस वर्ष हायर सेकेण्डरी स्कूल परीक्षा में कुल 5,95,505 छात्र-छात्राएँ शामिल हुए थे, जिनमें से 22035 विद्यार्थियों को आज समारोह में प्रोत्साहन स्वरूप लेपटॉप के लिये ऑनलाइन धनराशि दी गई है। श्री चौहान ने विद्यार्थियों से कहा कि वे 25 हजार रूपये की प्रोत्साहन राशि से अपनी पसंद का लेपटॉप खरीदें और पढ़ाई में उसका भरपूर उपयोग कर ज्ञान का नया संसार रचें। उन्होंने कहा कि अच्छी और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करना हर बच्चे का अधिकार है। देश और प्रदेश का भविष्य बनाने के लिये बच्चों की शिक्षा में कोई कमी नहीं आने दी जायेगी। उन्होंने विद्यार्थियों को असाधारण क्षमता और प्रतिभा का पुंज बताते हुए कहा कि सही दिशा मिलने पर बच्चे अपना और प्रदेश का सुनहरा भविष्य गढ़ने में सक्षम हैं। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने विद्यार्थियों को लक्ष्य तय करने का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि लक्ष्य प्राप्त करने के लिये रोडमैप बनायें और ईमानदारी से उसका पालन करें। दृढ़ निश्चय और इच्छाशक्ति से सफलता अवश्य मिलती है। श्री चौहान ने कहा कि ऊँची उड़ान भरने के लिये पूरा आकाश है। अपने भीतर क्षमताएँ पैदा करो और पूरा आकाश नाप लो। उन्होंने विद्यार्थियों को सीख दी कि अपने माता-पिता और बहन-बेटियों का हमेशा सम्मान करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश बदल रहा है। इस बदलाव में अपना योगदान देने के लिये तैयार रहें। नई टेक्नोलॉजी का रचनात्मक उपयोग करें और इसके दुरूपयोग से हमेशा बचें। हमेशा सचेत रहें कि गलत राह पर कदम ना पड़ जाये। निराशा को अपने पास नहीं आने दें। किसी भी प्रकार के भटकाव से बचें। सिर्फ अपने लक्ष्य पर ध्यान केन्द्रित करें। उन्होंने कहा कि बेटियों की शिक्षा व्यवस्था के लिये राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। सरकारी नौकरियों में उनके लिये पद आरक्षित किये गये हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिसने बेटियों की तरफ बुरी नजर डाली और बेटियों की गरिमा को ठेस पहुँचाने की कोशिश भी की, उसे सीधे फाँसी की सजा मिलेगी। आयुक्त लोक शिक्षण श्रीमती जयश्री कियावत ने बताया कि इस बार शासकीय शालाओं से जेईई मेन्स में 902 बच्चों का चयन हुआ है। सम्मान समारोह में भोपाल के प्रभारी, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गोपाल भार्गव, स्कूल शिक्षा मंत्री कुँवर विजय शाह, स्कूल शिक्षा राज्य मंत्री श्री दीपक जोशी, सांसद श्री आलोक संजर, विधायक श्री रामेश्वर शर्मा, श्री विष्णु खत्री, श्री सुरेन्द्रनाथ सिंह, राज्य बाल आयोग के अध्यक्ष श्री राघवेन्द्र शर्मा, माध्यमिक शिक्षा मंडल के उपाध्यक्ष श्री भागीरथ कुमरावत, जिला पंचायत के अध्यक्ष श्री मनमोहन नागर, माध्यमिक शिक्षा मंडल के अध्यक्ष श्री एस.आर. मोहंती, प्रमुख सचिव स्कूल शिक्षा श्रीमती दीप्ति गौड़ मुखर्जी और सभी संभागों से 75 प्रतिशत से ज्यादा अंक प्राप्त करने वाले प्रतिभाशाली विद्यार्थी उपस्थित थे।
राजभवन में रोजा अफ्तार का आयोजन
11 Jun 2018
राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल द्वारा रमजान के मुबारक मौके पर आज राजभवन में रोजा अफ्तार का आयोजन किया गया। राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने इस मौके पर मुस्लिम भाईयों को रमजान की मुबारकबाद दी। राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने खजूर खिलाकर रोजेदार महिलाओं को रोजा अफ्तार कराया। रोजा अफ्तार में मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान, पूर्व मुख्यमंत्री एवं विधायक श्री बाबूलाल गौर, पुलिस महानिदेश श्री ऋषि शुक्ला, वक्फ बोर्ड के चेयरमैन शौकत मोहम्मद खान, मुख्य सूचना आयुक्त श्री के. डी. खान, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष श्री नियाज मोहम्मद खां, मदरसा बोर्ड के अध्यक्ष प्रो. इमाद उद्दीन, भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चे मध्यप्रदेश के अध्यक्ष सनवर पटेल विश्वविद्यालयों के कुलपति, विभिन्न धर्मों के धर्मगुरू, प्रशासन एवं पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी, राजनीतिक दलों के पदाधिकारी, पत्रकार, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में रोजेदार शामिल हुए। इस अवसर पर राज्यपाल के सचिव श्री भरत माहेश्वरी और राजभवन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। नायक शहर काजी जनाब बाबर हुसैन नदवी साहब ने नमाज अता कराई।
किसानों के खाते में पहुँचाये 30 हजार करोड़
11 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि राज्य सरकार ने बीते एक वर्ष में लगभग तीस हजार करोड़ रूपये अलग अलग योजनाओं में किसानों के खातों में पहुँचाने का काम किया है। सामाजिक सुरक्षा का चक्र हर गरीब के साथ जोड़ने की मुख्यमंत्री जन कल्याण योजना की शुरूआत आगामी 13 जून से की जा रही है। राज्य सरकार ने निर्णय लिया है कि लाड़ली लक्ष्मी योजना का कानून बनाया जायेगा, इसके लिये आगामी विधानसभा सत्र में विधेयक लाया जायेगा। प्रदेश में आगामी 23 जून से 06 जुलाई तक विकास पर्व मनाया जायेगा। विकास पर्व का शुभारंभ प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी 23 जून को करेंगे। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज 'दिल से' कार्यक्रम के तहत विद्यार्थियों, मजदूरों और किसानों से सीधा संवाद कर रहे थे। शिक्षा प्राप्त करना बुनियादी अधिकार मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि आज करीब 22 हजार प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को लैपटॉप के लिये राशि दी गई है। राज्य सरकार ने निर्णय लिया है कि कक्षा 12वी में 75 प्रतिशत से अधिक अंक लाने वाले सभी विद्यार्थियों को लैपटॉप दिया जायेगा। इससे अब करीब 40 हजार विद्यार्थियों को और लैपटॉप दिया जायेगा। विद्यार्थियों की कैरियर काउंसलिंग के लिये 12वीं में 70 प्रतिशत से ज्यादा अंक लाने वाले विद्यार्थियों की काउंसलिंग की गई है। दूसरे चरण में 70 प्रतिशत से कम अंक लाने वाले विद्यार्थियों की काउंसलिंग की जायेगी। तीसरे चरण में जो विद्यार्थी उत्तीर्ण नहीं हुये हैं उनकी काउंसलिंग की जायेगी। शिक्षा प्राप्त करना बुनियादी अधिकार है। मध्यप्रदेश का कोई भी बच्चा धन के अभाव में शिक्षा से वंचित नहीं रहेगा। मुख्यमंत्री जन कल्याण योजना की शुरूआत 13 जून से मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश के किसानों को मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना, समर्थन मूल्य पर प्रोत्साहन राशि, सूखा राहत, फसल बीमा योजना सहित विभिन्न योजनाओं में गत एक वर्ष में तीस हजार करोड़ रूपये की सहायता दी गई है। खेती को लाभ का धंधा बनाने के लिये राज्य सरकार कृत संकल्पित है। इसके लिये अनेक उपाय किये हैं। मुख्यमंत्री जन कल्याण योजना गरीब की जिंदगी बदलने वाली योजना है। इस योजना के माध्यम से शोषित, वंचित और पीड़ित वर्ग को न्याय देने का काम किया जा रहा है। इसमें गरीबों की सभी बुनियादी जरूरतों को पूरा किया जायेगा। यह योजना आगामी 13 जून को शुरू हो रही है। इसमें गरीबों को आवास का पट्टा, गरीबों के बच्चों की पढ़ाई, चिकित्सा सहायता, प्रसूति सहायता, मृत्यु होने पर सहायता और कौशल विकास के लिये मदद दी जायेगी। विद्युत बिलों के लिये आगामी जुलाई-अगस्त माह में विशेष कैम्प मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि राज्य सरकार ने विद्युत के बिलों का सरलीकरण करने का निर्णय लिया है। आगामी जुलाई और अगस्त माह में ग्रामों के समूहों में विशेष कैम्प लगाये जायेंगे, जिनमें मुख्यमंत्री जन कल्याण योजना में पंजीकृत श्रमिकों के बिल जमाकर उन्हें शून्य बिल का प्रमाण पत्र दिया जायेगा। इस तरह उनके बिजली बिलों के पिछला बकाया राज्य सरकार भरेगी। इसके बाद उन्हें फ्लैट रेट पर दो सौ रूपये प्रति माह का बिल दिया जायेगा। राज्य सरकार ने लाड़ली लक्ष्मी योजना का कानून बनाने का निर्णय लिया है। प्रदेश में अब तक 27 लाख 80 हजार लाड़ली लक्ष्मी हैं। योजना का कानून बनाने से इसका बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित होगा। 15 जुलाई से व्यापक वृक्षारोपण अभियान श्री चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की पहल पर संयुक्त राष्ट्र ने 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस घोषित किया है। शरीर को स्वस्थ्य रखने के लिये योग आवश्यक है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने स्वच्छता को जनआंदोलन का रूप दिया है। प्रदेश के सभी शहरों को स्वच्छ बनाने के लिये काम किया जायेगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में आगामी 15 जुलाई से 15 अगस्त तक व्यापक वृक्षारोपण का अभियान चलाया जायेगा। गत जून माह में प्रदेश में नदियों के गहरीकरण का कार्य किया गया है। इसमें शामिल होने वाले सभी नागरिकों को बधाई। नर्मदा सेवा मिशन के तहत नदी संरक्षण का काम किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश को आगे बढ़ाने में सभी नागरिक सहयोग करें। मध्यप्रदेश को सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने के लिये अपना सर्वश्रेष्ठ योगदान करें। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने अपने संबोधन में उपलब्धियों के लिये माउंट एवरेस्ट के शिखर पर पहुँचने वाली सीहोर जिले की कुमारी मेघा परमार, नीट की परीक्षा में रैंक लाने वाली शबिस्ता खान और संकल्प केशरी, जकार्ता में आयोजित एशियन सेलिंग चेम्पियनशिप के भारतीय दल में चयन होने वाले प्रदेश के आठ खिलाड़ियों श्री आशीष विश्वकर्मा, श्री गोविंद वैरागी, श्री सतीश यादव, कु. उमा चौहान, कु. रितिका दांगी, एकता यादव, शौला चार्लस और हर्षिता तोमर को बधाई दी। उन्होंने भोपाल के सपूत शहीद मेजर अजय प्रसाद को उनकी 19वीं पुण्य तिथि पर तथा हिमाचल प्रदेश की पूर्व राज्यपाल और प्रदेश की पूर्व मंत्री स्वर्गीय श्रीमती उर्मिला सिंह के निधन पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने शहीद बिरसा मुण्डा और स्वर्गीय डा.श्यामा प्रसाद मुखर्जी का स्मरण भी किया।
शासकीय भवनों एवं आवास गृहों में आवश्यक सुधार कार्य करवायें : मंत्री श्री रामपाल सिंह
11 Jun 2018
लोक निर्माण मंत्री श्री रामपाल सिंह ने निर्देश दिये हैं कि विभाग द्वारा शासकीय भवनों एवं आवासीय गृहों में मरम्मत और अन्य आवश्यक सुधार कार्य तत्काल करवायें। उन्होंने कहा है कि स्कूलों एवं अस्पताल भवनों के मरम्मत के कार्य सर्वोच्च प्राथमिकता से करवायें। भवनों का निरंतर निरीक्षण कर छत से पानी टपकने की शिकायतों को तत्काल दूर करें। श्री सिंह आज मंत्रालय में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये विभागीय अधिकारियों से चर्चा कर रहे थे। मंत्री श्री सिंह ने कहा कि वर्षाकाल में सड़कों के गड्ढों को तत्काल ठीक करवाया जाये। उन्होंने कहा कि परफार्मेंस गारंटी की सड़कों पर ठेकेदारों से आवश्यक सुधार एवं मरम्मत करवायें। श्री सिंह ने कहा कि सभी विभागीय शासकीय कार्यालय परिसर, सर्किट-हाउस, रेस्ट-हाउस एवं आवासीय परिसर में जून-जुलाई माह में पौध-रोपण कार्यक्रम आयोजित किये जायें और पौधों की देख-रेख भी सुनिश्चित करें। संभाग-स्तर पर किये गये रोपण की जानकारी ईएनसी को दें। उन्होंने कहा कि प्रभारी मंत्री और सांसद से समय लेकर नये कार्यों का भूमि-पूजन एवं लोकार्पण करवायें। श्री रामपाल सिंह ने कहा कि पुलों का वर्षा पूर्व निरीक्षण किया जाये। उन्होंने ठेकेदारों को समय पर भुगतान करने की जानकारी भी प्राप्त की। साथ ही, बजट आवंटन और मुख्यमंत्री की घोषणाओं की स्वीकृति संबंधी विषयों पर भी चर्चा हुई। इस मौके पर प्रमुख सचिव श्री मोहम्मद सुलेमान, सचिव श्री आर.के. मेहरा और प्रमुख अभियंता श्री अखिलेश अग्रवाल उपस्थित थे।
रूसा परियोजना के द्वितीय चरण के लिए 260 करोड़ मंजूर: उच्च शिक्षा मंत्री श्री पवैया
11 Jun 2018
प्रदेश के विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों में अंधोसंरचना विकास के लिए मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने रूसा परियोजना के द्वितीय चरण में 260 करोड़ रुपये की राशि मंजूर की है। उच्च शिक्षा मंत्री श्री जयभान सिंह पवैया ने यह जानकारी देते हुए बताया कि इस राशि से महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों में उच्च शिक्षा विभाग द्वारा राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान (रूसा) में प्रस्तावित कार्यों को पूर्ण करवाया जायेगा। रूसा परियोजना में प्राप्त राशि में से बरकतउल्ला विश्वविद्यालय भोपाल, म.गां.ग्रा. विश्वविद्यालय चित्रकूट और विक्रम विश्वविद्यालय उज्जैन को अंधोसंरचना विकास के लिए 20-20 करोड़ दिये जाएंगे। नवीन स्थापना के लिए व्यवसायिक महाविद्यालय, राजगढ़ को 26 करोड़ रुपये और नवीन आदर्श महाविद्यालय छतरपुर, विदिशा, खंडवा, सिंगरौली, दमोह, गुना, बड़वानी और राजगढ़ को 12-12 करोड़ रुपये आवंटित किये जाएंगे । आदर्श महाविद्यालयों में उन्नयन के लिए शासकीय महाविद्यालय अंजड, शासकीय कन्या महाविद्यालय विदिशा और श्री नीलकंठेश्वर शा.महाविद्यालय खंडवा को 4-4 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की जायेगी। नैक मूल्यांकित 33 महाविद्यालयों को भी अंधोसंरचना विकास के लिए 2-2 करोड़ रुपये दिये जाएंगे।
राजस्व मंत्री ने की विभागीय योजनाओं की समीक्षा
11 Jun 2018
राजस्व, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता ने मंत्रालय में विभागीय योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने अस्थाई लीज तथा विंध्य क्षेत्र के गैर हकदारी पट्टा के संबंध में सुविचारित नीति बनाने के निर्देश दिये। बैठक में प्रमुख सचिव श्री अरूण पाण्डेय और श्री हरिरंजन राव तथा आयुक्त भू-अभिलेख श्री एम. सेलवेंद्रन उपस्थित थे।
बैक्टिरिया और फंगस से बनी किफायती खाद से पौधे बनेंगे स्मार्ट और इंटेलिजेन्ट
11 Jun 2018
देश में पहली बार मध्यप्रदेश वन विभाग ने वैज्ञानिकों की सहायता से बैक्टिरिया और फंगस से किफायती और अति-गुणवत्तापूर्ण खाद बनाने में सफलता हासिल की है। यह पौधों को स्वस्थ्य, स्मार्ट और बुद्धिमान बनायेगी। खाद की सहायता से पौधे सूक्ष्म पोषण खुद ही मिट्टी से ग्रहण कर लेंगे। फंगस और सात तरह के बैक्टिरिया से विकसित खाद की लागत मात्र 2-3 पैसा आयेगी। सूक्ष्म तत्वों को अपनी जरूरत के अनुसार उपयोग करेंगे पौधे बैक्टिरिया स्पन्ज के समान नमी सोखेगा और फंगस दूसरे पौधों तथा खरपतवार के आक्रमण से बचायेगा। फास्फोरस भी घुलनशील रूप में पौधों को मिल सकेगा। यह प्राकृतिक खाद पौधों को सभी तरह के खतरों से बचाते हुए सभी को स्वस्थ्य,निरोगी और शीघ्र वृद्धि करने में बहुत मददगार होगी। यह खाद पौधों को बीमारियों और संक्रमण से बचाने के साथ-साथ उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता भी मजबूत बनाएगी। मात्र 45 दिन में तैयार होती है खाद अपर प्रधान मुख्य वनसंरक्षक अनुसंधान विस्तार एवं लोकवानिकी श्री पी.सी. दुबे ने बताया कि वन विभाग ने इंदौर के अनुसंधान विस्तार में सोयाबीन रिसर्च सेन्टर के वैज्ञानिक डॉक्टर बी.पी. बुन्देला और डॉ. सतीश अग्रवाल की मदद से बायोडिग्रेबल और बायोडाइजेस्टर खाद तैयार की है। खाद तैयार करने में मात्र एक से दो ग्राम फंगस एवं बैक्टिरिया की जरूरत होती है। यह एक डेढ़ किलो भूसे में मिलाकर तैयार किया जाता है। वेल्यू एडिशन के लिये इसे वर्मी कम्पोस्ट में मिला दिया जाता है। यह खाद मात्र 45 दिनों में तैयार हो जाती है। किसानों को भी मिलेगा प्रशिक्षण अपर मुख्य सचिव ने किसानों को इस खाद का फायदा देने के निर्देश दिये हैं। पायलेट के रूप में इंदौर और इंदौर के आस-पास के जिलों की ग्राम पंचायतों के करीब 50 प्रतिनिधियों को खाद बनाने का प्रशिक्षण देने की योजना है।
भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लिए सभी मिलकर प्रयास करें : राज्यपाल श्रीमती पटेल
10 Jun 2018
राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने कहा है कि भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के स्वप्न को साकार करने के लिए हम सभी को मिलकर प्रयास करने होंगे। आतंकवाद आज पूरे विश्व की समस्या हो गई है इससे लड़ने के लिए प्रधानमंत्री पूरे विश्व में आवाज उठा रहे है। हम सब का यह कर्तव्य है कि हम देश में शांति और एकता का वातावरण बनाये रखने में अपनी भूमिका निभाएँ। राज्यपाल श्रीमती पटेल गुजराती समाज की नवगठित कार्यकारिणी समिति के सेवा संकल्प समारोह को संबोधित कर रहीं थीं। राज्यपाल ने कहा कि अब मध्यप्रदेश भी मेरी कर्म भूमि हो गई है। आपकी कठिनाईयों और समस्याओं को दूर करना मेरा दायित्व हो गया है। राज्यपाल श्रीमती पटेल ने कहा कि बच्चों की शिक्षा और स्वास्थ्य की चिंता प्रत्येक समाज को करना चाहिए एवं समाज के प्रतिभाशाली बच्चों और अन्य लोगों का सम्मान करने से बच्चों का मनोबल बढ़ता है। किसी भी राज्य या देश की प्रगति के लिए सभी समाज को शिक्षित होना जरूरी है। प्रधानमंत्री के 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' जैसे संकल्प का चरित्रार्थ करना प्राथमिकता होना चाहिए। बेटा-बेटी दोनों आगे बढ़ेंगे तो देश भी आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि हमारा दायित्व है कि समाज को राष्ट्रीय सभ्यता, संस्कृति और परम्पराओं के प्रति जागरूक करें। केन्द्र और राज्य की योजनाओं को समाज के प्रत्येक व्यक्ति तक पहुंचाने में भागीदारी निभायें। समाज के गरीबों, महिलाओं और छात्र-छात्राओं का विशेष ध्यान रखें। उन्होंने कहा कि विश्व में 21 जून अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाया जा रहा है जिसमे सभी भी प्रदेशवासियों को भागीदार बनना है। राज्यपाल ने कार्यकारिणी के पदाधिकारियों से अपील की कि वे शहर प्रदेश और देश में एकता, शांति और अनुशासन का उदाहरण कायम करें और अपने आस-पास, शहर में गंदगी न फैलाएं, स्वच्छता रखें और केन्द्र तथा राज्य की योजनाओं का लाभ प्रदेश और देश नागरिकों तक पहुँचाने का प्रयास करें। इस अवसर पर राज्यपाल ने समाज के प्रतिभावान बच्चों, संरक्षकों एवं उद्यमियों का सम्मान किया। गुजराती समाज के अध्यक्ष श्री संजय पटेल ने राज्यपाल महोदया का स्मृति चिंह भेंट कर सम्मान किया। इस अवसर पर गुजराती समाज के गणमान्य नागरिक और बच्चे बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
फसल निर्यात करने के लिये एपिडा की तर्ज पर बनेगा बोर्ड
10 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश के किसानों की फसल निर्यात करने के लिये एपिडा (Agricultural and Processed Food Products Export Devlopment Authority) की तर्ज पर प्रदेश में बोर्ड का गठन किया जायेगा। श्री चौहान आज जबलपुर में कृषक समृद्धि योजना के अंतर्गत आयोजित राज्य-स्तरीय किसान महा-सम्मेलन में बड़ी संख्या में मौजूद किसानों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ग्रीष्मकालीन उड़द भी समर्थन मूल्य पर खरीदेगी। उन्होंने उड़द उत्पादक किसानों से आग्रह किया कि कृषक समृद्धि योजना में अपना पंजीयन करायें, ताकि उन्हें भी योजना का समय लाभ मिल सके। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि खेती का विकास और किसान का कल्याण राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। खेतिहर परिवारों के बेटा-बेटी कृषि आधारित उद्योग-धंधे स्थापित करें। राज्य सरकार उन्हें 10 लाख से 2 करोड़ रूपये तक ऋण उपलब्ध करवाएगी। इस ऋण की गारंटी भी राज्य सरकार लेगी। श्री चौहान ने कहा कि मध्यप्रदेश में लॉजिस्टिक हब और फुड चेन बनाई जायेगी। कच्चे माल के प्र-संस्करण की व्यवस्था की जायेगी। किसानों को कृषक समृद्धि योजना सहित अन्य महत्वपूर्ण योजनाओं की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि किसानों के बच्चों की शिक्षा संस्थानों की फीस भी राज्य सरकार भरेगी। आवश्यकतानुसार किसान परिवार के सदस्यों का प्रायवेट अस्पताल में ईलाज कराने की पूरी व्यवस्था की जायेगी। किसानों को बिजली बिलों की परेशानी से राहत देने के लिये जुलाई माह में बड़े पैमाने पर शिविर लगाये जायेंगे। उन्होंने बताया कि किसान परिवार के बच्चों को भी शिक्षा विभाग की लेपटॉप योजना का लाभ दिया जायेगा। श्री चौहान ने कहा कि राज्य सरकार चाहती है कि प्रदेश के बच्चे खूब पढ़ें, आगे बढ़ें और नया मध्यप्रदेश गढ़ें। राज्य-स्तरीय किसान सम्मेलन में मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि एक जमाना था, जब प्रदेश के किसान बिजली, सिंचाई, बैंक के कर्ज और सड़क की बदहाली के कारण चैन से खेती नहीं कर पाते थे। उन्होंने कहा कि आज स्थिति बिल्कुल अलग है। आज प्रदेश में विद्युत उत्पादन 18 हजार 354 मेगावॉट तक पहुँच गया है। किसानों को भरपूर बिजली मुहैया कराई जा रही है। सिंचाई का रकबा 40 हजार हेक्टेयर हो गया है, किसानों के खेतों में पाईप लाईन से आवश्यकतानुसार भरपूर पानी पहुँचाया जा रहा है। किसान को अब बैंक ऋण पर भारी ब्याज नहीं देना पड़ता है। जीरो प्रतिशत ब्याज पर बैंक से ऋण लेकर किसान खेती कर रहे हैं। प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के माध्यम से ग्रामीण अंचल शहरों से जुड़ गये हैं। फसल बीमा योजना और सूखा राहत राशि की बड़े पैमाने पर व्यवस्था से किसान निश्चिंत होकर खेती को लाभ का धंधा बनाने में जुट गये हैं। रु. 394 करोड़ लागत के निर्माण कार्यों का भूमि-पूजन मुख्यमंत्री श्री चौहान ने राज्य-स्तरीय किसान महा-सम्मेलन में लगभग 394 करोड़ रूपये लागत के निर्माण कार्यों का भूमि-पूजन किया। इसमें 257 करोड़ की नर्मदा पेयजल योजना, 51 करोड़ का बेलखेड़ा विद्युत उपकेन्द्र, 34 करोड़ 8 लाख का गौरा बाजार विद्युत उपकेन्द्र, 20 करोड़ 38 लाख का मेडिकल यूनिवर्सिटी का प्रशासनिक भवन तथा 21 करोड़ 71 लाख की मुख्यमंत्री ग्रामीण पेयजल योजना शामिल है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने इस अवसर पर मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के अंतर्गत प्रदेश के 10 लाख 80 हजार 228 पंजीकृत किसानों के बैंक खातों में रबी वर्ष 2018-19 में उपार्जित गेहूँ की 265 रूपये प्रति क्विंटल के हिसाब से कुल प्रोत्साहन राशि 2 हजार 245 करोड़ ऑनलाईन ट्रांसफर की। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की इस पहल से प्रदेश के किसान आर्थिक रूप से सशक्त होंगे। खेती के क्षेत्र में नया इतिहास रचेंगे। उन्होंने कहा कि हमारी कोशिश है कि प्रदेश में खेती से होने वाली आमदनी किसानों के लिये समृद्धि का सशक्त माध्यम बने। श्री चौहान ने इस अवसर पर मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना में पंजीकृत किसानों को हित-लाभ वितरित किये। इसी के साथ किसानों की बेटियों को हायर सेकेण्डरी की परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिये सम्मानित भी किया। श्री चौहान ने इस मौके पर किसानों को सरकार के साथ नया मध्यप्रदेश गढ़ने, गाँव को स्वच्छ बनाने और बेटा-बेटी को बराबरी से पढ़ाने का संकल्प दिलाया। राज्य-स्तरीय किसान सम्मेलन में महामण्डलेश्वर स्वामी अखिलेश्वरानंद, सांसद श्री राकेश सिंह, महापौर डॉ. स्वाति गोड़बोले, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मनोरमा पटेल, विधायक श्री अंचल सोनकर, श्री सुशील तिवारी, सुश्री प्रतिभा सिंह, सुश्री नंदिनी मरावी, श्री अशोक रोहाणी, श्री मोती कश्यप, श्री लारेन बी लोबो, जबलपुर प्राधिकरण के अध्यक्ष डॉ. विनोद मिश्रा, महाकौशल विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री प्रभात साहू, किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष श्री रणवीर सिंह रावत, अन्य किसान नेता, अन्य जन-प्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण और किसान मौजूद थे।
किसानों की खुशहाली के लिये राज्य सरकार कृत-संकल्पित : गृह मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह
10 Jun 2018
गृह एवं परिवहन मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह ने आज भोपाल की करोंद मंडी में आयोजित जिला-स्तरीय किसान सम्मेलन में कहा कि मध्यप्रदेश सरकार किसानों के साथ कंधे-से कंधा मिलाकर खड़ी है। आज प्रदेश में ऐतिहासिक दिन है। किसान भाईयों की मेहनत का ही परिणाम है कि 5 वर्षों से लगातार मध्यप्रदेश को राष्ट्रीय स्तर पर कृषि कर्मण आवार्ड मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि गेहूँ के उत्पादन में हमारे प्रदेश ने पंजाब को पीछे छोड़ दिया है। सम्मेलन को विधायक श्री रामेश्वर शर्मा और श्री विष्णु खत्री ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम में जिला मण्डी अध्यक्ष श्रीमती श्यामा पाटीदार, सहकारी बैंक अध्यक्ष श्री जीवन मैथिल, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री मनमोहन नागर उपस्थित थे। कार्यक्रम में जबलपुर में मुख्यमंत्री श्री चौहान द्वारा दिये गये भाषण का सीधा प्रसारण भी किसानों ने सुना और तालियों की गड़गड़ाहट से सराहा।
जनसम्पर्क मंत्री डॉ. मिश्र ने किसानों को वितरित किये 75 करोड़
10 Jun 2018
जनसम्पर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने दतिया में किसान समृद्धि योजना के अंतर्गत आयोजित वृहद किसान सम्मेलन में योजना में पंजीकृत किसानों को 75 करोड़ 55 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि का वितरण किया। डॉ. मिश्र ने यह राशि 200 रूपये प्रति क्विंटल के मान से गेहूँ उत्पादक किसानों को प्रदान की। मंत्री डॉ. मिश्र ने कहा कि कृषक समृद्धि योजना अपने नाम के अनुरूप कृषकों की समृद्धि के लिए लागू की गई है। इसके अलावा सूखा राहत राशि, भावांतर भुगतान योजना, गेहूँ, चना, मसूर और सरसों की खरीदी एवं फसल बीमा योजना के माध्यम से भी किसान लाभान्वित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने किसानों को आर्थिक रूप से समर्थ बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। कार्यक्रम में विधायक श्री घनश्याम पिरौनिया और जिला अन्त्योदय समिति के नव-नियुक्त उपाध्यक्ष श्री अशोक दातरे भी उपस्थित थे। सिंचाई परियोजना का शुभारंभ मंत्री डॉ. मिश्र ने दतिया जिले के ग्राम खटोला में दो करोड़ 33 लाख रुपये लागत की नहर सिंचाई परियोजना का शुभारंभ किया। इस परियोजना से 558 हैक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई होगी। डॉ. मिश्र ने कहा कि इस परियोजना से खटोला सहित पाँच ग्रामों के किसान बेहतर सिंचाई सुविधा प्राप्त करेंगे। कार्यक्रम में भाण्डेर क्षेत्र के विधायक श्री घनश्याम पिरौनिया मौजूद थे। डॉ. मिश्र ने इकारा रोड से ग्राम खटोला तक 67 लाख लागत की 2.27 किलोमीटर सड़क का भूमि-पूजन किया। उन्होंने दतिया में आगामी अगस्त माह में होने वाले पार्थिव शिवलिंग निर्माण कार्यक्रम की तैयारियों की समीक्षा भी की।
शासकीय महाविद्यालयों के लिए विश्व बैंक देगा 204 करोड़ : उच्च शिक्षा मंत्री श्री पवैया
10 Jun 2018
उच्च शिक्षा मंत्री श्री जयभान सिंह पवैया ने बताया है कि प्रदेश के चयनित 152 शासकीय महाविद्यालयों की संस्थागत विकास योजनाओं के लिये विश्व बैंक प्रथम चरण में 204 करोड़ रूपये देगा। चयनित महाविद्यालयों को आवश्यकतानुसार औसतन 7 से 10 करोड़ रुपये तक की राशि इस परियोजना में स्वीकृत की जायेगी। श्री पवैया ने कहा कि विश्व बैंक सहायतित इस परियोजना में वित्तीय सहायता के लिये उच्च शिक्षा विभाग और महाविद्यालय के बीच एमओयू साइन होगा। मंत्री श्री पवैया ने जानकारी दी कि चयनित महा‍विद्यालयों में 64 से 69 तक अंक प्राप्त करने वाले 40 महाविद्यालयों को शामिल किया गया है। पहले 70 एवं 70 से अधिक अंक प्राप्त करने वाले 112 महाविद्यालयों को ही इन्स्टीट्यूशनल डेव्हलपमेंट प्रोजेक्ट (आईडीपी) में शामिल किया गया था। उन्होंने बताया कि इस परियोजना में 438 महाविद्यालयों का मूल्यांकन किया गया। परियोजना के दूसरे चरण में अन्य 50 महाविद्यालय शामिल होंगे। परियोजना के प्रथम चरण में आईडीपी में शामिल महाविद्यालयों में भोपाल के शा. सरोजनी नायडू गर्ल्स पीजी कॉलेज, गीतांजलि शा. गर्ल्स पीजी कॉलेज, आदर्श मोतीलाल विज्ञान महाविद्यालय, इंस्टीट्यूट फॉर एक्सीलेंस, स्वामी विवेकानंद कॉलेज, बैरसिया, एमएलबी गर्ल्स पीजी कॉलेज, हमीदिया पीजी कॉलेज, बेनजीर कॉलेज, शासकीय कॉलेज नरेला और शासकीय ऑर्ट एण्ड कॉमर्स कॉलेज शामिल हैं।
75 प्रतिशत से ज्यादा नम्बर लाने वाले विद्यार्थियों को भी मिलेंगे लेपटॉप : मुख्यमंत्री श्री चौहान
8 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि 75 प्रतिशत से ज्यादा अंक लाने वाले सभी विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिये लेपटॉप दिये जायेंगे। मुख्यमंत्री आज यहां 'मुख्यमंत्री कैरियर काउंसलिंग पहल - हम छू लेंगे आसमाँ' के दूसरे चरण के काउंसिलिंग सत्र को संबोधित कर रहे थे। स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, आदिम जाति कल्याण, तकनीकी शिक्षा और कौशल विकास विभागों के संयुक्त तत्वावधान में 70 प्रतिशत से कम नंबर लाने वाले विदयार्थियों को कैरियर मार्गदर्शन देने के लिए यह विशेष आयोजन किया गया। सभी जिलों में विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री के संदेश को दूरदर्शन और आकाशवाणी के लाइव प्रसारण के माध्यम से सुना और आकाशवाणी के फोन इन कार्यक्रम के माध्यम से कैरियर संबंधी सवाल भी पूछे। मुख्यमंत्री ने संवेदनशील अभिभावक के रूप में विद्यार्थियों के सवालों के जवाब दिये। मुख्यमंत्री ने कहा कि हर जिले में उत्कृष्ट विद्यालय में कैरियर काउंसलिंग केन्द्र प्रारंभ किया जायेगा। काउंसलिंग सत्र समाप्त होने के बाद भी किसी बच्चे को जरूरत हो, तो वह उन केन्द्रों में जाकर मार्गदर्शन प्राप्त कर सकता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कम अंकों से घबराने और निराश होने की जरूरत नहीं है। कैरियर के कई रास्ते खुले है। कौशल और संपन्न मानव संसाधन की हर क्षेत्र में जरूरत है। उन्होंने विद्यार्थियों का आव्हान किया कि वे अपने माता-पिता, शिक्षकों और मार्गदर्शकों का सम्मान करें। जो विषय पढ़ने में मन लगे, आनंद मिले, उसमें आगे बढें। जो कैरियर मन के करीब हो, उसे चुनें। उन्होंने कहा कि सबसे पहले लक्ष्य तय करें। फिर एक साफ-सुथरा रोडमेप बनायें और पूरी मेहनत से रोडमेप पर चलते रहें। सफलता अवश्य मिलेगी। मुख्यमंत्री ने गुरूदेव रविंद्रनाथ टैगोर, महात्मा गांधी, अमिताभ बच्चन, सचिन तेंदुलकर, महाकवि कालिदास, तुलसीदास, स्वामी विवेकानंद, जॉर्ज वाशिंगटन जैसे महान व्यक्तियों का उदाहरण देते हुए बताया कि परीक्षा में कम नंबर आने के बावजूद उन्होने अपने जीवन में महान कार्य किए हैं। उनके कार्यों को दुनिया याद करती है। ये हस्तियाँ कई पीढि़यों के लिये के लिए प्रेरणा स्रोत हैं। श्री चौहान ने कहा कि सफलता के लिए कुछ कर गुजरने की तड़प होना जरूरी है। उन्होने कहा कि 10वीं और 12वीं पास होने वाले बच्चों के लिए विषय चुनना और आगे बढ़ने के लिए कैरियर चुनना कठिन काम होता है। उन्हें अच्छे मार्गदर्शन की जरूरत होती है। इसलिये कैरियर मार्गदर्शन की व्यवस्था की गई है। हर जिले और ब्लाक स्तर पर कैरियर मार्गदर्शन उपलब्ध है। उन्होने विद्यार्थियों से आग्रह किया कि कैरियर मार्गदर्शकों के पास जाएँ, उनसे चर्चा करें, उन्हें अपनी रूचि बताएं। साथ ही भविष्य के लिये मार्गदर्शन प्राप्त करें और फिर अपना रास्ता तय करें। प्रतिभाशाली गरीब विद्यार्थियों की फीस भरेगी सरकार श्री चौहान ने बताया कि मुख्यमंत्री जन कल्याण योजना के अंतर्गत ऐसे सभी बच्चों की उच्च शिक्षा की फीस भरने का पूरी व्यवस्था राज्य सरकार द्वारा की गई है, जो आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से आते हैं। उन्होंने कहा कि गरीब बच्चों की पढ़ाई के लिए पैसों की कमी और असुविधाओं को बाधा नहीं बनने देंगे। हर बच्चे के लिए आसमान खुला है। भगवान ने सब बच्चों को एक समान बुद्धि दी है। बच्चों को अपनी बुद्धि का सही समय पर बेहतर से बेहतर उपयोग करना सीखना है। हर विद्यार्थी को आगे बढ़ना है। उन्होंने कहा कि परीक्षा में आने वाले नंबर जरूरी हैं लेकिन सिर्फ नंबर ही सब कुछ नहीं है। अच्छा क्रिकेट खिलाड़ी भी कई बार शून्य पर आउट होता है। कोई किसी से कम नहीं। हर विदयार्थी अनोखा है। विद्यार्थी को जीतने के लिए आगे बढ़ना। हर विद्यार्थी मध्यप्रदेश का भविष्य है। उन्हें संभालने की जिम्मेदारी राज्य सरकार की है। सरकार की मंशा है कि वे रोजगार मांगने वाले नहीं, रोजगार देने वाले बनें। सेना में जाने के लिये मार्गदर्शन देने की होगी व्यवस्था मुख्यमंत्री ने प्रदेश भर के बच्चों के कैरियर संबंधी सवालों के फोन-इन कार्यक्रम के माध्यम से जवाब दिए। सेना में भर्ती होने और सेना में नौकरी करने के लिए उचित मार्गदर्शन मांगने से संबंधित सवाल का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि सेना में जाने के इच्छुक बच्चों की आवश्यक तैयारी और मार्गदर्शन के लिए जल्दी ही संस्थान की व्यवस्था की जाएगी। एक अन्य सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने बताया कि आवश्यकतानुसार कृषि महाविद्यालय खोले जाएंगे। पढ़ाई के साथ-साथ स्पोर्ट्स में कैरियर बनाने से संबंधित सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि पढ़ाई और खेल में समन्वय रखना जरूरी है। खेलों में उत्कृष्टता का प्रदर्शन करने वाले बच्चों को विशेष सुविधाएं दी गई हैं। उन्हें सरकारी नौकरियों में भी अवसर दिए जा रहे हैं। मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल के अध्यक्ष श्री सुधीर रंजन मोहंती ने कैरियर काउंसलिंग पहल के संबंध में कहा कि मुख्यमंत्री की विशेष पहल पर इसकी शुरुआत की गई है। उन्होंने बताया कि 70 प्रतिशत से ऊपर अंक लाने वालों की काउंसलिंग पहले चरण में 21 मई से 31 मई तक हो चुकी है। इसमें एक लाख से ज्यादा विद्यार्थियों ने भाग लिया और मार्गदर्शन प्राप्त किया। आठ जून से 15 जून तक काउंसलिंग का द्वितीय चरण आयोजित किया गया है। इसके लिए 1850 कैरियर मार्गदर्शक विशेष रूप से आमंत्रित किए गए हैं। इस मौके पर संबंधित विभागों के प्रमुख सचिव भी मौजूद थे।
10 जून को गेहूँ उपार्जन की प्रोत्साहन राशि किसानों के खातों मे डाली जाएगी : मुख्यमंत्री श्री चौहान
8 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि 10 जून को गेहूँ उपार्जन की प्रोत्साहन राशि 265 रुपया किसानों के खातों मे डाली जाएगी। इसके बाद 13 जून को मुख्यमंत्री जनकल्याण (संबल) योजना के हितग्राहियों को लाभांवित किया जाएगा फिर जुलाई माह से पात्र लोगों को 200 रुपये महीना फ्लेट रेट पर विद्युत आपूर्ति की जाएगी। मुख्यमंत्री गुरूवार 7 जून को रात्रि मे सीहोर जिले की रेहटी तहसील के गाँव खनपुरा में जनसंवाद कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने यहाँ 14 करोड़ 9 लाख 31 हजार रुपये लागत की रतनपुर उद्वहन सिंचाई योजना का शिलान्यास किया। इसके पूर्ण होने पर पाँच गाँव रतनपुर, सेमरी, खनपुरा, बोरी तथा डोंगरी की 1084 हेक्टेयर भूमि में स्प्रिंकल पद्धति से सिंचाई सुविधा उपलब्ध होगी। उन्होंने लगभग पचास लाख रुपए लागत के 9 अन्य कार्यों का भी शिलान्यास किया। इस अवसर पर लोक निर्माण और जिले के प्रभारी मंत्री श्री रामपाल सिंह, वन विकास निगम अध्यक्ष श्री गुरूप्रसाद शर्मा, वेयर हाउसिंग अध्यक्ष श्री राजेन्द्र सिंह राजपूत तथा अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
वाणिज्यिक कर से 29 हजार 424 करोड़ राजस्व अर्जित
8 Jun 2018
प्रदेश में वाणिज्यिक कर से वर्ष 2017-18 में 29 हजार 424 करोड़ रुपये राजस्व अर्जित की गई है। यह राजस्व वर्ष 2006-07 के मुकाबले में 5 गुना अधिक है। वर्ष 2006-07 में वाणिज्य कर से 6,243 करोड़ रुपये की राजस्व प्राप्त हुई थी। वाणिज्यिक कर विभाग की बकाया वसूली में भी वृद्धि हुई है। वर्ष 2017-18 में विभाग को 727 करोड़ रुपये की बकाया वसूली प्राप्त हुई है। विभाग ने वर्ष 2006-07 में 130 करोड़ रुपये की बकाया वसूली की थी। प्रदेश में कर दाताओं के पंजीयन के बाद उनकी संख्या बढ़कर अब करीब 3 लाख 92 हजार हो गई है। विभागीय कर प्रणाली का कम्प्यूटरीकरण वाणिज्यिक कर विभाग की समस्त कार्य-प्रणालियों का कम्प्यूटरीकरण कर दिया गया है। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के अंतर्गत विभाग द्वारा कर दाताओं को ऑनलाइन पंजीयन, ई-पेमेंट और ई-रिटर्न की सुविधा उपलब्ध करवाई गई है। प्रदेश में कृषि को बढ़ावा देने के लिये वेट अधिनियम के अंतर्गत कृषि उपयोग में आने वाली लगभग 96 वस्तुओं को कर-मुक्त रखा गया है। प्रदेश में जुलाई-2017 से राज्य की सीमाओं पर स्थित जाँच चौकियाँ समाप्त कर दी गई हैं। इस व्यवस्था से राज्य में बाहर से आने वाली वस्तुओं का आवागमन सुलभ हो गया है।
संबल योजना की निगरानी समिति में होगी महिलाओं की भागीदारी - मुख्यमंत्री श्री चौहान
7 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों की भलाई के लिये क्रियान्वित मुख्यमंत्री जन-कल्याण (संबल) योजना की पंचायत और वार्ड-स्तर पर सतत निगरानी की जायेगी। निगरानी का उद्देश्य होगा अधिक से अधिक पात्र हितग्राहियों को लाभान्वित करना। उन्होंने कहा कि निगरानी समिति 5 सदस्यीय होगी और इसमें महिलाओं की भागीदारी भी सुनिश्चित की जायेगी। श्री चौहान आज छिंदवाड़ा जिले के अमरवाड़ा नगर में तेन्दूपत्ता संग्राहक एवं असंगठित श्रमिक सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने इस अवसर पर घोषणा की कि सिंगोड़ी में सरकारी कॉलेज और अमरवाड़ा में आईटीआई खोली जायेगी। उन्होंने कहा कि शासकीय महाविद्यालयों में विद्यार्थियों की पर्याप्त संख्या होने पर एमएससी पाठ्यक्रम की क्लासेस भी प्रारंभ करवाई जायेंगी। श्री चौहान ने नीट परीक्षा में सफल विद्यार्थियों को बधाई देते हुए उनके साथ फोटो निकलवाई। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत हित-लाभ भी वितरित किये। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सम्मेलन में छिन्दवाड़ा जिले में लगभग 87 करोड़ लागत के 21 निर्माण कार्यों का भूमि-पूजन और लोकार्पण किया। करीब 32 हजार तेन्दूपत्ता संग्राहक परिवारों को 6 करोड़ 74 लाख रुपये बोनस राशि ऑनलाइन वितरित की। मुख्यमंत्री ने सम्मेलन में आये तेन्दूपत्ता संग्राहकों को चरण-पादुकाएँ पहनाईं और पानी की कुप्पी भेंट की। महिला तेन्दूपत्ता संग्राहकों को साड़ियाँ भेंट की गईं। श्री चौहान ने सम्मेलन में गरीब, श्रमिक और किसान कल्याण की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि संबल योजना में श्रमिकों के साथ-साथ गरीब तबके के अन्य वर्गों और ढाई एकड़ तक की भूमि के स्वामित्व वाले किसानों को भी लाभान्वित किया जायेगा। उन्होंने कहा कि संबल योजना इन वर्गों को समाज की मुख्य-धारा से जोड़ेगी। सम्मेलन में राष्ट्रीय अनुसूचित-जनजाति आयोग की उपाध्यक्ष सुश्री अनुसुईया उईके, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती कांता ठाकुर, महापौर श्रीमती कांता सदारंग, भारिया विकास प्राधिकरण की अध्यक्ष श्रीमती उर्मिला भारती, विधायक सर्वश्री चौधरी चन्द्रभान सिंह, पं. रमेश दुबे, नानाभाऊ मोहोड़ और नत्थन शाह कवरेती, महाकौशल विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री संतोष जैन, अन्य जन-प्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में तेन्दूपत्ता संग्राहक, असंगठित क्षेत्र के श्रमिक, किसान एवं ग्रामीण उपस्थित थे।
प्रदेश में 21 जून से मूँग की समर्थन मूल्य पर खरीदी की जायेगी
7 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज सीहोर जिले के ग्राम बाँया में किसानों को बताया कि 21 जून से प्रदेश में मूँग की समर्थन मूल्य पर खरीदी शुरू की जायेगी। श्री चौहान ने ग्राम बाँया में लगभग 78 लाख रुपये लागत के 8 निर्माण कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री आज सीहोर जिले के ग्राम ससली, बकतरा और बाँया में जन-संवाद कार्यक्रम के माध्यम से ग्रामीणों से रू-ब-रू हुए और उन्हें जन-कल्याणकारी योजनाओं की विस्तार से जानकारी दी। श्री चौहान ने ग्रामीण अंचलों में योजनाओं के क्रियान्वयन के बारे में ग्रामीणों से जानकारी प्राप्त की। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बकतरा में हुए जन-संवाद कार्यक्रम में कहा कि बकतरा ने मुझे राजनीतिक जीवन प्रदान किया है। इस क्षेत्र को विकास के मामले में प्रदेश का मॉडल क्षेत्र बनाया जायेगा। उन्होंने कहा कि किसानों की जिंदगी में खुशहाली लाना ही मेरी जिंदगी का असली मकसद है। मेरे जीवन का हर पल प्रदेश के विकास के लिये समर्पित है। 337.30 करोड़ के 72 कार्यों का लोकार्पण/शिलान्यास मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बकतरा में 337.30 करोड़ लागत के 72 निर्माण कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने घोषणा की कि बकतरा कॉलेज में बी.ए. के साथ-साथ बी.एस.सी. पाठ्यक्रम की शिक्षा की व्यवस्था की जायेगी। यहाँ सर्व-सुविधायुक्त शासकीय अस्पताल खोला जायेगा और आधुनिक बस-स्टैण्ड बनाया जायेगा। साथ ही, राम-जानकी मंदिर और विश्वेश्वर मंदिर का जीर्णोद्धार भी करवाया जायेगा। श्री चौहान ने बताया कि बकतरा क्षेत्र में नहरों की लाइनिंग के लिये 24 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत कर दी गई है। लाइनिंग कार्य पूर्ण हो जाने पर किसानों को सिंचाई के लिये टेल एण्ड तक पानी मिल सकेगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान बकतरा के पहले नसरुल्लागंज तहसील के ग्राम ससली पहुँचे और जन-संवाद कार्यक्रम के माध्यम से ग्रामीणों से सीधी बातचीत की। श्री चौहान ने ग्रामीण महिलाओं को उज्जवला योजना के अंतर्गत नि:शुल्क घरेलू गैस कनेक्शन वितरित किये। श्री चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री उज्जवला योजना से ससली ग्राम का हर घर धुआँ-मुक्त हो गया है। गाँव के हर घर में गैस के चूल्हों पर खाना पक रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में उज्जवला योजना का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा रहा है। शीघ्र ही इस योजना से प्रदेश का हर घर धुआँ-मुक्त होगा। मुख्यमंत्री ने इस मौके पर ससली ग्राम में 14 करोड़ से अधिक लागत की सड़कों और अन्य कार्यों का लोकार्पण तथा शिलान्यास किया।
"हम छू लेंगे आसमाँ योजना के दूसरे चरण का शुभारंभ 8 जून को
7 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान 8 जून को विद्यार्थियों को भविष्य में विभिन्न कॅरियर और अकादमिक विकल्पों के बारे में जानकारी देने के लिये बनायी गयी योजना 'हम छू लेंगे आसमाँ'' के दूसरे चरण का सुबह 10 बजे न्यू मार्केट स्थित समन्वय भवन में शुभारंभ करेंगे। इस मौके पर वे विद्यार्थियों से सीधा संवाद करेंगे। हम छू लेंगे आसमाँ के दूसरे चरण में 8 से 15 जून तक 12वीं बोर्ड की परीक्षा में उत्तीर्ण तथा 70 प्रतिशत से कम अंक प्राप्त करने वाले करीब 3 लाख 33 हजार विद्यार्थियों से काउंसिलिंग की जायेगी। मुख्यमंत्री के संदेश का सीधा प्रसारण सुबह 10 से 11.30 बजे तक दूरदर्शन और आकाशवाणी केन्द्रों से किया जायेगा। आयुक्त लोक शिक्षण संचालनालय श्रीमती जयश्री कियावत ने कार्यक्रम के संबंध में सभी जिला कलेक्टर को आवश्यक निर्देश दिये हैं। निर्देशों में कहा गया है कि जिला और विकासखण्ड स्तर पर उत्कृष्ट विद्यालयों में विद्यार्थियों के बैठने के इंतजाम किये जायें, जिससे वे मुख्यमंत्री से अपने कॅरियर के संबंध में सवाल कर सकें। मुख्यमंत्री से फोन नम्बर 0755-2762590 पर सवाल किये जा सकते हैं। विद्यार्थी मुख्यमंत्री श्री चौहान के कार्यक्रम को देख सकें, इसके लिये चयनित स्थानों पर एलईडी टी.व्ही. की व्यवस्था किये जाने के लिये भी कहा गया है। हम छू लेंगे आसमाँ योजना का क्रियान्वयन स्कूल शिक्षा, तकनीकी शिक्षा और उच्च शिक्षा विभाग संयुक्त रूप से मिलकर कर रहे हैं। पहले चरण में मुख्यमंत्री श्री चौहान ने 21 मई को भोपाल के मॉडल स्कूल, टी.टी. नगर से आकाशवाणी और दूरदर्शन के माध्यम से विद्यार्थियों से सीधा संवाद किया था। पहले चरण में 70 प्रतिशत से अधिक अंक अर्जित करने वाले कक्षा-12 के छात्रों को शामिल किया गया था।
मंत्री श्री आर्य द्वारा बैतूल में 4.81 करोड़ के कार्यो का भूमि-पूजन
7 Jun 2018
नर्मदा घाटी विकास (स्वतंत्र प्रभार) मंत्री श्री लाल सिंह आर्य ने गुरूवार को बैतूल जिले के विकासखण्ड घोड़ाडोंगरी और चिचौली में 4 करोड़ 81 लाख रुपये के निर्माण कार्यो का भूमि-पूजन किया। श्री आर्य ने विकास यात्रा के दौरान विकासखण्ड घोड़ाडोंगरी में 4 करोड़ 27 लाख रुपये की लागत से बनाये जाने वाले 30 बिस्तरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र तथा जनपद पंचायत चिचौली में 54 लाख रुपये की लागत से बनाये जाने वाली 20 दुकानों का भूमि-पूजन किया। इसके साथ ही उन्होंने जनपद पंचायत परिसर में 20 लाख की लागत से फायबर टीन शेड और 5 लाख की लागत से अम्बेडकर भवन निर्माण करवाने की घोषणा की। श्री आर्य ग्राम चोपना के आँधी-तूफान पीड़ितों से भी मिले। उन्होंने पीड़ितों को तत्काल सहायता उपलब्ध करवाने के निर्देश अधिकारियों को दिये। उन्होंने चिचौली जनपद परिसर में महात्मा गाँधी, डॉ. अम्बेडकर और पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमाओं का अनावरण किया। इस अवसर पर सांसद श्रीमती ज्योति धुर्वे, विधायक श्री मंगल सिंह धुर्वे, जनपद अध्यक्ष चिरोंजी लाल कवड़े आदि उपस्थित थे। कुंडी में आईटीआई का लोकार्पण श्री आर्य ने घोड़ाडोंगरी के कुंडी में लगभग 10 करोड़ रुपये की लागत से बनाये गये कौशल विकास केन्द्र (आईटीआई) भवन और पंचायत भवन का लोकार्पण भी किया।
राज्य मंत्री श्री सारंग ने थांदला स्वास्थ्य केन्द्र का किया औचक निरीक्षण
7 Jun 2018
सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विश्वास सारंग ने अपने प्रभार के झाबुआ जिले के थांदला स्वास्थ्य केन्द्र का देर शाम औचक निरीक्षण किया। श्री सारंग ने व्यवस्थाओं का जायजा लिया और मरीजों तथा उनके परिजनों से स्वास्थ्य केन्द्र में मिल रही सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। श्री सारंग थांदला में आम नागरिकों से भी मिले और उनकी समस्याओं को सुना। राज्य मंत्री श्री सारंग ने जन-संवाद कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर स्थानीय जन-प्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक मौजूद थे।
रोजगार मेला बैतूल में 341 युवाओं को मिला आफर लेटर
7 Jun 2018
बैतूल में आयोजित टेक्सटाइल रोजगार मेले में 341 युवाओं को आफर लेटर मिले। मेले में 1837 युवाओं ने पंजीयन करवाया था। मेले का शुभारंभ मध्यप्रदेश रोजगार निर्माण बोर्ड के अध्यक्ष श्री हेमंत देशमुख ने किया। उन्होंने कहा कि जिले में दो माह में 6 रोजगार मेले लगाये जायेगे। जिले के लगभग 10 हजार युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य है। मेले में डॉलर इंडस्ट्रीज लिमिटेड तमिलनाडू, एवरेडी स्पिनिंग मिल्स प्रा. लिमिटेड तमिलनाडू, दि लक्ष्मी मिल्स कंपनी लिमिटेड, विल्सन यार्न लिमिटेड, श्री कार्तिकेय स्पीनिंग एंव विविंग मिल, एससीएम टेक्सटाइल स्पिनर्स, सतलज टैक्सटाइल्स राजस्थान, नाहर स्पिनिंग मिल, वर्धमान ग्रुप लुधियाना, एसजेएलटी स्पिनिंग मिल एवं जीटीएन इंडस्ट्रीज लिमिटेड सहित अन्य निजी टैक्सटाइल कंपनियों ने टैक्सटाइल क्षेत्र में रोजगार उपलब्ध कराने की पहल की।
पश्चिमी मध्यप्रदेश के 250 स्थानों पर सोलर संयंत्र से पहुँची सौभाग्य योजना
7 Jun 2018
मध्यप्रदेश में पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा नीमच, इंदौर, देवास, खंडवा और धार में करीब 250 स्थानों पर सौर ऊर्जा के छोटे संयंत्र लगाकर घरों में बिजली पहुँचाई गई है। आदिवासी बसाहट के मजरा- टोलों की दूरी सामान्य बिजली लाइनों से दो से चार किलोमीटर होने एवं घरों की संख्या दो-चार होने पर सौर ऊर्जा की मदद ली गई है। इन घरों में दो बल्ब और एक छोटा पंखा सौर ऊर्जा से प्राप्त बिजली से चलाया जा सकता है। सौभाग्य योजना से उज्जैन संभाग इस माह सौभाग्य संभाग बन गया है। इंदौर राजस्व संभाग के शेष पांच जिले जून माह के अंत तक सौभाग्य जिले बन जाएंगे, शेष जिलों में कुल 25 हजार बिजली कनेक्शन दिए जाना शेष है। पश्चिम क्षेत्र के सभी पंद्रह जिलों में सौभाग्य योजना के तहत कनेक्शन देने के लिए गत अक्टूबर माह में विशेष टीमें बनाई गईं। अब तक कंपनी के दस जिले इंदौर, धार, देवास, उज्जैन, रतलाम, मंदसौर, नीमच, आगर, खंडवा, शाजापुर सौभाग्य जिले घोषित हो चुके हैं। कंपनी द्वारा 3 लाख 95 हजार कनेक्शन जारी किये जा चुके है, जबकि शेष पांच जिले झाबुआ, अलीराजपुर, खरगोन, बड़वानी, बुरहानपुर में कुल 25 हजार कनेक्शन और दिए जाना शेष है। इस माह के अंत तक ये पाँच जिले भी सौभाग्य जिले हो जाएंगे। इन जिलों में और दिए जाने वाले कनेक्शनों में बड़वानी में 8 हजार, खरगोन में 7 हजार, झाबुआ में ढाई हजार, अलीराजपुर में 3 हजार तथा बुरहानपुर में ढाई हजार कनेक्शन और जारी किए जाना हैं। शेष पांचों जिलों के कनेक्शन को मिलाकर 4 लाख 20 हजार कनेक्शन जारी कर पूरी पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ही सौभाग्यमय बन जाएगी। यह प्रदेश की पहली एवं देशभर में सौभाग्य मामलों में तीन-चार बिजली बोर्ड एवं कंपनी में उपलब्धि पाने वाली घोषित हो जाएगी। सौभाग्य योजना से कम्पनी के पश्चिम क्षेत्र में अब तक करीब चार लाख कनेक्शन उन लोगों को जारी किए गए हैं, जिनके मकान या परिवार के पास अपना स्वयं का बिजली कनेक्शन नहीं था। इस तरह पच्चीस लाख (परिजनों) अतिरिक्त लोगों तक कंपनी ने बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित की है। सौभाग्य योजना के क्रियान्वयन एवं समय पर लक्ष्य पूरा करने के लिए जहां पश्चिम क्षेत्र कंपनी ने सभी जिलों में कुल पांच हजार कर्मचारी, अधिकारी तैनात किए हैं, वहीं करीब डेढ़ लाख किलोमीटर तार से नई लाइनें भी बिछाई गई हैं। अब तक 60 हजार से ज्यादा बिजली के खंभों का इस्तेमाल सौभाग्य योजना के लिए किया जा चुका हैं।
नायब तहसीलदार को तहसीलदार बनने के पहले मिलेगी मिड कॅरियर ट्रेनिंग
7 Jun 2018
नायब तहसीलदारों को 5 वर्ष की सेवा के बाद एवं तहसीलदार के पद पर पदोन्नति के पहले मिड कॅरियर ट्रेनिंग दिलवाई जायेगी। यह ट्रेनिंग पाँच सप्ताह की होगी। नोडल एजेन्सी आर.सी.व्ही.पी. नरोन्हा प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी होगी। एक सप्ताह देश के ख्यातिलब्ध प्रबंधकीय संस्थान में नेतृत्व एवं प्रबंधकीय विकास पर और एक सप्ताह किसी अन्य प्रदेश में वहां की राजस्व संबंधी प्रणाली एवं नवाचार पर प्रशिक्षण दिलाया जायेगा। इसमें एक सप्ताह का विदेश में भी प्रशिक्षण कराया जा सकेगा। प्रशिक्षणार्थियो का चयन वरिष्ठता के आधार पर किया जायेगा। मिड कॅरियर ट्रेनिंग में राजस्व विभाग से संबंधित अधिनियमों, निर्देशों पर रिफ्रेशर कोर्स, अधिनियमों, परिपत्रों आदि में अद्यतन संशोधन एवं उनका क्रियान्वयन, प्रबंधकीय एवं नेतृत्व क्षमता का विकास, विदेशों एवं अन्य राज्यों में हो रहे भू-प्रबंधन से संबंधी नवाचार, सूचना प्रौद्योगिकी का उपयोग तथा समय एवं तनाव प्रबंधन को शामिल किया गया है। जिला स्तर पर भी होगा प्रशिक्षण नायब तहसीलदारों की जिलों में पदस्थापना के बाद जिला स्तरीय प्रशिक्षण का भी प्रावधान किया गया है। इन्हें विभागीय कार्य सौंपने के पहले वरिष्ठ राज्य प्रशासनिक सेवा अधिकारी के मार्गदर्शन में प्रशिक्षण दिया जायेगा। मुख्य रूप से स्थल निरीक्षण, अभिलेखों का निर्माण एवं संधारण, न्यायालयीन प्रक्रिया एवं आदेश लेखन का प्रशिक्षण दिलाया जायेगा।
राजगढ़ जिले की मोहनपुरा सिंचाई योजना का लोकार्पण करेंगे प्रधानमंत्री श्री मोदी
6 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी 23 जून को राजगढ़ जिले की मोहनपुरा सिंचाई योजना का लोकार्पण करेंगे। श्री चौहान ने आज राजगढ़ जिला मुख्यालय में हुए अन्त्योदय सम्मेलन में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मोहनपुरा और कुंडालिया सिंचाई योजनाओं से राजगढ़ जिले में लगभग आठ लाख एकड़ क्षेत्र में सिंचाई होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना से बांध से लगे क्षेत्रों की पेयजल समस्या भी समाप्त हो जायेगी। जनपदों में 13 जून को संबल योजना सम्मेलन श्री चौहान ने कहा कि 13 जून को प्रदेश के सभी जनपद मुख्यालयों पर मुख्यमंत्री जन कल्याण (संबल) योजना कार्यक्रम आयोजित किये जायेंगे। सम्मेलन में असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को विभिन्न योजनाओं के लाभ वितरित किये जायेंगे। योजना की विस्तार से जानकारी देते हुए उन्होंने ने कहा कि कोई भी गरीब व्यक्ति इस योजना में शामिल होने के लिये सादे कागज पर आवेदन कर सकता है। ढाई एकड़ तक के किसानों को भी इस योजना का लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि संबल योजना में पात्र हितग्राहियों को आवासीय जमीन के पट्टे दिये जायेंगे। साथ ही उन्हें मकान बनाने के लिये सरकार राशि भी उपलब्ध करवाएगी। श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में करीब साढ़े 37 लाख गरीब परिवार ऐसे हैं, जिनके पास रहने के लिये अच्छे घर नहीं हैं। ऐसे सभी परिवारों को चरणबद्व तरीके से आवास निर्माण के लिये आगामी चार साल में राशि उपलब्ध करवाई जायेगी। स्व-सहायता समूहों को मिला 3 करोड़ ऋण मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सम्मेलन में राजगढ़ जिले के 4436 तेन्दूपत्ता संग्राहकों की 23 लाख 21 हजार रुपये बोनस राशि उनके खातों में ऑनलाइन ट्रांसफर की। उन्होंने तेन्दूपत्ता संग्राहकों को चरण पादुका पहनाई और पानी की कुप्पी भेंट की। श्री चौहान ने 175 स्व-सहायता समूहों को रोजगार शुरू करने के लिये तीन करोड़ के बैंक ऋण वितरित किये। मुख्यमंत्री ने इस मौके पर राजगढ़ जिले में 171.09 करोड़ के 12 निर्माण कार्यो का लोकार्पण और भूमि-पूजन किया। इस अवसर पर सांसद श्री रोडमल नागर, विधायक सर्वश्री अमरसिंह यादव, हजारीलाल दांगी और कुवंर कोठार, अन्य जन-प्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में असंगठित क्षेत्रों के श्रमिक, तेन्दूपत्ता संग्राहक और ग्रामीण उपस्थित थे।
गरीबों को सम्बल देकर समर्थ बनायेंगे- श्री शिवराज सिंह चौहान
6 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि गाँवों, गरीबों और किसानों का विकास सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता रही है। मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना के तहत हर गरीब व्यक्ति को ''सम्बल'' देकर उसे समर्थ बनाया जायेगा। गरीबों और मेहनतकशों के विकास में सरकार कोई कसर नहीं रखेगी। मुख्यमंत्री आज टीकमगढ़ जिले के बड़ागांव (धसान) के समीप अंतौरा गांव में असंगठित श्रमिकों व तेन्दूपत्ता संग्राहकों के संयुक्त सम्मेलन को सम्बोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने विधायक की मांग पर बड़ागांव में अमर शहीद श्री नारायण दास खरे तथा श्री अमृत लाल फणींन्द्र की प्रतिमा लगाने और हर साल शहीद मेला आयोजित करवाने की घोषणा की। उन्होंने जिले के बड़ागांव, बल्देवगढ़, खरगापुर में महाविद्यालय खोलने और विकास कार्यों की सभी मांगों का परीक्षण कर उन्हें जल्द से जल्द पूरा करवाने की बात भी कही। मुख्यमंत्री ने बानसुजारा समूह जल-प्रदाय योजना के लिये 272 करोड़ रूपयों की वित्तीय स्वीकृति शीघ्र दिलाने की घोषणा भी की। श्री चौहान ने असंगठित श्रमिकों को प्रतीकात्मक रूप से पंजीयन प्रमाण-पत्र एवं आवासीय पट्टे तथा चरण-पादुका योजना में 33 हजार 777 तेन्दूपत्ता एवं महुआ फूल संग्राहकों को जूते, चप्पल, साड़ियां व पानी की कुप्पी आदि सामग्री वितरित की। मुख्यमंत्री ने तेंदूपत्ता संग्राहक श्रीमती मानकुंवर बाई एवं श्री धनीराम को अपने हाथों से चप्पल/जूते पहनाकर साड़ी और पानी की कुप्पी प्रदान कीं। उन्होंने युवा उद्यमी योजना के तहत श्री अंशुल दांगी को पोहा निर्माण इकाई के लिये 40 लाख का चैक प्रदान किया तथा अन्य हितग्राहियों को भी पात्रतानुसार हितलाभ वितरित किये। श्री चौहान ने 122 करोड 55 लाख 20 हजार रूपये की लागत वाले 13 विकास कार्यो का लोकार्पण एवं भूमि-पूजन भी इस मौके पर किया। मुख्यंमत्री ने कहा कि सरकार हर गरीब एवं श्रमिक को उसकी पहचान स्थापित करने के लिये पंजीयन प्रमाण-पत्र के रूप में स्मार्ट कार्ड देगी। स्मार्ट कार्ड में उसकी संपूर्ण जानकारी होगी। स्मार्ट कार्डधारी व्यक्ति मुख्यमंत्री जन-कल्याणकारी योजना ''सम्बल'' का लाभ लेने के लिये पात्र होगा। योजना के तहत उसे 11 प्रकार की सुविधाओं/सहायता/बैंक लिंकेज का लाभ दिया जायेगा। गरीब बच्चों की कक्षा एक से पीएचडी तक की पढ़ाई की फीस अब सरकार भरेगी। उन्होंने कहा कि गरीब महिलाओं को स्व-रोजगार स्थापना के लिये बैंक लिंकेज दिया जायेगा। युवाओं को रोजगार देने के लिये सरकार जल्द ही नई भर्ती करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा है कि अगले चार साल में 40 लाख गरीबों को पक्का मकान बनाकर देंगे। हर गरीब व्यक्ति को जमीन का पट्टा देकर उसका पक्का मकान बनाया जायेगा तथा उनका इलाज कराया जायेगा, मुख्यमंत्री अन्त्योदय आवास योजना के तहत हर साल 10 लाख मकान बनाकर दिये जायेंगे। जिस हितग्राही के नाम से मकान बनेगा, राशि भी उसी के बैंकखाते में जारी की जायेगी। श्री चौहान ने असंगठित श्रमिकों और तेन्दूपत्ता संग्राहकों को मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना (संबल) की जानकारी देते हुए कहा कि सभी श्रेणी के मेहनतकश मजूदर, ढाई एकड़ से कम कृषि भूमि वाले काश्तकार, छोटे व्यापारी, आयकर न देने वाले तथा जो शासकीय सेवा में नहीं है, ये सभी इस योजना के दायरे में आयेंगे। मुख्यंमत्री ने कहा कि 200 रूपये फ्लेट रेट पर बिजली देने के लिये जुलाई एवं अगस्त में पंजीयन शिविर लगेंगे। गरीबों के बच्चों की फीस भरने का काम जुलाई से शुरू होगा। जन-कल्याण योजना में पंजीयन करा चुके असंगठित श्रमिकों के लिये 13 जून को प्रदेश के हर ब्लाक में कार्यक्रम आयोजित कर हितलाभ प्रदान किये जायेंगे। उन्होंने बताया कि सरकार ने यह निर्णय लिया है कि गरीबों के बच्चों की स्कूल, कॉलेज से लेकर आई.आई.टी, आई.आई.एम., नीट, इंजीनियरिंग, मेडिकल कॉलेज, लॉ कॉलेज, पॉलिटेक्निक कॉलेज में प्रवेश पाने वाले विद्यार्थियों की फीस सरकार भरेगी। हर गांव और वार्ड में 5 सदस्यीय समिति बनाने की मंशा व्यक्त की। समिति जिला प्रभारी मंत्री के अनुमोदन से गठित होगी। इसमें 3 असंगठित श्रमिक और 2 सलाहकार भी होंगे। इस अवसर पर केन्द्रीय महिला एवं बाल विकास तथा अल्पसंख्यक कार्य राज्यमंत्री डॉ. वीरेन्द्र कुमार ने मुख्यमंत्री से टीकमगढ़ संसदीय क्षेत्र में विभिन्न श्रेणी के विकास/निर्माण कार्यों को पूरा करने की मंजूरी देने और कुछ मामलों में भारत सरकार को प्रस्ताव भेजने का अनुरोध किया। कार्यक्रम को विधायक श्री के.के. श्रीवास्तव ने भी संबोधित किया। सम्मेलन में लोक स्वास्थ्य मंत्री एवं जिले के प्रभारी श्री रूस्तम सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री पर्वतलाल अहिरवार,, विधायक सर्वश्री दिनेश कुमार अहिरवार, श्री अनिल जैन तथा श्रीमती रेखा यादव, श्रीमती अनीता सुनील नायक सहित अन्य जन-प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में श्रमिक एवं तेंदूपत्ता संग्राहक तथा ग्रामीण उपस्थित थे।
उद्योग मंत्री श्री शुक्ल ने मंत्री श्री भार्गव के पिताश्री के निधन पर व्यक्त की शोक संवेदना
6 Jun 2018
उद्योग एवं खनिज साधन मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने पंचायत और ग्रामीण विकास मंत्री श्री गोपाल भार्गव के गृह ग्राम गढ़ाकोटा पहुँचकर उनके पिता श्री शंकरलाल भार्गव के निधन पर शोक संवेदना व्यक्त की। श्री शुक्ल ने श्री भार्गव के शोक संतप्त परिजनों को ढांढ़स बंधाया और दिवंगत आत्मा की शांति के लिये ईश्वर से प्रार्थना की। पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गोपाल भार्गव के पिता श्री शंकरलाल भार्गव का गत 26 मई को निधन हो गया है।
"समाधान एक दिन" में 13 लाख से अधिक आवेदनों का निराकरण
6 Jun 2018
'समाधान एक दिन' के तहत प्रदेश में अब तक 13 लाख 36 हजार आवेदनों का निराकरण किया गया है। गत जनवरी 2018 से शुरू की गई इस सेवा के तहत नागरिकों को 34 सेवायें एक दिन में दी जा रही हैं। यह जानकारी गत दिवस मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान को समाधान ऑनलाइन कार्यक्रम के दौरान दी गयी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बेहतर प्रदर्शन करने वाले 'समाधान एक दिन' के क्रियान्वयन में डिंडोरी, भिंड, होशंगाबाद, सागर और मंडला जिलों को बधाई दी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने इस दौरान सी.एम. हेल्पलाईन में निराकरण की स्थिति का प्रस्तुतीकरण भी देखा। सी.एम. हेल्पलाईन के प्रकरणों के निराकरण में जिलों में होशंगाबाद, देवास, उज्जैन, नीमच और बैतूल, जिला पंचायतों में इंदौर, अलिराजपुर, नरसिंहपुर, टीकमगढ़ और होशंगाबाद तथा नगर-निगमों में सिंगरोली, रतलाम, देवास, छिंदवाड़ा और भोपाल अग्रणी रहे। इसी तरह उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों में सर्वश्री अरविंद पटेरिया सहायक यंत्री सागर नगर निगम, रीतेश तिवारी आर.टी.ओ. रायसेन, गुलाबसिंह बघेल तहसीलदार भितरवार, अनित तंतुवाय सहायक आपूर्ति अधिकारी शहडोल, राजेन्द्र बर्मन निरीक्षक गृह होशंगाबाद, सुश्री हुमा हुजूर कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी रायसेन, अफजल अमानुल्लाह सहायक यंत्री लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी शहडोल और सुश्री शिवानी मिश्रा मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत सिवनी शामिल हैं।
पौधरोपण अभियान में लम्बी आयु वाले पौधों को दें प्राथमिकता
6 Jun 2018
उच्च शिक्षा मंत्री श्री जयभान सिंह पवैया ने कहा है कि 15 जुलाई से 15 अगस्त तक होने वाले पौधरोपण अभियान में ऑक्सीजन उत्सर्जन और लम्बी आयु वाले पौधों को प्राथमिकता दी जाये। श्री पवैया आज बरकतउल्ला विश्वविद्यालय परिसर में सड़कों के डामरीकरण/नवीनीकरण कार्य के शिलान्यास कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे। इस मौके पर उन्होंने परिसर में वट-वृक्ष का पौधा भी लगाया। मंत्री श्री पवैया ने कहा कि पौधरोपण करने के बाद उसकों पालने और उसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी भी लेनी होगी। उन्होंने कहा कि भोपाल में शुरू से ही हरियाली पर विशेष ध्यान दिया गया है। विश्वविद्यालय परिसर में भी हरियाली की चिन्ता की गई है। श्री पवैया ने कहा कि परिसर में आगामी अभियान के समय वट-वृक्ष और पीपल आदि सहित लम्बी आयु वाले पौधे लगाने की योजना बनाई जाये। उन्होंने कहा कि पीढ़ियाँ चली जाती हैं, लेकिन पेड़ सैकड़ों वर्षो से भी ज्यादा समय तक छांव एवं ऑक्सीजन देते रहते हैं। श्री पवैया ने वट-वृक्ष, पीपल और तुलसी के पौधों का महत्व भी समझाया। उच्च शिक्षा मंत्री ने कहा कि परिसर में सड़कों के डामरीकरण और नवीनीकरण के काम गुणवत्ता पूर्ण हों। काम ऐसा हो कि कम से कम एक दशक तक सड़कों के मरम्मत की जरूरत नहीं पड़े। कुलपति प्रो. डी.सी.गुप्ता ने बताया कि परिसर में 12 किलो मीटर सड़क का डामरीकरण, चौड़ीकरण और नवीनीकरण किया जाएगा।
मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कम्पनी के अभियंताओं को मिला अवार्ड
6 Jun 2018
मध्य पॉवर फायनेंस कॉर्पोरेशन (भारत सरकार की महारत्न कम्पनी) द्वारा मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कम्पनी के तीन अभियंताओं को आईपीडीएस योजना में उत्कृष्ट कार्य के लिये अवार्ड दिया गया है। भोपाल शहर में कार्यरत श्री अमित कुमार को सकल घरेलू एवं वाणिज्यिक हानियाँ कम करने की केटेगरी में पुरस्कार मिला है। ग्वालियर शहर के श्री आर.एस. भदौरिया को ऊर्जा बचत एवं श्री रितेश वशिष्ठ को फायनेंशियल सेविंग्स (वित्तीय बचत) केटेगरी में पुरस्कार मिला है। ऊर्जा मंत्री श्री पारस जैन ने तीनों अभियंताओं के कामकाज की सराहना करते हुई उन्हें बधाई दी है।
देश में पहली बार प्रदेश में युवाओं को मिलेगी रोचक स्वास्थ्य शिक्षा
6 Jun 2018
देश में पहली बार मध्यप्रदेश में किशोर-किशोरियों को रोचक ढंग से स्वास्थ्य संबंधी शिक्षा देने के लिये 12 कामिक बुक्स एवं एनीमेशन का शुभारंभ किया गया है। एशिया पैसिफिक रीजन की डिप्टी रीजनल डायरेक्टर डॉ. जेनिफर बटलर और स्वास्थ आयुक्त श्रीमती पल्लवी जैन ने आज राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम में एनीमेशन, साथिया एप और कामिक्स किताबों का विमोचन किया। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन एवं यू.एन.एफ.पी.ए. द्वारा तैयार किये गये एप और कामिक्स देश में पहली बार मध्यप्रदेश में लांच किये गये हैं। मध्यप्रदेश किशोरों के स्वास्थ्य कार्यक्रमों में देश में आदर्श राज्य के रूप में उभरा है। यहाँ स्वयंसेवी संस्थाओं के सहयोग से बहुत कम समय में राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम को सफलता मिली है। इस संबंध में उड़ीसा, छत्तीसगढ़, दिल्ली आदि राज्य मध्यप्रदेश राज्य का अध्ययन दौरा कर चुके हैं। साथिया एप गूगल प्ले-स्टोर पर नि:शुल्क उपलब्ध है। प्रदेश का कोई भी किशोर अथवा उनके अभिभावक इसे अपने मोबाइल पर इंस्टाल कर किशोर स्वास्थ्य से संबंधित विभिन्न प्रकार की जानकारी नि:शुल्क प्राप्त कर सकते हैं। आर.के.एस.के. मोबाइल एप्लीकेशन एवं वेब सॉफ्टवेयर जी.पी.एस. आधारित है। इसमें किशोर मित्र स्वास्थ्य क्लीनिक, गाँव स्तर पर साथिया द्वारा ब्रिग्रेड और गाँव के किशोर-किशोरियों के बीच की जा रही स्वास्थ्य गतिविधियों का डॉटा एकत्र करने में मदद मिलेगी। स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रशिक्षक और परामर्शदाता की आउटरीच गतिविधियों की मॉनीटरिंग मोबाइल एप के माध्यम से हो सकेगी। यह एप ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों स्थितियों में काम करेगा। देश-प्रदेश में राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम वर्ष 2014 में शुरू हुआ। प्रथम चरण में यह कार्यक्रम प्रदेश के 11 जिलों झाबुआ, अलीराजपुर, बड़वानी, डिण्डौरी, मंडला, छतरपुर, पन्ना, उमरिया, शहडोल, सिंगरौली और सतना जिलों के 6 हजार 780 गाँवों में संचालित हो रहा है। छह स्वास्थ्य विषय - पोषण, यौन एवं प्रजनन स्वास्थ्य, मानसिक स्वास्थ्य, नशीले पदार्थों के दुष्प्रभाव, हिंसा एवं चोट और असंचारी रोग पर केन्द्रित कार्यक्रम में 10 से 19 वर्ष आयु वर्ग के किशोर-किशोरियां शामिल हैं। महिला-बाल विकास आयुक्त डॉ. अशोक कुमार भार्गव, मिशन संचालक श्री एस. विश्वनाथन भी कार्यक्रम में मौजूद थे।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने किया सौर ऊर्जा चलित इलैक्ट्रिक कार का शुभारंभ
5 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज यहां मंत्रालय में विश्व पर्यावरण दिवस पर सौर ऊर्जा से चलने वाली इलैक्ट्रिक कार का शुभारंभ किया। इसके साथ ही राज्य में ई- वाहन के संचालन की शुरुआत हो गई है । यह इलैक्ट्रिक कार सौर ऊर्जा से चार्ज होगी। एक बार चार्ज होने पर 140 किलोमीटर तक चलेगी। प्रति किलोमीटर लागत मात्र अस्सी पैसे आएगी। प्रत्येक वाहन से हर साल साढ़े चार टन कार्बन डायआक्साइड के उत्सर्जन में कमी आएगी। ऐसे वाहन से पर्यावरण संरक्षण भी सुनिश्चित होगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि धरती का तापमान दिनों-दिन तेजी से बढ़ रहा है। बढ़ते वाहनों की संख्या से होने वाला प्रदूषण शहरों के पर्यावरण को नुकसान पहुंचा रहा है। उन्होने कहा कि सौर ऊर्जा चलित इलैक्ट्रिक वाहन, प्रदूषण रोकने की दिशा में एक कदम है। ऐसी पर्यावरण मित्र टेक्नालाजी का स्वागत है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर वल्लभ भवन कैंटीन में पर्यावरण विभाग द्वारा स्थापित प्लास्टिक बोतल नष्ट करने की मशीन का भी शुभारंभ किया। उल्लेखनीय है कि यह वर्ष प्लास्टिक मुक्त देश और प्रदेश बनाने के प्रयासों को समर्पित है। इस अवसर पर उद्योग मंत्री श्री राजेंद्र शुक्ल, लोक निर्माण मंत्री श्री रामपाल सिंह, पशुपालन मंत्री श्री अंतर सिंह आर्य, पर्यावरण विभाग के प्रमुख सचिव श्री अनुपम राजन, नवकरणीय ऊर्जा विभाग और ऊर्जा विकास निगम के अधिकारी उपस्थित थे।
जनजाति बाहुल्य क्षेत्रों में सिंचाई विस्तार के लिये छोटे बांध की योजना बनायें
5 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने निर्देश दिये हैं कि जनजाति बाहुल्य क्षेत्रों में सिंचाई सुविधाओं के विस्तार के लिये छोटे बांध बनाने की योजना बनायें। गरीब हितग्राहियों को मनरेगा और सामाजिक सुरक्षा पेंशन का बैंकों से भुगतान में समस्या नहीं आये। इसके लिये सभी कलेक्टर्स अपने अपने जिलों में बैंकों के सहयोग से अभियान चलायें और सुनिश्चित करें कि उनके खातों में समय से राशि पहुँचे। वनाधिकार पट्टों और सामुदायिक दावों का निराकरण अभियान चलाकर सुनिश्चित करें। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज यहाँ समाधान ऑनलाइन कार्यक्रम में वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर मुख्य सचिव श्री बी.पी.सिंह और अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि वन-भूमि और राजस्व-भूमि के सीमा विवादों का स्थायी समाधान किया जाये। आदिवासियों की शामिल खातों की भूमि के बटवारे के प्रकरण प्राथमिकता से निपटायें। इन क्षेत्रों में समूह पेयजल योजनाओं के माध्यम से शुद्ध पेयजल की योजना बनायें। वनोपजों का समर्थन मूल्य पर विक्रय सुनिश्चित करें। रिजर्व फारेस्ट और बफर झोन में वन्य प्राणियों द्वारा फसलों को किये जाने वाले नुकसान से बचाव के लिये फेंसिंग की योजना बनायें। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पात्र गरीब हितग्राहियों को लाभ सुनिश्चित करें। लघु एवं कुटीर उद्योगों मे स्थानीय लोगों को रोजगार मिले। इन क्षेत्रों में स्वसहायता समूहों की गतिविधियों को प्रोत्साहित करें। जनजातीय महिलाओं के बैंक खाते खुलवाने का अभियान चलायें। मुख्यमंत्री जनकल्याण योजना का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित करें मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री जनकल्याण योजना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता में शामिल है। यह गरीबों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने की योजना है। इसका बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित करें। आगामी 13 जून को इस योजना की शुरूआत सभी जनपद मुख्यालयों पर होगी। इसमें पात्र हितग्राहियों को लाभान्वित किया जायेगा। इस योजना में आवास के पट्टे, प्रसूति सहायता, चिकित्सा सहायता, बच्चों की शिक्षा और परिवार सहायता आदि शामिल है। योजना की मॉनिटरिंग के लिये सभी जिलों में पाँच सदस्यों की समिति गठित की जायेगी। आगामी 10 जून को गेहूँ का विक्रय करने वाले किसानों को 265 रूपये प्रति क्विंटल की दर से राशि वितरित की जायेगी। सभी जिलों में कार्यक्रम आयोजित होंगे। इस दिन 10 लाख किसानों के खातों में एक साथ 2100 करोड़ रूपये की राशि डाली जायेगी। जिला स्तर पर कार्यक्रमों का व्यवस्थित आयोजन करें। चना, मसूर और सरसों में समर्थन मूल्य पर सौ रूपये प्रति क्विंटल के मान से राशि आगामी 20 जून को वितरित की जायेगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि किसानों के नाम पर गलत तत्व यदि मंडियों में गेहूँ लाते हैं तो उनके विरूद्ध सख्त कार्रवाई की जाये। सभी जिलों में वर्षा ऋतु में बाढ़ से निपटने के एहतियाती प्रबंध सुनिश्चित किये जायें। बुरहानपुर जिले में केले की फसल को नुकसान के बारे में उन्होंने कहा कि प्रभावित किसानों को पूरी मदद की जायेगी। राज्य सरकार इस आपदा में उनके साथ है। आवेदकों की समस्याओं का निराकरण समाधान ऑनलाइन के माध्यम से 13 आवेदकों की समस्याओं का निराकरण किया गया। मुख्यमंत्री ने उज्जैन जिले की सुश्री वंदना तला को अंतर्जातीय विवाह प्रोत्साहन राशि समय से प्राप्त नहीं होने पर दो जिला संयोजकों को निलंबित करने के निर्देश दिये। बड़वानी के श्री योगेन्द्र राठौर के मकान का नामान्तरण गृह निर्माण मंडल धार कार्यालय द्वारा बिलम्ब से करने पर संबंधित संपदा अधिकारी को निलंबित करने के आदेश दिये। श्योपुर जिले के ग्राम पीपरवस की सुश्री पूजा धाकड़ को राज्य सेवा परीक्षा पास करने पर प्रोत्साहन राशि के भुगतान में विलम्ब पर अल्प संख्यक एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के सहायक संचालक को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिये। खरगोन जिले के ग्राम बड़गांव के श्री नहरसिंह चौहान को छठवे सेमिस्टर की अंकसूची विश्वविद्यालय से समय से प्राप्त नहीं होने पर मुख्यमंत्री ने व्यवस्था में सुधारने की योजना बनाने के निर्देश दिये। रीवा जिले के ग्राम पाडर की सुश्री प्रमिला प्रजापत को गांव की बेटी योजना का लाभ समय से नही मिलने पर उच्च शिक्षा विभाग के अपर संचालक को कारण बताओ नोटिस देने के निर्देश दिये। इसी तरह छिंदवाड़ा जिले के सौंसर की सुश्री प्राची पिंपलकर को संशोधित अंकसूची समय से नहीं मिलने का कारण संबंधित नौवी कक्षा के शिक्षक द्वारा पिता का नाम गलत लिखने की जानकारी मिलने पर संबंधित शिक्षक के विरूद्ध कार्यवाही के निर्देश दिये। छिंदवाड़ा जिले के ग्राम अंबारी के कृषक श्री भाऊराव को विद्युत पंप खरीदने पर अनुदान राशि का भुगतान कराया गया। बताया गया कि अशोकनगर जिले के ग्राम धतुरिया के प्रहलाद चंदेल को चना विक्रय पर भुगतान समय से नहीं होने पर संबंधित समिति प्रबंधक को हटा दिया गया है। अलीराजपुर जिले के ग्राम हरसवाट के श्री आजम सिंह को माटी कला बोर्ड से अनुदान राशि नहीं मिलने पर उसका भुगतान कराया गया। अनूपपुर जिले के ग्राम पंचायत बरांझ के मॉ शारदा स्वसहायता समूह की सचिव श्रीमती भागरती के सांझा चूल्हा की बकाया राशि समय पर नहीं मिलने के आवेदन पर संबंधित आंगनवाड़ी पर्यवेक्षक और सहायक वर्ग दो को निलंबित करने तथा परियोजना अधिकारी और जिला कार्यक्रम अधिकारी के विरूद्ध विभागीय जांच के निर्देश दिये। बालाघाट जिले के ग्राम मोहगांवघाट के श्री हेमराज पटेले के पिता की मृत्यु पर राष्ट्रीय परिवार सहायता की राशि समय से नहीं मिलने के प्रकरण पर संबंधित रोजगार सहायक को सेवा से पृथक करने और एक सहायक निलंबित करने के निर्देश दिये। उमरिया जिले के ग्राम रायपुर के श्री दादूराम बैगा को तेंदुपत्ता संग्रहण की राशि समय से नही मिलने पर संबंधित वन क्षेत्रपाल को निलंबित करने के निर्देश दिये। दतिया जिले के ग्राम कलोथर के श्री भगवत सिंह परिहार द्वारा ग्राम में समूह पेयजल योजना से पेयजल प्रदाय पर ग्रामीणों द्वारा जलकर नहीं देने के आवेदन पर मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि ग्रामीणों के इसके लिये प्रेरित करें।
पुनर्वास स्थलों को मिनी स्मार्ट सिटी और स्मार्ट विलेज के रूप में विकसित किया जाये - श्री शिवराज सिंह चौहान
5 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि सरदार सरोवर परियोजना के पुनर्वास स्थलों को आदर्श रूप में विकसित किया जाये। इनमें सभी मूलभूत सुविधायें सुनिश्चित की जायें ताकि यहाँ निवासरत परिवारों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं हो। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज यहाँ पुनर्वास कार्यों की समीक्षा कर रहे थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि इन 83 पुनर्वास स्थलों में निसरपुर को मिनी स्मार्ट सिटी और शेष को स्मार्ट विलेज के रूप में विकसित करने की कार्य योजना बनाई जाये। उन्होंने कहा कि विस्थापित परिवारों को अपना मित्र मानते हुये उनके लिये पुनर्वास स्थलों पर सड़क, पीने का पानी, स्ट्रीट लाइट तथा नाली आदि व्यवस्थायें बेहतर ढ़ंग से की जायें। विकसित पुनर्वास स्थलों पर आवश्यक निर्माण कार्य शीघ्र कराये जायें। उन्होंने डूब क्षेत्र में वर्तमान निवासरत विस्थापित परिवारों को घोषित पैकेज के अंतर्गत शेष बची राशि में से कुछ राशि के भुगतान के भी निर्देश दिये। इस दौरान बताया गया कि जिन 2033 विस्थापितों परिवारों के पास आवासीय भूखण्ड नहीं थे उन्हें भूखण्ड उपलब्ध कराये गये हैं। बड़वानी जिले में दस घाट नागरिकों के लिये आरक्षित किये गये हैं। मछुआरों की 26 सहकारी समिति बनाई गयी हैं। पुनर्वास स्थलों पर मूलभूत सुविधाओं पर 62 करोड़ रूपये खर्च किये गये हैं। इस अवसर पर वित्त मंत्री श्री जयंत मलैया, सामान्य प्रशासन मंत्री श्री लाल सिंह आर्य, मुख्य सचिव श्री बी.पी.सिंह, अपर मुख्य सचिव वित्त श्री ए.पी. श्रीवास्तव, अपर मुख्य सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग श्री इकबाल सिंह बैंस, अपर मुख्य सचिव नर्मदा घाटी विकास श्री रजनीश वैश्य, प्रमुख सचिव गृह श्री मलय श्रीवास्तव, प्रमुख सचिव लोक निर्माण विभाग श्री मोहम्मद सुलेमान, प्रमुख सचिव लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी श्री प्रमोद अग्रवाल, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री अशोक वर्णवाल, प्रमुख सचिव नगरीय प्रशासन श्री विवेक अग्रवाल तथा आयुक्त इंदौर संभाग, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक इंदौर, तथा संबंधित जिलों के कलेक्टर्स, पुलिस अधीक्षक आदि अधिकारीगण उपस्थित थे।
संचालक जनसम्पर्क श्री सिंह ने किया पौध-रोपण
5 Jun 2018
संचालक जनसम्पर्क श्री ए.पी. सिंह ने विश्व पर्यावरण दिवस पर जनसम्पर्क संचालनालय परिसर में पौध-रोपण किया। श्री सिंह ने बरगद के पौधे लगाये। इस दौरान अपर संचालक श्री मंगला मिश्रा, संयुक्त संचालक श्री राजेश मलिक और श्री जी.एस. वाधवा, अन्य अधिकारी-कर्मचारी और पत्रकार उपस्थित थे।
राज्यपाल ने विश्व पर्यावरण दिवस पर दी शुभकामनाएं
5 Jun 2018
राज्यपाल श्रीमती आनदंबेन पटेल ने विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों को बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। राज्यपाल ने अपने संदेश में कहा है कि पर्यावरण प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन को देखते हुए अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने तथा पौधों की रक्षा एवं संवर्धन की आवश्यकता है। राज्यपाल श्रीमती पटेल ने कहा है कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति छात्र-छात्राओं में जागृति पैदा की जाये। विद्यालयों, महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों में इस विषय पर चित्रकला, वाद-विवाद तथा निबंध प्रतियोगिताएँ आयोजित की जायें। राज्यपाल ने युवाओं में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागृति पैदा करने, वृक्षारोपण, पोलीथिन का उपयोग बंद करने, नदियों और अन्य जल-स्रोतों को प्रदूषण मुक्त बनाने जैसे कार्यों में प्रदेशवासियों से सक्रिय भागीदारी का आव्हान किया है। राजभवन में हुआ वृक्षारोपण कार्यक्रम : विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर राजभवन सचिवालय के अधिकारियों, कर्मचारियों एवं उनके परिवारजनों ने राजभवन परिसर में वृक्षारोपण किया। इस अवसर पर राज्यपाल के विधि अधिकारी सेवानिवृत्त जस्टिस श्री भरत महेश्वरी के नेतृत्व में लगभग सौ पौधे रोपे गये। वृक्षारोपण कार्यक्रम में बच्चों ने भी बड़ी संख्या में भाग लिया।
इंदौर में बनेगा माँ अहिल्या स्मारक : मुख्यमंत्री श्री चौहान
5 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान और लोकसभा अध्यक्ष श्रीमती सुमित्रा महाजन ने सोमवार को इंदौर के पिपल्याहाना चौराहे पर 40 करोड़ 50 लाख रुपये लागत के फ्लाय ओवर ब्रिज का शिलान्यास किया। श्रीमती सुमित्रा महाजन ने इस मौके पर कहा कि इंदौर बहुत तेजी से बढ़ रहा है। इसलिये बायपास को और अधिक विकसित किया जायेगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि इंदौर में माँ अहिल्या स्मारक का निर्माण करवाया जायेगा। यह स्मारक इंदौर विकास प्राधिकरण बनायेगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना में बनाये जा रहे आवासीय संकुल में गरीब परिवारों को रियायत दी जायेगी। उन्हें बाजार दर से लगभग आधी कीमत पर तथा गाईड लाईन से 37 प्रतिशत कम दर पर आवास दिये जायेंगे। गरीब परिवारों को 2 लाख 65 हजार रूपये का अनुदान भी दिया जायेगा। उन्होंने स्वच्छता में राष्ट्रीय स्तर पर इंदौर को मिले द्वितीय स्थान और यहाँ संचालित ग्रीन इंदौर अभियान की सराहना की। श्री चौहान ने कहा कि क्लीन इंदौर के साथ, ग्रीन इंदौर करना समय की जरूरत है। इस अवसर पर महापौर श्रीमती मालिनी लक्ष्मणसिंह गौड़ तथा विधायक श्री महेन्द्र हार्डिया, श्री रमेश मैंदोला, सुश्री उषा ठाकुर और श्री राजेश सोनकर एवं इंदौर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री शंकर लालवानी भी उपस्थित थे।
कार्य की गुणवत्ता ही निर्माण एजेन्सी की पूँजी : मंत्री श्रीमती माया सिंह
5 Jun 2018
नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्रीमती माया सिंह ने कहा है कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता ही निर्माण एजेन्सी की पूँजी है। श्रीमती सिंह म.प्र. गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल (हाउसिंग बोर्ड) द्वारा 'गुणवत्ता नियंत्रण' विषयक राज्य स्तरीय कार्यशाला के शुभारंभ कार्यक्रम को संबोधित कर कही थीं। कार्यक्रम की अध्यक्षता मंडल के अध्यक्ष श्री कृष्ण मुरारी मोघे ने की। मंत्री श्रीमती माया सिंह ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार द्वारा प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के 'हाउसिंग फार ऑल' के निश्चय को साकार करने के लिये प्रदेश में सन् 2022 तक गरीबों के लिये 10 लाख आवास बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश सरकार द्वारा चालू वित्त वर्ष में शहरी क्षेत्र में 5 लाख 11 हजार आवास बनाने का कार्य प्रगति पर है। इसके लिए बजट में 1700 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री ने कहा कि गृह निर्माण मंडल ने अपने कार्य और गुणवत्ता से अपनी पहचान बनाई है। इस पहचान को कायम रखने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि बोर्ड के मैदानी अमले को समय-समय पर नवीन तकनीक से अवगत करवाया जाए। श्रीमती माया सिंह ने कार्यक्रम में आयोजित प्रर्दशनी का अवलोकन किया। कार्यशाला में आयुक्त हाउसिंग बोर्ड श्री राघवेन्द्र सिंह सहित पूरे प्रदेश से आये मंडल के तकनीकी और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री श्री चौहान नव-नियुक्त महिला पुलिसकर्मियों से मिले
4 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान आज मंडला से भोपाल आते समय हवाईपट्टी ग्वारा नव-नियुक्त महिला पुलिसकर्मियों से मिले। श्री चौहान ने महिला पुलिसकर्मियों की हौसला अफजाई की। मुख्यमंत्री श्री चौहान के साथ नव-नियुक्त महिला पुलिसकर्मियों ने फोटो निकलवाई और सेल्फी ली। इन युवतियों ने एक सप्ताह पहले ही पुलिस बल ज्वाईन किया है। इस मौके पर सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते मौजूद थे।
प्रदेश को प्लास्टिक मुक्त बनाने के लिये संकल्पित होकर कार्य करें प्रदेशवासी
4 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने विश्व पर्यावरण दिवस पर नागरिकों से प्रदेश को प्लास्टिक मुक्त बनाने के लिये संकल्पित होकर कार्य करने का आव्हान किया है। उन्होंने अपने संदेश में कहा है कि प्रदेश को प्लास्टिक प्रदूषण से मुक्त बनाने की मुहिम शुरु की जा रही है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि पर्यावरण के लिये प्लास्टिक सर्वाधिक हानिकारक पदार्थ है। यह पृथ्वी का शत्रु है। धरती पर प्लास्टिक कचरे की मोटी होती परत मनुष्यों, पशुओं, जीव-जन्तुओं, पेड़-पौधों, हवा, पानी सबके लिये खतरा बन गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य शासन प्लास्टिक के खतरों से निपटने के लिये प्रतिबद्ध है। प्लास्टिक थैलियों के उत्पादन, भंडारण, परिवहन, विक्रय और उपयोग पर प्रतिबंध लगाया गया है। इसके लिये प्रत्येक नागरिक को जागरुक होने की जरूरत है। श्री चौहान ने नागरिकों का आव्हान किया है कि वे प्रदेश को प्लास्टिक प्रदूषण मुक्त बनाने में भरपूर योगदान दें। सरकार के प्रयासों में सहयोग प्रदान करें।
राजस्व मंत्री ने रमा नगर में किया सी.सी. रोड़ का भूमि-पूजन
4 Jun 2018
राजस्व, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता ने वार्ड-25 स्थित रमा नगर में सीमेंट-कांक्रीट रोड़ का भूमि-पूजन किया। उन्होंने वार्ड-26 स्थित बरखेड़ी कला में कबड्डी मैदान के विकास के लिए भी भूमि-पूजन किया। इस कार्य के लिए श्री गुप्ता ने विधायक निधि से राशि स्वीकृत की है। राजस्व मंत्री ने रहवासियों को शासन की जन-कल्यणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी। इस दौरान स्थानीय जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे।
मध्यप्रदेश में बेहतर है केन्द्र प्रवर्तित योजनाओं का क्रियान्वयन
4 Jun 2018
जनसम्‍पर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने रविवार की शाम ग्वालियर में समाचार-पत्र प्रतिनिधियों से चर्चा के दौरान केन्द्र सरकार के सफल चार वर्षीय कार्यकाल की उपलब्धियों की जानकारी दी। डॉ. मिश्र ने बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के कुशल नेतृत्व में देश विकास की नई ऊँचाईयँ छू रहा है। आज विश्व के लोकप्रिय नेताओं में श्री मोदी का सम्मनाजनक स्थान है। उज्जवला योजना, आवास योजना, मुद्रा योजना, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, सुरक्षित मातृत्व अभियान योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के साथ ही किसानों की आय दोगुनी करने के बहुआयामी लक्ष्य को लेकर कार्य कर रही केन्द्र सरकार नए भारत के निर्माण के लिए समर्पित है। डॉ. नरोत्तम मिश्र ने कहा कि गरीबों और जरूरतमतंदों के कल्याण के लिए केन्द्र सरकार ने प्रभावशाली ढंग से योजनाओं को लागू किया है। केन्द्र सरकार जनभावनाओं की हर कसौटी पर खरी उतरी है। पिछले चार वर्षों में केन्द्र सरकार द्वारा आम नागरिक का विश्वास अर्जित करने का ईमानदार प्रयास किया गया है। जनसम्पर्क मंत्री ने कहा कि आज देश में जरूरतमंदों को सभी आवश्यक लाभ प्राप्त हो रहे हैं। मध्यप्रदेश में भी केन्द्र प्रवर्तित योजनाओं के मैदानी क्रियान्वयन में उल्लेखनीय सफलता मिली है। वर्ष 2022 तक हर व्यक्ति को घर उपलब्ध करवाने की दिशा में कोशिशें जारी हैं। प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के माध्यम से पानी की एक-एक बूंद के सदुपयोग पर ध्यान दिया जा रहा है। वर्ष 2014-18 की अवधि में 26.87 लाख हेक्टेयर भूमि में लघु सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने में कामयाबी मिली है। इसी तरह, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में अब तक की सबसे बड़ी वित्तीय सहायता केन्द्र सरकार द्वारा किसानों तक पहुँचाई गई है। ब्याज सब्सिडी कार्यक्रम के तहत एक वर्ष की अवधि के लिए तीन लाख रूपये तक लोन कम वार्षिक ब्याज दर पर मुहैया करवाने का प्रावधान क्रांतिकारी है। जनसम्पर्क मंत्री डॉ. मिश्र ने बताया कि जन अपेक्षाओं को पूरा करने के लिए केन्द्र सरकार गतिशील है। मध्यप्रदेश सरकार भी इसी भावना से विकास के नये आयाम स्थापित कर रही है। डॉ. मिश्र ने केन्द्र सरकार द्वारा हाल ही में प्रकाशित विभिन्‍न योजनाओं की उपलब्धियों के प्रकाशित ब्रोशर भी मीडिया प्रतिनिधियों को उपलब्ध करवाये।
राज्य मंत्री श्री सारंग द्वारा आम महोत्सव का शुभारंभ
4 Jun 2018
सहकारिता, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विश्वास सारंग ने आज नाबार्ड परिसर में दो-दिवसीय आम महोत्सव का शुभारंभ किया। कृषि उत्पादन आयुक्त एवं एसीएस श्री पी.सी. मीना, रीजनल डायरेक्टर आरवीआई श्री पी.के. जेना, जनरल मैनेजर सेन्ट्रल बैंक श्री अजय व्यास, नाबार्ड के जनरल मैनेजर श्री एस.के. बंसल और श्रीमती एम. जैस मौजूद थे। राज्य मंत्री श्री सारंग आम महोत्सव में प्रदर्शनी कम सेल काउंटर पर पहुँचे और विभिन्न जिलों से आये आम उत्पादक किसानों से मिले। नाबार्ड के जनरल मैनेजर ने बताया कि नाबार्ड द्वारा आदिवासी क्षेत्र के किसानों को सहयोग देकर आम उत्पादन से जोड़ा गया है। आम उत्पादक कृषकों को बाजार से जोड़ने के लिये आम महोत्सव का आयोजन किया गया है। राज्य मंत्री श्री सारंग ने नाबार्ड द्वारा आदिवासी क्षेत्र के किसानों को आम उत्पादन से जोड़ने के प्रोजेक्ट की सराहना की। उन्होंने कहा कि झाबुआ, मण्डला, अलीराजपुर, तामिया आदि क्षेत्र के किसानों ने अच्छी किस्मों के आमों का उत्पादन किया है। राज्य मंत्री श्री सारंग ने सहकारिता विभाग द्वारा सहकारिता से अंत्योदय योजना में सहकारी समितियों के माध्यम से ग्रामीण को रोजगार से जोड़ने के संबंध में किये जा रहे नवाचार की जानकारी भी दी।
पोषण स्तर में सुधार के लिये लक्ष्य निर्धारित : मंत्री श्रीमती चिटनिस
4 Jun 2018
महिला बाल विकास मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनिस ने कहा है कि राष्ट्रीय पोषण मिशन में प्रदेश में पोषण स्तर में सुधार के लिये 8 विभाग समन्वित रूप से कार्य करेंगे। मिशन का लक्ष्य 2019-20 तक बच्चों, किशोरी बालिकाओं, गर्भवती और धात्री माताओं के स्वास्थ्य और पोषण स्तर से संबंधित 5 बिन्दुओं में सुधार लाना है। चरणबद्ध रूप से लक्ष्य प्राप्ति के लिये विकासखण्ड, जिला और राज्य स्तर पर वर्षवार कार्ययोजना बनाई जायेगी। श्रीमती चिटनिस ने पोषण जागरूकता के लिये सघन रूप से कार्य करने तथा पोषण साक्षरता को शाला एवं कॉलेज स्तर के पाठयक्रमों में सम्मिलित करने की आवश्यकता बताई। श्रीमती चिटनिस मंत्रालय में आयोजित राष्ट्रीय पोषण मिशन की समन्वित कार्य-योजना निर्माण संबंधी बैठक को संबोधित कर रही थी। बैठक में जानकारी दी गई कि 2019-20 तक ठिगनेपन, बच्चों के अल्प-पोषण तथा कम वजन के साथ जन्म लेने वाले बच्चों की संख्या में 6 प्रतिशत कमी का लक्ष्य है। बच्चों, किशोरियों, गर्भवती एवं धात्री माताओं में एनीमिया के प्रसार में 9 प्रतिशत कमी का लक्ष्य है। इसके लिये ग्राम, विकासखण्ड तथा जिला स्तर पर स्तनपान, स्वच्छ पेयजल, स्वच्छता, आवश्यक दवाओं की उपलब्धता, गर्भवती माता और प्रसव के दौरान देखभाल, संस्थागत प्रसव जैसे संवेदनशील कार्यों को सम्मिलित कर कार्य-योजना का निर्माण किया जायेगा। कार्ययोजना क्रियान्वयन के लिये पंचायत एवं ग्रामीण विकास, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, स्कूल शिक्षा, खाद्य आपूर्ति और उपभोक्ता संरक्षण, नगरीय विकास एवं आवास, लोक स्वास्थ्य एवं यांत्रिकी विभाग, जनजातीय कार्य तथा महिला बाल विकास विभाग समन्वित रूप से कार्य करेंगे। इस संबंध में इन सभी 8 विभागों के प्रमुख सचिव द्वारा समन्वित रूप से आदेश जारी किया जा रहा है। बैठक में प्रमुख सचिव महिला बाल विकास श्री जे.एन. कंसोटिया, आयुक्त महिला एवं बाल विकास श्री अशोक भार्गव, सचिव स्कूल शिक्षा श्री शोभित जैन सहित लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, खाद्य आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।
स्टेडियम निर्माण कार्य समय-सीमा में पूरा करें : खेल मंत्री श्रीमती सिंधिया
4 Jun 2018
खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्रीमती यशोधरा राजे सिंधिया ने मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की घोषणानुसार जिलों में स्टेडियम बनाने का काम समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। श्रीमती सिंधिया आज टीटी नगर स्टेडियम में विभागीय गतिविधियों तथा अधोसंरचना विकास की समीक्षा कर रही थीं। खेल मंत्री श्रीमती सिंधिया ने होशंगाबाद एवं दमोह के हॉकी एस्ट्रो टर्फ तथा इटारसी के स्टेडियम को 15 जुलाई तक और मंदसौर हॉकी टर्फ 31 जुलाई तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने रीवा में खेल विभाग द्वारा किए जा रहे कार्यों की जानकारी आम जनता को होर्डिंग के माध्यम से देने के निर्देश दिए। इस अवसर पर प्रमुख सचिव खेल एवं युवा कलयाण श्री व्ही.एल. कान्ताराव, संचालक खेल एवं युवा कल्याण डॉ. एस.एल. थाउसन तथा अधिकारी मौजूद थे।
स्वच्छता अभियान और चित्रकला प्रतियोगिता सम्पन्न
4 Jun 2018
विश्व पर्यावरण दिवस पर मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा पर्यावरण और प्लास्टिक प्रदूषण नियंत्रण के विरुद्ध जन-जागृति कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसी श्रंखला में आज पर्यावरण परिसर में स्वच्छता अभियान और टी.टी. नगर स्टेडियम में चित्रकला प्रतियागिता हुई। स्वच्छता अभियान में पर्यावरण परिसर में स्थित पाँचों कार्यालयों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने परिसर की साफ-सफाई की। टी.टी. नगर स्टेडियम में स्कूली बच्चों में प्लास्टिक कचरे से होने वाले प्रदूषण और उसके दुष्प्रभाव पर चित्रकला प्रतियोगिता हुई। इसमें भोपाल के लगभग 1000 बच्चों ने भाग लिया। प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय, तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले बच्चों को मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान 5 जून को भोपाल के समन्वय भवन में आयोजित समारोह में पुरस्कृत करेंगे। पर्यावरण प्रदर्शनी मध्यप्रदेश राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, एप्को और नगर निगम भोपाल द्वारा संयुक्त रूप से पर्यावरण आधारित प्रदर्शनी का शुभारंभ आज महापौर द्वारा किया गया। टी.टी. नगर स्टेडियम में यह प्रदर्शनी 5 जून की शाम तक आम लोगों के लिये खुली रहेगी।
संबल योजना कमजोर वर्गों को समाज की मुख्य धारा से जोड़ेगी : मुख्यमंत्री श्री चौहान
3 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि संबल योजना समाज के गरीब और कमजोर वर्गों को मुख्य धारा से जोड़ेगी। इस योजना से इन वर्गों के जीवन में खुशहाली आयेगी। उन्होंने बताया कि आगामी 13 जून को प्रदेश के सभी जनपद मुख्यालयों पर संबल योजना में पंजीकृत हितग्राहियों को राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के हित-लाभ वितरित किये जायेगे। श्री चौहान मंडला जिले के ग्राम अंजनिया में तेन्दूपत्ता संग्राहक और असंगठित श्रमिक सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने संबल योजना की विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि अगले चार साल में प्रदेश के प्रत्येक गरीब व्यक्ति के पास खुद का घर होगा। राज्य सरकार इन चार वर्षों में लगातार हर वर्ष 10-10 हजार पक्के मकान बनाकर आवासहीन गरीब और कमजोर वर्गों को सुलभ करवाएगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सम्मेलन में राज्य स्तरीय आयरन और आयोडीनयुक्त वन्या प्लस डबल फोर्टीफाईड नमक वितरण योजना का ऑनलाइन शुभारंभ किया और योजना की प्रचार सामग्री का विमोचन किया। श्री चौहान ने बताया कि इस योजना से प्रदेश के 20 जिलों के 89 आदिवासी बाहुल्य विकासखंड के हितग्राही लाभान्वित होंगे। मुख्यमंत्री ने महिला तेन्दूपत्ता संग्राहकों को पहनाई चरण-पादुकाएँ मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सम्मेलन में महिला तेन्दूपत्ता संग्राहक सेवंती बाई, गलियारी बाई, सत्यवती बाई और लमिया बाई को अपने हाथों से चरण-पादुका पहनाई, साड़ी और पानी की कुप्पी भेंट की। इस अवसर पर मंडला और डिण्डोरी जिले के तेन्दूपत्ता संग्राहकों को कुल 25 करोड़ रुपये की बोनस राशि भी वितरित की गई। मुख्यमंत्री ने असंगठित श्रमिक सुदर्शन, श्री राम और लमिया बाई को संबल योजना के स्मार्ट कार्ड भी प्रदान किये। ग्राम अंजनिया और मवई में खुलेंगे शासकीय महाविद्यालय मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सम्मेलन में घोषणा की कि ग्राम अंजनिया और मवई में शासकीय महाविद्यालय खोले जायेंगे। इस मौके पर उन्होंने मंडला और डिण्डोरी जिले में कुल लगभग 48 करोड़ रूपये लागत के निर्माण कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। श्री चौहान ने जे.ई.ई परीक्षा में सफल हुए मंडला एवं डिण्डोरी जिले के विद्यार्थियों को शुभकामनाएँ दीं और उनके साथ फोटो निकलवाई। श्री चौहान ने इस मौके पर हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं के अन्तर्गत हित-लाभ में वितरित किये। सम्मेलन में खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता संरक्षण मंत्री श्री ओमप्रकाश धुर्वे, सासंद श्री फग्गन सिह कुलस्ते और श्रीमती सम्पतिया उईके, आदिवासी वित्त एवं विकास निगम के अध्यक्ष डॉ. शिवराज शाह, म.प्र.लघु वनोपज संघ के अध्यक्ष श्री महेश कोरी, स्थानीय विधायक, अन्य जन-प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में असंगठित क्षेत्रों के श्रमिक, तेन्दूपत्ता संग्राहक तथा ग्रामीणजन उपस्थित थे।
प्रतिभा सम्मान से बच्चों को मिलता है प्रोत्साहन - मंत्री डा. मिश्र
3 Jun 2018
जल संसाधान, जनसंपर्क एवं संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने आज दतिया जिले के ग्राम हिड़ौरा में ग्रामीण क्षेत्र में 10वीं और 12वीं कक्षा उत्कृष्ट अंक लाने वाले प्रतिभावान बच्चों को सम्मानित किया। कार्यक्रम का आयोजन गौतम बुद्ध के 2562 वें जन्मोत्सव के अवसर पर स्थानीय समिति द्वारा किया गया था। मंत्री डॉ. मिश्र ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में प्रतिभाओं की कमी नहीं है, जरूरत है उन्हें प्रोत्साहित करने की सरकार अच्छी शिक्षा, अच्छे स्कूल, अच्छा वातावरण बच्चों के शिक्षण कार्य के लिये दे रही है। मजदूरों के कल्याण के लिये सरकार कृत संकल्पित डॉ. मिश्र ने कहा कि हाल ही में लागू की गई मुख्यमंत्री मजदूर सुरक्षा योजना प्रदेश के गरीब और कमजोर वर्ग के लिये वरदान है। डॉ. मिश्र ने कहा िक पंजीकृत व्यक्ति को पाँच लाख तक ईलाज मुफ्त, 16 हजार रुपये प्रसूति सहायता, मृत्यु पर दो लाख रुपये, दुर्घटना पर चार लाख रुपये का प्रावधान है। पढ़ाई लिखाई में भी विशेष सुविधा दी जायेगी इसके अलावा बिजली का बिल भी फ्लेट रेट पर 200 रुपये लगेगा
10 जून को जबलपुर में होगा कृषक समृद्धि के लिये किसान महा-सम्मेलन
3 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान 10 जून को जबलपुर में कृषक समृद्धि योजनांतर्गत किसान महा-सम्मेलन में रबी विपणन वर्ष 2018-19 के गेहूँ, चना, मसूर और सरसों उत्पादक किसानों के बैंक खातों में आरटीजीएस/एनएफटी से प्रोत्साहन राशि सीधे ट्रांसफर करेंगे। इसी दिन प्रदेश के विकासखण्ड मुख्यालयों पर‍भी किसान सम्मेलन आयोजित होंगे। सम्मेलन में प्रात: 11 बजे से दोपहर एक बजे तक कृषक संगोष्ठियाँ भी आयोजित की जायेंगी। संगोष्ठियों में कृषि वैज्ञानिक किसानों को कृषि की आधुनिक तकनीकों से अवगत करायेंगे। जबलपुर में हो रहे किसान महा-सम्मेलन का प्रदेश में न्यूज चैनल्स के माध्यम से सीधा प्रसारण किया जायेगा। विकाखण्ड स्तर पर होने वाले सम्मेलनों में किसान एल.ई.डी टी.वी. के माध्यम से मुख्यमंत्री का संदेश सुन सकेंगे। सम्मेलन में किसानों को स्वाइल हेल्थ कार्ड, फसल-चक्र में परिवर्तन, नवीन उन्नत बीज, अंतवर्ती फसल, उद्यानिकी फसलों को बढ़ावा, खेतों की मेड़ों पर वृक्षारोपण, जैविक खेती के साथ ही प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, कस्टम हायरिंग और कस्टम प्रोसेसिंग, पशुपालन, मछली पालन को बढ़ावा देने की योजना के साथ मुख्यमंत्री कृषक युवा उद्यमी योजना की विस्तृत जानकारी भी दी जायेगी। सम्मेलन स्थल पर कृषि उपलब्धि और कृषि की आधुनिक तकनीकों पर केंद्रित प्रदर्शनी लगाई जायेगी।
उद्योग मंत्री श्री शुक्ल ने राजकपूर परिवार को कराई टाईगर सफारी की सैर
3 Jun 2018
उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने आज रीवा में राजकपूर परिवार को महाराज मार्तण्ड सिंह व्हाइट टाइगर सफारी का भ्रमण कराया। श्री शुक्ल ने कलाकारों को सफेद बाघ का इतिहास तथा सफारी के बारे में महत्वपूर्ण जानकारियाँ भी दी। उद्योग मंत्री श्री शुक्ल के साथ फिल्मी कलाकारों ने सफारी में सफेद बाघ देखे और इसे प्रकृति का नायाब तोहफा बताया। परिजनों ने सफेद बाघ पर बनी डॉक्यूमेंट्री फिल्म भी देखी तथा सफेद बाघ के बारे में वर्णित ब्रोशर का विमोचन किया।
राज्य मंत्री श्री सारंग ने विकास यात्रा में की नागरिकों से चर्चा
3 Jun 2018
सहकारिता, भोपाल गैस त्रासदी, राहत एवं पुनर्वास राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विश्वास सारंग ने आज नरेला क्षेत्र की विकास यात्रा में करौंद क्षेत्र की बस्तियों का भ्रमण किया। श्री सारंग ने यहाँ देवकी नगर, पन्ना नगर आदि बस्तियों में भ्रमण कर विकास के संबंध में नागरिकों से चर्चा की। उन्होंने वार्ड 77 की बस्तियों में सीवेज सिस्टम के लिए नालियों के निर्माण कार्य का शिलान्यास भी किया। इस मौके पर स्थानीय पार्षद और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग राज्य मंत्री श्री सारंग के साथ थे।
आयकर जन मित्रता अभियान प्रारंभ
2 Jun 2018
आयकर विभाग भोपाल द्वारा करदाताओं की समस्याओं के समाधान हेतु “आयकर जन मित्रता अभियान “ प्रारंभ किया गया है l यह अभियान 24 मई 2018 से 24 जुलाई 2018 तक जारी रहेगा l इस अभियान के अंतर्गत करदाताओ हेतु विभिन्न योजनाएं चलाई जा रहीं हें, जैसे कि करदाता दरबार, Meet the Officer Programme, आयकर से सम्बंधित जानकारी हेतु आउटरीच कार्यक्रम आदि l करदाता दरबार कार्यक्रम के अंतर्गत कोई भी व्यक्ति माह के अंतिम शुक्रवार को प्रातः 11:30 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक प्रधान मुख्य आयकर आयुक्त / मुख्य आयकर आयुक्त से बिना किसी पूर्व अनुमति के मिल सकता है एवं अपनी समस्याएं बता सकता है l Meet the Officer Programme के अंतर्गत कोई भी करदाता प्रत्येक बुधवार को प्रातः 11:30 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक आयकर अधिकारी स्तर के अधिकारीयों से लेकर प्रधान आयकर आयुक्त दर्जे तक के किसी भी अधिकारी से बिना किसी पूर्व अनुमति के मिलकर अपनी शिकायतों का समाधान करा सकता है l आयकर जन मित्रता अभियान का मुख्य उद्देश्य करदाताओं की समस्याओं / शिकायतों का जल्द से जल्द समाधान करना है l इस अभियान के अंतर्गत मध्य प्रदेश एवं छतीसगढ़ में विभिन्न प्रतियोगिताएं का आयोजन किया जायेगा , जिनके विजेताओं को “आयकर दिवस” के मौके पर 24 जुलाई 2018 को पुरस्कृत किया जायेगा l इस अभियान से सम्बंधित अधिक जानकारी आयकर विभाग भोपाल की वेबसाइट www.incometaxbhopal.in से प्राप्त की जा सकती है l
कृष्णा-राजकपूर ऑडिटोरियम का उद्घाटन करेंगे मुख्यमंत्री श्री चौहान
1 Jun 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान शनिवार 2 जून को रीवा में कृष्णा-राजकपूर ऑडिटोरियम का उद्घाटन करेंगे। सुप्रसिद्ध फिल्म कलाकार एवं निर्देशक स्वर्गीय राजकपूर की पुण्य-तिथि 2 जून को आयोजित इस समारोह में उनके परिवार के सदस्य रणधीर कपूर, राजीव कपूर, प्रेम किशन मल्होत्रा, प्रेम चोपड़ा तथा श्रीमती उमा चोपड़ा विशेष रूप से शामिल होंगे। जनसम्पर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र कृष्णा- राजकपूर ऑडिटोरियम के उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता करेंगे। उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल तथा हाउसिंग बोर्ड के अध्यक्ष श्री कृष्ण मुरारी मोघे समारोह के विशेष अतिथि होंगे। उद्घाटन समारोह में म्यूजिकल नाईट का आयोजन किया जाएगा। प्रख्यात गायक श्री सुरेश वाडकर तथा टॉक-शो होस्ट प्रख्यात अभिनेता अन्नू कपूर समारोह में प्रस्तुति देंगे। एक हजार सीटर कृष्णा-राजकपूर ऑडिटोरियम का 3301 वर्ग मीटर क्षेत्र में निर्माण किया गया है। यह वातानुकूलित ऑडिटोरियम 18 करोड़ रूपये की लागत से बनाया गया है। इसमें थियेटर, रिसोर्ट, रेस्टोरेंट और दो लॉन तथा बाउण्ड्रीवाल का निर्माण किया गया है। पार्किंग के लिये भी पर्याप्त जगह रखी गई है।
मंत्रालय स्थित पार्क में वंदेमातरम गायन संपन्न
1 Jun 2018
मंत्रालय स्थित सरदार वल्लभ भाई पटेल पार्क में आज पूर्वान्ह राष्ट्र-गीत वंदेमातरम का सामूहिक गायन हुआ। इस मौके पर पुलिस बैंड ने मधुर धुनें प्रस्तुत की। सामूहिक गायन में कृषि उत्पादन आयुक्त श्री पी.सी.मीना, प्रमुख सचिव गृह श्री मलय श्रीवास्तव, प्रमुख सचिव पशुपालन श्री अजीत केसरी, प्रमुख सचिव जनजातीय कार्य श्री एस.एन. मिश्रा, सहित मंत्रालय, सतपुड़ा एवं विंध्याचल भवन के अधिकारी तथा कर्मचारी उपस्थित थे।
एक दिन में 8386 युवाओं का नौकरी के लिये चयन
1 Jun 2018
प्रदेश में 31 मई को हुए रोजगार मेलों में विभिन्न कंपनियों द्वारा 8 हजार 386 युवाओं का नौकरी के लिये चयन किया गया है। तकनीकी शिक्षा विभाग अन्य विभागों के साथ मिलकर सभी जिलों में रोजगार मेले का आयोजन कर रहा है। आगामी अगस्त माह में होने वाली रोजगार पंचायत में एक लाख से अधिक युवाओं को ऑफर लेटर/लेटर ऑफ इंटेन्‍ट प्रदान किये जायेंगे। भोपाल में 766 युवाओं का चयन: 31 मई को भोपाल, होशंगाबाद, कैमोर ( कटनी) और सीधी में रोजगार मेला लगाया गया। भोपाल में 3 हजार 491 युवक/युवती ने मेले में पंजीयन करवाया। इनमें से 766 का चयन नौकरी के लिये हुआ। होशंगाबाद में 6 हजार 515 पंजीयन हुए तथा 4000 को नौकरी के लिये शार्टलिस्ट किया गया। इसी तरह कैमोर में 10 हजार 550 पंजीयन हुए और इनमें 3 हजार 447 का चयन किया गया। सीधी में 614 युवकों ने पंजीयन करवाया जिनमें से 173 का चयन विभिन्न कंपनियों द्वारा किया गया।
विस्तारित ग्राम स्वराज अभियान पर वीडियो कान्फ्रेस संपन्न
1 Jun 2018
एक जून से 15 अगस्त तक चलने वाले विस्तारित ग्राम स्वराज अभियान पर केबिनेट सचिव भारत सरकार श्री प्रदीप कुमार सिन्हा की अध्यक्षता में वीडियो कांन्फ्रेस संपन्न हुई। अपर मुख्य सचिव वित्त श्री ए.पी.श्रीवास्तव ने प्रदेश में जारी तैयारियों के संबंध में केबिनेट सचिव को अवगत कराया। केबिनेट सचिव श्री सिन्हा ने दमोह कलेक्टर श्री विजय कुमार से जानकारी ली। कांन्फ्रेस में अपर मुख्य सचिव वन श्री के.के.सिंह, प्रमुख सचिव स्वास्थ्य श्रीमती गौरी सिंह, प्रमुख सचिव स्कूल शिक्षा श्रीमती दीप्ति गौड़ मुखर्जी, प्रमुख सचिव उर्जा श्री आई.सी.पी केशरी, प्रमुख सचिव खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति श्रीमती नीलम शमी राव उपस्थित थी । प्रदेश के चिन्हित आठ जिलों विदिशा, दमोह, बड़वानी, खण्डवा, गुना, छतरपुर, राजगढ़ एवं सिंगरौली के कलेक्टरों ने वीडियों कांफ्रैसिंग में भाग लिया ।
मुख्यमंत्री युवा स्व-रोजगार योजना ने युवाओं के सपने किए साकार
1 Jun 2018
खंडवा के सिंघाड़ तलाई मोहल्ला निवास विकास साल्वे ने मैकेनिकल इंजीनियरिंग में डिग्री लेने के बाद मुख्यमंत्री युवा स्व-रोजगार योजना में मिली 6 लाख रुपये की मदद से कम्प्यूटर ट्रेनिंग सेंटर प्रारंभ कर दिया है। इससे उन्हें नियमित आय होने लगी और वह अपनी आय से बैंक ऋण की किश्त भी नियमित रूप से चुका रहा है। विकास बताता है कि उसे इस योजना में 1.64 लाख रुपये अनुदान स्वरूप मिलने से काफी आर्थिक राहत मिली है। हरदा जिले के खिरकिया विकासखंड निवासी राजकुमार छलोत्रे ने बताया कि इंजीनियरिंग होने के पश्चात मुझे जॉब नहीं मिल रहा था, फिर मैंने घर पर एक छोटा टेंट हाउस खोला जिससे मुझे आगे बढ़ने का अवसर प्राप्त हुआ। उन्होंने जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र हरदा से जानकारी प्राप्त कर बैंक ऋण के लिए आवेदन किया। योजना के तहत बैंक ऑफ बड़ोदा खिरकिया द्वारा उन्हें 8 लाख रुपये का ऋण दिया गया। इससे उन्होंने जनरेटर एवं टेन्ट हाउस के लिए सामग्री खरीदी। वर्तमान में एक टेन्ट हाउस का संचालन कर 4 व्यक्तियों को रोजगार दे रहे हैं। अब वे लगभग तीस हजार रुपये मासिक आय प्राप्त कर रहे हैं। भोपाल के शाहपुरा निवासी श्री निखलेश पुत्र अहिरवार, मकान नंबर 228 भारत नगर वर्तमान में बतौर एक सफल व्यवसायी के रूप में नॉन बूवन बैग निर्माण की औद्योगिक इकाई विधा इंटरप्राइजेस के नाम से संचालित कर रहे हैं। निखलेख बताते हैं कि ये सब संभव हुआ 'मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना' की मदद से निखलेश ने बताया कि पहले वे प्राइवेट जॉब करते थे। निखलेश ने कहा कि मैं स्वयं का व्यवसाय करना चाहता था, किन्तु पूँजी के अभाव में ऐसा संभव नहीं हो पा रहा था। मुझे जिला उद्योग केन्द्र के द्वारा संचालित प्रशिक्षण शिविर में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना की जानकारी मिली। मैंने स्वयं का व्यवसाय आरंभ करने के लिये जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति के माध्यम से 39.10 लाख रुपये के ऋण के लिए आवेदन किया। वांछित ऋण राशि मय सब्सिडी के प्राप्त हुई। आज एक सफल व्यवसायी के रूप मेरा नाम है और मैं 7-8 युवाओं को रोजगार भी दे रहा हूँ। मुरैना के दुर्गापुरी कालोनी निवासी राजकुमार प्रजापति को आदिम जाति कल्याण विभाग को मुख्य मंत्री कल्याण योजना से एक लाख 80 हजार रुपये का ऋण मिला। ऋण मिलते ही राजकुमार ने ई-रिक्श खरीद लिया। राजकुमार ई-रिक्शा चलाता रहा और समय पर बैंक की किश्त जमा करता रहा। बैक में आधी किश्त जमा होने पर राजकुमार को बैंक ने दूसरे ई-रिक्शा के लिए ऋण स्वीकृत कर दिया। लगातार दोनों रिक्शों की किश्त जमा करने पर बैंक द्वारा तीसरा रिक्शा भी उसे स्वीकृत कर दिया। अब तो राजकुमार प्रजापति 3 ई-रिक्श का मालिक बन गया है। राजकुमार ने 3 रिक्शों को चलाने के लिए अन्य युवाओं को ई-रिक्शा चलाने के लिए रख लिया है। राजकुमार तीनों ई-रिक्शों की 12 हजार रुपये प्रति माह किश्त भरने के बाद लगभग 25 हजार रुपये प्रतिमाह कमाने लगे हैं। जब पैसे की आमदनी अच्छी हुई तो समाज के लोग सगाई के लिए आने लगे और राजकुमार की अच्छे परिवार में शादी हो गई।
दीनदयाल रसोई - पाँच रूपये में भरपेट स्वादिष्ट भोजन का आनंद
1 Jun 2018
प्रदेश में जब से दीनदयाल रसोई शुरू हुई है, गरीब, मजदूर पांच रूपये में स्वादिष्ट भोजन का भरपेट आनंद उठा रहे है। सीधी जिले के रिक्शा चालक बृजभान यादव कहते है कि 5 रूपये में जहाँ चाय बड़ी मुश्किल से मिलती है वहाँ 5 रूपये में भरपेट स्वादिष्ट भोजन की कल्पना तो सपने मे भी नहीं की जा सकती है। बृजभान कहते है कि दीनदयाल अन्त्योदय रसोई से उन जैसे गांव से आकर शहर में मेहनत मजदूरी करने वाले श्रमिकों के लिये बहुत सहारा हो गया है। उन्हें अब 5 रूपये में स्वच्छ, स्वादिष्ट और भरपेट भोजन मिल जाता है। जिससे उनके पैसे की भी बचत हो जाती है। सीधी के अस्पताल परिसर में प्रारंभ दीनदयाल अंत्योदय रसोई में मेहनत मजदूरी करने वाले श्रमिक, रिक्शा चालक, दवा इलाज के लिये दूर-दराज से आने वाले लोग 5 रूपये में गरमागरम भरपेट भोजन करते है। रसोई का संचालन जय माता दी स्व-सहायता समूह द्वारा किया जाता है। नगरपालिका सीधी द्वारा भी रसोई के व्यवस्थित संचालन के लिये कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई जाती है। साफ-सुथरी रसोईघर, बड़ा सा भोजन कक्ष, बैठाकर खाने के लिये टेबल-कुर्सी, साफ पीने का पानी की व्यवस्था की गयी। जिले के विभिन्न वर्गो के लोग अपने जन्मदिन, शादी की सालगिरह, धार्मिक त्यौहारों तथा परिजनों की पुण्यतिथि आदि अवसरों पर गरीबों को भोजन कराते हैं।
मुख्यमंत्री श्री चौहान द्वारा केन्द्रीय गृह मंत्री श्री सिंह का स्वागत
31 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने केन्द्रीय गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह का मुख्यमंत्री निवास में आत्मीय स्वागत किया। श्री चौहान ने केन्द्रीय गृह मंत्री को शॉल, श्रीफल भेंट कर उनका अभिनंदन किया। इस अवसर पर गृह मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह भी मौजूद थे।
विकास के लिये नदियों का संरक्षण बहुत जरूरी : मुख्यमंत्री श्री चौहान
31 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज सुबह 7 बजे मंदसौर में पशुपतिनाथमंदिर के समीप शिवना नदी के तट पर पहुँचकर आमजनों के साथ नदी संरक्षण के लिये श्रमदान किया। मुख्यमंत्री ने अपने हाथों से तगाड़ी में मिट्टी भरी और उसे उठाकर ट्रेक्टर ट्रॉली में डाला। मुख्यमंत्री का समर्पण देखकर अन्य जन-प्रतिनिधियों के साथ स्थानीय निवासियों ने भी नदी के संरक्षण के लिये श्रमदान किया। यह अभियान जन-अभियान परिषद द्वारा संचालित है। मुख्यमत्री श्री चौहान ने नदी को गहरा, सुन्दर बनाने और संरक्षण के लिये मंदसौरवासियों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि विकास के लिये नदियों का संरक्षण बहुत आवश्यक है। इस कार्य को अभियान के रूप में चलाया जाये। श्री चौहान ने नदी संरक्षण अभियान में भरपूर सहयोग के लिये नागरिकों का आव्हान किया। उन्होंने कहा कि नदी को गहरा और सुदंर बनाने में राज्य शासन अपेक्षित सहयोग देगा। अभियान में सांसद श्री सुधीर गुप्ता, विधायक सर्वश्री यशपाल सिंह सिसौदिया, जगदीश देवड़ा, दिलीप सिंह परिहार, चन्दर सिंह सिसौदिया, अन्य जन-प्रतिनिधि और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों ने भी श्रमदान किया।
स्वच्छता अभियान में विश्विद्यालय भी अपनी भागीदारी सनिश्चित करें
31 May 2018
सहकारिता, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास (स्वतंत्र प्रभार) राज्य मंत्री श्री विश्वास सारंग ने कहा है कि स्वच्छता अभियान में विश्वविद्यालय के शिक्षक एवं विद्यार्थी अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें। श्री सारंग बुधवार को आर.जी.पी.वी. यू.बी.ए. सेल के शुभारंभ और ग्रामीण सर्वेक्षण विषय पर आयोजित कार्यशाला के उद्घाटन सत्र को सम्बोधित कर रहे थे। राज्य मंत्री श्री सारंग ने कहा कि अभियान को केवल गाँव में जाकर सर्वेक्षण तक ही सीमित नहीं रखें। ग्रामीणों के बीच पहुँचकर ग्रामीणों को उनके लिये संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दें। उन्होंने कहा कि गाँव में विश्वविद्यालय के तकनीकी सहयोग एवं संसाधनों से विकास की संभावनाओं को फलीभूत करने में सहयोग करें। विश्वविद्यालय के कुलपति, प्रो. सुनील कुमार ने उन्नत भारत अभियान के विभिन्न पहुलओं पर और विश्वविद्यालय के संकल्प एवं भागीदारी के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अभियान से जुड़ने वाले विद्यार्थियों में उत्साहवर्धन के लिए दो क्रेडिट पाईन्ट दिये जायेंगे। प्रो. कुमार ने बताया कि मानव संसाधन विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा ग्रामीण विकास के लिए प्रारंभ की गयी योजना ''उन्नत भारत अभियान'' में प्रमुख रूप से देश के 750 उच्च शिक्षा संस्थानों में राजीव गॉधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, भोपाल का राष्ट्रीय स्तर पर तकनीकी श्रेणी में चयन किया गया है। कार्यक्रम को संचालक, एस.ए.टी.आई. विदिशा के प्रो. जे.एस.चौहान एवं जीएसआईटीएस, इंदौर के विषय-विशेषज्ञ प्रो. मिलिन्द दाण्डेकर ने भी संबोधित किया।
प्रशिक्षण से हर स्तर पर पुलिस बल दक्ष और प्रभावी होगा - केन्द्रीय गृह मंत्री श्री सिंह
31 May 2018
केन्द्रीय गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम के प्रमुख अंग न्याय, पुलिस और अभियोजन का औपचारिक प्रशिक्षण भी आवश्यक हैं। इस दिशा में भी पहल की जानी चाहिए। हर स्तर का पुलिस बल दक्ष और प्रभावी हो, इसके लिये उनके नियमित प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाये। श्री राजनाथ सिंह भोपाल में केन्द्रीय पुलिस प्रशिक्षण अकादमी का उदघाटन कर रहे थे। श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि पुलिसकर्मी को सेवा अवधि के दौरान पाँच-पाँच वर्ष के अंतराल पर प्रशिक्षण मिले। प्रशिक्षण की इस व्यवस्था के लिये करीब दस हजार प्रशिक्षकों की आवश्यकता का आंकलन किया गया है। ब्यूरो ऑफ पुलिस रिसर्च एण्ड डेवलपमेंट को इस दिशा में पहल के लिये कहा गया है। केन्द्रीय मंत्री ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के स्मार्ट पुलिस निर्माण के प्रयासों में ब्यूरो की भूमिका बताते हुए कहा कि टेक्नोलॉजी का अधिकतम उपयोग किया जाना चाहिये। अकादमी के पूर्णत: टेक्नोलॉजी आधारित होने, फाइलों का ऑनलाईन मूवमेंट, जीरो वेस्ट और ट्रीटेड सीवेज वॉटर से सिंचाई आदि प्रयासों की सराहना की। उन्होंने संस्थान में व्यापक वृक्षारोपण की आवश्यकता बतायी और इस काम में राज्य सरकार से सहयोग का अनुरोध किया। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री चौहान का अकादमी के लिये नि:शुल्क भूमि उपलब्ध कराने के लिये आभार माना। श्री सिंह ने कहा कि‍पुलिस के प्रति आम जनता में विश्वास का ऐसा वातावरण निर्मित हो, जिसमें आमजन थानों को न्याय के मंदिर के रूप में देखें। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि आंतरिक सुरक्षा की आधुनिक चुनौतियों से निपटने के लिये पुलिस का नियमित प्रशिक्षण जरूरी है। उन्होंने कहा है कि प्रदेश में आगामी अगस्त माह में वृक्षारोपण अभियान चलाया जायेगा। राज्य पुलिस द्वारा 15 अगस्त को अकादमी में वृक्षारोपण किया जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि संस्थान के प्रदेश में स्थित होने का लाभ राज्य के पुलिस बल को भी मिलेगा। हॉक पुलिस बल का प्रशिक्षण संस्थान में होगा। उन्होंने कहा कि देश में नक्सलवादी, आतंकवादी और राष्ट्रविरोधी शक्तियों से ताकत के साथ निपटने के लिये संचालित अभियान की सफलताएँ दिख रही हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस का कार्य अत्यंत चुनौतीपूर्ण हैं। इस कार्य में प्रशिक्षण की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण है। अपराधों के नियंत्रण और कानून-व्यवस्था में टेक्नोलॉजी की भूमिका निरंतर महत्वपूर्ण होती जा रही है। आवश्यक है कि पुलिस बल को भी समय-समय पर अत्याधुनिक साधन-संसाधनों से सम्पन्न किया जाये। समारोह में अकादमी की परिकल्पना से व्यवहारिक रूप में सामने आने के विभिन्न चरण पर आधारित वृत्त चित्र का प्रदर्शन किया गया। अकादमी 401 एकड़ भू-भाग में फैली है। अकादमी के भवन निर्माण पर 187 और मशीन एवं संसाधनों पर 37 करोड़ रूपये व्यय किये गये हैं। शुरूआत में केन्द्रीय गृह मंत्री और मुख्यमंत्री ने पूजन-अर्चन कर परिसर का अवलोकन किया। अतिथियों को पुस्तक और स्मृति-चिन्ह भेंट किये गये। समारोह में राज्य के गृह मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री श्री बाबूलाल गौर, सांसद श्री आलोक संजर, विधायक श्री रामेश्वर शर्मा, पुलिस महानिदेशक श्री आर.के. शुक्ला भी मौजूद थे। महानिदेशक ब्यूरो ऑफ पुलिस रिसर्च एण्‍ड डेवलपमेंट श्री ए.पी. महेश्वरी ने आभार माना।
बैंकों में पर्याप्त मात्रा में नगदी उपलब्ध रहे :ऋण व्यवस्था पारदर्शी हो
30 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज राज्य-स्तरीय बैंकर्स समिति की 168 वीं बैठक में कहा कि बैंकों में पर्याप्त मात्रा में नगदी उपलब्ध रहे। स्व-रोजगार योजनाओं का ऋण वितरण पारदर्शिता के साथ किया जाये। सामाजिक सुरक्षा योजना के हितग्राहियों और मनरेगा के श्रमिकों को पेंशन और मजदूरी भुगतान की समुचित सुविधा उपलब्ध करवायें। उन्होंने कहा कि प्रदेश के पिछड़े जिलों में जमा-ऋण-अनुपात को बढ़ाने और ग्रामीण अंचल में बैंक शाखाओं की संख्या बढ़ाने के प्रयास किये जायें। बिजनेस प्रतिनिधि और चलित बैंकिंग की व्यवस्थाओं को विस्तारित किया जाये। बैठक में मुख्य सचिव श्री बी.पी. सिंह भी मौजूद थे। बैठक में निर्णय लिया गया कि आगामी 4 अगस्त को प्रदेश के सभी जिलों में रोजगार मेले लगाये जाएंगे। मुख्यमंत्री ने समिति की वर्ष 2018-19 की कार्य-योजना का भी विमोचन किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि बैंक राज्य की समृद्धि और विकास का आधार हैं। कृषि, उद्योग और बुनियादी विकास आदि सभी क्षेत्रों में होने वाले कार्य, बैंकिंग व्यवस्था पर निर्भर हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा शीघ्र ही समर्थन मूल्य पर कृषि उपज की खरीदी और प्रोत्साहन राशि के लगभग 25 हजार करोड़ रुपये बैंकों में जमा किये जा रहे हैं। किसानों एवं अन्य पात्र हितग्रहियों को उन्हें स्वीकृत राशि प्राप्त करने में असुविधा और विलंब नहीं हो। बैंक सुनिश्चित करें कि शाखाओं में पर्याप्त मात्रा में नगदी उपलब्ध रहे। मुख्यमंत्री ने बैंकर्स को स्व-रोजगार योजनाओं में लक्ष्य से 13 प्रतिशत अधिक उपलब्धि हासिल करने के लिये बधाई दी। उन्होंने कहा कि स्व-रोजगार योजनाओं के ऋण वितरण के साथ ही स्व-रोजगार के अवसरों की सहज उपलब्धता का वातावरण भी बनाया जाये। इससे जनता में बैंकों के प्रति विश्वास बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि युवाओं के साथ ही स्व-सहायता समूहों और माइक्रो फायनेंसिंग कम्पनियों को भी मेले में शामिल किया जाना चाहिए। मेले में राज्य और केन्द्र सरकार की सभी योजनाओं के हितग्राहियों के लिये ऋण वितरण की व्यवस्था होना चाहिए। श्री चौहान ने कहा कि बैंकर्स द्वारा ऐसा मॉडल तैयार किया जाये कि सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के पेंशनर्स और मनरेगा के श्रमिकों को, उनके गाँवों में ही आसानी से स्वीकृत राशि प्राप्त हो सके। उन्होंने बैंकर्स को कृषि क्षेत्र में स्व-रोजगार के अवसर सृजित करने, कृषक युवा उद्यमी योजना पर फोकस करने और अधिक से अधिक ऋण वितरण के लिये प्रेरित किया। श्री चौहान ने राज्य में 9000 करोड़ रुपये का कैश फ्लो बनाये रखने, साख सीमा में वर्ष 2017-18 में 13 प्रतिशत और वर्ष 2018-19 में 14 प्रतिशत की वृद्धि अर्जित करने और जमा-ऋण-अनुपात के लक्ष्य से 3.06 प्रतिशत अधिक की वृद्धि के लिये बैंकर्स को बधाई दी। उन्होंने कहा कि प्रदेश के 40 प्रतिशत से कम जमा-ऋण-अनुपात वाले क्षेत्रों में बैंकर्स विशेष ध्यान दें। सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के कार्यकारी निदेशक श्री बी.एस. शेखावत ने बताया कि मध्यप्रदेश की जीडीपी वृद्धि दर गत वर्ष 19.7 प्रतिशत रही, जो देश की औसत वृद्धि से अधिक है। इस क्षेत्र में राज्य का देश में आठवां स्थान है। उन्होंने कहा कि पिछले वित्तीय वर्ष के दौरान ऋण वितरण में 13.89 प्रतिशत और जमा में 8.45 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हुई है। इस वित्तीय वर्ष के लिये 1 लाख 47 हजार 618 करोड़ की वार्षिक योजना बनायी गयी है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के निर्देशानुसार लीड बैंक योजना में सुधार किया जा रहा है। श्री शेखावत ने बैंकर्स को बिजनेस करस्पॉन्डेंट व्यवस्था को अधिक सशक्त बनाने के लिये कहा।
प्रदेश का हर मेहनतकश सशक्त बनेगा
30 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज मंदसौर में अंत्योदय मेले में कहा कि उनका दिल हमेशा श्रमिकों, गरीबों और किसानों के लिये धड़कता है। राज्य सरकार इन वर्गों के जीवन को खुशहाल बनाने के लिये सभी संभव प्रयास कर रही है। प्रदेश के हर मेहनतकश को सशक्त, सुदृढ़ और सुखी बनाया जायेगा। पिछले एक साल में प्रदेश के किसानों को विभिन्न योजनाओं में 20 हजार करोड़ रूपये के हित-लाभ वितरित किये गये हैं। उन्होंने किसान भाइयों का आव्हान किया कि प्रदेश के सर्वांगीण विकास में अपनी सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करें। भड़काने वालों और अराजकता फैलाने वालों के बहकावें में नहीं आयें। मुख्यमंत्री ने मेले में हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं के हित-लाभ वितरित किये, तेन्दूपत्ता संग्राहकों को चरण पादुकाएँ पहनाईं तथा पानी की कुप्पी भेंट की। महिला तेन्दूपत्ता संग्राहकों को साड़ियाँ भी वितरित की। असंगठित श्रमिकों को हर साल 10 लाख पक्के मकान मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री जन-कल्याण (संबल) योजना समाज के हर वर्ग के गरीब और श्रमिक के जीवन में खुशहाली लाने के लिये क्रियान्वित की जा रही है। योजना में असंगठित श्रमिकों को हर साल 10 लाख पक्के मकान बनाकर दिये जायेंगे। हर गरीब आवासहीन को आवासीय जमीन का पट्टा दिया जायेगा। श्री चौहान ने गरीब वर्गों से बच्चों को खूब पढ़ाने का आव्हान करते हुए कहा कि इस योजना में गरीब परिवार के बच्चों की पहली कक्षा से उच्च शिक्षा तक की पूरी फीस राज्य सरकार भरेगी। उन्होंने कहा कि बच्चें पढ़ेंगे, तभी आगे बढ़ेंगे और नया मध्यप्रदेश गढ़ेंगे। श्री चौहान ने कहा कि गरीबों की गंभीर बीमारियों के उपचार की व्यवस्था राज्य सरकार करेगी। प्रदेश के बाहर इलाज कराने की स्थिति में राज्य बीमारी सहायता और आयुष्मान भारत योजना का लाभ दिया जायेगा। 23 हजार हितग्राहियों को भू-अधिकार पत्र वितरित अंत्योदय मेले में 23 हजार हितग्राहियों को आवासीय भू-अधिकार पत्र वितरित किये गये। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने प्रतीकात्मक रूप से प्रधानमंत्री आवास योजना में हितग्राही परसराम, रामेश्वर, रामकन्या बाई को उनके पक्के मकान की चाबी सौंपी। तेन्दूपत्ता संग्राहकों को 2 करोड़ 26 लाख रूपये की बोनस राशि वितरित की। श्री चौहान ने तेन्दूपत्ता संग्राहक बंशीलाल, गट्टूबाई, पुष्पाबाई और कमला बाई को चरण पादुकाएँ पहनाई और पानी की कुप्पी भेंट की। रू. 236.15 करोड़ के कार्यों का लोकार्पण/भूमिपूजन मुख्यमंत्री श्री चौहान ने 236 करोड़ 15 लाख की लागत के विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमि-पूजन किया। मुख्यमंत्री ने मेले में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की बसई-मेलखेड़ा और सीतामऊ-कयामपुर सड़क का भूमि-पूजन किया। श्री चौहान ने पिपल्यामंडी में ओवरब्रिज तथा शासकीय महाविद्यालय, मंदसौर में ऑनलाईन परीक्षा केन्द्र निर्माण के लिये आवश्यक राशि स्वीकृत करने की घोषणा की। 1846 करोड़ की मल्हारगढ़ सिंचाई योजना स्वीकृत श्री चौहान ने बताया कि मल्हारगढ़ क्षेत्र की 1846 करोड़ लागत की सिंचाई योजना स्वीकृत कर दी गई है। इससे क्षेत्र के 2 लाख एकड़ क्षेत्र में सिंचाई हो सकेगी। सम्मेलन में सांसद श्री सुधीर गुप्ता, असंगठित श्रमिक कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष सुल्तान सिंह शेखावत, कृषक आयोग के अध्यक्ष श्री ईश्वरलाल पाटीदार, जन-अभियान परिषद के उपाध्यक्ष श्री प्रदीप पाण्डे, किसान संगठन के श्री बंशीलाल गुर्जर और श्री रणजीत सिंह रावत, उज्जैन विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री जगदीश अग्रवाल, विधायक सर्वश्री यशपाल सिंह सिसोदिया, जगदीश देवड़ा, कैलाश चावला, ओमप्रकाश सखलेचा, दिलीप सिंह परिहार, चंदर सिंह सिसोदिया और राजेन्द्र पाण्डे सहित अन्य जन-प्रतिनिधि और विशाल जनसमुदाय मौजूद था।
गरीबों का कल्याण सर्वोच्च प्राथमिकता : मुख्यमंत्री श्री चौहान
30 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि गरीबों के कल्याण की दिशा में मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना 'संबल' प्रारंभ की गई है। इसमें आम जनता को सामाजिक सुरक्षा का कवच उपलब्ध करवाने का प्रयास किया है। गरीबों के कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। मुख्यमंत्री मुरैना जिले की अम्बाह तहसील के ग्राम खजूरी में मुरैना-भिण्ड के संयुक्त सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री और केन्द्रीय ग्रामीण विकास, पंचायती राज और खनन मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने 36 करोड़ 89 लाख की लागत के 14 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमि-पूजन किया। मुख्यमंत्री ने मुरैना भिण्ड के 76 हजार 813 हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं में सवा 20 करोड़ की सहायता और अन्य सामग्री का वितरण किया। सम्मेलन में मुरैना जिले के प्रभारी मंत्री श्री नारायण सिंह कुशवाह, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री रूस्तम सिंह, सामान्य प्रशासन राज्य मंत्री श्री लालसिंह आर्य, मुरैना सांसद श्री अनूप मिश्रा, भिण्ड सांसद डॉ. भागीरथ प्रसाद, अन्य जन-प्रतिनिधि और भारी संख्या में भिण्ड-मुरैना के नागरिक उपस्थित थे। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि प्रदेश में वर्ष 2022 तक किसी को भी बिना मकान या जमीन के रहने नहीं देगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में साढे 37 लाख बेघर परिवार है इन सभी परिवारों को 2022 तक 40 लाख मकान बनाकर देने का लक्ष्य तय किया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार हर वर्ष 10-10 लाख मकान बनायेगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि जो दुनिया में कहीं नही हुआ वह प्रदेश में हमने किया। उन्होंने कहा कि हम गेहूँ, धान, चना आदि न केवल किसानों से खरीद रहे हैं बल्कि उस पर प्रोत्साहन राशि भी किसानों को दे रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि जुलाई से जन-कल्याण योजना के हितग्राहियों को 200 रूपए प्रति माह के फ्लेट रेट पर बिजली की सुविधा दी जायेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि मजदूरों के बच्चे मजदूरी ही करेंगे की सोच को हमें खत्म करना है। गरीबों के बच्चें भी अपनी प्रतिभा के बल पर ऊचे पदों पर आसीन हो, इसके लिए उन्हें शिक्षित किया जा रहा है । गरीबों के बच्चों के लिए कक्षा एक से पी एच डी तक की फीस सरकार भरेगी । मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि भिण्ड मुरैना क्षेत्र के लोगों ने देश की सीमा पर भारत माता का मान बढ़ाया है। मुख्यम़ंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत योजना, मुख्यमंत्री स्वेच्छानुदान, राज्य बीमारी सहायता निधि में हर गरीब को ईलाज की सुविधा दी गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि तेंदूपत्ता संग्राहकों को चरणपादुका और पीने के पानी के लिए कुप्पी और महिला संग्राहकों को साड़ी की सौगात अतिरिक्त रूप से उपलब्ध करवाई जा रही है। केन्द्रीय ग्रामीण विकास और पंचायती राज एवं खनन मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा कि अन्य राज्यों की तुलना में मध्यप्रदेश में सबसे ज्यादा विकास कार्य और जन-कल्याणकारी योजनाएँ संचालित हो रही हैं। उन्होंने कहा कि देश के ग्रामीण विकास के लिए इस वर्ष 14 लाख करोड़ बजट का प्रावधान किया गया है। इतना किसी सरकार ने नहीं किया। श्री तोमर ने कहा कि प्रदेश सरकार ने सिंचाई का रकबा 7 लाख से बढ़ाकर 40 लाख हेक्टेयर कर दिया है। साथ ही चंबल केनाल के माध्यम से भिण्ड टेल तक पानी पहुँचाया गया है जो एक अनुकरणीय पहल है। सांसद श्री अनूप मिश्रा ने भी सम्मेलन को संबोधित किया।
मंत्री डॉ. मिश्र द्वारा दिवंगत श्रीमती जुलानिया को पुष्प चक्र अर्पित
30 May 2018
जनसम्पर्क, जल संसाधन और संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने आज राजगढ़ जिले के खुजनेर पहुँचकर अपर मुख्य सचिव श्री आर.एस.जुलानिया की दिवंगत माताश्री श्रीमती सुंदर बाई जुलानिया के पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र अर्पित किया। डॉ. मिश्र ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिये ईश्वर से प्रार्थना की और शोक-संतप्त परिजनों के प्रति गहन संवेदना व्यक्त की। श्रीमती सुंदर बाई का गत दिवस निधन हो गया था।
गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह का भोपाल पहुँचने पर स्वागत
30 May 2018
गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह का भोपाल पहुँचने पर भव्य स्वागत किया। स्टेट हैंगर पर प्रदेश के गृह मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह, लोक निर्माण मंत्री श्री रामपाल सिंह, सांसद श्री आलोक संजर, महापौर श्री आलोक शर्मा, विधायक द्वय श्री रामेश्वर शर्मा, श्री सुरेन्द्रनाथ सिंह, डीजीपी श्री ऋषि कुमार शुक्ला सहित वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों ने उनकी अगवानी की।
केंद्रीय गृह मंत्री श्री सिंह केंद्रीय पुलिस प्रशिक्षण अकादमी का उद्घाटन करेंगे आज
30 May 2018
केन्द्रीय गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह 31 मई को भोपाल में केन्द्रीय पुलिस प्रशिक्षण अकादमी के नव-निर्मित भवन का उद्घाटन करेंगे। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगे। विशिष्ट अतिथि पुलिस अनुसंधान एवं विकास ब्यूरो के महानिदेशक डॉ. ए.पी. माहेश्वरी होंगे। केन्द्रीय पुलिस प्रशिक्षण अकादमी प्रदेश में स्मार्ट पुलिस की अवधारणा को साकार करेगी। अकादमी में राज्यों के सीधी भर्ती के पुलिस उप-अधीक्षकों और केन्द्रीय पुलिस बलों के उप/ सहायक सेनानियों को प्रशिक्षण दिया जायेगा। भोपाल जिले के कान्हासैय्या क्षेत्र में लगभग 400 एकड़ भूमि पर स्थापित सीएपीटी परिसर में सर्व-सुविधायुक्त क्लास रूम, कार्यालय, प्रशिक्षु आवास, खेल मैदान, सामुदायिक भवन, अस्पताल, शॉपिंग काम्प्लेक्स तथा बेडमिंटन हॉल का निर्माण किया गया है।
कर्मचारी बीमा-सह-बचत योजना 2018 से 4.50 लाख कर्मचारी होंगें लाभांवित
29 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में मंत्रि परिषद की बैठक में आज कर्मचारी बीमा-सह-बचत योजना 2003 को पुनरीक्षित कर अंशदान एवं बीमा मूल्य को दोगुना करते हुए योजना में अंशदान का 60 प्रतिशत अंश बचत निधि में और 40 प्रतिशत अंश बीमा प्रीमियम के रूप में नियत करने का निर्णय लिया गया। यह व्यवस्था कर्मचारी बीमा-सह-बचत योजना 2018 के रूप में 1 जुलाई 2018 से प्रभावशील की जाएगी। इससे प्रदेश के लगभग 4.50 लाख कर्मचारी लाभांवित होगें। लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रि-परिषद ने राज्य बीमारी सहायता निधि योजना में 5 संवर्गो के लगभग 50 लाख अतिरिक्त परिवारों को शामिल करने का निर्णय लिया। पाँच संवर्गो में शिल्पकार एवं हस्तशिल्प कारीगर, सामाजिक सुरक्षा योजना के पेंशनर, वनाधिकार प्राप्त पट्टाधारी, बीड़ी बनाने वाले मजदूर और मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना के असंगठित श्रमिक संवर्ग शामिल है। इन संवर्गो को शामिल करने के बाद अब लगभग 1 करोड़ 50 लाख परिवारों को राज्य बीमारी सहायता निधि योजना में चिन्हित बीमारियों के उपचार के लिए अधिकतम 2 लाख रूपये तक की राशि की पात्रता होगी। उच्च शिक्षा मंत्रि-परिषद ने महाविद्यालयों में प्राध्यापक/सहायक प्राध्यापक/ग्रंथपाल एवं क्रीड़ा अधिकारी के स्वीकृत रिक्त पद पर निर्धारित योग्यता रखने वाले आवेदकों/अतिथि विद्वानों के लिए एक बार में शैक्षणिक सत्र के सभी 12 माहों या शेष बचे माहों की कालावधि के लिए प्रति दिवस 1500 रूपये, प्रतिमाह न्यूनतम 30000 रूपये के निश्चित मानदेय देते हुए आमंत्रण प्रक्रिया अपनाई जाने का निर्णय लिया। अतिथि विद्वानों को 6 दिन का आकस्मिक अवकाश और 90 दिनों के न्यूनतम मानदेय सहित प्रसूति अवकाश की पात्रता होगी। प्रदेश में उच्च शिक्षा विभाग के 469 महाविद्यालय संचालित है। मंत्रि-परिषद ने 2 शासकीय महाविद्यालय बैहर (बालाघाट) और सौंसर (छिंदवाड़ा)में स्नातकोत्तर स्तर पर 5 विषयों में नई कक्षाएँ और 3 शासकीय महाविद्यालय आठनेर (बैतूल), निवास (मण्डला) एवं भीकनगांव (खरगोन) में 3 नवीन संकाय शुरू करने के लिए 20 शैक्षणिक तथा 24 अशैक्षणिक कुल 44 पद और आवर्ती व्यय भार 1 करोड़ 45 लाख 80 हजार रूपये प्रतिवर्ष एवं अनावर्ती व्यय भार 1 करोड़ 73 लाख रूपये तथा राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान (रूसा) के तहत झाबुआ, डिण्डौरी में नवीन आदर्श महाविद्यालय स्थापित करने पर होने वाले आवर्ती व्यय भार 6 करोड़ 69 लाख 98 हजार रूपये प्रतिवर्ष एवं अनावर्ती व्यय भार 24 करोड़ रूपये (केन्द्रांश 14 करोड़ 40 लाख रूपये एवं राज्यांश 9 करोड़ 60 लाख) तथा 96 शैक्षणिक, 50 अशैक्षणिक कुल 146 पदों का सृजन तथा राज्य के वित्तीय संसाधनों से शहपुरा, जिला डिण्डौरी में एक नवीन आदर्श महाविद्यालय शुरू करने पर आवर्ती व्यय भार 3 करोड़ 34 लाख 99 हजार रूपये प्रतिवर्ष एवं अनावर्ती व्यय भार 12 करोड़ रूपये तथा शैक्षणिक 48, अशैक्षणिक 25 कुल 73 पद इस तरह 3 नए आदर्श महाविद्यालयों के लिए कुल 144 शैक्षणिक एवं 75 अशैक्षणिक कुल 219 पदों का सृजन करने की मंजूरी दी। चिकित्सा शिक्षा मंत्रि-परिषद ने चिकित्सा महाविद्यालय रीवा के आवासीय भवन और परिसर निर्माण पूरा करने के लिए 4 करोड़ 59 लाख रूपये की पुनरीक्षित प्रशासकीय स्वीकृति दी। मंत्रि-परिषद ने चिकित्सा महाविद्यालय विदिशा के भवन एवं परिसर निर्माण की स्वीकृत राशि 265 करोड़ 19 लाख को बढा़ते हुये 355 करोड़ 95 लाख की पुनरीक्षित प्रशासकीय स्वीकृति दी। पशुपालन मंत्रि-परिषद ने पशुपालन विभाग के तहत 12 वीं पंचवर्षीय योजना में प्रचलित राजस्व व्यय से संबंधित गोकुल महोत्सव योजना को 1 अप्रैल 2017 से आगामी 3 वर्ष तक निरन्तर रखने की मंजूरी दी। किसान-कल्याण एवं कृषि विकास मंत्रि-परिषद ने राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के वर्ष 2017-18 से वर्ष 2019-20 तक निरंतर संचालन तथा वित्तीय आकार केन्द्रांश 750 करोड़ एवं राज्यांश 500 करोड़ रूपये कुल 1250 करोड़ का अनुमोदन देने का निर्णय लिया। मंत्रि-परिषद ने राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन योजना का वर्ष 2017-18 से 2019-20 तक निरंतर संचालन तथा वित्तीय आकार केन्द्रांश 703 करोड़ 61 लाख 34 हजार और राज्यांश 469 करोड़ 7 लाख 56 हजार कुल 1172 करोड़ 68 लाख 90 हजार रूपये का अनुमोदन देने का निर्णय लिया। मंत्रि-परिषद ने नेशनल मिशन फार सस्टेनेबल एग्रीकल्चर के तहत स्वाइल हेल्थ कार्ड योजना के वर्ष 2017-18 से 2019-20 तक निरंतर संचालन तथा वित्तीय आकार केन्द्रांश 67 करोड़ 92 लाख 55 हजार और राज्यांश 45 करोड़ 28 लाख 37 हजार कुल 113 करोड़ 20 लाख 92 हजार रूपये का अनुमोदन देने का निर्णय लिया। सहकारिता मंत्रि-परिषद ने प्राकृतिक आपदा से प्रभावित कृषकों को राहत देने के लिए अल्पकालीन ऋणों को मध्यकालीन ऋणों में परिवर्तन करने के लिए राज्य शासन के अंशदान की योजना को आगामी वर्षों में निरंतर रखने तथा इसके लिए आवश्यकतानुसार प्रावधान सहकारिता विभाग के बजट में करने संबंधी स्वीकृति दी।
मुख्यमंत्री श्री चौहान द्वारा नई दिल्ली में "जी.आई.एस. 2019" और "इन्वेस्ट एम.पी." पोर्टल जारी
29 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज नई दिल्ली में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2019 के लिए आयोजित कर्टेन रेजर कार्यक्रम में दो वेबपोर्टल - 'जी.आई.एस.-2019' और 'इन्वेस्ट एम.पी.' जारी किये। श्री चौहान ने उपस्थित राजनयिकों और उद्योगपतियों को मध्यप्रदेश आने और निवेश का आमंत्रण दिया। जी.आई.एस. 2019 आगामी 23-24 फरवरी 2019 को इंदौर में होना निश्चित हुआ है। कार्यक्रम में प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री श्री एस.के. मिश्रा सहित केन्द्र और राज्य के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। श्री चौहान ने कार्यक्रम में हो रहे चहुमुँखी विकास के बारे में बताते हुए उपस्थित उद्योगपतियों एवं राजनयिकों को उद्योग लगाने का निमंत्रण दिया। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में अपार संभावनाएँ हैं। खनिज संपदा के साथ प्रदेश की अधोसंरचना को पूर्णरूप से विकसित किया जा चुका है। ऊर्जा के क्षेत्र में प्रदेश सरप्लस राज्य है। सड़कों का जाल पूरे प्रदेश में बिछाया गया है। पानी प्रचुर मात्रा में उपलब्ध है। सिंचित जमीन 40 लाख हेक्टेयर से भी अधिक है। कृषि के क्षेत्र में मध्यप्रदेश ने लगातार पाँच साल कृषि कर्मण अवार्ड जीतकर नया कीर्तिमान स्थापित किया है। कृषि विकास दर पिछले कई सालों से 20 से ऊपर पाई गई है। ग्रोथ रेट पिछले सात सालों में डबल डिजिट में है। उन्होंने कहा कि इस सबके अलावा प्रदेश का प्रशासन हमेशा निवेशकों का मददगार और सहायक सिद्ध हुआ है। प्रदेश में कुशल मैनपावर भी उपलब्ध है। मुख्यमंत्री ने कहा कि समग्र में प्रदेश की भौगोलिक स्थिति, अधोसंरचना और राजनीतिक स्थिरता, निवेश के माहौल के लिए अन्य राज्यों की तुलना में बेहतर है। वाणिज्य-उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि इन्वेस्ट पोर्टल एम.पी. के जरिये निवेशक 6 विभाग और 22 सेवाओं से सीधे जुड़ जाता है। उसे पोर्टल के माध्यम से सभी प्रकार की जानकारियाँ घर बैठे ही सुलभ हो जाती हैं। किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होती है। प्रमुख सचिव वाणिज्य-उद्योग मोहम्मद सुलेमान ने दृश्य और श्रव्य माध्यम से दोनों पोर्टल की जानकारी दी।
पहली बार देखा सभी का ख्याल रखने वाला शिवराज जैसा मुख्यमंत्री
29 May 2018
मध्यप्रदेश में किसान, श्रमिक और अन्य गरीब वर्ग मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान को दिल से अपने परिवार का मुखिया मानने लगा है। मुख्यमंत्री का देहाती क्षेत्रों में दिन-रात तूफानी दौरा और गाँव वालों से सहज भाव से मन की बात करने की शैली से ये सभी बहुत प्रभावित हैं। प्रदेशभर में बड़े स्तर पर हो रहे सम्मेलनों में अब गरीब वर्ग, किसान और श्रमिक अपनी मर्जी से मुख्यमंत्री से मिलने और बातचीत के लिये पहुँचने लगे हैं। नौतपा की तेज गर्मी भी लोगों को मुख्यमंत्री से मिलने से रोक नहीं पाई है। हाल ही में 26 मई को आगर-मालवा में हुए तेंदूपत्ता संग्राहक एवं श्रमिक सम्मेलन में सभी वर्गों के जरूरतमंद महिला-पुरुष मुख्यमंत्री श्री चौहान का अपनापन पाकर गद्गद हो गये। कृषक धीरज सिंह, भगवान सिंह चौहान, राजू बाई, सुजान सिंह, दिनेश कुमार, बहादुर सिंह, दयाराम, विक्रम का कहना है कि हमारी हर समस्या, हर जरूरत बिना हमारे बोले मुख्यमंत्री खुद आगे बढ़कर पूरी कर रहे हैं। जिंदगी में पहली बार देख रहे हैं गरीबों, किसानों और सबका ख्याल रखने वाला शिवराज जैसा मुख्यमंत्री। सम्मेलन में मुख्यमंत्री से मिलने के बाद किसान धीरज सिंह ने खेती छोड़ने का इरादा बदल दिया है। उनके दो बेटे और एक बेटी है। उनका कहना है कि अब हम खेती का नफा-नुकसान क्यों सोचें। अब तो बेटों को भी खेती में ही लगाऊँगा। मुख्यमंत्री ने भावांतर भुगतान योजना में प्रोत्साहन राशि देकर हमें बर्बाद होने से बचाया है। उन्होंने किसानों के लिये जितना किया है, इसके पहले किसी मुख्यमंत्री ने नहीं किया। ग्राम रातड़िया के किसान दयाराम किसानों के हित में लिये गये फैसलों से खुश हैं और चैन से अगली फसल की तैयारी कर रहे हैं। ग्राम पचेटी के किसान भगवान सिंह चौहान ने पिछले साल 100 क्विंटल गेहूँ बेचा था। राज्य सरकार ने उन्हें इस साल, पिछले साल बेचे गेहूँ पर 20 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि दी है। समर्थन मूल्य पर चना बेचने पर उन्हें 4400 रुपये प्रति क्विंटल का लाभ मिला है। पहले चना बेचने पर 3400 रुपये प्रति क्विंटल का भाव मिल पाता था। पिछले सीजन में 70 क्विंटल चना बेचा था। इस प्रकार उन्होंने 70 हजार रुपये मुनाफा कमाया है। ग्राम हाबर के किसान शंकरलाल राठौर की पिछले वर्ष फसल खराब हो गई थी। उन्होंने कृषि अधिकारियों की मदद से क्लेम भरा। कम समय में उन्हें 2 हजार रुपये प्रति बीघा की दर से फसल बीमा मुआवजा की राशि मिल गई। ग्राम गंगापुर के किसान सुजान सिंह बरनावत भावांतर भुगतान योजना को किसानों के लिये संजीवनी बताते हैं। ग्राम रोकड़ा के किसान बहादुर सिंह परम्परागत खेती करते थे। भावांतर भुगतान योजना में अन्य फसलों को भी शामिल करने के बाद उन्होंने सरसों और मसूर भी लगाने का निर्णय लिया। ग्राम कनासिया के किसान विक्रम सोयाबीन का 2800 रुपये प्रति क्विंटल का भाव मिलने पर खुश है। ग्राम हिरपुरभज्जा शाजापुर के 55 वर्षीय निर्धन शिवनारायण ने प्रधानमंत्री आवास योजना में घर मिलने पर मुख्यमंत्री की तारीफ की है। पहले उनके सिर पर केवल बरसाती होती थी। अब पक्की छत है। ग्रामीण बाबूलाल अहिरवार ने मुख्यमंत्री पेयजल योजना से उनके गाँव की पीने के पानी की समस्या हल होने पर राज्य शासन का आभार माना है। ग्राम कानड़ के खेतिहर मजदूर रघुराम ने बताया कि पहले मजदूरों की तकलीफ को कोई समझता नहीं था। हम लोग अकेले ही अपनी तकलीफ सहते थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने असंगठित श्रमिक कल्याण योजना लागू कर बहुत बड़ी राहत पहुँचाई है। इसी गाँव की राजूबाई को उज्जवला योजना में गैस कनेक्शन मिलने से उसका परिवार खुश है।
एक अप्रैल से मिलेंगे संबल योजना के हित-लाभ चिकित्सा सुविधा के लिये नहीं रहेगा आयु का बंधन
29 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना में पंजीयन करवाने वाले हितग्राही विगत एक अप्रैल 2018 से हित-लाभ प्राप्त करने के लिये पात्र होंगे। योजना में पंजीकृत हितग्राही अन्य योजनाओं के लाभों से वंचित नहीं होंगे। उन्हें अन्य योजनाओं के लाभ पूर्ववत मिलते रहेंगे। पात्र आवेदकों को पंजीयन सत्यापन के अभाव में आर्थिक सहायता से वंचित नहीं किया जायेगा। चिकित्सा सुविधा के लिये आयु का बंधन नहीं होगा। प्रदेश के सीमावर्ती अन्य राज्यों के शासकीय चिकित्सालयों को भी बीमारी सहायता योजना में जोड़ा जायेगा। मुख्यमंत्री ने जिला कलेक्टरों को निर्देश दिये कि समर्थन मूल्य पर कृषि उपज खरीदी की सतत् निगरानी करें। किसानों के नाम पर बेईमानी करने वालों को जेल भेजें। श्री चौहान मंत्रालय में प्रदेश में मुख्यमंत्री जन कल्याण (संबल) योजना की लांचिंग और हित-लाभ वितरण की तैयारियों की वीडियो कांफ्रेंस से समीक्षा कर रहे थे। 13 जून को होगी जन-कल्याण योजना की लांचिंग मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना के क्रियान्वयन में जन-प्रतिनिधि और प्रशासन की सक्रिय सहभागिता रहे। आगामी 13 जून को योजना के लांचिंग कार्यक्रम में पट्टा वितरण, प्रधानमंत्री आवास, उज्जवला गैस, लाड़ली लक्ष्मी, चरण-पादुका आदि अन्य योजनाओं के शेष हितग्राहियों को भी हित-लाभ दिये जाये। उन्होंने कहा कि किसानों को खरीदी कार्य में सहूलियतें और सुविधाएँ सुनिश्चित की जायें। उनकी आड़ में निहित स्वार्थी तत्व बेईमानी नहीं कर सकें, इसकी भी कड़ी निगरानी की जाये। उन्होंने कहा कि गेहूँ पर प्रोत्साहन राशि आगामी 10 जून को किसानों के बैंक खातों में जमा होगी। इसी तरह लहसुन पर 800 और प्याज पर 400 रुपये प्रति क्विंटल प्रोत्साहन राशि पंजीकृत किसानों को दी जायेगी। श्री चौहान ने कहा कि पंजीकृत हितग्राही को विद्युत उपयोग 1000 रुपये से कम और विद्युत कनेक्शन 500 वॉट से अधिक नहीं होने पर ही फ्लैट बिल योजना का लाभ मिलेगा। हितग्राही को विद्युत बिल के रूप में मात्र 200 रुपये का भुगतान करना होगा। आगामी 13 जून तक मुख्यमंत्री ने निगरानी समितियों का गठन करने के निर्देश दिये। समिति के पाँच सदस्यों में एक महिला और एक अनुसूचित जाति/जनजाति वर्ग का प्रतिनिधि होना अनिवार्य है। जिला प्रभारी मंत्री के अनुमोदन से समिति का गठन होगा। नीट में चयनित लोगों की चिकित्सा महाविद्यालयों की फीस सरकार देगी श्री चौहान ने कहा कि नीट प्रतियोगी परीक्षा में चयनित प्रतियोगियों की निजी चिकित्सा महाविद्यालयों की फीस सरकार भरवायेगी। इसी तरह जेईई परीक्षा में डेढ़ लाख तक की रैंक वालों की फीस भी सरकार भरेगी। अन्य पाठ्यक्रमों में शासकीय संस्थाओं में प्रवेश पाने वाले छात्र-छात्राएँ भी योजना में लाभान्वित होंगे। उन्होंने कहा कि योजना की जानकारी का व्यापक स्तर पर प्रसार किया जाये। प्रसार के लिये दीवार लेखन और पंचायत भवन की दीवार पर सूचनाओं का लेखन कराया जाये। उन्होंने जन-अभियान परिषद के ब्लाक कोआर्डिनेटर का आव्हान किया कि वे भी योजना के प्रचार-प्रसार और क्रियान्वयन में सहयोग करें। प्रमुख सचिव लोक स्वास्थ्य और परिवार कल्याण श्रीमती गौरी सिंह और प्रमुख सचिव श्रम श्री संजय दुबे ने योजना के क्रियान्यवन से संबद्ध विषयों की जानकारी दी। श्री दुबे ने प्रस्तुतिकरण में प्रसव, अंत्येष्टि, अनुग्रह, नि:शुल्क शिक्षा, चिकित्सा, कोचिंग, प्रशिक्षण, ई-लोडर, रोजगार के लिये ऋण अनुदान और फ्लैट रेट विद्युत बिल भुगतान आदि की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि स्मार्ट कार्ड का वितरण आगामी जुलाई के प्रथम सप्ताह में किया जाना है। एक अप्रैल से 31 मई तक हित-लाभ पाने वालों को आगामी 13 जून को राशि चैक से दी जायेगी। कार्यक्रम में पंजीयन प्रमाण-पत्र भी जारी किये जायेंगे। कांफ्रेंस में भोपाल में वन मंत्री डॉ. गौरीशंकर शेजवार, कृषि मंत्री श्री गौरीशंकर बिसेन, महिला-बाल विकास मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनिस, श्रम राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), श्री बालकृष्ण पाटीदार, राज्य मंत्री आयुष एवं कुटीर-ग्रामोद्योग श्री जालम सिंह पटेल, जन अभियान परिषद के उपाध्यक्ष श्री राघवेन्द्र गौतम और श्री प्रदीप पाण्डेय, जिलों में संबंधित विधायक, कलेक्टर, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला, जनपद, नगर पंचायत, नगर निगम, नगर पालिका के अधिकारी और जन अभियान परिषद के खंड समन्वयक उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री श्री चौहान को सौंपा स्निप योजना में प्राप्त प्रथम पुरस्कार
29 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान को महिला-बाल विकास मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनिस ने आज हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में प्रदेश को स्निप योजना के बेहतर क्रियान्वयन के लिये मिले राष्ट्रीय प्रथम पुरस्कार का प्रमाण-पत्र सौंपा। यह पुरस्कार प्रदेश को एकीकृत बाल विकास परियोजना के सुदृढ़ीकरण और पोषण सुधार के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिये मिला है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने इस उपलब्धि के लिये विभाग को बधाई दी है। मंत्री श्रीमती चिटनिस ने बताया कि यह पुरस्कार दस राज्यों के बीच हुई प्रतिस्पर्धा में मध्यप्रदेश को मिला है। निर्धारित सात में से छह सूचकांक के लक्ष्य प्राप्त करने पर प्रदेश को 9 करोड़ 60 लाख रूपये की पुरस्कार राशि मिली है।
31 मई को मॉडल आई.टी.आई. गोविन्दपुरा में रोजगार मेला
29 May 2018
मॉडल आई.टी.आई. गोविन्दपुरा भोपाल में 31 मई को सुबह 10.30 बजे से रोजगार मेला लगाया जायेगा। मेले में युवक/युवती अपने सभी मूल प्रमाण-पत्रों एवं बायोडाटा के साथ साक्षात्कार के लिये उपस्थित हो सकते हैं। कंपनियों द्वारा भर्ती अपनी शर्तों पर की जायेगी। वेतनमान 5000 से 15000 रूपये प्रति माह तक हो सकता है। रोजगार मेले में 31 मई को सुजकी मोटर्स, सेसिज टेक्नोलॉजी, कोरल फ्यूचर, रिलायबल फर्स्ट, यशस्वी ग्रुप, शिवशक्ति बायो बायोप्लांट भोपाल, मैग्नम बीपीओ प्रा. लि. भोपाल, एजिस प्रायवेट लिमिटेड भोपाल, यूरेका फोर्ब्स भोपाल, डोमोनीज पिज्जा भोपाल, नवकिसान बायो प्लांटेक भोपाल, बजाज केपिटल प्रा.लि. भोपाल, जी 4एस सिक्यूरिटी, डायनामिक सिस्टम प्रा.लि., कोसमोस मैनपावर, बीबीबी मैनपावर साल्यूशन, एमआई 2सी सिक्युरिटी एवं फेकल्टिज प्रा.लि., पोर्टी मेडिकल, एनएमएस इंटरप्राइजेस, वाटरमेलन मेंनगामेंट ग्रुप फ्लिपकार्ट, नाहर स्पिनिंग मिल्स, ग्लोबल टैंक आदि विभिन्न कंपनियां सम्मिलित होंगी। पद नाम : मशीन ऑपरेटर, ट्रेनीज वर्कर, हेल्पर, डिलेवरी बॉय, मार्केटिंग एक्जिक्यूटिव, सिक्योरिटी गार्ड, ट्रेनीज वर्कर, ऑफिसर, सेल्स एक्जिक्यूटिव, कस्टमर केयर, साइलेंट रिलेशनशिप एक्जिक्यूटिव, आटोमोबाइल्स/मैन्यूफेक्चरिंग, जीईटी डीईटी प्रोडक्शन, टेक्निशियन, जनरल ड्यूटी असिस्टेंट इत्यादि। योग्यता : कक्षा 10वीं से बारहवीं तक और स्नातक, आई.टी.आई. डिप्लोमा होल्डर, एमबीए., बीई इत्यादि। नोट- 1.सुजकी मोटर्स के लिये आयु 18 से 23 वर्ष एवं 10वीं में 50 प्रतिशत और आई.टी.आई. में 60 प्रतिशत। 2. डोमोनीज एवं फ्लिपकार्ट के लिए ड्रायविंग लाइसेंस होना अनिवार्य है। आयु : 18 से 35 वर्ष के बीच होना चाहिए।
जनसम्पर्क मंत्री से मिले संचालक जनसम्पर्क
28 May 2018
जनसम्पर्क, जल संसाधन एवं संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र से आज निवास पर नव-नियुक्त जनसम्पर्क संचालक श्री आशुतोष प्रताप सिंह ने सौजन्य भेंट की। श्री सिंह ने हाल ही में संचालक जनसम्पर्क का पदभार संभाला है।
भोपाल में पहले दिन 381 लोगों तोड़े ट्रैफिक के नियम
28 May 2018
राजधानी में ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करना अब आसान नहीं होगा। भोपाल स्मार्ट सिटी डेवलपमेंट कॉर्पोशन लिमिटेड के इंटेलीजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (आईटीएमएस) ने ट्रैफिक नियमों का पालन नहीं करने वालों के खिलाफ सोमवार से चालानी कार्रवाई शुरू कर दी है। पहले दिन एक घंटे में 28 लोगों के चालान बनाए गए। ट्रैफिक नियम तोड़ते हुए 381 लोगों की पहचान की गई। ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों के खिलाफ चालानी कार्रवाई संभागायुक्त श्री आजातशत्रु श्रीवास्तव, कलेक्टर डॉ. सुदाम खाड़े, पुलिस आईजी श्री जयदीप प्रसाद, डीआईजी श्री धर्मेंद्र चौधरी, नगर निगम आयुक्त और बीएससीडीसीएल के ईडी श्री अविनाश लवानिया की मौजूदगी में शुरू हुई। शहर में 24 स्थानों पर आईटीएमएस से ट्रैफिक की निगरानी की जा रही है। इसके लिए हाई रेज्यूलूशन कैमरे लगाए गए है। इनकी संख्या 255 से अधिक है। इसमें बिना हेलमेट, स्टॉप लाइन क्रॉस करने, जेब्रा क्रॉसिंग पर वाहन रोकने और निर्धारित स्पीड लिमिट से तेज गति से वाहन चलाने वालों के खिलाफ चालानी कार्रवाई की जाएगी। उल्लेखनीय है कि शहर के प्रमुख चौराहों और सड़कों पर ट्रैफिक की निगरानी के लिए स्मार्ट सिटी डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने आईटीएमएस लगाया है। इसका लोकार्पण 8 मई को मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने किया था। तब से वाहन चालकों को आईटीएमएस के कंट्रोल रूम से टैफिक नियमों का पालन करने की चेतावनी दी जा रही थी। ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों को मोबाइल पर संदेश भी भेजे जा रहे हैं। चौराहों और सड़कों पर लगे कैमरे ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों की तस्वीर ले लेंगे। इसमें ऑटोमेटिक चालान जनरेट हो जाएगा। इसे एक बार सिस्टम के माध्यम से निगरानी करने वाले ऑपरेटर भी क्रॉस चैक करेंगे। इसके बाद नियमानुसार चालान जारी कर दिया जाएगा। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों को चालान उनके वॉट्स एप नंबर, ई-मेल आईडी और साधारण डाक से चालान घर पहुँच जाएगा। इसके लिए आरटीओ में दर्ज वाहनों के रिकॉर्ड के अनुसार वाहन मालिक को फोटो के साथ चालान भेजे जाएंगे। इन चालानों की राशि एमपी ऑन लाईन से जमा की जा सकेगी।
निवेश के लिये उद्योगपतियों की पहली पसंद बना मध्यप्रदेश : उद्योग मंत्री श्री शुक्ल
28 May 2018
उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि मध्यप्रदेश निवेश के लिए उद्योगपतियों की पहली पसंद बनकर उभरा है। यहाँ राज्य सरकार की ओर से उद्योगों के लिये सभी आवश्यक आधारभूत सुविधाएँ उपलब्ध हैं। उद्योग मंत्री आज यहाँ मध्य भारत के संबसे बड़े प्राइवेट स्टार्टअप इन्क्यूबेशन एंड को-वर्किंग स्पेस के शुभारंभ कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। माय-स्‍किल के कार्यपालक निदेशक श्री स्‍वप्निल त्रिपाठी ने बताया कि को-वर्किंग स्पेस की सबसे बड़ी खासियत यह होती है कि यहाँ उद्यमी एक-दूसरे की कई तरह से मदद करते हैं। यहाँ वर्क-स्पेस में विभिन्न प्रोफेशनल्स के कार्यालय हैं। भारत सरकार के सभी स्टार्टअप से संबंधित स्कीम के बारे में भी यहाँ अवगत कराया जाता है।
उजाला योजना में 1.69 करोड़ एल.ई.डी. बल्बों का वितरण
28 May 2018
बिजली की बचत और ऊर्जा दक्षता को प्रोत्साहित करने के लिये लागू उजाला (UJALA- Unnat Jyoti by Affordable LEDs for All ) योजना में अब तक 9 वॉट के 1 करोड़ 69 लाख एल.ई.डी बल्बों का वितरण किया गया है। नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री नारायण सिंह कुशवाहा ने यह जानकारी देते हुए बताया है कि औसत मासिक वितरण के आधार पर मध्यप्रदेश पूरे देश में दूसरे स्थान पर है। उन्होंने बताया कि एल.ई.डी. बल्ब के अतिरिक्त 20 वॉट की लगभग 4 लाख 13 हजार 995 एल.ई.डी. ट्यूबलाईट और 50 वॉट के 5 स्टार रेटेड 98 हजार 364 पंखों का वितरण किया गया है। इस योजना से प्रदेश में लगभग 35 लाख हितग्राही लाभांन्वित हुए हैं। नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री ने बताया कि एल.ई.डी. बल्ब के उपयोग से बिजली की खपत में लगभग 21 लाख 94 हजार 935 मिलियन वॉट (MWH) की कमी आई है। उपभोक्तओं के बिल में भी सालाना लगभग 2200 करोड़ की कमी आई है। एल.ई.डी बल्ब के उपयोग से प्रति वर्ष लगभग 17.77 लाख टन कार्बन (Co2) उत्सर्जन में कमी आई है। उल्लेखनीय है कि मध्यप्रदेश में 30 अप्रैल 2016 से शुरू हुई उजाला योजना में 9W क्षमता के उच्च गुणवत्ता एवं ऊर्जा दक्ष एल.ई.डी. बल्बों का वितरण किया जा रहा है। वर्तमान में 70 रूपये प्रति बल्ब की दर से प्रदेश में निर्धारित केन्द्रों, म.प्र. ऊर्जा विकास निगम के जिला कार्यालयों, अक्षय ऊर्जा शॉप्स, विद्युत वितरण केन्द्रों, डाकघरों, सहकारी संस्थाओं के माध्यम से एल.ई.डी. बल्बों का विक्रय किया जा रहा है।
विधायक निधि से कोटरा में बनेगा सांस्कृतिक भवन
28 May 2018
राजस्व, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता ने सरस्वती शिशु मंदिर, हर्षवर्धन नगर में टूयबवेल खनन और राजीव नगर कोटरा सुल्तानाबाद में सांस्कृतिक कार्यों के लिए भवन निर्माण कार्य का भूमि-पूजन किया। राजस्व मंत्री ने दोनों कार्य के लिए विधायक निधि से राशि स्वीकृत की है। श्री गुप्ता ने रह वासियों को मुख्यमंत्री मेधावी विद्यार्थी योजना, मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना सहित विभिन्न जन-कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। इस दौरान स्थानीय जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना ने युवाओं को बनाया आत्म-निर्भर
28 May 2018
मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना युवाओं के जीवन में खुशहाली लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। योजना के माध्यम से कई युवा अपना रोजगार शुरू कर अपने परिवार का बेहतर भरण-पोषण करने के साथ ही अन्य युवाओं को रोजगार भी दे रहे हैं। मुरैना निवासी राकेश कुमार के जीवन में मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना वरदान बन कर आई। आटो और टेम्पों पर मजदूरी कर बमुश्किल 4000 रुपये कमाकर तंगहाली में जीवन बिताने वाले राकेश कुमार ने मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना की मदद से घर में ही झाडू बनाने का कारखाना खोल लिया है। अब वह लगभग 12 हजार रुपये महीने कमा रहा हैं। ई-रिक्शा से बढ़ी आमदनी : मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना ने विदिशा के रतन सिंह के जीवन को बदल दिया है। रतन सिंह ने मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना में एक लाख 70 हजार रुपये का लोन लेकर ई-रिक्शा खरीदा। अब ये ई-रिक्शा से अच्छी-खासी कमाई कर रहा है। उन्होंने बताया कि हर महीने लोन की किश्त चुकाने के बाद भी अपने परिवार का बेहतर ढंग से जीवन-यापन कर रहा है। मणिभाई के अनुभवों को मिली उड़ान : विदिशा जिले में बासौदा के कम्प्यूटर में सिद्धहस्त मणिभाई अहिरवार को मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना में 5 लाख रुपये का लोन स्वीकृत हुआ। उन्होंने एम.पी. ऑनलाइन की कम्प्यूटर की दुकान खोल ली। अब प्रति माह लगभग 25 हजार रुपये की कमाई कर रहे हैं। इस योजना ने मणिभाई के परिवार को आर्थिक संबल दिया है। आज वह दूसरों को रोजगार देने के लायक बन गया है।
बासमती चावल के पेटेंट प्राप्ति का पुरजोर प्रयास
27 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश के सर्वांगीण विकास के लिये सबसे ज्यादा ध्यान खेती पर देना होगा। इस बात को ध्यान में रखकर अनेक वर्षों से सिंचाई, उन्नत खेती और किसानों के कल्याण की विभिन्न योजनाओं का मैदानी-स्तर पर बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री आज इंदौर में म.प्र. श्रेष्ठ कृषि क्रांति कार्यक्रम में किसानों को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की खेती-किसानी को राष्ट्रीय-स्तर पर हमेशा सर्वश्रेष्ठ स्थान पर रखने के लिये राज्य सरकार निरंतर प्रयास कर रही है। प्रधानमंत्री की किसानों के प्रति सद्भावना के अनुरूप प्रदेश में यह प्रयास किया जा रहा है कि वर्ष 2022 तक किसानों की आय दोगुनी हो जाये। उन्होंने कहा कि इस दिशा में हम किसानों के सहयोग से ही काफी हद तक सफल हो गये हैं। इसी का परिणाम है प्रदेश में अब हर फसल का भरपूर उत्पादन। श्री चौहान ने बताया कि राज्य सरकार बासमती चावल का पेटेंट प्राप्त करने का पुरजोर प्रयास कर रही है। इसके लिये अन्य राज्यों के दावों को हम चुनौती भी दे रहे हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश में बटाई पद्धति को कानूनी बना दिया गया है, जिससे भू-स्वामियों और खेती करने वाले के हितों का संरक्षण होगा। श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में कृषि और उद्यानिकी के क्षेत्र में हो रहे बम्पर उत्पादन को ध्यान में रखकर कृषि उत्पाद को निर्यात करने की दिशा में भी राज्य सरकार प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में सिंचाई के रकबे को 7 लाख से 40 लाख हेक्टेयर तक पहुँचाने में हम सफल हुए हैं। अब इसे 80 लाख हेक्टेयर तक पहुँचाने के प्रयास किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इसके लिये नदी जोड़ो जैसे कार्य किये जा रहे हैं। किसानों को सिंचाई के लिये निर्धारित समय पर भरपूर बिजली उपलब्ध कराने के लिये फीडर सेपरेशन का कार्य किया गया है। किसानों को शून्य प्रतिशत पर ऋण दिया जा रहा है। बोनस की राशि दी जा रही है। बीज बदलने और एडवांस खाद उठाने पर लगने वाले ब्याज को शून्य कर दिया गया है। क्रांतिकारी भावांतर भुगतान योजना मैदानी-स्तर पर क्रियान्वित की जा रही है। लहसुन, चना और मसूर का भी समर्थन मूल्य निर्धारित कर दिया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह सब किसानों को उनकी मेहनत और पसीने का वाजिब दाम दिलवाने के लिये किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि गेहूँ उत्पादक किसानों के पिछले वर्ष के फायदे को राज्य सरकार ने याद रखा और इस वर्ष उन्हें 200 रुपये प्रति क्विंटल की दर से प्रोत्साहन राशि दी गई। उन्होंने बताया कि इस वर्ष समर्थन मूल्य पर गेहूँ बेचने वाले किसानों को पिछले वर्ष की तुलना में 65 रुपये अधिक, अर्थात 265 रुपये प्रति क्विंटल प्रोत्साहन राशि दी जायेगी। श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में हर फसल का भरपूर उत्पादन होने से किसानों की परेशानियों से राज्य सरकार भली-भाँति परिचित है। अब किसानों को उनकी फसल का वाजिब मूल्य दिलवाने के लिये राज्य सरकार बतायेगी कि अपने खेत में कब और क्या लगायें, ताकि अंतर्राष्ट्रीय-स्तर पर निर्धारित होने वाले फसल मूल्य का मध्यप्रदेश के किसानों को भरपूर लाभ मिल सके। श्री चौहान ने बताया कि उद्यानिकी क्षेत्र में हुई क्रांति को ध्यान में रखकर राज्य सरकार किसानों को फूड प्रोसेसिंग यूनिट लगाने के लिये प्रोत्साहित कर रही है। इस योजना में 10 करोड़ तक की लागत के फूड प्रोसेसिंग यूनिट को मेगा प्रोजेक्ट मानकर हितग्राही को विभिन्न प्रकार के लाभ दिये जायेंगे।
माही नदी नर्मदा नदी से लिंक होगी : मुख्यमंत्री श्री चौहान
27 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने रविवार को धार जिले के मांगोद में हुए असंगठित श्रमिक एवं तेंदूपत्ता संग्राहक सम्मेलन में कहा कि माही नदी को नर्मदा नदी से लिंक किया जायेगा। प्रदेश में किसानों को गेहूँ पर 265 रुपये प्रति क्विंटल, लहसुन पर 800 रुपये प्रति क्विंटल और प्याज पर 400 रुपये प्रति क्विंटल प्रोत्साहन राशि उनके बैंक खातों में पहुँचाई जायेगी। हर साल बनेंगे 10 लाख मुख्यमंत्री आवास मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रत्येक गरीब व्यक्ति को पट्टा देकर रहवासी जमीन का मालिक बनाया जायेगा। प्रदेश में आगामी 4 वर्षों में 37 लाख 50 हजार गरीबों को मकान उपलब्ध करवाये जायेंगे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री आवास योजना में प्रदेश में हर वर्ष 10 लाख आवास बनाकर गरीबों को दिये जायेंगे। श्री चौहान ने मुख्यमंत्री जन-कल्याण (संबल) योजना की जानकारी देते हुए कहा कि योजना में असंगठित क्षेत्र के सभी श्रमिकों को लाभान्वित किया जायेगा। हितग्राही का सत्यापन स्वयं हितग्राही करेगा। उन्होंने गरीब वर्गों के बच्चों की शिक्षा व्यवस्था की जानकारी देते हुए बताया कि बच्चों की स्कूल और कॉलेज की फीस राज्य सरकार भरेगी। हर गरीब के बेटा-बेटी को उच्च शिक्षा ग्रहण करने का मौका मिलेगा। एक लाख बच्चों को स्व-रोजगार से जोड़ा जायेगा। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन में गरीब वर्ग के लोगों को प्रशिक्षण दिया जायेगा। श्री चौहान ने लोगों से अपील की कि योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठायें और प्रदेश के विकास में भरपूर सहयोग प्रदान करें। रु. 290 करोड़ के विकास कार्यों का लोकार्पण/भूमि-पूजन मुख्यमंत्री श्री चौहान ने धार जिले में 145 करोड़ की लागत के विकास और निर्माण कार्यों का लोकार्पण और करीब 145 करोड़ की लागत के कार्यों का भूमि-पूजन किया। श्री चौहान ने सम्मेलन में 13 हजार से अधिक हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं के हित-लाभ वितरित किये। आठ हजार से अधिक तेंदूपत्ता संग्राहकों को चरण-पादुका और पानी की कुप्पी प्रदान की। धार जिले के 4975 भूमिहीनों को भू-अधिकार पट्टेवितरित किये। सम्मेलन में जिला प्रभारी मंत्री श्री अंतर सिंह आर्य, सांसद श्री सुभाष पटेल, विधायक श्रीमती नीना विक्रम वर्मा, श्रीमती रंजना बघेल, श्री वेलसिंह भूरिया, श्री भँवर सिंह शेखावत, श्री कालू सिंह ठाकुर, धार जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मालती मोहन पटेल और बड़वानी जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती लतादेवी रावत, अन्य जन-प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे।
अग्रणी जिलों में शामिल हुआ दतिया - जनसम्पर्क मंत्री डॉ. मिश्र
27 May 2018
जनसम्पर्क एवं जल संसाधन मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने कहा है कि दतिया अब प्रदेश के अग्रणी जिलों में शामिल हो गया है। दतिया शांति का टापू बनकर उभरा है। दतिया में व्यापारियों के लिए रोजगार के अवसर बढ़े हैं। मेडिकल कॉलेज, रेलवे ओवर ब्रिज, हवाई पट्टी से दतिया के चहुँमुखी विकास के द्वार खुले हैं। उन्होंने आज संतराम धाम, दतिया में आयोजित सिंधी समाज के सम्मेलन में यह बात कही। डॉ. मिश्र ने सरस्वती शिशु मंदिर परिसर में आयोजित सामाजिक समरसता कार्यक्रम में कहा कि आज सामाजिक समरसता पर विचार करने की जरूरत है। हमें निजी स्वार्थों से ऊपर उठकर काम करना होगा। सभी को निजी जीवन में भी सद्भावना को प्राथमिकता देना होगा। कार्यक्रम में सामाजिक समरसता में विशेष योगदान के लिए श्री प्रभुदयाल अहिरवार सहित विभिन्न समाज-सेवियों को शॉल-श्रीफल से सम्मानित किया गया।
राज्य मंत्री श्री सारंग द्वारा विकास यात्रा में 2 करोड़ के कार्यों का भूमि-पूजन
27 May 2018
सहकारिता, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विश्वास सारंग आज विकास यात्रा में सुभाष कॉलोनी, पुराना नगर, पुरूषोतम नगर और अशोका गार्डन की बस्तियों में पहुँचे। श्री सारंग ने सुभाष कॉलोनी और पुराना नगर में ड्रेनेज सिस्टम के लिए नाला एवं नाली निर्माण सहित 2 करोड़ से अधिक लागत के विकास कार्यों का भूमि-पूजन किया। राज्य मंत्री श्री सारंग ने कहा कि करोंद क्षेत्र में 100 बिस्तरों के शासकीय चिकित्सालय और शासकीय महाविद्यालय के भवनों का निर्माण करवाया जाएगा। विकास यात्रा में स्थानीय पार्षद और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद थे।
अजजा और अजा वर्ग को आर्थिक रूप से सशक्त बनाया जाएगा
26 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में हर क्षेत्र में अनुसूचित जाति और जनजाति वर्ग के लोगों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिये समग्र नीति बनाई जायेगी। नीति बनाने के लिये उच्च-स्तरीय समिति बनायी जायेगी। इस समिति में दलित इंडियन चैम्बर ऑफ कामर्स एण्ड इंडस्ट्रीज (डिक्की) का प्रतिनिधित्व भी होगा। श्री चौहान आज डिक्की के मध्यप्रदेश चैप्टर की लॉचिंग कर रहे थे। इस मौके पर केन्द्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री श्री थावरचंद गेहलोत भी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि हर ग्राम पंचायत में एक उद्योग स्थापित करने का प्रयास किया जायेगा। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग नीति में हर क्षेत्र में स्व-रोजगार के अवसर बढ़ाने के प्रयास किये गये हैं। सरकार की कोशिश है कि युवा नौकरी माँगने वाले नहीं, बल्कि नौकरी देने वाले बनें। उन्होंने कहा कि प्रदेश के युवाओं में भरपूर क्षमता, प्रतिभा, योग्यता और कल्पनाशीलता है। आवश्यकता केवल कुशल मार्गदर्शन और सहयोग की है। श्री चौहान ने डिक्की संगठन से आग्रह किया कि प्रदेश में कमजोर वर्ग में नये बिजनेस लीडर तैयार करने के शासन के प्रयासों में सहयोग दे। होशंगाबाद जिले के कीरतपुर औद्योगिक क्षेत्र में महिलाओं द्वारा संचालित औद्योगिक इकाई का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि इस इकाई ने केवल मुर्गी पालन व्यवसाय से 20 करोड़ रूपये शुद्ध आय अर्जित की है। इस इकाई का प्रदेश के करीब 12 जिलों में 240 करोड़ का व्यापार है। श्री चौहान ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को केन्द्र सरकार के सफल और गौरवशाली 4 वर्ष पूर्ण होने पर बधाई देते हुए कहा कि श्री मोदी के नेतृत्व में विश्व में देश का मान-सम्मान बढ़ा है। प्रधानमंत्री ने जो कहा, उसे पूरी ईमानदारी से पूरा करने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि कहा कि देश की भलाई 'सबका साथ-सबका विकास' में ही है। इसके लिये प्रधानमंत्री ने अनेक नई योजनाएँ शुरू की हैं। स्टेण्ड अप जैसी योजनाओं में अनुसूचित जाति और जनजाति वर्ग के हितग्राहियों को प्राथमिकता के साथ वित्तीय सहयोग मिला है। प्रधानमंत्री स्वयं योजनाओं की मॉनीटरिंग भी कर रहे हैं। डिक्की के संस्थापक अध्यक्ष पद्मश्री श्री मिलिंद कांबले ने कहा कि मध्यप्रदेश डिक्की में 24वें चैप्टर के रूप में शामिल हो रहा है। यह चैप्टर राज्य में आगामी एक वर्ष में 5 हजार उद्यमी तैयार करवाने और नीतियों को जन-जन तक पहुँचाने में सहयोग प्रदान करेगा। उन्होंने बताया कि यह संस्था बाबा साहेब भीमराव अम्बेडकर के सिद्धान्तों के अनुरूप सभी राज्यों में क्रियाशील है। केन्द्र सरकार की नीतियों के निर्माण और क्रियान्वयन में भी डिक्की सक्रिय भागीदारी करती है। उन्होंने कहा कि अनुसूचित जाति और जनजाति वर्ग की आबादी का 65 प्रतिशत 18 से 35 आयु वर्ग का युवा है। श्री कांबले ने मुद्रा योजना को वित्तीय समावेश की सबसे सफल योजना बताया। डिक्की के दक्षिण भारत इकाई के अध्यक्ष पद्मश्री श्री रवि कुमार नारा ने दक्षिण भारतीय राज्यों में संचालित योजनाओं और औद्योगिक क्षेत्र में सरकार द्वारा दिये जा रहे सहयोग की जानकारी दी। डिक्की की पश्चिमी भारत इकाई के अध्यक्ष श्री निश्चय शेल्के ने संस्था के स्वरूप की जानकारी दी। कार्यक्रम में वक्ताओं ने प्रदेश में चैप्‍टर की स्थापना में डॉ. अनिल सिरवैया के सहयोग का उल्लेख और आभार ज्ञापित किया। इस अवसर पर विधायक श्री विष्णु खत्री, प्रमुख सचिव महिला - बाल विकास श्री जे.एन. कंसोटिया, अन्य वरिष्ठ अधिकारी, उद्यमी और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
आधी रात तक सीहोर जिले के गाँवों में रहे मुख्यमंत्री श्री चौहान
26 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान शुक्रवार को सीहोर जिले में विकास यात्रा के दौरान मध्य रात्रि तक नसरुल्लागंज तहसील के ग्राम पाचौर, लाचौर और भादाकुई में ग्रामीणों के बीच रहे। मुख्यमंत्री ने जन-संवाद कार्यक्रम में ग्रामीणों से सीधी बातचीत कर जन-कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बताया कि राज्य सरकार ने समाज के हर वर्ग के कल्याण के लिये योजनाएँ बनाई हैं। इन योजनाओं के लागू होने से प्रदेशवासियों के जीवन में खुशियाँ आयी हैं। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार प्रत्येक प्रदेशवासी को सुखी, समृद्ध बनाने के लिये निरंतर प्रयास कर रही है। गाँवों में 4 करोड़ के कार्यों का शिलान्यास/ भूमि-पूजन मुख्यमंत्री श्री चौहान ने ग्राम पाचौर में 165 लाख रुपये लागत के 33/11 के.व्ही. विद्युत सब स्टेशन तथा 10 लाख 29 हजार की लागत की सीसी रोड का लोकार्पण किया। साथ ही 225 लाख 69 हजार रुपये लागत के अम्बर नदी पुल का शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान की विकास यात्रा में जिला प्रभारी मंत्री श्री रामपाल सिंह, वन विकास निगम के अध्यक्ष श्री गुरू प्रसाद शर्मा, अपेक्स बैंक के प्रशासक श्री रमाकांत भार्गव, वेयर हाउसिंग कार्पोरेशन के अध्यक्ष श्री राजेन्द्र सिंह राजपूत सहित अन्य जन-प्रतिनिधि भी साथ रहे।
मारूति सुजकी 10 हजार आई.टी.आई. के विद्यार्थियों को देगी रोजगार
26 May 2018
मारूति सुजकी एक साल में आई.टी.आई. के लगभग 10 हजार विद्यार्थियों को रोजगार देगी। आई.टी.आई. के ट्रेनिंग और प्लेसमेंट आफिसर की बैठक में मारूति सुजकी के प्रतिनिधियों ने यह जानकारी दी। बैठक में मध्यप्रदेश रोजगार निर्माण बोर्ड के अध्यक्ष श्री हेमंत देशमुख ने कहा कि रोजगार पंचायत की तरह आई.टी.आई. के विद्यार्थियों के लिए अलग से रोजगार मेला आयोजित किया जायेगा। इसमें आई.टी.आई. के वर्ष 2014 से 2018 तक के विद्यार्थी शामिल हो सकेंगे। मेले में विभिन्न कम्पनियों के प्रतिनिधि उपस्थित रहेंगे। बैठक में रोजगार पंचायत और रोजगार मेले के संबंध में ट्रेनिंग और प्लेसमेंट अधिकारियों का ओरिअन्टेशन और प्लेसमेंट आफिसर की शंकाओं का समाधान भी किया गया।
मुख्य सचिव श्री सिंह की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय स्थायी समिति का पुनर्गठन
26 May 2018
दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना एवं प्रधानमंत्री सहज बिजली हर घर योजना (सौभाग्य) की राज्य स्तरीय स्थायी समिति का पुनर्गठन किया गया है। मुख्य सचिव श्री बसंत प्रताप सिंह समिति के अध्यक्ष मनोनीत किये गये हैं। पुनर्गठित समिति में अपर मुख्य सचिव/प्रमुख सचिव वित्त, अपर मुख्य सचिव/प्रमुख सचिव ऊर्जा, सचिव राजस्व, सचिव वन, सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास, सचिव गृह (पुलिस), चीफ प्रोजेक्ट मैंनेजर, आर.ई.सी. लिमिटेड भोपाल, प्रबंध संचालक, एम.पी.पावर मैनजमेंट कं. लि. जबलपुर, प्रबंध संचालक म.प्र. पूर्व क्षेत्र वि.वि.कं. लि. जबलपुर, प्रबंध संचालक म.प्र. मध्य क्षेत्र वि.वि.कं. लि. जबलपुर, प्रबंध संचालक म.प्र. पश्चिम क्षेत्र वि.वि.कं. लि. जबलपुर सदस्य होंगे। समिति की बैठकों का समन्वय ऊर्जा विभाग द्वारा किया जायेगा। यह समिति दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना और प्रधानमंत्री सहज बिजली हर घर योजना (सौभाग्य) योजना के लागू रहने तक इनके परियोजना प्रतिवेदनों की अनुशंसा, प्रगति, क्वालिटी कंट्रोल तथा अंतर्विभागीय मुद्दों के निराकरण हेतु आवश्यक कार्यवाही, परियोजना पूर्णता प्रतिवेदनों एवं योजना से संबंधित अन्य मुद्दों पर आवश्यकतानुसार अनुशंसा सहित योजना के त्वरित क्रियान्वयन एवं मॉनिटरिंग हेतु आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करेगी। समय-समय- पर केन्द्र शासन द्वारा सौंपे गये अन्य कार्यो का भी समिति द्वारा निर्वहन किया जाएगा।
जनसम्पर्क मंत्री डॉ. मिश्र ने दी प्रधानमंत्री को बधाई
26 May 2018
जनसम्पर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को उनके कुशल नेतृत्व में कल्याणकारी केन्द्र सरकार के चार वर्ष पूरे होने पर बधाई दी है। डॉ. मिश्र ने बधाई संदेश में कहा कि भारत की पूरे संसार में छवि निखारने वाले वैश्विक नेता, विकास में विश्वास रख जन-जन के चहेते बने प्रधानमंत्री के सशक्त नेतृत्व के चार साल बेमिसाल रहे। मंत्री डॉ. मिश्र ने कहा कि बुनियादी क्षेत्रों में निरंतर सुविधाएं बढ़ाने और अभूतपूर्व योजनाएं लाकर जनता को लाभान्वित करने वाले प्रधानमंत्री श्री मोदी ने अपने कार्यों और नेतृत्व से विश्व में देश की छवि को निखारा है। श्री मोदी 'सबका साथ-सबका विकास' के ध्येय से कार्य करते हुए प्रधानमंत्री पद की अलग छवि निर्मित करने में सफल हुए हैं। इसलिए वे विश्व के लोकप्रिय जन-नेताओं में न सिर्फ शामिल हुए हैं, बल्कि अग्रणी स्थान अर्जित किया है। डॉ. मिश्र ने श्री मोदी के नेतृत्व में देश की निरंतर प्रगति की कामना की है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी की जनहितैषी नीतियों को लागू करने में मध्यप्रदेश सरकार ने कोई कसर नहीं छोड़ी है।
राज्य सरकार ने गरीबों को अंतिम समय तक साथ देने की जन-कल्याण योजना लागू की
25 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने शुक्रवार को देर रात तक सीहोर जिले की नसरुल्लागंज तहसील के गाँव बडोदिया, हाथीघाट, रिठवाड और ढांडिया में जन-संवाद कार्यक्रम में ग्रामीणों से सीधी बातचीत की। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने गरीबों एवं जरूरतमंदों को अंतिम समय तक साथ देने की कल्याणकारी योजनाओं को लागू किया है। मुख्यमंत्री जन-कल्याण(संबल) योजना की विस्तार से जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों को बताया कि आगामी 13 जून को गरीबों और श्रमिकों को इस योजना में सभी तरह के हित-लाभ वितरित किये जाएंगे। श्री चौहान ने कहा कि अगले चार साल मे प्रदेश में सभी पात्र आवासहीनों को आवास उपलब्ध करवाये जाएंगे, आवासीय भूमि का पट्टा देकर मालिकाना हक भी दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि महिलाओं को स्व-सहायता समूह गठित कर उत्पादक कार्यों के माध्यम से आर्थिक रूप से सक्षम बनाया जाएगा। श्री चौहान ने लोगों को शासन की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के बारे मे बताते हुए योजनाओं का लाभ उठाने के लिये प्रेरित किया। ग्रामीण अंचल के 41.66 लाख के विकास कार्यों की सौगात मुख्यमंत्री ने ग्राम हाथीघाट मे 15 लाख रुपये लागत से अम्बर नदी पर निर्मित स्नान-घाट का लोकार्पण किया। इसी क्रम में 12 लाख रुपये लागत के सामुदायिक भवन और 7.80 लाख रुपये लागत के आँगनवाड़ी भवन, ग्राम रिठवाड मे 3.28 लाख रुपये लागत की सीसी रोड तथा 3.58 लाख रुपये लागत की स्कूल बाउंड्री वाल का शिलान्यास किया। कार्यक्रम में जिले के प्रभारी मंत्री श्री रामपाल सिंह, वन विकास निगम के अध्यक्ष श्री गुरूप्रसाद शर्मा, वेयर-हाउसिंग कारपोरेशन के अध्यक्ष श्री राजेन्द्र सिंह राजपूत, अपेक्स बैंक के प्रशासक श्री रमाकांत भार्गव, अन्य जन-प्रतिनिधि तथा हजारों की संख्या में ग्रामवासी उपस्थित थे।
मोदी सरकार के चार वर्ष की उपलब्धियों को लेकर कार्यकर्ता घर-घर संपर्क करेंगे
25 May 2018
भोपाल। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केन्द्र सरकार 26 मई को अपने उपलब्धि भरे कार्यकाल के चार वर्ष पूर्ण करने जा रही है। भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता मोदी सरकार की उपलब्धियों एवं योजनाओं को लेकर घर-घर संपर्क करेंगे। जिसको लेकर 26 मई से 11 जून के बीच विशेष अभियान चलाया जायेगा। पार्टी के 4 हजार वरिष्ठ नेता देश के 1 लाख प्रबुद्ध व्यक्तियों से संपर्क कर उन्हें केन्द्र सरकार की चार वर्षो की उपलब्धियांे से अवगत करायेंगे। 26 मई को प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी उडीसा में इस अवसर पर जनसभा को संबोधित करेंगे। जिसका लाइव प्रसारण जिला केन्द्रों पर किया जायेगा। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अमित शाह 26 मई को ही केन्द्रीय कार्यालय में पत्रकार वार्ता के माध्यम से सरकार की उपलब्धियों एवं संगठन की आगामी कार्ययोजना रखेंगे। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष उपाध्यक्ष श्री विजेश लुणावत ने बताया कि 26 मई से 11 जून के बीच विशेष अभियान में कार्यकर्ता प्रबुद्ध नागरिकों व समाज के हर वर्ग से संपर्क करेंगे। प्रबुद्ध नागरिक सम्मेलन की शुरूआत 27 मई को भोपाल से होगी। उन्होंने बताया कि संपर्क अभियान में केन्द्र के मंत्री, सांसद, राज्य के मंत्री, विधायक, निगम, बोर्ड के अध्यक्ष, प्रदेश जिला पदाधिकारी, प्रबुद्ध जन से संपर्क करेंगे। सेवानिवृत्त न्यायाधीश, सेवानिवृत्त अधिकारियों, साहित्य कला, संस्कृति, लोक कलाओं, खेल स्पर्धा, उद्योग जगत से जुडे वरिष्ठजन, वरिष्ठ पत्रकार, किसान नेताओं से संवाद किया जायेगा। उन्होंने बताया कि विकास यात्राओं के दौरान हर विधानसभा क्षेत्र में केन्द्र और राज्य सरकार की योजनाओं के लाभार्थियों के सम्मेलन एवं अनुसूचित जाति बस्तियों में एक दिवसीय संपर्क अभियान चलाया जायेगा। वरिष्ठ नागरिकों से संवाद और संपर्क भी विकास यात्रा का प्रमुख कार्यक्रम होगा। जिला केन्द्रों पर पार्टी के वरिष्ठ कार्यकर्ता पत्रकार वार्ता कर केन्द्र सरकार की चार साल की उपलब्धियों से अवगत करायेंगे। जिला स्तर पर बुद्धिजीवी, साहित्यकार एवं कलाकारों के सम्मेलन आयोजित होंगे। अनुसूचित जनजाति मोर्चा आदिवासी सम्मान यात्रा के दौरान बिरसा मंुडा के शहादत दिवस 9 जून को ग्राम सभाओं का आयोजन करेगा। 3 जून को प्रदेश भर में एक साथ सार्वजनिक स्थानों पर लगी महापुरूषों की मूर्तियों के आसपास स्वच्छता अभियान चलाकर प्रतिमा पर माल्यार्पण किया जायेगा। जिसमें स्थानीय निकायों की विशेष भूमिका होगी। श्री लुणावत ने बताया कि इस महत्वाकांक्षी कार्यक्रम में बूथ संपर्क अहम है। प्रत्येक बूथ पर कम से कम 50 लोगों से बूथ प्रमुख और मंडल के पदाधिकारी संपर्क करेंगे। इन सभी कार्यक्रमों के दौरान Narendramodi App डाउनलोड कराया जायेगा। 11 जून को युवा मोर्चा द्वारा मंडल स्तर पर वाहन रैलियों के आयोजन कि साथ विशेष संपर्क अभियान का समापन होगा। उन्होंने कहा कि जहां केन्द्र सरकार के 48 माह की उपलब्धियां लेकर पार्टी कार्यकर्ता जनता के बीच पहंुचेंगे वही राज्य सरकार की 14 वर्षो की उपलब्धियां भी विशेष उत्साहवर्द्धन करेगी। इस अभियान में पार्टी के कार्यकर्ता, पदाधिकारी, निर्वाचित प्रतिनिधियों की विशेष भूमिका होगी।
चार वर्षो में मोदी सरकार जनआकांक्षाओं पर खरी उतरी : शर्मा भोपाल। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश महामंत्री श्री विष्णुदत्त शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में राजग सरकार पिछले चार वर्षों में जनआकांक्षाओं पर खरी उतरी है। सामाजिक, आर्थिक मोर्चा पर नए कीर्तिमान स्थापित करते हुए सामाजिक सरोकार पूरा किया। मोदी सरकार ने शुचिता पूर्ण पारदर्शिता के साथ 700 से अधिक नई योजनाएं आरंभ की। सब्सिडी के रूप में बिचैलियों की भेंट चढने वाले तीस हजार करोड़ रूपए की राशि की लूट समाप्त की। हितग्राही को मिलने वाली राशि उसके खाते में जमा हुई। उन्होंने कहा कि देश में नोटबंदी, वस्तु और सेवा कर जैसे आर्थिक सुधार किए गए जिससे कर अपवंचन पर लगाम लगी, कालेधन के सृजन पर विराम लगा, विदेशी प्रत्यक्ष निवेश के लिए भारत विदेशी निवेशकों का गंतव्य बना। उन्होंने कहा कि आर्थिक मोर्चा पर बेहतर प्रदर्शन से जीडीपी दर सात प्रतिशत के आसपास बनी रही। विश्व की रेटिंग एजेंसी और क्रेडिट एजेंसी ने भारत की सराहना करते हुए आने वाले दिनों में भारत की अर्थव्यवस्था को दुनिया की तीव्रगति से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था का तगमा प्रदान किया। श्री शर्मा ने कहा कि लोकतंत्र में जनता का फैसला सर्वमान्य होता है। इस कसौटी पर भी भारत ने रिकार्ड बनाते हुए दस राज्यों में जनादेश हासिल किया। देश का सबसे पुराना दल कांग्रेस के पैर अनेक राज्यों में सत्ता से उखड़ गए और दस राज्य हाथ से फिसल गए। आज भारतीय जनता पार्टी और उसके सहयोगी दलों की 21 राज्यों में सरकार बनी है जो राजनीति को सेवा का माध्यम बनाकर गांव, गरीब, किसान, मजदूर, पिछड़ो के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने डोकलाम में दृढ़ता दिखाकर चीन के मंसूबों पर पानी फेरा। आज दुनिया के शक्तिशाली देश अमेरिका, चीन, रूस, ईरान, इस्राईल, जापान, आस्टेªलिया सहित सभी देशों से भारत का कूटनीतिक संतुलन पूर्व की अपेक्षा से अधिक बेहतर है। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार की योजनाओं का सफल क्रियान्वयन सभी राज्यों में हो रहा है। मध्यप्रदेश में प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से ग्रामीण अंचल में 14 लाख 74 हजार 28 एवं शहरी क्षेत्रों में 2 लाख 45 हजार आवास स्वीकृत हुए है। उज्जवला योजना के तहत 34 लाख 1 हजार 516 गैस कनेक्शन प्रदेश की बहनों को वितरित किए गए। प्रधानमंत्री जन धन योजना के जरिए प्रदेश में ढाई करोड़ से अधिक खाते खुले और प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना से प्रदेश के 81.15 लाख लोग लाभान्वित हुए है। श्री शर्मा ने कुशल राजनय और लोकोन्मुखी प्रशासन के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को बधाई दी है और प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को देश के लिए दैवीय वरदान बताया है।
हरीशंकर विश्वकर्मा प्रदेश कार्यालय मंत्री पद से कार्यमुक्त भोपाल। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व सांसद श्री राकेश सिंह की अनुमति से पिछड़ा वर्ग मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष श्री भगत सिंह कुशवाह ने मोर्चा के प्रदेश कार्यालय मंत्री श्री हरीशंकर विश्वकर्मा को तत्काल कार्यमुक्त कर दिया है।
कार्यशालाओं में किसानों की भागीदारी सुनिश्चित करने में किसान मोर्चा जुटेगा भोपाल। प्रदेश सरकार द्वारा जून माह में सभी 230 विधानसभा क्षेत्रों के 2800 क्लस्टरों में किसान कार्यशालाओं आयोजित होगी। जिसमें किसान खेती की नई तकनीकों के साथ इम्प्रूव्ड फार्मिंग के लिए उपकरणों के बेहचतर उपयोग को सीखेंगे। कार्यशालाओं में कृषि वैज्ञानिक, किसान के उत्पादों के विपणन के लिए मार्गदर्शन देने देश के कृषि वैज्ञानिकों, विपणन विशेषज्ञों का मार्गदर्शन भी किसानों को मिलेगा। किसान कार्यशालाओं में किसानों की बेहतर भागीदारी हो इसके लिए किसान मोर्चा व्यापक तैयारियों में जुट गया है। पार्टी के प्रदेश महामंत्री व किसान कार्यशालाओं के संगठनात्मक पर्यवेक्षक श्री बंशीलाल गुर्जर ने कहा कि देश के कृषि विपणन विशेषज्ञ विशेष रूप से कार्यशालाओं में किसानों के उत्पादों के विपणन की नई व्यवस्था पर विस्तार से प्रकाश डालेंगे। साथ ही प्रदेश में जैविक कृषि को आय वृद्धि के साधन के रूप में अपनाने के लिए विशेष प्रजेन्टेशन दिया जायेगा। कार्यशालाओं को जून के 30 दिनों में इस तरह आयोजित किया जायेगा कि कृषि की नवीनतम तकनीक किसानों तक आसानी से पहंुचायी जा सके। प्रदेश के प्रगतिशील किसान भी अतिथि प्रशिक्षक होंगे। श्री गुर्जर ने कहा कि इसी दरम्यान 10 जून को किसान मोर्चा द्वारा जिला केन्द्रों पर किसान सम्मेलन आयोजित किए जायेंगे। इन कार्यक्रमों में किसान की अच्छी भागीदारी सुनिश्चित की जा सके इसके लिए किसान मोर्चा ने विधानसभा क्षेत्रवार कार्यशालाओं में भाग लेने वाले किसानों से संपर्क कर स्थानीय कृषि के मुद्दों को भी चिन्हित किया है जिससे इन कार्यशालाओं की प्रासंगिकता बढेगी।
किसान मोर्चा के पदाधिकारी 27 मई से राज्य की उपलब्धियों और संगठनात्मक संरचना के लिए जनसंवाद करेंगे भोपाल। भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष श्री रणवीर सिंह रावत ने बताया कि किसान मोर्चा के पदाधिकारी 27 मई से प्रदेश के विभिन्न अंचलों में पहंुचेंगे और राज्य सरकार की किसानोन्मुखी नीतियों, संगठनात्मक संरचना के सुदृढ़ीकरण के लिए जनसंवाद करेंगे। श्री रणवीर सिंह रावत 27 मई को आगर, मालवा, रतलाम, मंदसौर, नीमच में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेंगे। श्री कृष्णा यादव उज्जैन और श्री हिम्मत सिंह दांगी संवाद के लिए मंदसौर पहंुचेंगे। मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष श्री वीरेन्द्र राणा हरदा, देवास, प्रदेश मंत्री श्री निरंजन बिसेन छिंदवाडा, मंडला, प्रदेश उपाध्यक्ष श्री दर्शन चौधरी रायसेन, बाडी, नरसिंहपुर, होशंगाबाद में जनसंवाद करेंगे। श्री मुकेश तिवारी रायसेन, बाडी बरेली, सुल्तानपुर, श्री पदमसिंह ठाकुर, श्री अशोक मीणा और श्री सुनील चौहान भोपाल, संदीप श्रीवास्तव सीहोर और श्री प्रेम सिंह पटेल तथा श्री कैलाश पाटीदार इंदौर संभाग के जिले में पहंुचेंगे।

उपार्जन केन्द्रों पर किसानों की सुविधाओं का ध्यान रखा जाये: राज्य मंत्री श्री सारंग
25 May 2018
सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विश्वास सांरग आज विभागीय समीक्षा में निर्देश दिये कि उपार्जन केन्द्रों पर किसानों की सुविधाओं का पर्याप्त ध्यान रखा जायें। उपार्जन के साथ-साथ परिवहन की बेहतर व्यवस्था भी सुनिश्चित करें। किसानों द्वारा समर्थन मूल्य पर बेची गई फसल का भुगतान समय पर हो। किसानों को उपार्जन केन्द्रों पर किसी भी प्रकार की कठिनाई नहीं होना चाहिए। बैठक में प्रमुख सचिव सहकारिता श्री के.सी. गुप्ता, एवं आयुक्त श्री केदार शर्मा, एमडी अपेक्स बैंक श्री आर. के. शर्मा सहित सहकारिता विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। विकास कार्यों में लापरवाही नहीं होना चाहिए सहकारिता, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विश्वास सारंग ने आज नरेला क्षेत्र में एक दर्जन से अधिक विकास कार्यों का औचक निरीक्षण किया। श्री सारंग ने निर्माण एजेंसी को समय पर गुणवत्ता के साथ कार्य पूरा कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। श्री सारंग ने विकास यात्रा में रचना नगर, जनता क्वार्टर, एकतापुरी, अशोका गार्डन, दुर्गा नगर और सेमरा का दौरा किया। श्री सारंग ने रचना नगर में नाली और जनता क्वार्टर में पार्क निर्माण सहित 90 लाख रूपये लागत के विभिन्न विकास कार्यों का भूमि-पूजन भी किया। विकास यात्रा में पार्षद श्रीमती गीता तोमर, श्री हेमराज कुशवाह, श्री सूर्यकांत गुप्ता, श्री अशोक वाणी सहित स्थानीय कार्यकर्ता और अधिकारी मंत्री श्री सारंग के साथ थे।
किसानों को सबसे ज्यादा राहत देने वाला प्रदेश बन गया है मध्यप्रदेश
25 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज दिल्ली के पत्रकारों के साथ अनौपचारिक चर्चा करते हुए कहा है कि मध्यप्रदेश अब किसानों को सबसे ज्यादा राहत देने वाला प्रदेश बन गया है। यहाँ किसानों के लिये विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं चलायी जा रही हैं। वर्तमान में किसान समृद्धि योजना में किसानों को गेहूँ के विक्रय पर 265 रूपये प्रति क्विंटल प्रोत्साहन राशि तथा चना, मसूर और सरसों के विक्रय पर 100 रूपये प्रति क्विंटल अतिरिक्त राशि दी जा रही है। प्रदेश में प्रधानमंत्री आवास योजना का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। इस योजना में अब तक 8 लाख आवास बनाये जा चुके हैं और वर्ष के अंत तक 15 लाख आवास बनाये जायेंगे। मुख्यमंत्री की पत्रकारों से चर्चा के मौके पर मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री एस.के. मिश्रा और आयुक्त जनसंपर्क श्री पी. नरहरि भी मौजूद थे। श्री चौहान ने पत्रकारों को बताया कि मध्यप्रदेश आज विकास और जनकल्याण के कार्यों में देश-दुनिया का अग्रणी राज्य है। यहॉ कृषि, प्रधानमंत्री आवास योजना, पर्यटन, महिला सशक्तिकरण, स्वच्छता, सामाजिक सुरक्षा सड़क, बिजली, सिंचाई, और किसान कल्याण सहित सभी क्षेत्रों में बेहतर कार्य हुआ है। गरीबी हटाने के लिये गरीबों की आमदनी बढ़ाने के साथ-साथ उन्हें अन्य जरूरी सुविधाएं देने का काम भी किया जा रहा है। केन्द्र सरकार की आयुष्मान भारत योजना स्वास्थ्य के क्षेत्र की सबसे बड़ी योजना है। प्रदेश में गरीबों के नि:शुल्क इलाज के लिये योजना चलाई जा रही हैं। गरीबी दूर करने के लिये रोजगार के अवसर बढ़ाने के प्रयास किये जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश में निवेश बढ़ रहा है। प्रदेश में अब शिक्षकों का एक ही कैडर रहेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोई भी चुनाव चेहरों से नहीं, परफार्मेंस से जीता जाता है। चुनाव में विकास ही हमारा एजेण्डा रहेगा। प्रदेश में हम ने अनेक नवाचार किये हैं। महिला सशक्तिकरण के लिए स्थानीय स्वशासी सरकारों सहित शिक्षकों के पदों में 50 प्रतिशत और अन्य सभी शासकीय सेवाओं में 33 प्रतिशत (वन विभाग को छोड़कर) आरक्षण की व्यवस्था की गई है। बेटियों को परिवार बोझ नहीं माने, उनकी शिक्षा की उचित सुविधा उपलब्ध हो, इसके लिए प्रदेश में वर्ष 2006 में ही लाड़ली लक्ष्मी योजना लागू कर दी गई थी। मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि किसानों को प्रदेश में शून्य प्रतिशत ब्याज पर कर्ज दिया जाता है। प्राकृतिक आपदा के समय किसानों की भरपूर मदद की जाती है। भावांतर योजना जैसे राहत के अनेक प्रभावी तरीकों से फसलों की क्षतिपूर्ति भी की जाती है। क्षति का आंकलन 30 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर के मान से किया जाता है। राज्य में कानून बनाकर गरीब व्यक्ति को रहने की जमीन का मालिक बनाया गया है। गरीब प्रतिभाओं को प्रगति के अवसर मिलें, धन का अभाव प्रतिभा के विकास में बाधा नहीं बने, इसके लिये मुख्यमंत्री मेधावी विद्यार्थी छात्रवृत्ति योजना शुरु की गयी है, जिसमें मेधावी बच्चों की उच्च शिक्षा की फीस का राज्य सरकार भुगतान करती है। श्री चौहान ने बताया कि मध्यप्रदेश में विगत पांच वर्षों से कृषि वृद्धि दर औसतन बीस प्रतिशत बनी हुई है। सिंचित क्षेत्र साढ़े सात लाख से बढ़ाकर चालीस लाख हेक्टेयर हो गया है। इसे अस्सी लाख हेक्टेयर तक ले जाने के लिये प्रयास जारी हैं। उन्होंने कहा कि नदी जोड़ो परियोजनाओं में नर्मदा-क्षिप्रा जुड़ गयीं हैं। नर्मदा-गंभीर का कार्य पूर्णता पर है। श्री चौहान ने बताया कि मध्यप्रदेश को पर्यटन में बेस्ट राज्य का पुरस्कार मिला है। इस वर्ष के राष्ट्रीय स्वच्छता सर्वेक्षण में प्रदेश के इंदौर और भोपाल शहर ने क्रमश: प्रथम और द्वितीय स्थान प्राप्त किया है।
श्री रंजन को राज्यपाल के परिसहाय का अतिरिक्त प्रभार
25 May 2018
राज्य शासन ने भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी श्री अविजीत कुमार रंजन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, उज्जैन को राज्यपाल के परिसहाय के पद का अतिरिक्त प्रभार सौंपा है। राज्यपाल के परिसहाय के पद पर पदस्थ सेना के अधिकारी का अन्यत्र स्थानान्तरण हो जाने के कारण नये सेना अधिकारी के परिसहाय के पद पर पदस्थ होने तक श्री रंजन के पास यह प्रभार रहेगा।
दो सीएमओ की वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश
25 May 2018
प्रमुख सचिव नगरीय विकास एवं आवास श्री विवेक अग्रवाल ने सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों के निराकरण में ढिलाई बरतने पर दो मुख्य नगरपालिका अधिकारियों की दो-दो वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश दिये हैं। प्रमुख सचिव द्वारा वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों की समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान पाया गया कि उक्त नगरपालिका अधिकारियों द्वारा प्रकरणों के निराकरण में लगातार ढिलाई बरती जा रही है। मई माह में भी न्यूनतम ग्रेडिंग पर रहने के कारण मुख्य नगरपालिका अधिकारी अम्बाह जिला मुरैना श्री अमजद गनी तथा मुख्य नगरपालिका अधिकारी मंडीदीप जिला रायसेन श्री राजेश श्रीवास्तव की वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश दिये गये हैं।
मुख्यमंत्री श्री चौहान से नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक की सौजन्य भेंट
24 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान से नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक श्री एस.के बंसल ने आज मंत्रालय में सौजन्य भेंट की। श्री बंसल ने मुख्यमंत्री को पुष्प-गुच्छ भेंटकर उनका अभिनंदन किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान से नाबार्ड के नव-पदस्थ महाप्रबंधक श्री बंसल ने बैंक की गतिविधियों के संबंध में चर्चा की। श्री बंसल ने मुख्यमंत्री को आगामी कार्यक्रमों और परियोजनाओं की जानकारी दी।
प्रदेशवासियों की जिंदगी को खुशहाल बनाना ही जीवन का उद्देश्य : मुख्यमंत्री श्री चौहान
24 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने सीहोर जिले में बुदनी विकासखण्ड के ग्राम माथनी, भड़कुल, बोरदी और बोरी में विकास यात्रा करते हुए जन-संवाद के जरिये ग्रामीणों से सीधी बातचीत कर उन्हें शासकीय योजनाओं/कार्यक्रमों की जानकारी दी। श्री चौहान ने कहा कि प्रदेशवासियों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाकर उनके जीवन को खुशहाल बनाना ही मेरे जीवन का लक्ष्य है। इसके लिये दिन-रात चिंतन करता हूँ। नित नई जन-कल्याणकारी योजनाएँ बनाकर उनका सफल क्रियान्वयन सुनिश्चित करता हूँ। जन-संवाद के दौरान मुख्यमंत्री ने ग्रामीण अंचल में विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को हित-लाभ वितरित भी किये। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि बेटियाँ खुश रहेंगी, तो प्रदेश खुश रहेगा। महिला सशक्तिकरण के प्रयास निरन्तर जारी हैं। स्व-सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं की आर्थिक स्थिति में अप्रत्याशित सुधार होगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश मे सर्वजन हिताय-सर्वजन सुखाय के उद्देश्य से कार्य किये जा रहे हैं। श्री चौहान ने कहा कि सम्पूर्ण बुधनी विधानसभा क्षेत्र में नर्मदा जल हर घर में पहुँचाया गया है। अब हर खेत को सिंचित करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश मे सभी पात्र लोगों को रहने की जमीन का पट्टा देकर उनके लिये पक्का मकान बनाया जाएगा। इस दौरान जिले के प्रभारी मंत्री श्री रामपाल सिंह, वन विकास निगम के अध्यक्ष श्री गुरू प्रसाद शर्मा, वेयरहाउसिंग कार्पोरेशन के अध्यक्ष श्री राजेन्द्र सिंह राजपूत, अपेक्स बैंक के प्रशासक श्री रमाकांत भार्गव, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती उर्मिला मरेठा, अन्य जन-प्रतिनिधि तथा बडी संख्या मे ग्रामीण उपस्थित रहे।
चना, मसूर और सरसों की खरीदी 9 जून तक जारी रहेगी : मुख्यमंत्री श्री चौहान
24 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि समर्थन मूल्य पर चना, मसूर और सरसों की खरीदी 9 जून तक की जायेगी। आवश्यकता होने पर इसके बाद भी जारी रखी जायेगी। उन्होंने निर्देश दिये हैं कि किसानों के लिये मंडी में सभी आवश्यक प्रबंध किये जायें। मुख्यमंत्री ने गेहूँ उपार्जन की अंतिम तिथि को भी आवश्यकतानुसार बढ़ाने के निर्देश दिये। श्री चौहान आज मंत्रालय में समर्थन मूल्य पर उपार्जन की समीक्षा कर रहे थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मंडी में किसानों की सहभागिता के साथ व्यवस्थाओं का संचालन किया जाये। किसानों के साथ आत्मीय व्यवहार करें। मंडी संचालन में व्यवस्थाएं किसान हितैषी हों। चाय-पान, छाछ और छांव के बेहतर प्रबंध हों। प्रतीक्षा का समय कम से कम हो। तौल कांटों, छन्नों की संख्या बढ़ाने और परिसर को भी विस्तारित किया जाये। उन्होंने किसानों को फसल की शत-प्रतिशत खरीदी के प्रति आश्वस्त किया। श्री चौहान ने एसएमएस और टोकन जारी करने की व्यवस्थाओं को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिये। श्री चौहान ने अधिकारियों से कहा कि खरीदी कार्य पर निरंतर निगरानी रखें। समस्या की प्राथमिक सूचना स्थानीय स्तर पर तत्काल प्राप्त हो, इसकी मानीटरिंग भी करें। समस्याओं का त्वरित समाधान हो। उन्होंने बारदानों की उपलब्धता, परिवहन, भंडारण एवं भुगतान व्यवस्थाओं की समीक्षा की। श्री चौहान ने लहसुन के लिये दी जाने वाली राशि किसानों के बैंक खातों में जमा करवाने के कार्य की प्रगति की जानकारी भी प्राप्त की। बैठक में मुख्य सचिव श्री बी.पी. सिंह, महानिदेशक पुलिस आर.के. शुक्ला, संबंधित विभागों के प्रमुख सचिव, संभागायुक्त, महानिरीक्षक पुलिस उपस्थित थे।
दूसरों की भलाई करना भी महायज्ञ है : मुख्यमंत्री श्री चौहान
24 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान सीहोर जिले की बुदनी तहसील के गाँव खबादा में श्री लक्ष्मीनारायण महायज्ञ एवं श्री रामकथा में शामिल हुए। उन्होंने कथा-वाचक सुश्री संध्या तिवारी तथा श्री धीरेन्द्राचार्य महाराज का आशीर्वाद प्राप्त किया। मुख्यमंत्री ने ग्रामवासियों द्वारा भेंट किये गये चाँदी के मुकुट को विनम्रतापूर्वक स्वीकार कर ग्रामवासियों को वापस सौंपते हुए कहा कि मुख्यमंत्री कन्या विवाह के आयोजन में इस मुकुट की बिछिया बनवाकर मेरी भांजियों को पहनाई जाए। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि दूसरों की भलाई करना भी यज्ञ के समान ही पवित्र कार्य है। उन्होंने कहा कि ईश्वर प्राप्ति के तीन मार्ग हैं- ज्ञान मार्ग, भक्ति मार्ग और कर्म मार्ग। इन मार्गों का अपने कार्यों में पूरी निष्ठा और समर्पण से अनुसरण करना ही ईश्वर की सच्ची भक्ति है। उन्होंने कहा कि शासन की सभी जन-कल्याणकारी योजनाएँ लोगों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिये चलाई जा रही हैं। इस अवसर पर जिले के प्रभारी मंत्री श्री रामपाल सिंह, अपेक्स बैंक के प्रशासक श्री रमाकांत भार्गव, वेयर-हाउसिंग कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष श्री राजेन्द्र सिंह राजपूत, सरपंच श्री लाल सिंह, अन्य जन-प्रतिनिधि सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।
देश की गरिमामयी संस्कृति की रक्षा में मीडिया की महत्वपूर्ण भूमिका
24 May 2018
जनसम्पर्क, जल संसाधन और संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने आज बालाघाट में पत्रकार महाअधिवेशन में वरिष्ठ पत्रकारों का सम्मान किया। डॉ. मिश्र ने कहा कि राष्ट्रीय महत्व के कार्यों में पत्रकार बंधुओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। भारतीय संस्कृति को जीवंत और सम्माननीय बनाए रखने में मीडिया का महत्वपूर्ण योगदान हो सकता है। आधुनिक समाज और संचार क्रांति के इस दौर में यह आवश्यक है कि देश की गरिमामय संस्कृति की रक्षा की जाए। इसके लिए सम्पूर्ण मीडिया जगत को सजग रहकर निरंतर कार्य करना होगा। मंत्री डॉ. मिश्र ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार ने पत्रकारों के हित में अनेक कदम उठाए हैं। अधिमान्यता कार्ड की नवीनीकरण अवधि एक वर्ष के स्थान पर दो वर्ष कर दी गई है। स्वास्थ्य एवं दुर्घटना बीमा योजना में अब दो लाख के स्थान पर चार लाख रुपये तक कैशलेस उपचार और आकस्मिक दुर्घटना की दशा में असमय मृत्यु हो जाने पर पाँच लाख के स्थान पर दस लाख रूपये की राशि का प्रावधान किया जा रहा है। कार्यक्रम के विशेष अतिथि किसान कल्याण एवं कृषि विकास मंत्री श्री गौरीशंकर बिसेन ने पत्रकारों को संबोधित किया।
मध्य क्षेत्र विद्युत कंपनी द्वारा ‘‘डिमांड साइड मैनेजमेंट एंड इनर्जी इफिशियंशी‘‘ विषय पर तीन दिवसीय कार्यशाला आयोजित उपभोक्ताओं के विश्वास में बढ़ोत्तरी हुई है : डॉ. संजय गोयल
23 May 2018
भोपाल 23 मई। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के प्रबंध संचालक डॉ. संजय गोयल ने कहा है कि राज्य में आबादी को 24 घंटे और कृषि क्षेत्र में 10 घंटे विद्युत आपूर्ति करने के अभियान की सफलता से उपभोक्ताओं के विश्वास में बढ़ोत्तरी हुई है और उनकी अपेक्षाओं में भी इजाफा हुआ है। उन्होंने कहा कि जहॉं एक ओर विश्वसनीय विद्युत आपूर्ति उपभोक्ताओं को मुहैया कराना है वहीं दूसरी ओर उपभोक्ता सेवाओं में निरन्तर सुधार की जरूरत है। डॉ. संजय गोयल बुधवार को पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन ट्रेनिंग सेन्टर (पीडीटीसी) के सभागार में ‘‘डिमांड साइड मैनेजमेंट एंड इनर्जी इफिशियंशी‘‘ विषय पर आयोजित कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर कंपनी के निदेशक (तकनीकी) श्री आर.एस.श्रीवास्तव, निदेशक (पीडीटीसी) श्री आर.के.मिश्रा, मुख्य वित्त अधिकारी डॉ. राजीव सक्सेना, मुख्य महाप्रबंधक (शहरी परियोजना) श्री राजू डेहरिया, मुख्य महाप्रबंधक (वाणिज्य) श्रीमती स्वाति सिंह, मुख्य महाप्रबंधक (क्रय) श्री एम.एस.अत्रै एवं मुख्य महाप्रबंधक (ग्रामीण परियोजना) सुश्री मनीषा मेश्राम, प्रोजेक्ट डायरेक्टर, ऊर्जा प्रबंधन, म.प्र.ऊर्जा विकास निगम श्री सुरेन्द्र वाजपेयी सहित बड़ी संख्या में अधिकारी उपस्थित थे। इस तीन दिवसीय कार्यशाला में डिमांड साइड मैनेजमेंट, ऊर्जा दक्षता की दिशा में वितरण कंपनी के अधिकारियों को प्रशिक्षित किया जाएगा। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में लोड मैनेजमेंट, ऊर्जा संरक्षण, डिमांड साइड मैनेजमेंट का एक्शन प्लान और राज्य में डिमांड साइड मैनेजमेंट गतिविधियों के बारे में जानकारी दी जाएगी। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के प्रबंध संचालक डॉ. संजय गोयल ने इस अवसर पर कहा कि वितरण कंपनी के अधिकारी उपभोक्ता के साथ सीधे संपर्क में रहते हैं। इसलिए डिमांड साइड मैनेजमेंट के संबंध में बेहतर जानकारी के आधार पर प्रभावी एक्शन प्लान बना सकते हैं। उन्होंने आगे आने वाले वर्षों में वितरण नेटवर्क के सुदृढ़ीकरण को देखते हुए एक्शन प्लान बनाने की व्यवस्था पर जोर दिया। इस अवसर पर आईसीएफ कंपनी के श्री मृणाल भास्कर एवं सुश्री प्रियंगना ने आभार व्यक्त किया तथा कार्यक्रम का संचालन महाप्रबंधक (पीडीटीसी) श्री बी.एस.खनूजा ने किया किया।
नजूल पट्टे का बकाया शेष नहीं होने पर 30 वर्ष के लिए होगा नवीनीकरण
23 May 2018
राज्य शासन ने नजूल के स्थायी पट्टों के नवीनीकरण की नयी नीति निर्धारित की है। नीति के माध्यम से स्थायी पट्टों की शर्तों के उल्लंघन/ अपालन के प्रकरणों का त्‍वरित निराकरण होने के साथ ही पट्टों का नवीनीकरण भी हो सकेगा। प्राधिकृत अधिकारी नवीनीकरण के पहले वार्षिक भू-भाटक निर्धारित करेगा। यह अंतिम निर्धारित भू-भाटक का 6 गुना होगा। राजस्व मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता ने जानकारी दी है कि स्थायी पट्टे के नवीनीकरण और शर्त उल्लंघन के शमन के लिए जिला कलेक्टर या उसके द्वारा प्राधिकृत अपर कलेक्टर प्राधिकृत अधिकारी होंगे। स्थायी पट्टे की समाप्ति के एक वर्ष पहले की अवधि के दौरान कभी-भी नवीनीकरण के लिए आवेदन किया जा सकेगा। अवधि समाप्ति के बाद विलम्ब से प्राप्त आवेदनों पर शमन राशि अधिरोपित की जायेगी। यह आदेश 31 मार्च 2017 के पहले जारी किये गए स्थायी पट्टों के संबंध में प्रभावशील होंगे। ऐसे मामले, जिनमें स्थायी पट्टों की अवधि 31 मार्च 2017 के पहले समाप्त हो चुकी है तथा पट्टे की शर्त के उल्लंघन की स्थिति निर्मित हो रही है, में इस परिपत्र के जारी होने के दिनांक 4 मई 2018 से एक वर्ष तक आवेदन किया जा सकेगा। प्राप्त आवेदनों का निराकरण निर्धारित समय-सीमा में किया जायेगा। प्राधिकृत अधिकारी पट्टे के नवीनीकरण के पहले नजूल अधिकारी/ तहसीलदार नजूल के माध्यम से निर्धारित बिन्दुओं पर रिपोर्ट लेगा। स्थायी पट्टों की किन्हीं शर्तों का उल्लंघन पाये जाने पर पट्टेदार को सुनवाई का अवसर देने के बाद प्राधिकृत अधिकारी द्वारा प्रकरण का निराकरण किया जायेगा। आवासीय भू-खंड में पट्टेदार द्वारा आवासीय उपयोग के साथ संरचना के 25 प्रतिशत से कम भाग का उपयोग स्वयं अथवा परिवार के किसी सदस्य द्वारा ट्यूशन, सिलाई-कढ़ाई, पापड़-बड़ी जैसे कुटीर उद्योग के लिए किया जाता है, तो वह प्रयोजन परिवर्तन नहीं माना जायेगा। लेकिन कोचिंग क्लासेस, बुटीक अथवा ब्यूटी पार्लर के लिए उपयोग करने पर इसे वाणिज्यिक प्रयोजन माना जायेगा। गेस्ट हाउस अथवा हॉस्टल चलाने को भी वाणिज्यिक प्रयोजन माना जायेगा। पट्टेदार निर्धारित प्रक्रियानुसार व्यावसायिक प्रयोजन के लिए परिवर्तन करवा सकता है। मूल पट्टेदार की मृत्यु होने पर उत्तराधिकारी को पट्टे का अंतरण करवाना होगा। इसके बाद नवीनीकरण होगा। भू-खंड के दान अथवा विक्रय पर भी अंतरण की कार्यवाही होगी। ऐसे मामलों में जिनमें पट्टावधि अवसान के बाद नवीनीकरण कराए बिना ही भू-खण्ड का अंतरण किया गया है, अंतरिती द्वारा नवीनीकरण चाहे जाने पर इस कंड़िका के अन्य प्रावधानों के अध्यधीन रहते हुए सर्वप्रथम मूल पट्टेदार के नाम कल्पित नवीनीकरण स्वीकार करते हुए, तद्क्रम में अंतरण के आधार पर अंतरिती के नाम से नवीनीकरण किया जाएगा। ऐसे मामलों में जिनमें पट्टावधि के अवसान होने के बाद तीस वर्ष या उससे भी अधिक की अवधि बीत चुकी है, इस परिपत्र के अन्य प्रावधानों के अध्‍यधीन रहते हुए मूल पट्टा की अवसान तिथि को तीस वर्ष के लिये कल्पित नवीनीकरण मान्य करते हुए तद्क्रम में आगमी तीस वर्ष के लिये पट्टे का नवीनीकरण किया जाएगा। शर्त उल्लंधन के प्रकरणों में शमन राशि जमा किए जाने की सूचना देने के एक माह के अंदर शमन राशि जमा करना होगा एवं प्रकरण के निराकरण के बाद एक माह के अंदर नवीन पट्टा तैयार कर विधिवत पंजीयन कराना होगा। पट्टा नवीनीकरण के प्रकरणों के निराकरण के लिए 6 माह की समय-सीमा का निर्धारण किया गया है।
जैव विविधता समिति पिथौराबाद को मिला राष्ट्रीय अवार्ड
23 May 2018
सतना जिले की जैव विविधता प्रबंधन समिति को राष्ट्रीय जैव विविधता पुरस्कार से नवाजा गया है। तेलांगाना के राज्यपाल श्री ई. नरसिंहम्न ने यह अवार्ड अन्तर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस पर हैदराबाद के प्रो. जयशंकर कृषि विश्वविद्यालय में आयोजित समारोह में दिया। समिति की ओर से यह पुरस्कार अध्यक्ष श्री बाबूलाल दाहिया ने ग्रहण किया। इस अवसर पर तेलांगाना के वन मंत्री, राज्य जैव विविधता बोर्ड के अध्यक्ष और देश के जैव विविधिता विशेषज्ञ भी उपस्थित थे। सामुदायिक बीज बैंक की स्थापना : उचेंहरा जनपद में स्थित पिथौराबाद समिति पिछले 7 सालों से मध्यप्रेदश राज्य जैव विविधता बोर्ड के मार्गदर्शन में तकरीबन 125 प्रकार की परम्परागत देशी धान प्रजाति का संरक्षण कर रही है। समिति द्वारा हर साल छोटे-छोटे भू-खंडों पर धान की तमाम परम्परागत प्रजातियों को उगाया जाता था। बोर्ड ने इसे आसान बनाते हुए यहाँ वैज्ञानिक तरीके से बीज बैंक की स्थापना करवाई। बीज बैंक में अब धान, गेहूँ, चना, मसूर, मक्का, कोदो, कुटकी, सांवा और अनेक देशी सब्जियों के बीज संरक्षित हैं। फसल आने पर किसान द्वारा एक के बदले सवा गुना वापिस करता है जिससे हर साल बीज बैंक में नया बीज बना रहता है। परम्परागत देशी अनाजों को बाजार से जोड़ने की पहल : समिति ने परम्परागत देशी अनाजों की खेती संरक्षण और उनकी चुनी हुई किस्मों भी की है। किसान बैंक से देशी अनाजों का बीज लेकर खेतों में उगाते हैं। उनके द्वारा उत्पादित गेहूँ, धान, तिल, मक्का, ज्वार आदि अनाजों को दिल्ली, हैदराबाद, चेन्नई, झारखंड और बेंगलोर के बाजारों में ऊँचा मूल्य दिलवाकर बिकवाया जाता है। समिति द्वारा जैव विविधिता पंजी का निर्माण कर ग्राम पंचायत क्षेत्र में पाई जानेवाली सभी जैव विविधता दर्ज की गई है। समिति की रणनीति धान की तीन पारंपरिक किस्मों तिलसान, दिलबक्सा और कमलश्री का व्यापक स्तर पर उत्पादन करना है। पेड़ पौधे, देशी सब्जियों एवं जड़ी-बूटी संरक्षण : समिति के सदस्य श्री रामलौटन कुशवाहा द्वारा 100 से अधिक पेड़-पौधे, वनस्पति, जड़ी-बूटी और कंदों का संरक्षण किया जा रहा है। इनकी वाटिका में परसमनिया पठार का प्राय: हर पौधा और जड़ी-बूटी संरक्षित है। श्री रामराज कुशवाह के खेत में लगभग 40 देशी सब्जियों के बीज को संरक्षित करने के साथ अन्य किसानों को भी इनका बीज प्रदाय किया जा रहा है। जैव विविधता समिति द्वारा पंजी में ग्राम पंचायत क्षेत्र में पाई जाने वाली सभी तरह की जैव विविधता को दर्ज किया गया है। हर साल होता है बीज महोत्सव और किसान सम्मेलन : समिति हर साल परम्परागत अनाजों की अहमियत, पर्यावरण संरक्षण जलवायु परिवर्तन और जैवविविधता के महत्व को समझाने के लिये बीज महोत्सव एवं प्रक्षेत्र दिवस और किसान सम्मेलन आयोजित करती है। इनमें किसानों को खेती में ही उत्तम किस्म के बीज का चयन और जैविक खाद, जीवामृत खाद आदि बनाने का प्रशिक्षण दिया जाता है। किसान अपने खेतों के अनुरूप बीज चुन सके। इसके लिये मदद के साथ देशी बीजों की प्रदर्शनी भी लगाई जाती है। अनाज और जड़ी-बूटी प्रदर्शनी : कृषि विज्ञान केन्द्रों, पूसा संस्थान नई दिल्ली, वन मेला, भोपाल, हैदराबाद, अहमदाबाद, बेंगलोर, चित्रकूट, रीवा आदि स्थानों पर प्रदर्शनी लगाई जा चुकी है। सदस्य सचिव मध्यप्रदेश राज्य जैव विविधता बोर्ड श्री श्रीनिवास मूर्ति ने बताया कि पिथौराबाद समिति से प्रेरणा लेकर बोर्ड ने प्रदेश के 40 जिलों से पारम्परिक किस्मों के बीजों को इकट्ठा करने के लिये 'बीज बचाओ-कृषि बचाओ यात्रा' मई 2017 से जुलाई 2017 तक आयोजित की थी।
मत्स्य महासंघ में भी सेवानिवृत्ति आयु 62 वर्ष होगी, मिलेगा 3 प्रतिशत महँगाई भत्ता
23 May 2018
मछली-पालन मंत्री श्री अंतर सिंह आर्य की अध्यक्षता में हुई मत्स्य महासंघ की बैठक में मत्स्य महासंघ सेवाकर्मियों की अधिवार्षिकी आयु में 2 वर्ष की वृद्धि और एक जनवरी, 2018 से 3 प्रतिशत महँगाई भत्ता स्वीकृत करने का निर्णय लिया गया। मध्यप्रदेश शासकीय सेवक (अधिवार्षिकी आयु) संशोधन अध्यादेश-2018 के अनुसार प्रस्ताव आयुक्त सहकारिता एवं पंजीयक सहकारी संस्थाएँ को भेजा जा रहा है। प्रबंध संचालक श्री महेन्द्र सिंह धाकड़ और वरिष्ठ अधिकारी बैठक में मौजूद थे। बैठक में सभी मछुओं का मुख्यमंत्री असंगठित मजदूर कल्याण योजना में पंजीयन करवाने का भी निर्णय लिया गया। मत्स्य महासंघ द्वारा संचालित 80 : 20 नाव जाल अनुदान योजना के प्रावधानों में न्यूनतम कार्य दिवस की पात्रता को समानुपातिक रूप से कम करने पर भी निर्णय लिया गया। प्रदेश में राज्य-स्तरीय मछुआ सम्मेलन आयोजन के संबंध में भी विस्तार से चर्चा की गई।
भाप्रसे अधिकारियों के स्थानांतरण और नवीन पद-स्थापना
22 May 2018
राज्य शासन ने भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों के स्थानांतरण करते हुए उनकी नवीन पद-स्थापना जारी की है।
अधिकारी का नाम वर्तमान पद-स्थापना नवीन पद-स्थापना
श्री शीलेन्द्र सिंह अपर कलेक्टर, खरगोन मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत, बुरहानपुर
श्री हरिसिंह मीणा मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत, दमोह मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत, हरदा

श्री रामाराव भोंसले उप सचिव गृह का अपर आयुक्त राजस्व सागर संभाग के पद पर किया स्थानांतरण आदेश को निरस्त किया गया है।

न्यायालयों में 14 जुलाई को लगेगी राष्ट्रीय लोक अदालत
22 May 2018
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा उच्च न्यायालय, जिला न्यायालयों, तालुका, श्रम और कुटुम्ब न्यायालयों में 14 जुलाई 2018 को राष्ट्रीय लोक अदालत लगाई जाएगी। लोक अदालत में लम्बित प्रकरण अपराधिक, शमनीय, पराक्राम्य अधिनियम के तहत बैंक रिकवरी, मोटर दुर्घटना क्षतिपूर्ति दावा प्रकरण, श्रम विवाद, विद्युत एवं जल कर, वैवाहिक, भूमि अधिग्रहण, सेवा निवृत्त संबंधी, राजस्व और दीवानी आदि मामलों की सुनवाई होगी। न्यायालय में लम्बित एवं मुकदमेबाजी के पूर्व (प्री-लिटिगेशन) प्रकरण का समाधान आपसी सहमति से लोक अदालत में करवाने के इच्छुक पक्षकार न्यायालय अथवा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से सम्पर्क कर अपना मामला लोक अदालत में रखे जाने की सहमति दे सकते हैं। न्यायालयों में 14 जुलाई को आयोजित की जा रही राष्ट्रीय लोक अदालत में दीवानी, अपराधिक और शमनीय मामलों सहित सभी प्रकार के ऐसे मामले रखे जायेंगे, जिनमें पक्षकार सौहार्दपूर्ण वातावरण में प्रकरणों का निराकरण कराने का प्रयास कर सकेंगे।
श्री आशुतोष प्रताप सिंह संचालक जनसम्पर्क पदस्थ
22 May 2018
राज्य शासन ने भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी श्री आशुतोष प्रताप सिंह को संचालक जनसम्पर्क विभाग पदस्थ किया है। श्री सिंह वर्तमान में सेनानी, 7वीं वाहिनी विसबल, भोपाल के पद पर पदस्थ थे।
नगरीय निकायों की सेवाएँ ऑनलाइन करने वाला मध्यप्रदेश पहला राज्य : श्रीमती माया सिंह
22 May 2018
नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्रीमती माया सिंह ने कहा है कि डिजिटल इंडिया की ओर कदम बढ़ाते हुए मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य है, जहाँ नगरीय निकायों द्वारा प्रदान की जाने वाली सभी नगरीय सेवाओं को ऑनलाइन किया जा चुका है। नागरिक इन सेवाओं का मोबाइल एप द्वारा लाभ प्राप्त कर सकते हैं। सभी निकायों को नागरिक से ऑनलाइन भुगतान प्राप्त करने के लिए पेमेन्ट गेट-वे से भी जोड़ा गया है। श्रीमती माया सिंह ने कहा कि नगरीय निकायों में भुगतान नेट-बैंकिंग के माध्यम से ही किए जा रहे है। इससे भुगतान की प्रक्रिया में तेजी आई है। उन्होंने बताया कि एक अप्रैल 2017 से 31 मार्च 2018 तक प्रदेश में 1.79 लाख प्रकरणों में 3280 करोड़ रूपये का विभिन्न वेन्ड़रों को ऑनलाइन भुगतान किया जा चुका है
प्रदेश में जैव विविधता को बढ़ावा देने की नई पहल
22 May 2018
अन्तर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस पर राज्य जैव विविधता बोर्ड ने जैव विविधता संरक्षण को प्रोत्साहन देने की नई पहल की है। बोर्ड ने आज इस दिशा में उत्कृष्ट कार्य कर रहे शासकीय/अशासकीय संस्थान, व्यक्ति और जैव विविधता वाले विभागों को राज्य स्तरीय वार्षिक जैव विविधता पुरस्कार योजना-2018 के तहत पुरस्कृत किया। अपर मुख्य सचिव वन श्री के.के. सिंह के मुख्य आतिथ्य में हुए कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख श्री रवि श्रीवास्तव ने की। कार्यक्रम का संचालन बोर्ड के सदस्य सचिव श्री आर श्रीनिवास मूर्ति ने किया। 'एक छात्र एक पौधा लगायें अभियान' के पं. उदित नारायण शर्मा पुरस्कृत व्यक्तिगत श्रेणी में छिन्दवाड़ा के राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित सेवा निवृत्त शिक्षक पं. उदित नारायण शर्मा को प्रथम पुरस्कार के रूप में 3 लाख रूपये, प्रशस्ति पत्र और ट्रॉफी से पुरस्कृत किया गया। श्री शर्मा पिछले 38 सालों से 'एक छात्र एक पौधा लगाये अभियान' का संचालन कर रहे हैं। स्कूली छात्र-छात्राओं में पर्यावरण जैव विविधता एवं जल संरक्षण जागरूकता के लिये वह अनवरत कार्य कर रहे हैं। उन्होंने हरियाली गीत माला की भी रचना की है। डॉ. डी.पी. कनोजिया ने भोपाल में विकसित किया वन व्यक्तिगत श्रेणी में डॉ. डी. पी. कनोजिया को भोपाल की आवासीय कालोनी रचना नगर में साल, सागौन, शीशम, हर्रा, बहेड़ा, अचार, महुआ, गूलर, पाखर, पीपल, नीम आदि के 60 से अधिक पौधे रोपने के लिये 2 लाख रूपये के द्वितीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। डॉ. कनोजिया पौधों से वृक्ष में तब्दील हो चुके पेड़ों की पिछले 20 सालों से नियमित सिंचाई और सुरक्षा कर रहे हैं। राज्य मछली महाशीर संरक्षण- कृत्रिम प्रजनन के लिये बड़वाह पुरस्कृत शासकीय संस्थागत श्रेणी में खरगौन जिले के वन मण्डल बड़वाह को मध्यप्रदेश की राज्य मछली महाशीर के संरक्षण एवं संवर्धन कर कृत्रिम प्रजनन द्वारा संख्या बढ़ाने के लिये द्वितीय पुरस्कार दिया गया। जागरूकता कार्यों के लिये मटकुली की जैवविविधता प्रबंधन समिति पुरस्कृत जैव विविधता प्रबंधन समिति श्रेणी में एक लाख रूपये का पुरस्कार होशंगाबाद जिले की जैव विविधता प्रबंधन समिति मटकुली को दिया गया। समिति द्वारा जैव विविधता से आजीविका को जोड़ते हुए लेंटाना से फर्नीचर निर्माण, पॉलीथीन के स्थान पर नॉन वोवेन बेग बढ़ावा देने, पौधरोपण, गर्मियों में पक्षियों के लिये दाना-पानी इंतजाम और जैव विविधता संरक्षण के प्रति जागरूकता के काम किये जा रहे है। खरगौन के आस्था ग्राम ट्रस्ट को 3 लाख रूपये का प्रथम पुरस्कार अशासकीय संस्थागत श्रेणी में खरगौन के आस्था ग्राम ट्रस्ट को 3 लाख रूपये प्रशंसा पत्र और ट्रॉफी से पुरस्कृत किया गया। ट्रस्ट वर्ष 1999 से बारह एकड़ बंजर भूमि पर वृक्षारोपण, वॉटरशेड प्रबंधन, जैविक खेती, ड्रिप इरीगेशन और केचुआ खाद निर्माण कर जैव विविधता से भरपूर क्षेत्र का विकास कर रहा है। ट्रस्ट ने क्षेत्र में जैव संसाधनों के संवहनीय उपयोग के लिये विविध प्रयास किये हैं। मुरैना की सुजाग्रति समाजसेवी संस्था को द्वितीय पुरस्कार अशासकीय संस्थागत क्षेणी में दो लाख रूपये का द्वितीय पुरस्कार मुरैना के सुजाग्रति समाज सेवी संस्था को दिया गया। संस्था पिछले 15 सालों से जैव विविधता संरक्षण, संवर्धन, वृक्षारोपण के साथ विशेष रूप से चम्बल क्षेत्र में संकटग्रस्त औषधीय प्रजाति गुग्गुल के संरक्षण और संवर्धन के कार्य कर रही हैं। पर्यावरण की अदभुत चित्रकारी करने वाले विद्यार्थी पुरस्कृत बोर्ड द्वारा जैव विविधता संरक्षण एवं संवंर्धन के प्रति स्कूल-कॉलेज के छात्र-छात्राओं को जागरूक करने के लिये गत् 12 मई को 'जलवायु परिवर्तन, जैव विविधता एवं मानव अस्तित्व' विषय पर चार श्रेणी में चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की गई। कक्षा 1 से 5 तक की श्रेणी में शीतल गुप्ता, निरंजन थापा और तनीषा डोंगरे को क्रमश: प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार दिया गया। कक्षा 6 से 8 तक की श्रेणी में कार्तिक शर्मा को प्रथम, प्रियल जैन को द्वितीय, मीत चावला को तृतीय, कक्षा 9 से 12 तक श्रेणी में रिचा शाक्य को प्रथम अन्तरिक्ष सेठिया को द्वितीय और आयुष विश्वकर्मा को तृतीय पुरस्कार दिया गया। कक्षा 12 से ऊपर की श्रेणी में विजय गहरवार को पहला, साबिर हलीम को दूसरा और शुभम वर्मा को तीसरा पुरस्कार मिला। अन्तर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस के 25 साल पूरे होने पर इस बार संयुक्त राष्ट्र के निर्णयानुसार '25 साल - जैविक विविधता सम्मेलन - पृथ्वी पर जीवन की सुरक्षा' के रूप में मनाया जा रहा है। प्रदेश में इस अवसर पर कार्यशाला, सेमिनार, बैठक और जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्रधान मुख्य संरक्षक श्री शाहबाज अहमद, श्री राजेश श्रीवास्तव, श्री एम. के. सप्रा, श्री जे.के. मोहन्ती, श्री सुधीर कुमार, भारतीय वन प्रबंधन संस्थान के निर्देशक डॉ. पंकज श्रीवास्तव सहित विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधि और विद्यार्थी उपस्थित थे। आभार डॉ. बकुल लाड ने प्रकट किया।
किसानों को एसईसीएल, सोहागपुर देगा अधिग्रहित भूमि का 42 करोड़ मुआवजा
22 May 2018
खनिज साधन, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने अपने प्रभार के शहडोल जिले में साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड लिमिटेड़ (SECL) सोहागपुर द्वारा किसानों की अधिग्रस्त भूमि के मुआवजा प्रकरण का निराकरण सुनिश्चित किया है। श्री शुक्ल के प्रयासों से एसईसीएल प्रबंधन ग्राम खैरहा, कंदोहा और धमनीकला के लगभग 400 किसानों को उनकी अधिग्रहित 540 एकड़ भूमि का मुआवजा 42 करोड़ रूपये भुगतान करने के लिये स्वीकृति प्रदान कर दी है। प्रबंधन ने मुआवजे के अलावा प्रभावित किसानों के 370 परिजनों को एसईसीएल में नौकरी पर रखने के लिये भी सहमति प्रदान कर दी है। मंत्री श्री शुक्ल के प्रयासों से शहडोल और अनूपपुर जिले में स्वीकृत नई खदानों रामपुर बेलिया और खांडा तथा उमरिया जिले में स्वीकृत कोयला खदान मालाचुआ के भूमि अधिग्रहण और मुआवजा वितरण से संबंधित गतिरोध समाप्त हो गये हैं। श्री शुक्ल ने कमिश्नर शहडोल संभाग से कहा है कि तीनों संबंधित जिलों के कलेक्टरों, अध्यक्ष सह प्रबंधक निर्देशक, एसईसीएल एवं एसईसीएल के महाप्रबंधकों की बैठक लेकर किसानों के भू-अर्जन मुआवजा वितरण और पुनर्वास के लिये समुचित कार्यवाही सुनिश्चित करें।
प्रदेश के हित में रिसर्च को प्रोत्साहित करें- मंत्री श्री गुप्ता
22 May 2018
मध्यप्रदेश विज्ञान और प्रौद्योगिकी परिषद (मेपकास्ट) और प्रदेश स्थित निजी विश्वविद्यालय प्रदेश के हित में रिसर्च को प्रोत्साहित करें। राजस्व विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता ने यहा बात मेपकास्ट और निजी विश्वविद्यालयों के कुलपतियों की इंटरएक्शन बैठक में कही। बैठक में विश्वविद्यालय के कुलपति/प्रतिनिधि शामिल हुए। श्री गुप्ता ने कहा कि बैठक को सिर्फ चर्चा तक ही सीमित नहीं रखें। चर्चा के बाद निकलने वाले निष्कर्षों को कार्यरूप में परणित करने के भी प्रयास करें। उन्होंने कहा कि प्रदेश में उपलब्ध संसाधनों का समुचित उपयोग करें। श्री गुप्ता ने कहा कि प्रत्येक विश्वविद्यालय के लिए विषय निर्धारित किये जायें। बैठक में मेपकास्ट के महानिदेशक डॉ. नवीन चन्द्रा और विश्वविद्यालय विनियामक आयोग के अध्यक्ष डॉ. अखिलेश पाण्डेय ने भी विचार व्यक्त किये। विभिन्न विश्वविद्यालयों के कुलपतियों ने रिसर्च के लिए अनुदान और प्रोजेक्ट निर्माण आदि के संबंध में महत्वपूर्ण सुझाव दिये।
प्रधानमंत्री सड़क बनने से गाँव का हुआ कायाकल्प
22 May 2018
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजनान्तर्गत आगर मालवा जिले के ग्राम इकलेरा में कानड़ दुपाड़ा रोड से इकलेरा मार्ग लम्बाई 3.20 किलोमीटर (खांकरी से इकलेरा) लागत 141.36 लाख रूपये की सड़क के निर्माण से ग्रामीणों की जीवन शैली में काफी बदलाव आ गया है। एक ओर जहाँ ग्रामीणों को आवागमन में आसानी हो गई है, वहीं दूसरी ओर वे विकास की मुख्य धारा से भी जुड़ गए हैं। सड़क निर्माण से पहले गाँव में बीमार व्यक्ति को उपचार के लिये चिकित्सालय तक लाने-ले-जाने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। आज बिना तकलीफ के आसानी से मरीज को चिकित्सालय ले जा सकते हैं। गाँव में स्वास्थ्य और शिक्षा की सुविधा उपलब्ध हो गई हैं। किसानों की कृषि उपज अब सहजता से बाजार तक पहुँच रही है। गाँव के ज्ञानसिंह सिंह का कहना है कि सड़क निर्माण के पहले कच्चे रास्ते के माध्यम से लोग आना-जाना करते थे, जिससे उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। बारिश के दौरान रास्ते में कीचड़ एवं पानी भरने से पैदल चलना दूभर हो जाता था। अब प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क निर्माण से गाँव का कायाकल्प हो गया है
अब युवाओं को उनकी योग्यतानुसार मिलेगा रोजगार
21 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने भोपाल के मॉडल स्कूल में 'हम छू लेंगे आसमाँ' 'मुख्यमंत्री कॅरियर काउंसलिंग पहल' कार्यक्रम में 'माय एमपी रोजगार पोर्टल'' लांच किया। यह पोर्टल युवाओं को उनकी शैक्षणिक योग्यता, क्षमता एवं रुचि के अनुसार रोजगार उपलब्ध करवाने तथा नियोजक को अपने व्यवसाय की जरूरत के अनुसार योग्य उम्मीदवार की उपलब्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से परिपूर्ण है। युवा सशक्तिकरण मिशन के अंतर्गत मध्यप्रदेश कौशल विकास एवं रोजगार निर्माण बोर्ड द्वारा यह पोर्टल तैयार किया गया है। इस पोर्टल के माध्यम से युवक अपनी योग्यतानुसार स्वयं की प्रोफाइल को पोर्टल पर रजिस्टर कर रोजगार खाता खोल सकेगा। पोर्टल के माध्यम से वह अपनी पसंद के रोजगार की जगह, कार्य-क्षेत्र, सेक्टर एवं जॉब रोल का निर्धारण कर सकता है। प्रोफाइल एकाउंट में सर्च करने पर उसे मालूम हो सकेगा कि उसकी रुचि और योग्यता के आधार पर रोजगार देने वाले कितने नियोजक एवं कितने पद उपलब्ध हैं। ऑनलाइन ही इन कम्पनियों में नौकरी के लिये आवेदन भी कर सकेंगे। रोजगार एकाउंट में दी गई जानकारी को ऑनलाइन अपडेट किया जा सकेगा और नौकरी मिलने के बाद नई नौकरी के लिये भी रोजगार एकाउंट का उपयोग कर सकेगा। नियोजक कम्पनी भी इस पोर्टल पर नि:शुल्क नियोजक खाता खोल सकती है। खाते में वह उसके यहाँ नौकरी के लिये जरूरी योग्यता, प्रशिक्षण आदि की जानकारी रखेगा। जैसे ही नियोजक जॉब रोल/स्किल सेट अपडेट करेगा, वैसे ही पोर्टल नियोजक के समक्ष जॉब प्राप्त करने वालों की लिस्ट एवं प्रोफाइल उपलब्ध करवा देगा। पोर्टल के माध्यम से ही नियोजक आवेदन आमंत्रित कर आवेदक को इंटरव्यू के लिये बुला सकेगा। पोर्टल की विशेषताएँ युवाओं के लिये : युवाओं को पोर्टल पर स्वत: रजिस्ट्रेशन, जॉब प्रीफरेंस को अपडेट करने, नियोक्ता की जानकारी, सेक्टर एवं जॉब रोल के आधार पर उपलब्ध ऑनलाइन आवेदन की सुविधा मिलेगी। इंटरव्यू एवं जॉब-फेयर की जानकारी रजिस्टर्ड ई-मेल एवं मोबाइल पर प्राप्त की जा सकेगी। नियोजक के लिये : नियोजकों को पोर्टल पर स्वत: रजिस्ट्रेशन, सेक्टर एवं जॉब रोल्स को अपडेट करने और इसी के आधार पर डिमांड को पोर्टल पर अपलोड करने की सुविधा होगी। डिमांड के आधार पर योग्य आवेदकों की सूची उपलब्ध हो सकेगी। मैच-मेकिंग के माध्यम से नियोजक कम्पनियों और रोजगार के इच्छुक युवाओं को नजदीक लाने का प्रयास, 'माय एमपी रोजगार पोर्टल'' के माध्यम से किया गया है।
विद्यार्थी अपनी मूल प्रवृत्ति और रूचि अनुसार कॅरियर का चयन करें
21 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज यहाँ मॉडल स्कूल सभागार में 'हम छू लेंगे आसमाँ' कॅरियर कांउसलिंग पहल के शुभारंभ कार्यक्रम में विद्यार्थियों को सफल, सार्थक और आनंदमय जीवन जीने की राह दिखाई। श्री चौहान ने कहा है कि बेहतर कॅरियर के अनेक अवसर हैं। विद्यार्थी अपनी मूल प्रवृत्ति, रूचि और विशेषज्ञता के अनुसार कॅरियर का चयन करें। परचितों और परिजनों से भी चर्चा करें। लक्ष्य निर्धारित कर विस्तृत और अग्रिम कार्य योजना का रोडमैप बनाकर दृढ़ इच्छा शक्ति के साथ सफलता के लिये संकल्पित हों। मुख्यमंत्री ने कहा कि दुनिया में कोई भी कार्य अथवा लक्ष्य असंभव नहीं है। व्यक्ति में असीम शक्तियां होती हैं। वो जैसा सोचता है, वैसा बन जाता है। मुख्यमंत्री ने अपने जीवन के अनुभवों, अध्ययन और उनसे जुड़े प्रसंगों को विद्यार्थियों से साझा किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि वे बच्चों को सदैव मुस्कुराते हुए देखना चाहते हैं। बच्चे आगे बढ़ेंगे तो प्रदेश आगे बढ़ेगा। हर बच्चा अपनी जिन्दगी को सफल बनाए। उसकी सफलता और क्षमता का लाभ निश्चित ही प्रदेश को भी मिलेगा। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की न्यू इंडिया के निर्माण की अवधारणा को सफल बनाने के लिये हमें नया मध्यप्रदेश बनाना होगा। उन्होंने कहा कि बच्चों की उच्च शिक्षा की फीस भरवाने की व्यवस्था राज्य सरकार ने कर दी है। बच्चे जीवन में सही दिशा में आगे बढ़ें, इस मंशा से कॅरियर कांउसलिंग की व्यवस्था की गई है। श्री चौहान ने कहा कि सफलता के लिये उच्च शिक्षा अनिवार्य नहीं है। विश्व में अनेक व्यक्तियों ने उच्च शिक्षित नहीं होने पर भी सफलता के शीर्ष को छुआ है। कई नये और बड़े व्यवसाय खड़े किये हैं। नये कीर्तिमान बनाये हैं। उन्होंने स्वयं के उदाहरण से बताया कि उनका परिवार उन्हें चिकित्सक बनाना चाहता था किन्तु कार्य की प्रकृति उनकी मूल प्रवृत्ति से नहीं मिलती थी। दर्शन का विषय उन्हें आकर्षित करता था और उसी दिशा में वे आगे बढ़ते गये। मुख्यमंत्री ने पालकों से आग्रह किया कि वे संतानों पर दबाव नहीं बनायें। उन्हें उनकी रूचि और प्रवृत्ति अनुसार कॅरियर का चयन करने में सहयोग करें। उन्होंने कवि को कविता पाठ से मिलने वाले आनंद के प्रसंग का उल्लेख करते हुए बताया कि मूल रूचि के अनुसार कार्य करने पर ही आनंद प्राप्त होता है। कवि को कविता की और चित्रकार को चित्र की रचना से मिलने वाला आनंद अमूल्य है। श्री चौहान ने बताया कि कॅरियर चयन करने में विद्यार्थियों को सहयोग करने की पहल उनके दिल से निकली है। वे दिल से चाहते हैं कि युवा सही दिशा में तेजी से आगे बढ़ें। उन्होंने कहा कि अर्थहीन शिक्षा व्यर्थ है। शिक्षा का उद्देश्य है ज्ञान, संस्कार और कौशल देना। रोजगारोन्मुखी शिक्षा भी जरूरी है। उन्होंने प्रदेश में इस वर्ष माध्यमिक शिक्षा मंडल की परीक्षा में 1 लाख 12 हजार 625 बच्चों द्वारा 70 प्रतिशत से अधिक अंक अर्जित करने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए बताया कि गत वर्ष तक मुख्यमंत्री मेधावी विद्यार्थी प्रोत्साहन योजना में 75 प्रतिशत से अधिक अंक लाने वाले छात्र-छात्राएँ लाभान्वित होते थे। बच्चों की मांग पर इस वर्ष से प्राप्तांक की सीमा घटाकर 70 प्रतिशत कर दी गई है। उन्होंने बताया कि योजना के तहत मेधावी विद्यार्थियों की फीस राज्य सरकार भरवा रही है। गत वर्ष 750 से ज्यादा बच्चों की मेडिकल शिक्षा की फीस सरकार ने भरवाई है। मेडिकल की फीस में 40 लाख रुपये तक भरे जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि बच्चों के सपनों को मरने नहीं देंगे। इसीलिये नि:शुल्क किताबें, गणवेश, साइकिल से लेकर उच्च शिक्षा की फीस भरवाने की योजनाएं बनायी गई हैं। कार्यक्रम के प्रारंभ में मुख्यमंत्री ने रोजगार विभाग के 'मॉयएमपी रोजगार' पोर्टल का लोकार्पण किया। यह पोर्टल नियोजक और बेरोजगार के बीच संपर्क स्थापित करने का सशक्त प्लेटफार्म होगा। इसमें 38 सेक्टर में 180 जॉब रोल्स उपलब्ध हैं। माध्यमिक शिक्षा मंडल के अध्यक्ष श्री एस.आर. मोहंती ने बताया कि निशुल्क कॅरियर कांउसलिंग का आयोजन तीन चरणों में किया गया है। प्रथम चरण में 21 मई से 31 मई तक 12वीं कक्षा में 70 प्रतिशत से अधिक अंक पाने वाले, द्वितीय चरण में 4 जून से 14 जून तक 70 प्रतिशत से कम अंक लाने वाले और तृतीय चरण में 18 से 28 जून तक 12वीं के अनुतीर्ण 10वीं एवं 11वीं उत्तीर्ण विद्यार्थियों की कांउसलिंग की जायेगी। कांउसलिंग के लिये 500 प्रशिक्षित काउंसलर की व्यवस्था की गई है। काउंसलिंग की सूचना एसएमएस से दी जा रही है। कांउसलिंग के लिये 112 केन्द्र बनाये गये हैं। कैरियर प्रदर्शिनी लगायी गई है। मार्गदर्शिका ब्रोशर का भी वितरण होगा। आयुक्त लोक शिक्षण श्रीमती जयश्री कियावत ने कार्यक्रम में आगन्तुकों का स्वागत किया। उन्होंने विभाग के पोर्टल पर विद्यार्थियों के सवाल और सुझाव भी आमंत्रित किये। इस अवसर पर उच्च शिक्षा मंत्री श्री जयभान सिंह पवैया, स्कूल शिक्षा मंत्री कुंवर विजय शाह, रोजगार बोर्ड के अध्यक्ष श्री हेमंत देशमुख, अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा श्री बी.आर. नायडू और मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री अशोक वर्णवाल मौजूद थे।
विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान के लिये सभी संभव प्रयास होंगे : मुख्यमंत्री श्री चौहान
21 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने विद्यार्थियों का आव्हान किया है कि जीवन में हताश नहीं हों। हर समस्या का समाधान होता है। उन्होंने बच्चों को भरोसा दिलाया कि वे बनी-बनायी लकीर से बंधे रहने वाले व्यक्ति नहीं हैं। बच्चों के लिये नई राहें और नई लकीरे बना देंगे। बच्चों की जिन्दगी में कोई बाधा नहीं रहने दी जायेगी। बच्चों को जिन्दगी में आगे बढ़ने के लिये सभी आवश्यक व्यवस्थाएँ की जाएंगी, सुविधाएँ जुटाई जाएंगी। श्री चौहान ने विद्यार्थियों से कहा कि कोई भी समस्या हो, उसकी जानकारी उन्हें दी जाये। हर समस्या को दूर किया जायेगा। जरूरत होने पर नये प्रावधान, नई योजना भी बनायी जायेगी। श्री चौहान आज मॉडल स्कूल सभागार में लाइव फोन इन कार्यक्रम में विद्यार्थियों से सीधी बातचीत कर रहे थे। कार्यक्रम में प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर उपस्थित 60 हजार 592 विद्यार्थियों ने भाग लिया। विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री से सीधे प्रश्न पूछे। मुख्यमंत्री ने भी सबका समाधान संवेदनशीलता के साथ किया। कुमारी अदिति ठाकुर को भरपूर मदद के निर्देश मुख्यमंत्री श्री चौहान को सभागार में उपस्थित 10वीं परीक्षा उत्तीर्ण मॉडल स्कूल की छात्रा अदिति ठाकुर ने पिता की मृत्यु से परिवार पर आई दिक्कतों के बारे में बताया। मुख्यमंत्री ने उससे अलग से चर्चा कर उसे धैर्य बंधाया। श्री चौहान ने अदिति को भरपूर मदद करने के लिये अधिकारियों को निर्देशित किया। झाबुआ जिले की यशस्वनी भाबोर ने प्रतियोगी परीक्षा की तैयारियों के लिये ई-लायब्रेरी की जरूरत बताई। मुख्यमंत्री ने बताया कि झाबुआ में शीघ्र ही सर्व-सुविधा संपन्न पुस्तकालय भवन बनकर तैयार हो रहा है। जिले की फाल्गुनी नाहर द्वारा इंजीनियरिंग महाविद्यालय भवन की कमी बताने पर श्री चौहान ने बताया कि भवन स्वीकृत हो गया है। इसके बनने पर कई नई ब्राँच भी शुरू हो जायेगी। श्री चौहान को भिण्ड जिले के रोहित श्रीवास्तव ने जे.एन.यू दिल्ली विश्वविद्यालय में प्रवेश की इच्छा बताते हुये फीस भरवाने की जानकारी चाही। मुख्यमंत्री ने बताया ऐसे परिवार जिनकी वार्षिक आय 6 लाख रुपये तक है। उनके बच्चों की फीस सरकार द्वारा भरवाई जाती है। उनका प्रवेश जे.एन.यू. अथवा दिल्ली विश्वविद्यालय कहीं भी हो। छात्र ललित पटेल द्वारा भोपाल में घर से कॉलेज की अधिक दूरी की समस्या बताने पर श्री चौहान ने बताया कि गांव से शहर पढ़ने आने वाले विद्यार्थियों के लिये निश्चित सीमा तक परिवहन व्यय की व्यवस्था है। छात्र मोहन सोनी ने मुख्यमंत्री से सवाल किया कि उन्होंने कॅरियर चयन कैसे किया। मुख्यमंत्री ने बताया कि जीव विज्ञान की पढ़ायी में डिसेक्शन कार्य उनसे नहीं होता था। दूसरों की दिक्कतों को दूर करवाने में सहयोग के लिये सदैव तत्पर रहते थे। कक्षा सातवीं के छात्र के रूप में गांव के मजदूरों की मजदूरी बढ़वाने के लिये जलूस भी निकाला था जिसमें उन्हें परिवार की नाराजगी भी झेलनी पड़ी थी, लेकिन उनका दिल इसी में रमता था। आपातकाल के विरोध में वे जेल भी गये थे। उन्होंने कहा कि व्यक्ति का दिल जो कहे, उसे सुनना चाहिए और प्राथमिकता देना चाहिये। छात्र अंकित गुप्ता की असफलता की आशंका की चिंता को मुख्यमंत्री ने गीता के अर्जुन-श्रीकृष्ण संवाद के द्वारा दूर किया। उन्होंने बताया कि सात्विक कार्यकर्ता के रूप में धैर्य, उत्साह के साथ परिणाम की चिंता किये बिना निरंतर प्रयास करें। मुख्यमंत्री ने खंडवा के छात्र हरिओम श्याम को वाणिज्य के क्षेत्र में अध्ययन के पाठ्यक्रमों की जानकारी दी। यह भी बताया कि गरीब परिवारों के बच्चों की बी-कॉम आदि पाठ्यक्रमों की फीस भी राज्य सरकार भरवाएगी। मुख्यमंत्री ने पन्ना की छात्रा शीलू पटेल को उच्च शिक्षा के लिये बाहर जाने में यदि कोई कठिनाई आती है तो उसे दूर करने में पूरे सहयोग का भरोसा दिलाया। छात्रा गुंजन सिंह पटेल द्वारा राजनीति में कॅरियर के लिये क्या करना होगा, पूछने पर मुख्यमंत्री ने बताया कि राजनीति जितनी आसान दिखती है, उतनी आसान नहीं है। मन में दूसरों के लिये गहरी संवेदनाएं, दूसरे के दर्द में द्रवित होने और उनके कष्ट को दूर करने का भाव जिनमें होगा, उन्हें राजनीति में सफलता मिलती है। यही जज्बा होने के कारण श्री नरेन्द्र मोदी चाय वाले से प्रधानमंत्री बन गये। स्वयं वे साधारण परिवार के होते हुये मुख्यमंत्री बन गये। श्री चौहान ने राजनीतिक जीवन में स्वयं के संघर्ष का भी जिक्र किया। उन्होंने छात्र सोहन सिंह की बी.सी.ए. पाठ्यक्रम में मुख्यमंत्री मेधावी प्रोत्साहन योजना में फीस भरे जाने की आशंका को दूर किया। बालाघाट की छात्रा अंकिता यादव के संस्थान और कोर्स में से किसे प्राथमिकता देने के प्रश्न का भी उत्तर दिया। उसे बताया कि रूचि अनुसार कोर्स को प्राथमिकता देना चाहिए। साथ ही यह भी देखें कि संस्थान स्तरहीन नहीं हो। छात्रा मोनिका यादव ने विदेश में अध्ययन में मदद की जानकारी चाही। मुख्यमंत्री ने बताया कि विश्व के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों में प्रवेश पाने वाले विद्यार्थियों को एक सीमा तक आर्थिक मदद प्रदान की जाती है। बालाघाट की पुष्पांजली बघेल ने इंजीनियरिंग के साथ आईएएस की तैयारी के लिये अवसरों की जानकारी चाही। मुख्यमंत्री ने उन्हें बताया कांउसलिंग के दौरान प्रतिष्ठित संस्थानों में कोचिंग आदि की जानकारी भी दी जायेगी।
कड़कनाथ सहकारी समितियों के लिए 1972 लाख मंजूर : राज्यमंत्री श्री सारंग
21 May 2018
सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), श्री विश्वास सारंग ने बताया है कि धार, झाबुआ, अलीराजपुर और बड़वानी जिले की 100 कड़कनाथ सहकारी समितियों के लिए 19 करोड़ 72 लाख रुपये की राशि मंजूर कर दी गई है। इस राशि में से झाबुआ जिले की 30 सहकारी समितियों को 6 करोड़ 35 लाख 20 हजार, बड़वानी जिले की 30 सहकारी समितियों को 4 करोड़ 85 लाख 20 हजार, अलीराजपुर जिले की 30 सहकारी समितियों को 6 करोड़ 35 लाख 20 हजार और धार जिले की 10 सहकारी समितियों को 2 करोड़ 16 लाख 40 हजार रूपये की मंजूरी दी गई है। सहकारिता विभाग द्वारा सहकारिता से अंत्योदय योजना के क्षेत्र में स्थानीय संसाधनों के आधार पर सहकारी समितियों के माध्यम से रोजगार सृजन और लोगों को रोजगार मुहैया कराने के नवचार के अंतर्गत झाबुआ और झाबुआ के आस-पास के जिलों में कड़कनाथ सहकारी समितियों का गठन किया जा रहा है। औषधीय और चिकित्सीय गुणों के कारण झाबुआ और अलीराजपुर क्षेत्र में पाया जाने वाला 'कड़कनाथ मुर्गा' दुनिया में मशहूर है। काले रंग के कड़कनाथ का शरीर ही नहीं, खून भी काला होता है। यह दुर्लभ प्रजाति का मुर्गा है। कड़कनाथ मुर्गा की इस दुर्लभ प्रजाति के संरक्षण और संवर्धन के लिये कड़कनाथ सहकारी समितियों का गठन करवाया गया है। सहकारी समितियों के गठन की प्रक्रिया अभी भी जारी है। कड़कनाथ सहकारी समितियों को हैचरी की स्थापना, शेड निर्माण, टीकाकरण, चूजों की उपलब्धता, कड़कनाथ मुर्गों की मार्केटिंग आदि के लिए जरूरी धन राशि की व्यवस्था के रूप में 1972 लाख रूपये की मंजूरी दी गई हैं। इससें सहकारी समितियों से जुड़े अनुसूचित जनजाति क्षेत्र के हजारों परिवार व्यवसाय से जुड़ेंगे।
प्रदेश के प्रत्येक गरीब व्यक्ति को दिया जायेगा जमीन का पट्टा : मुख्यमंत्री श्री चौहान
20 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में पैदा होने वाले प्रत्येक गरीब व्यक्ति को जमीन के हिस्से का मालिक बनाया जाएगा। सभी गरीबों को जमीन के पट्टे दिये जाएंगे। उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर गरीब परिवारों को जमीन खरीदकर भी दी जाएगी। इसके लिए राज्य सरकार ने कानून बना दिया है। श्री चौहान आज शिवपुरी जिले के तहसील मुख्यालय पोहरी में असंगठित श्रमिक एवं तेंदूपत्ता संग्राहक सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने इस मौके पर पोहरी को नगर पंचायत बनाए जाने और पोहरी नलजल योजना स्वीकृत करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकूला मध्यम सिंचाई योजना स्वीकृत कर दी गई है और वरकेश्वर परियोजना का तकनीकी परीक्षण कराया जाएगा। तेन्दूपत्ता संग्राहकों को 3 करोड़ 4 लाख 33 हजार बोनस राशि का वितरण मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सम्मेलन में शिवपुरी और श्योपुर जिले के तेन्दूपत्ता संग्राहकों को ई-पेमेंट के माध्यम से 3 करोड़ 4 लाख 33 हजार रुपये बोनस राशि का वितरण किया। श्री चौहान ने 21 हजार 317 तेंदूपत्ता संग्राहकों को पानी की बोतल एवं चरण पादुकाएं प्रदाय कीं। मुख्यमंत्री ने प्रतिकात्मक स्वरूप महिला तेन्दूपत्ता संग्राहकों को चरण पादुकाएं पहनाईं। उन्होंने ने इस अवसर पर विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को हित-लाभ भी वितरित किये। असंगठित श्रमिकों को जनपद स्तर पर दिये जाएंगे हित-लाभ मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि राज्य सरकार गरीबों के कल्याण एवं विकास के कार्यों में पैसों की कमी नहीं आने देगी। उन्होंने विभिन्न योजनाओं की विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि आगामी 13 जून को प्रदेश की जनपद पंचायतों में पंजीकृत असंगठित श्रमिकों को विभिन्न योजनाओं के हित-लाभ प्रदान करने के लिये कार्यक्रम आयोजित किये जाएंगे। श्री चौहान ने मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना के बारे में विस्तार से जानकारी दी। केंद्रीय ग्रामीण विकास, पंचायती राज एवं खान मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने इस अवसर पर कहा कि मध्यप्रदेश में पिछले 15 वर्षों में विकास के कार्य तेजी से हुए हैं। उन्होंने कहा कि गरीब, किसान एवं श्रमिक वर्ग के कल्याण एवं विकास के लिये केन्द्र सरकार मध्यप्रदेश सरकार के साथ खड़ी है। सम्मेलन में शिवपुरी जिले के प्रभारी मंत्री श्री रूस्तम सिंह, श्योपुर जिले के प्रभारी मंत्री श्री नारायण सिंह कुशवाह, मुरैना श्योपुर संसदीय क्षेत्र के सांसद श्री अनूप मिश्रा, विधायकगण और अन्य जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे।
एस.एम.एस. पर मिली तारीख को ही मण्डी में फसल लायें किसान
20 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने किसानों से अपील की है कि एसएमएस द्वारा सूचित की गई तारीख को ही अपनी फसल मंडी में विक्रय करने के लिये लायें। इससे उन्हें और अन्य किसान भाईयों को फसल विक्रय करने में सुविधा रहेगी। श्री चौहान ने बताया कि किसानों को एसएमएस के द्वारा खरीदी की तारीख की सूचना देने की पुख्ता व्यवस्था की गई है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने किसानों को आश्वस्त किया है कि उनकी चना, मसूर और सरसों की फसल का एक-एक दाना समर्थन मूल्य पर खरीदा जायेगा, किसान धैर्य बनाये रखें। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि खरीदी कार्य में किसानों को किसी भी प्रकार की दिक्कत नहीं होना चाहिये। तत्काल भुगतान के समुचित प्रबंध किये जायें। श्री चौहान ने आज मुख्यमंत्री निवास में प्रदेश में उपार्जन कार्य की विस्तृत समीक्षा की। समीक्षा बैठक में मुख्य सचिव श्री बी.पी. सिंह भी मौजूद थे। मुख्यमंत्री को समीक्षा के दौरान बताया गया की प्रदेश के 8 लाख 80 हजार से अधिक किसानों द्वारा अभी तक 67 लाख 78 हजार मैट्रिक टन गेहूँ का समर्थन मूल्य पर विक्रय किया गया है। खरीदी मूल्य का 91 प्रतिशत भुगतान किसानों को उनके बैंक खातों में कर दिया गया है। इस मौके पर जानकारी दी गई कि 593 खरीदी केन्द्रों पर चना, मूसर एवं सरसों की खरीदी प्रारंभ कर दी गई है। प्रदेश में कुल 9 लाख 46 हजार 861 मैट्रिक टन चना, मूसर एवं सरसों की खरीदी 4 लाख 19 हजार 393 किसानों से की जा चुकी है। मुख्यमंत्री ने गेहूँ खरीदी की बेहतर व्यवस्था की तारीफ की और अधिकारियों को बधाई दी। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव वित्त श्री ए.पी. श्रीवास्तव, कृषि उत्पादन आयुक्त श्री पी.सी. मीणा, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री अशोक वर्णवाल, प्रमुख सचिव कृषि श्री राजेश राजौरा, प्रमुख सचिव सहकारिता श्री के.सी. गुप्ता, प्रमुख सचिव खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति श्रीमती नीलम शमी राव, आयुक्त मण्डी बोर्ड श्री फैज अहमद किदवई उपस्थित थे।
किसानों के खेतों में पानी पहुँचाने से बढ़ा कोई काम नहीं:वित्त मंत्री श्री मलैया
20 May 2018
वित्त मंत्री श्री जयंत मलैया ने कहा है कि किसानों के खेतों में समय पर पानी पहुँचाने से बड़ा कोई काम नहीं हो सकता। वित्त मंत्री आज दमोह में 315 करोड़ रूपये लागत की महत्वाकांक्षी सतधरू सिंचाई परियोजना के शिलान्यास समारोह को सम्बोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में सांसद श्री प्रहलाद पटेल, विधायक श्री लखन पटेल और स्थानीय जन-प्रतिनिधि मौजूद थे। वित्त मंत्री श्री मलैया ने कहा कि सतधरू मध्यम सिंचाई परियोजना से 18 हजार एकड़ क्षेत्र में सिंचाई हो सकेगी। परियोजना से 65 गांव में सिंचाई और 100 गांव में पेयजल उपलब्ध हो सकेगा। उन्होंने कहा कि परियोजना में जमीन अधिग्रहण के लिये किसानों को 30 करोड़ रूपये और वन विभाग को 70 करोड़ रूपये दिये गये है। श्री मलैया ने बताया कि दमोह में 500 करोड़ रूपये लागत की सीतानगर मध्यम सिंचाई योजना को भी प्रशासकीय स्वीकृति मिल चुकी है। इस सिंचाई योजना से 10 हजार एकड़ क्षेत्र में सिंचाई होगी। वित्त मंत्री ने बताया कि सतधरू परियोजना में वर्ष 2019 में बांध का काम पूरा कर लिया जायेगा। यहां प्रेशर पद्धति से खेतों में पानी पहुँचाया जायेगा।
दतिया जिले के ग्रामीण अंचलों में पहुँचे जनसम्पर्क मंत्री डॉ. मिश्र
20 May 2018
जनसम्पर्क, जल संसाधन एवं संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने दतिया जिले के ग्रामीण अंचलों में पहुँच कर ग्रामीणों की समस्यायें सुनी, विकास कार्यों की शुरूवात की। डॉ. मिश्र ने गाँव जुझारपुर में एक करोड़ 26 लाख रुपए लागत के पचोखरा जुझारपुर सड़क मार्ग का भूमि-पूजन किया। डॉ. मिश्र ने कहा कि प्रदेश सरकार ने प्रत्येक व्यक्ति की भलाई के लिए योजनाएं लागू की है। योजनाओं में गरीब और किसान की विशेष चिन्ता की गई है। उन्होंने मुख्यमंत्री जनकल्याण योजना का उल्लेख करते हुए बताया कि इस योजना में सभी फायदे समाहित हैं। डॉ. नरोत्तम मिश्र जिले के बसई भैरारेश्वर धाम पर बेतवा किनारे समाजसेवियों और जनप्रतिनिधियों से रूबरू हुए। उन्होंने समाजसेवियों से अपील की कि घर-घर जाकर लोगों को योजनाओं की जानकारी दें ताकि अधिक से अधिक लोग योजनाओं से लाभांवित हो सकें। डॉ. मिश्र ने ग्राम कमथरा पहुंचकर सीमेन्ट ब्रिक्स समृद्धि इण्डस्ट्रीज का शुभारंभ किया। जिले के ग्राम उद्गंवा में लोगों ने ढ़ोल-नगाड़े और आतिशबाजी से जनसम्पर्क मंत्री का स्वागत किया।
गंजबासोदा को मिनी स्मार्ट सिटी बनाया जायेगा : मुख्यमंत्री श्री चौहान
19 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने शुक्रवार को देर शाम विदिशा जिले के गंजबासोदा में आम जनता से जन-संवाद करते हुए घोषणा की कि गंजबासोदा को मिनी स्मार्ट सिटी बनाया जायेगा। श्री चौहान ने इस प्रोजेक्ट के कार्य तुरन्त शुरू करने के लिए 25 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने गणमान्य नागरिकों का आव्हान किया कि नगर को मिनी स्मार्ट सिटी बनाने में भरपूर सहयोग प्रदान करें। उन्होंने कहा कि सरकार निर्माण कार्य करवा सकती है लेकिन निर्मित अधोसंरचनाओं की देखभाल, सुरक्षा और साफ-सफाई की जिम्मेदारी स्थानीय नागरिकों की होती है। मुख्यमंत्री ने गंजबासोदा में नगर भ्रमण किया और विकास कार्यो का जायजा लिया। आमजनों से मिले तथा उनकी समस्याएँ सुनी। उन्होंने विभिन्न स्थानीय सामाजिक संगठनों से भी मुलाकात की।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने केन्द्रीय मंत्री श्री गडकरी की अगवानी की
18 May 2018
केन्द्रीय जल संसाधन,जहाजरानी, भूतल परिवहन और राष्ट्रीय राजमार्ग मंत्री श्री नितिन गडकरी आज एक दिवसीय प्रवास पर भोपाल आये। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने राजकीय विमानतल पर केन्द्रीय मंत्री श्री गडकरी की अगवानी की। मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय मंत्री को पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका आत्मीय स्वागत किया। इस अवसर पर लोक निर्माण मंत्री श्री रामपाल सिंह, सांसद श्री आलोक संजर सहित अन्य जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक मौजूद थे।
देश के नव-निर्माण में सबसे बड़ा योगदान मध्यप्रदेश का होगा
18 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि देश के नव-निर्माण में सबसे बड़ा योगदान मध्यप्रदेश का होगा। मध्यप्रदेश में विकास का स्पष्ट विज़न है और रोडमैप पर सुनिश्चित तरीके से कार्य हो रहा है। गाँव और नगर स्मार्ट बनेंगे। किसानों की आय को दोगुना किया जायेगा। प्रदेश में राज्य सरकार द्वारा गरीबों की आमदनी बढ़ाने, कुटीर उद्योग-धंधों की बेहतरी और पर्यटन में रोजगार उपलब्ध करवाने के कार्य किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार के सार्थक प्रयासों के परिणाम अब जमीनी स्तर पर भी दिखाई दे रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज यहाँ 'नया आसमान, नई उड़ान' कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। केन्द्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्री श्री राधामोहन सिंह भी कार्यक्रम में शामिल हुए। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने नमामि देवी नर्मदे और कृषि पर केन्द्रित कॉफी टेबल पुस्तकों का विमोचन किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मूल मंत्र 'सबका साथ सबका विकास' को अपना कर प्रदेश सरकार ने सामाजिक, आर्थिक, शैक्षणिक और आध्यात्मिक विकास की नवाचारी पहल की है। बुनियादी सुविधाओं के विकास के साथ ही आध्यात्मिक वातावरण विकसित करने के प्रयास भी किये जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार को विरासत में मिले बेहाल मध्यप्रदेश का जिक्र करते हुए बताया कि हमारी सरकार ने राज्य में अधोसंरचना विकास के कार्य तेजी से पूरे किये हैं। प्रदेश में करीब डेढ़ लाख किलोमीटर शानदार सड़कें बन गई हैं। गाँवों में भी अब चौबीस घंटे बिजली मिल रही है। प्रदेश में पहले सिंचाई सुविधा केवल साढ़े सात लाख हेक्टेयर में ही उपलब्ध थी। आज डेढ़ दशक में यह बढ़कर 40 लाख हेक्टेयर हो गई है। श्री चौहान ने कहा कि इसे 80 लाख हेक्टेयर तक बढ़ाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने पर्यावरण संरक्षण और समाज में समरसता बनाये रखने के लिये विकास कार्य जन-सहभागिता से कराये गये हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के गरीब कल्याण एजेण्डे के अनुसार राज्य सरकार गरीबी दूर करने के मॉडल पर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री जनकल्याण योजना 'संबल' का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित किया गया है। गरीबों को सस्ता खाद्यान्न, नि:शुल्क इलाज, नि:शुल्क शिक्षा, रहने के लिये जमीन उपलब्ध कराने के साथ ही जीवन के आरंभ से लेकर अंत तक राज्य सरकार गरीबों के साथ खड़ी है। उन्होंने बताया कि शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिये शिक्षकों के लिये सम्मानजनक वेतन की व्यवस्था की गई है। गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिये केन्द्रीयकृत व्यवस्था का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि बैतूल में शीघ्र ही लैब, लायब्रेरी, शिक्षक आदि सारी उत्कृष्ट सुविधाओं सहित नवाचारी विद्यालय प्रारभं किया जा रहा है। इस स्कूल में आस-पास के क्षेत्रों से 5 हजार बच्चे पढ़ने आयेंगे। उन्होंने कहा कि इस प्रयोग की सफलता सुनिश्चित होने पर इसका प्रदेश में विस्तार किया जायेगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि लोगों को अच्छा लगने पर छोटे-छोटे स्कूलों के स्थान पर 'बड़ा गाँव बड़ा स्कूल' की व्यवस्था की जायेगी। म.प्र. के धान को जी.आई. टैग दिलवाने में सहयोग करे केन्द्र मुख्यमंत्री श्री चौहान ने केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्री राधा मोहन सिंह को किसानों के हित संरक्षण के लिये उपज की लागत का 50 प्रतिशत लाभ जोड़कर समर्थन मूल्य तय करने के लिये बधाई दी। श्री चौहान ने कहा कि राज्य सरकार ने किसानों को दस गुना ज्यादा ऋण शून्य प्रतिशत ब्याज पर उपलब्ध करवाया है। फ्लैट रेट पर विद्युत, खाद्य का अग्रिम भंडारण, सिंचाई सुविधाओं का विस्तार और आपदा के समय भरपूर राहत उपलब्ध कराने के प्रयास किये हैं। गेहूँ उत्पादक किसानों को समर्थन मूल्य के अलावा 265 रूपये अतिरिक्त प्रोत्साहन राशि के रूप में दिये गये हैं। यही कारण है कि आज प्रदेश गेहूँ उत्पादन में पंजाब और हरियाणा राज्यों से भी आगे निकल गया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में समर्थन मूल्य पर 11 लाख क्विंटल से अधिक चने की खरीदी हो चुकी है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने केन्द्रीय कृषि मंत्री एवं किसान कल्याण श्री सिंह से अनुरोध किया कि चने के बम्पर उत्पादन के कारण इसकी अधिकतम सीमा को बढ़ाया जाये और मध्यप्रदेश के धान को जी.आई. टैग दिलवाने में केन्द्र सरकार सहयोग करे। आँकड़ों की जुबानी-विकास की कहानी श्री चौहान ने विगत डेढ़ दशक में प्रदेश में हुये विकास के आँकड़ों की जानकारी देते हुए बताया कि इस दौरान प्रति व्यक्ति आय 15 हजार 442 रूपये से बढ़कर 79 हजार 909 रूपये हो गई है। विद्युत उत्पादन 2900 मेगावाट से बढ़कर 18 हजार 364 मेगावॉट हो गया है। सड़कें 45 हजार किलोमीटर से बढ़कर 95 हजार किलोमीटर हो गई हैं। प्राथमिक शालाएं 55 हजार 980 से बढ़कर 83 हजार 890, माध्यमिक शालाएं 12 हजार 490 से बढ़कर 30 हजार 341, हाई स्कूल 1704 से बढ़कर 4 हजार 740, हायर सेकेण्डरी 1517 से बढ़कर 3815 हो गये हैं। उन्होंने कहा कि फसल बीमा योजना में कभी 8 करोड़ 77 लाख रूपये मिलते थे। आज यह राशि बढ़कर इसी वर्ष से 1886 करोड़ रूपये हो गई है। इस मौके पर जागरण प्रकाशन के प्रमुख श्री महेन्द्र मोहन गुप्ता ने स्वच्छता सर्वेक्षण में इंदौर और भोपाल शहर को सम्मानजनक स्थान मिलने पर बधाई दी। पॉलीटिकल एडिटर श्री ऋषि पांडे ने अतिथियों का स्वागत किया। कार्यक्रम में लोक निर्माण मंत्री श्री रामपाल सिंह, जागरण समूह के संपादक श्री तरूण गुप्ता, समूह के पॉलीटिकल एडिटर श्री प्रशांत मिश्रा, मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री संजय शुक्ला भी मौजूद थे।
बच्चों को नैतिक शिक्षा और अच्छे संस्कार देना जरूरी : राजस्व मंत्री श्री गुप्ता
18 May 2018
राजस्व, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता ने कहा है कि बच्चों को नैतिक शिक्षा और अच्छे संस्कार देना जरूरी है। श्री गुप्ता कोलार बस्ती में पाँच दिवसीय नैतिक शिक्षा के कार्यक्रम, जीवन की पाठशाला-2018 को संबोधित कर रहे थे। मंत्री श्री गुप्ता ने कहा कि राज्य सरकार ने बच्चों और माताओं के कल्याण के लिये महत्वपूर्ण योजनाएँ बनायी हैं। जननी सुरक्षा योजना के माध्यम से अस्पताल में प्रसव करवाने के लिये प्रोत्साहित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जीवन की पाठशाला के इस कार्यक्रम में बतायी गयी बातें बच्चों को निंरतर स्मरण कराते रहें। राजस्व मंत्री श्री गुप्ता ने इस मौके पर स्लोगन और पेटिंग प्रतियोगिता के विजेता बच्चों को पुरस्कृत किया। इस दौरान स्थानीय जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे।
स्वच्छता सर्वेक्षण में देश में दूसरे नम्बर पर रहा भोपाल
17 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान से आज मुख्यमंत्री निवास पर भोपाल के महापौर श्री आलोक शर्मा, संभागायुक्त श्री अजातशत्रु, कलेक्टर श्री सुदाम खाड़े और भोपाल नगर निगम आयुक्त सुश्री प्रियंका दास ने भेंट की। मुख्यमंत्री ने महापौर और अधिकारियों को स्वच्छता सर्वेक्षण 2018 में पूरे देश में भोपाल को दूसरा स्थान प्राप्त होने पर बधाई दी है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने स्वच्छता कार्यकर्ताओं, जन-प्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों, जिला एवं नगर निगम प्रशासन के अधिकारियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि इस उपलब्धि से पूरे देश में मध्यप्रदेश का नाम रौशन हुआ है। मुख्यमंत्री ने नगर निगम भोपाल के अमले, विशेष रूप से नागरिकों को बधाई देते हुए कहा कि सबके अथक् परिश्रम और सहयोग से भोपाल को यह सम्मान मिला है।
वर्ष 2023 तक प्रदेश के हर गरीब को पक्का मकान बनाकर देगें : मुख्यमंत्री श्री चौहान
17 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि मध्यप्रदेश में कोई गरीब आवासहीन नहीं रहेगा। मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना में हर गरीब, हर मजदूर को जमीन का पट्टा दिया जायेगा। वर्ष 2023 तक मध्यप्रदेश में रहने वाले हर गरीब व्यक्ति को सरकार पक्का मकान बनाकर देगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश के हर वर्ग को विकास का लाभ मिले, सरकार ने न केवल इसकी शिद्दत से चिंता की है, बल्कि सबके हितों का ध्यान रखकर अनेक योजनाओं के जरिये सभी को सीधा लाभ भी पहुँचाया है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार गरीबी दूर करने के संकल्प को जल्द से जल्द पूरा करने की ओर अग्रसर है। एक अप्रैल से 31 मई तक पंजीयन करवाने वाले असंगठित मजदूरों को 13 जून से लाभ वितरण प्रारंभ कर दिया जाएगा। प्रदेश के हर विकासखण्ड में जन-प्रतिनिधियों की मौजूदगी में हितलाभ वितरण कार्यक्रम किए जाएंगे। मुख्यमंत्री श्री चौहान छतरपुर जिले के खजुराहो के समीप बमीठा गाँव में छतरपुर और पन्ना जिले के असंगठित मजदूरों एवं तेंदूपत्ता संग्राहकों के सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने असंगठित मजदूर कल्याण योजना के तहत श्रमिकों को पंजीयन कार्ड, आवास हेतु पट्टों का वितरण तथा तेंदूपत्ता संग्राहकों को बोनस राशि, चरण पादुका योजना में महिलाओं को चप्पलें, पुरूषों को जूते, पानी की बोतल और सरकार की विभिन्न योजनाओं के अन्य हितग्राहियों को भी लाभ वितरित किये। मुख्यमंत्री ने छतरपुर और पन्ना जिले के करीब 306 करोड़ से अधिक की लागत वाले कई विकास कार्यों का भूमि-पूजन एवं लोकार्पण भी किया। मुख्यमंत्री ने तेंदूपत्ता संग्राहकों को 4 करोड़ 79 लाख रूपये की बोनस राशि ऑनलाईन हितग्राहियों के बैंक खातों में हस्तांतरित की। मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना मुख्यमंत्री जनकल्याण योजना की जानकारी देते हुए श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश का हर वह व्यक्ति जो आयकर दाता नहीं है, ढाई एकड़ से कम भूमि का मालिक है और शासकीय सेवा में नहीं हैं, वह सभी इस योजना के दायरे में आएंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश के हर मजदूर बंधु को आवासीय भूमि और पक्का मकान बनाकर दिया जायेगा। किसी भी गरीब को सरकार आवासहीन नहीं रहने देगी। उन्होंने कहा कि मजदूर महिलाओं को प्रसूति से पहले और बाद कैलोरीयुक्त आहार हेतु आर्थिक सहायता का लाभ दिया जायेगा। गरीब बच्चों की कक्षा एक से कॉलेज तक की पढ़ाई और उच्च शिक्षा संस्थान में भर्ती होने पर फीस भी सरकार भरेगी। मजदूरों के बच्चों को मेधावी छात्र प्रोत्साहन योजना का लाभ भी मिलेगा। प्रदेश के किसी भी बच्चे को शिक्षा के मौलिक अधिकार से वंचित नहीं रहने दिया जायेगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने प्रदेश के हर नागरिक को विकास का सीधा लाभ पहुँचाने की स्थायी व्यवस्था की है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि गरीब और मजदूर का सरकार निःशुल्क इलाज कराएगी। आयुष्मान भारत योजना, राज्य बीमारी सहायता कोष, मुख्यमंत्री स्वेच्छानुदान मद से गरीब को इलाज के लिये सहायता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि गरीबों को 200 रूपये माह की दर से फ्लैट रेट पर बिजली दी जाएगी। स्व-सहायता समूहों को दीगर काम-धंधों से जोड़ा जाएगा। उन्हें सरकार बैंक लिंकेज देगी, साथ ही इनके कौशल विकास का काम भी किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने गरीबों के हित में सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि राज्य सरकार सामाजिक सरोकारों से जुड़ी सरकार है। जो दुनिया में कहीं नहीं हुआ, वह अब मध्यप्रदेश में हो रहा है। संग्राहाकों को चरण पादुका, पानी की बोतल, साड़ियाँ वितरित इस अवसर पर छतरपुर जिले के 41 हजार 483 तेंदूपत्ता संग्राहकों को पानी की बोतल, 20 हजार 353 चरण पादुकाएं एवं साड़ियों का वितरण किया गया। पन्ना जिले के 2 लाख 65 हजार 296 श्रमिकों को पंजीयन कार्ड और 24 हजार 820 तेंदूपत्ता संग्राहकों को 4 करोड़ 79 लाख रूपये बोनस राशि एवं 52 हजार 986 संग्राहकों को पानी की बोतल, 25 हजार 91 संग्राहकों को चरण पादुकाएं एवं साड़ियों का वितरण किया गया। इसके आलवा, मुख्यमंत्री आश्रय योजना में 34 हजार 401 भूखण्ड धारकों को भू-अधिकार प्रमाण पत्र भी वितरित किए गए। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने प्रतीकात्मक रूप से हितग्राहियों को हितलाभ प्रदान किए। श्री चौहान ने हाईस्कूल एवं हायर सेकेण्डरी परीक्षा परिणामों में स्टेट मेरिट में आने वाले छतरपुर एवं पन्ना जिले के विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र दिये। इस अवसर पर छतरपुर जिले की प्रभारी मंत्री सुश्री कुसुम महदेले, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती ललिता यादव, बुंदेलखण्ड विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष डॉ. रामकृष्ण कुसमरिया, म.प्र. राज्य लघु वनोपज संघ के अध्यक्ष श्री महेश कोरी, विधायक सर्वश्री मानवेन्द्र सिंह, आर.डी. प्रजापति, पुष्पेन्द्रनाथ पाठक, महेन्द्रसिंह बागरी, श्रीमती रेखा यादव, बुंदेलखण्ड विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री महेन्द्र यादव एवं विजय बहादुर सिंह बुंदेला, खजुराहो पर्यटन विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष डॉ. घासीराम पटेल, लघु वनोपज संघ की जिला अध्यक्ष श्रीमती वंदना सिंह और जनपद अध्यक्ष सुश्री हीराबाई सिंह मौजूद थे।
सभी जाति, धर्म और वर्ग के व्यक्तियों की गरीबी हटाने में जुटी प्रदेश सरकार-मुख्यमंत्री श्री चौहान
17 May 2018
प्रदेश सरकार प्रदेश से गरीबी हटाने के लिए संकल्पवद्ध है, इसमें जाति, धर्म और वर्ग का भेदभाव नहीं होगा। इसके लिए सरकार मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना प्रारंभ करने जा रही है। यह घोषणा प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज शहडोल संभाग के सोहागपुर विकास खण्ड की लालपुर ग्राम पंचायत में संभाग स्तरीय तेन्दूपत्ता संग्राहक और असंगठित श्रमिक सम्मेलन में की। कार्यक्रम में संभाग के तीनों जिलों से तेन्दूपत्ता संग्राहक और असंगठित श्रमिक उपस्थित थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि गरीबी, जाति, धर्म या वर्ग को देखकर नहीं आती। प्रदेश सरकार ने गरीबों को समाज की मुख्य धारा से जोड़ने का निर्णय ले लिया है। अब समाज के कुलीन वर्ग से प्राप्त टैक्स का उपयोग इन गरीबों के कल्याण में खर्च किया जायेगा जिससे गरीब बेबस नहीं रहे। मुख्यमंत्री ने जन-कल्याण योजना की घोषणा करते हुए कहा कि इस योजना से ऐसे परिवार जो आयकर दाता नहीं है, जिनके पास 2.5 एकड़ से कम जमीन है, सरकारी नौकरी में नहीं है, को लाभान्वित किया जायेगा। जिनके पास रहने के लिये जमीन नहीं है, झोपड़ पट्टी में रहते हैं उन्हें जमीन का पट्टा दिया जायेगा। जो आदिवासी परिवार वर्ष 2006 से पहले वन भूमि में काबिज है उन्हें वनाधिकार पट्टा दिया जायेगा। इतना ही नहीं 4 वर्ष के भीतर प्रदेश के सभी गरीब परिवारों का पक्का मकान होगा, उन्हें इसके लिये अनुदान दिया जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि आर्थिक अभाव के कारण बेटा-बेटियों की पढ़ाई बाधित नहीं हो, इसके लिये कक्षा पहली से कॉलेज तक की पढ़ाई की फीस सरकार भरेगी। गरीबों की निःशुल्क चिकित्सा व्यवस्था होगी, चाहे उनका इलाज निजी अस्पतालों में ही क्यों न हो। माताओं की कोख भरने पर 6 से 9 माह के बीच के समय में 4 हजार रूपये की आर्थिक सहायता तथा शिशु के जन्म लेने के बाद 12 हजार रूपये की आर्थिक सहायता मिलेगी। गरीबों को बिजली के बिल से मुक्ति दिलाने के लिये सरकार ने 200 रूपये प्रतिमाह निश्चित बिजली बिल लेने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाओं को स्व-रोजगार से जोड़ने तथा उनकी आर्थिक उन्नति के लिये आजीविका मिशन के माध्यम से आय बढ़ाने के प्रयास किये जाएंगे। परिवार में 60 वर्ष से कम आयु के व्यक्ति की मृत्यु होने पर 2 लाख रूपये की आर्थिक सहायता, दुर्घटना से मृत्यु होने पर 4 लाख रूपये की आर्थिक मदद तथा स्थाई रूप से दिव्यांग होने पर 2 लाख रूपये की मदद, अस्थाई रूप से दिव्यांग होने पर एक लाख रूपये की मदद और अंतिम संस्कार के लिये 5 हजार रूपये की मदद दी जायेगी। पंजीयन के लिये व्यक्ति को संबंधित पंचायत या नगरीय निकाय में आवेदन भरकर देना होगा तथा स्व-लिखित घोषणा-पत्र भी देना होगा। इस योजना का लाभ पहली बार जनपद मुख्यालय में 13 जून से मिलना प्रारंभ हो जायेगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि गत वर्ष जब वे उमरिया जिले के भ्रमण में आये थे तो बाँधवगढ़ नेशनल पार्क जाते समय तेंदूपत्ता संग्राहकों से मिलने का अवसर मिला। वे नंगे पैर थे और उनके पास पीने के लिये पानी भी नहीं था। तभी निर्णय लिया कि इन गरीबों को चरण-पादुका, महिलाओं को धोती तथा पानी की कुप्पी निःशुल्क दी जायेगी। उन्होंने कहा कि बेटी बढ़ेगी, तभी जमाना बढ़ेगा। सभी अभिभावक अपनी बेटियों को खूब पढ़ायें-लिखायें, उन्हें आगे आने का अवसर दें। प्रदेश सरकार महिलाओं के कल्याण के लिये अनेकों योजनाएँ यथा लाड़ली लक्ष्मी, मुख्यमंत्री कन्या विवाह-निकाह, स्थानीय निकायों में आरक्षण, पुलिस एवं शिक्षकों की भर्ती में आरक्षण की व्यवस्था की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश को तेजी से विकास की राह में ले जाने के लिये समाज का सहयोग भी जरूरी है। उन्होंने जन-सामान्य से स्वच्छता अभियान, स्कूल चलें हम अभियान, बेटी बचाओ अभियान के संचालन में सरकार के साथ सहभागी बनने का आग्रह किया। श्री चौहान ने उपस्थित जन-समुदाय से आपसी सहयोग और समन्वय से कार्य करे हुए गरीबी हटाने तथा नये भारत के निर्माण का संकल्प लेने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री जो आज दुनिया के शक्तिशाली नेताओं में शुमार हैं, ने पूरे देश को विकास की मुख्य-धारा से जोड़ने के लिये स्वच्छ भारत अभियान, प्रधानमंत्री आवास, उज्जवला तथा सौभाग्य योजना जैसी महत्वाकांक्षी योजनाओं का संचालन किया है। उन्होंने राष्ट्रीय एवं प्रदेश सरकार की योजनाओं के क्रियान्वयन में सहयोगी बनकर प्रगति के पथ पर आगे बढ़ने की अपील उपस्थित जनता जनार्दन से की। सांसद श्री ज्ञान सिंह ने कहा कि प्रदेश के मुखिया ने इस आदिवासी अंचल के विकास के लिये अनेक सौगातें दी हैं। जिसमें शहडोल को संभाग का दर्जा, मेडिकल, इंजीनियरिंग कॉलेज तथा विश्वविद्यालय की स्थापना आदि शामिल हैं। कार्यक्रम में खनिज, उद्योग तथा शहडोल जिले के प्रभारी मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल, सांसद श्री ज्ञान सिंह, अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष श्री नरेंद्र सिंह मरावी, राज्य बैगा विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री रामलाल बैगा, लघु वनोपज संघ के अध्यक्ष श्री महेश कोरी, श्री सुल्तान सिंह शेखावत, विधायक श्रीमती प्रमिला सिंह, सुश्री मीना सिंह, श्री जयसिंह मरावी, श्री रामलाल रौतेल, श्री शिवनारायण सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष शहडोल श्री नरेंद्र मरावी, जिला पंचायत अध्यक्ष अनूपपुर श्रीमती रूपमती सिंह, जन-प्रतिनिधि और आमजन उपस्थित थे।
मुख्य सचिव की अध्यक्षता में परख वीडियो कॉन्फ्रेंस सम्पन्न
17 May 2018
मुख्य सचिव श्री बसंत प्रताप सिंह की अध्यक्षता में सम्पन्न परख वीडियो कॉन्फ्रेंस में रबी उपार्जन, ग्रीष्म-काल में पेयजल व्यवस्था, प्रधानमंत्री उज्जवला योजना सहित प्रदेश में जारी प्रमुख योजनाओं एवं कार्यक्रम की समीक्षा की गई। वीडियो कॉन्फ्रेंस में बताया गया कि 21 मई को मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान प्रदेश में कॅरियर काउंसलिंग की प्रक्रिया आरंभ करेंगे। बारहवीं कक्षा में 70 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों से मुख्यमंत्री स्वयं फोन के माध्यम से बातचीत करेंगे। कार्यक्रम प्रदेश के सभी जिला तथा विकासखण्ड मुख्यालयों पर आयोजित होगा। परख में अपर मुख्य सचिव जल-संसाधन एवं चिकित्सा शिक्षा श्री आर.एस. जुलानिया, कृषि उत्पाद आयुक्त श्री पी.सी. मीना, प्रमुख सचिव कृषि डॉ. राजेश राजौरा, प्रमुख सचिव गृह श्री मलय श्रीवास्तव, प्रमुख सचिव सहकारिता श्री के.सी. गुप्ता, प्रमुख सचिव खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति श्रीमती नीलम शमी राव, प्रमुख सचिव राजस्व श्री अरुण पाण्डे, प्रमुख सचिव स्कूल शिक्षा श्रीमती दीप्ति गौड़ मुखर्जी सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे। वीडियो कॉन्फ्रेंस में समस्त संभागायुक्त तथा जिला कलेक्टर ने सहभागिता की। मुख्य सचिव श्री सिंह ने गेहूँ उपार्जन प्रक्रिया पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि भण्डारण प्रक्रिया तत्काल सुनिश्चित की जाये। वीडियो कॉन्फ्रेन्स में जानकारी दी गई कि 84 प्रतिशत खातों में आधार दर्ज हो चुके हैं। मुख्य सचिव ने मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना में 26 जून तक सत्यापन निरंतर रखने के निर्देश दिये। इस मौके पर बताया गया कि किसान हितैषी योजनाओं और नवीन तकनीकों की जानकारी देने के लिये प्रदेश में क्लस्टर स्तर पर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की जायेगी। प्रदेश में 2850 क्लस्टर पर इन कार्यक्रमों में वैज्ञानिक, कृषि विशेषज्ञ कृषकों से चर्चा करेंगे। नवीन क्लाईमेट स्मार्ट बीजों के पैकेट भी कृषकों को उपलब्ध करवाये जायेंगे। वीडियो कॉन्फ्रेंस में गेहूँ, चना, मसूर और सरसों के उपार्जन की समीक्षा के साथ-साथ गेहूँ के परिवहन की स्थिति की भी जिलों से जानकारी ली गई। प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के अंतर्गत जानकारी दी गई कि भिण्ड, आगर, अशोकनगर, शिवपुरी तथा सीहोर में योजना की प्रगति संतोषजनक है, जबकि इंदौर, भोपाल, उमरिया, रतलाम तथा झाबुआ में क्रियान्वयन को गति देने की आवश्यकता है। प्रदेश की 404 पंचायतों को धुआँ-रहित बनाया जाना है। इसके अंतर्गत एक लाख 26 हजार 101 परिवारों को कार्यक्रम में जोड़ा जायेगा। प्रदेश में उचित मूल्य की दुकान विहीन ग्राम पंचायतों में दुकानें शीघ्र आरंभ करने के लिये पन्ना, अशोकनगर, दतिया और नरसिंहपुर कलेक्टरों को निर्देश दिये गये। ग्रामीण क्षेत्र में ग्रीष्म-काल में पेयजल व्यवस्था के संबंध में निर्देश दिये गये कि पेयजल आपूर्ति के लिये स्थानीय स्तर पर तत्काल हर संभव प्रयास किये जायें। नई बसाहटों का सर्वे कराकर प्राथमिकता के आधार पर पानी की व्यवस्था की जाये।
भोपाल में खुलेगा राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य पुनर्वास संस्थान
17 May 2018
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य पुनर्वास संस्थान खोला जायेगा। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार को नई दिल्ली में केन्द्रीय मंत्री-मण्डल ने इसकी मंजूरी दी। यह संस्थान निःशक्तजन सशक्तिकरण विभाग के अंतर्गत सोसायटीज रजिस्ट्रेशन एक्ट 1860 के तहत स्थापित किया जायेगा। संस्थान का मुख्य उद्देश्य मानसिक रूप से बीमार व्यक्तियों के पुनर्वास की व्यवस्था करना, मानसिक स्वास्थ्य पुनर्वास के क्षेत्र में क्षमता विकास तथा मानसिक स्वास्थ्य पुनर्वास के लिए नीति बनाना और अनुसंधान को बढ़ावा देना है। पहले तीन वर्षों में इस परियोजना पर लगभग 179 करोड़ 5 लाख रुपये खर्च होने का अनुमान है। केन्द्रीय मंत्री-मण्डल ने संस्थान के लिए निदेशक के एक पद सहित संयुक्त सचिव के तीन पद और प्रोफेसर के दो पद की भी मंजूरी दी है। यह संस्थान देश में मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में अपनी तरह का पहला संस्थान होगा। मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में क्षमता विकास और पुनर्वास के मामले में यह एक अत्याधिक दक्ष संस्थान के रूप में काम करेगा। साथ ही, केन्द्र सरकार को मानसिक रोगियों के पुनर्वास की प्रभावी व्यवस्था का मॉडल विकसित करने में मददगार होगा। राज्य द्वारा पाँच एकड़ जमीन आवंटित मध्यप्रदेश सरकार ने संस्थान के लिए भोपाल में पाँच एकड़ जमीन आवंटित की है। यह संस्थान दो चरण में तीन वर्ष के भीतर बनकर तैयार हो जायेगा। संस्थान मानसिक रोगियों के लिए सभी तरह की पुनर्वास सेवाएँ उपलब्ध करवाने के साथ-साथ स्नातकोत्तर और एम.फिल. डिग्री तक की शिक्षा की व्यवस्था भी करेगा। संस्थान में नौ विभाग होंगे और मानसिक स्वास्थ्य पुनर्वास के क्षेत्र में 12 विषयों में डिप्लोमा, सर्टिफिकेट, स्नातक, स्नातकोत्तर एवं एम.फिल. डिग्री सहित 12 तरह के पाठ्यक्रम होंगे। पाँच वर्षों में इस संस्था में विभिन्न विषयों में दाखिला लेने वाले छात्रों की संख्या 400 से ज्यादा होने की संभावना है।
सौभाग्य योजना से 54 प्रतिशत से अधिक गरीब परिवारों के घर बिजली से जगमगाए
17 May 2018
मध्यप्रदेश में सहज बिजली हर घर योजना सौभाग्य में अब तक राज्य के 11 जिलों आगर-मालवा, मंदसौर, इंदौर, खण्डवा, नीमच, देवास, रतलाम, हरदा, अशोकनगर, उज्जैन और शाजापुर में शत-प्रतिशत विद्युतीकरण का लक्ष्य पूर्ण कर लिया गया है। योजना में कुल 26 लाख 54 हजार 474 गरीब परिवारों के बिजली विहीन घरों को आगामी अक्टूबर तक विद्युतीकृत करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। राज्य में अब तक ऐसे 14 लाख 46 हजार 291 घरों में बिजली कनेक्शन लगा दिया गया है। इतने कम समय में विद्युत वितरण कंपनियों द्वारा 54 प्रतिशत से ज्यादा घर बिजली से जगमगा रहे हैं। योजना में शेष बचे घरों को अगले पांच माह में विद्युतीकृत करने का लक्ष्य है। मध्यप्रदेश में केन्द्र और राज्य सरकार की प्रभावी पहल पर ऐसे सभी घरों में बिजली कनेक्शन उपलब्ध करवाए जा रहे हैं, जो वर्षों से बिजली से वंचित थे। इसके लिए 'सौभाग्य योजना' का बेहतर क्रियान्वयन करवाया जा रहा हैं। तीनों विद्युत वितरण कंपनियों द्वारा समुचित प्रयास कर अंधेरे में डूबे सभी घरों को सहजता और सरलता से बिजली कनेक्शन उपलब्ध करवाये जा रहे हैं। पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी को क्षेत्र के 20 जिलों के 15 लाख 7 हजार 20 घरों में बिजली कनेक्शन करवाने का लक्ष्य दिया गया है। कंपनी ने अब तक 4 लाख 81 हजार 908 घरों में बिजली कनेक्शन कर दिये हैं। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने क्षेत्र के 16 जिलों के 18 लाख 55 हजार 325 बिजली विहीन घरों के विद्युतीकरण के लक्ष्य के विरूद्ध 6 लाख 12 हजार 144 घरों में बिजली कनेक्शन कर दिये हैं। पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा 15 जिलों में 7 लाख 16 हजार 851 बिजली विहीन घरों को बिजली सुविधा मुहैया करवाने के लक्ष्य के विरूद्ध 3 लाख 52 हजार 239 घरों में बिजली कनेक्शन उपलब्ध करवा दिए गए हैं। सौभाग्य योजना में 60 प्रतिशत राशि केन्द्र से अनुदान के रूप में उपलब्ध करवाई जा रही है। शेष 40 प्रतिशत राशि का प्रबंध राज्य शासन एवं तीनों विद्युत वितरण कंपनी द्वारा संयुक्त रूप से किया जा रहा है। योजना में आर्थिक और सामाजिक रूप से पिछड़े हितग्राहियों को नि:शुल्क बिजली कनेक्शन दिए जा रहे हैं। अन्य हितग्राहियों से 500 रूपए की राशि 10 किश्तों में मासिक विद्युत बिल के साथ ली जाएगी।
श्री ओ.पी. कोहली ने मध्यप्रदेश के राज्यपाल के पद की शपथ ली
16 May 2018
गुजरात के राज्यपाल श्री ओ.पी.कोहली को मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति श्री हेमंत गुप्ता ने मध्यप्रदेश के राज्यपाल पद की शपथ दिलाई। मध्यप्रदेश की राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल के अवकाश पर रहने के कारण राष्ट्रपति द्वारा गुजरात के राज्यपाल श्री ओ.पी. कोहली को मध्यप्रदेश के राज्यपाल का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। शपथ ग्रहण समारोह का संचालन मुख्य सचिव श्री बसंत प्रताप सिंह ने किया। समारोह में मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान, विधानसभा अध्यक्ष श्री सीता सरन शर्मा, जनसंम्पर्क एवं संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा, महिला-बाल विकास मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनिस, पूर्व मुख्यमंत्री श्री बाबूलाल गौर, लोकायुक्त जस्टिस श्री नरेश गुप्ता तथा उप-लोकायुक्त जस्टिस उमेश चंद्र माहेश्वरी, पुलिस एवं प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी तथा गणमान्य नागरिक उपस्थित थे। राज्यपाल श्री कोहली को शपथ ग्रहण करने के बाद पुलिस बल द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय का तृतीय दीक्षांत समारोह
16 May 2018
उप राष्ट्रपति एवं माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के कुलाध्यक्ष श्री वेंकैया नायडू ने कहा कि देश को सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ाने में मीडिया की विशेष भूमिका है। मीडिया का काम देश के विकास को गति देना है और लोकतंत्र को मजबूत बनाना है। मीडिया अज्ञानता के अंधकार को दूर करे और हर प्रकार की समस्याओं का समाधान प्रस्तुत करे। उन्होंने कहा कि शिक्षा स्थानीय और मातृभाषा में ही मिलना चाहिये। उप राष्ट्रपति आज यहाँ विधानसभा भवन के सभागार में माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के तृतीय दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रहे थे। श्री नायडू ने कहा कि मीडिया की जिम्मेदारी है कि समाज की सच्ची तस्वीर पेश करें और सामाजिक बुराइयों को समाप्त करने में अपनी भूमिका तय करें। महिलाओं के सशक्तिकरण और शिक्षा जैसे कार्यों को प्रोत्साहित करे। उन्होंने कहा कि भारत बदलाव के दौर से गुजर रहा है। इसमें संचार विशेषज्ञों की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि भारत विश्व की विशाल अर्थ-व्यवस्था के रूप में परिवर्तित हो रहा है। आर्थिक सुधार पूरी तेजी से जारी है। श्री नायडू ने विश्वविद्यालय की प्रशंसा करते हुये कहा कि विश्वविद्यालय पत्रकारिता के साथ - साथ कम्प्यूटर शिक्षा को बढ़ावा देकर डिजिटल क्रांति में योगदान दे रहा है। मातृभाषा में ही हो शिक्षा श्री नायडू ने कहा कि सभी शैक्षणिक पाठ्यक्रम मातृभाषा में ही होना चाहिये। अंग्रेजी की मानसिकता में परिवर्तन लाना जरूरी है। पहले मातृभाषा सीखें और बोलें बाद में विदेशी भाषा को महत्व दें। उन्होंने कहा कि मातृभाषा मौलिक है। यह आँख की तरह है और विदेशी भाषा चश्मे की तरह। उन्होंने कहा कि अपनी मातृभाषा को सुरक्षित रखने के लिये मातृभाषा में अध्ययन और अध्यापन को बढ़ावा देना जरूरी है। उन्होंने कहा कि तीन चीजों को हमेशा याद रखें। पहला माँ, दूसरा मातृभूमि और तीसरा मातृभाषा। उन्होंने कहा कि शिक्षा स्थानीय और मातृभाषा में ही मिलना चाहिये इसके लिये नीति बनाने की आवश्यकता है। मातृभाषा रहते हुए अंग्रेजी बोलने की मानसिकता से बाहर निकलना होगा। उन्होंने अपनी हाल ही की जर्मनी यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि वहाँ संस्कृत में लिखे ग्रंथों में छिपे ज्ञान पर अनुसंधान हो रहा है। अकादमिक नवाचारों की सराहना श्री नायडू ने विश्वविद्यालय द्वारा किये जा रहे अकादमिक नवाचारों की सराहना करते हुए कहा कि इसे एशिया का सबसे बड़ा मीडिया विश्वविद्यालय होने का दर्जा प्राप्त है। कई शोध पीठों की स्थापना की गई है और दूरस्थ क्षेत्रों मे कम्प्यूटर शिक्षा दी जा रही है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश के तेजी से विकास के साथ विश्वविद्यालय का भी विकास हुआ है। उप राष्ट्रपति ने कहा कि भ्रष्टाचार को समाप्त करने में भी मीडिया अपना योगदान दे। भ्रष्टाचार जितनी जल्द खत्म होगा उतना ही देश और प्रजातंत्र के लिये अच्छा है। श्री नायडू ने कहा कि चरित्र, क्षमता, व्यवहार और प्रतिभा प्रमुख तत्व हैं। इन तत्वों के साथ पत्रकार लोगों और समाज का मार्गदर्शन करते हैं। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता पहले मिशन थी, अब इसे अपनी दिशा नहीं खोना चाहिये। पत्रकारिता में सनसनी फैलाने की आदत हो गयी है। उन्होंने कहा कि सनसनी फैलाने का मतलब है अर्थहीनता। मीडिया का कर्त्तव्य है कि रचनात्मक और सकारात्मक सोच के साथ समाज का मार्गदर्शन करें। उन्होंने उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों का आव्हान किया कि वे अपने ज्ञान का उपयोग लोक-कल्याण के लिये करें। जीवन में हमेशा अनुशासन रखें, कड़ी मेहनत करें और ईमानदार रहें। ऊँचे उद्देश्यों और उदात्त सपनों के साथ कड़ी मेहनत करने और हर दिन सीखने के लिये तैयार रहें। विश्वविद्यालय की महापरिषद की अध्यक्ष और मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने दीक्षांत समारोह हिन्दी में संचालित करने और समारोह के लिये भारतीय वेश-भूषा का चयन करने के लिये विश्वविद्यालय प्रशासन की सराहना करते हुए बधाई दी। उन्होंने कहा कि पगड़ी का स्थान हैट नहीं ले सकता और भारतीय जैकेट का स्थान काला चोगा नहीं ले सकता। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय की उपलब्धियाँ गर्व करने योग्य हैं। देश के हर मीडिया संस्थान में इस विश्वविद्यालय की उपस्थिति है। विश्वविद्यालय के छात्रों ने नैतिकता के नये मानदण्ड स्थापित किये हैं। श्री चौहान ने कहा कि मीडिया आज अलग दौर से गुजर रहा है। व्यवसायिकता मुखर हो गयी है। उन्होंने स्वर्गीय श्री माखनलाल चतुर्वेदी की पत्रकारिता का स्मरण करते हुए कहा कि आजादी का आंदोलन निर्भीक पत्रकारिता ने चलाया था। आजादी के बाद की पत्रकारिता का भी देश का नवनिर्माण करने का मिशन था। उन्होंने कहा कि पत्रकार एक समाज सुधारक की भूमिका में भी काम करता है। स्वस्थ पत्रकारिता से ही लोकतंत्र मजबूत होगा। उन्होंने विद्यार्थियों को बधाई दी। इस अवसर पर प्रसिद्ध राष्ट्रवादी चिंतक, लेखक और पत्रकार श्री माधव गोविंद वैदय, प्रसिद्ध पर्यावरणविद श्री अमृतलाल वेगड़, कवि, लेखक एवं पत्रकार श्री महेश श्रीवास्तव को डी-लिट की उपाधि से सम्मानित किया गया। श्री नायडू ने पीएचडी, एम.फिल एवं स्नातकोत्तर की उपाधि प्रदान की और विद्यार्थियों को उनके उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएँ दीं। विश्वविद्यालय के कुलपति श्री जगदीश उपासने ने समारोह का संचालन किया। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष श्री सीताशरण शर्मा, जनसंपर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा, भोपाल सांसद श्री आलोक संजर उपस्थित थे। अतिथियों को विश्वविद्यालय की ओर से स्मृति-चिन्ह भेंट किये गये। कुलाधिसचिव श्री लाजपत आहूजा ने आभार व्यक्त किया।
पोषण जागरूकता को पाठ्यक्रम में शामिल किया जाएगा : मंत्री श्रीमती चिटनीस
16 May 2018
महिला बाल विकास मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनीस कहा है कि पोषण जागरूकता का विषय प्रदेश के शालेय तथा महाविद्यालयीन पाठ्यक्रम में शामिल किया जाएगा। प्रत्येक घर-परिवार तक पोषण सुरक्षा सुनिश्चित करना ही पोषण संवेदनशील कृषि तथा पोषण जागरूकता का उद्देश्य है। श्रीमती चिटनीस भोपाल में तीन दिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय कार्यशाला के समापन अवसर को संबोधित कर रही थी। श्रीमती चिटनीस ने कहा कि पोषण की स्थिति में सुधार करना इस कालखण्ड की महत्वपूर्ण सामाजिक तथा नैतिक जिम्मेदारी है। इसकी अनदेखी से देश की अगली पीढ़ी प्रभावित होगी। उन्होंने कहा कि महिला बाल विकास विभाग सहित स्वास्थ्य, कृषि, पशु पालन, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति तथा स्कूल शिक्षा विभाग समन्वित रूप से पोषण की स्थिति में सुधार के लिए निरन्तर प्रयासरत हैं। श्रीमती चिटनीस ने कहा कि कार्यशाला में हुए छः तकनीकी सत्रों में प्राप्त निष्कर्षों को क्रमशः कृषि, पोषण प्रबंधन, नीतिगत पहल, सामाजिक तथा व्यवहारिक नवाचार, और पोषण साक्षरता के क्षेत्र में किए जाने वाले कार्यों को भोपाल घोषणा-पत्र में शामिल किया गया है। राष्ट्रीय महिला आयोग की पूर्व अध्यक्ष सुश्री ललिता कुमार मंगलम् ने कहा कि भारत में कृषि श्रमिकों में 67 प्रतिशत् महिलाएं हैं। उन्होंने कृषि उपकरणों तथा कृषि मशीनरी की डिजाईनिंग महिलाओं की सुविधा के अनुसार करने की आवश्यकता बताई। समापन अवसर पर भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के उप-महानिदेशक डॉ. ए.के.सिंह ने कहा कि पोषण संवेदनशील कृषि और पोषण जागरूकता के क्षेत्र में मध्यप्रदेश की पहल देश की अन्य राज्यों के लिए अनुकरणीय है। श्री सिंह ने कहा कि तेजस्विनी जैसे अन्य समूह विकसित हों और न्यूट्रीशन थाली, तिरंगा थाली, किचन गार्डन के विचार का घर-घर प्रचार हो और वह व्यवहार में भी आए। इसके लिए सतत प्रयास करने की आवश्यकता है। डॉ. मीरा मिश्रा ने कहा कि पोषण में कमी एक वैश्विक समस्या है। उन्होंने पोषण में कमी की पहचान, निरन्तर निगरानी और महिला समूहों के क्षमता विकास संबंधी विषयों पर अपने विचार रखें। कार्यशाला में पोषण पर भोपाल घोषणा-पत्र जारी किया गया। इस अवसर पर प्रमुख सचिव महिला एवं बाल विकास श्री जे.एन.कांसोटिया, दीनदयाल शोध संस्थान दिल्ली के श्री अभय महाजन तथा श्री अतुल जैन और भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद अटारी जबलपुर के संचालक डॉ.अनुपम मिश्र, यूनिसेफ म.प्र. के प्रमुख श्री माईकल जूमा तथा संचालनालय महिला एवं बाल विकास आयुक्त डॉ. अशोक कुमार भार्गव उपस्थित थे। कार्यशाला में यूनिसेफ, इन्टरनेशनल फण्ड फॉर एग्रीकल्चर डेव्हलपमेन्ट, जर्मनी की संस्था जी.आई.जेड., इन्टरनेशनल राईस रिसर्च इंस्टीट्यूट, ग्लोबल इन्वायरमेन्ट फेसिलिटेटर प्रोजेक्ट, इन्टरनेशनल इंस्टीट्यट फॉर मेज़ एण्ड व्हीट ने सहभागिता की। समापन अवसर पर महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती चिटनीस ने सभी विषय विशेषज्ञों का सम्मान किया। इस अवसर पर आयुक्त, संचालनालय महिला एवं बाल विकास डॉ. अशोक भार्गव ने आभार व्यक्त किया।
उप राष्ट्रपति श्री नायडू का प्रदेश आगमन पर भव्य स्वागत
16 May 2018
उप राष्ट्रपति श्री वेंकैया नायडू का आज भोपाल आगमन पर विमानतल पर भव्य स्वागत किया गया। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने उप राष्ट्रपति श्री नायडू की अगवानी की। उप राष्ट्रपति का विधानसभा अध्यक्ष श्री सीतासरन शर्मा, वन मंत्री डॉ. गौरीशंकर शेजवार, जनसम्पर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र, सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विश्वास सारंग, सांसद श्री आलोक संजर, महापौर श्री आलोक शर्मा, विधायकगण एवं जन-प्रतिनिधियों ने आत्मीय स्वागत किया। इस अवसर पर मुख्य सचिव श्री बी.पी. सिंह, प्रभारी डीजीपी श्री वी.के. सिंह सहित प्रशासन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
एसटी-एससी वर्ग की योजनाओं के लिये "हितग्राही प्रोफाइल पंजीकरण" व्यवस्था शुरू
16 May 2018
जनजातीय कार्य एवं अनुसूचित जाति कल्याण राज्य मंत्री श्री लाल सिंह आर्य ने जनजातीय कार्य और अनुसूचित जाति कल्याण विभाग की विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाने के लिये नये साफ्टवेयर के तहत ऑनलाइन 'हितग्राही प्रोफाइल पंजीकरण' व्यवस्था का शुभारंभ मंत्रालय स्थित अपने कक्ष से किया। इस मौके पर जनजातीय कार्य आयुक्त श्रीमती दीपाली रस्तोगी, सचिव श्री राजेश मिश्रा, अनुसूचित जाति कल्याण आयुक्त श्री आनंद शर्मा और अपर संचालक श्री विक्रमादित्य सिंह उपस्थित थे। श्री आर्य ने http://mpsdc.gov.in/tribal_reg पर 'हितग्राही प्रोफाइल पंजीकरण' में आधार नम्बर, डिजिटल जाति प्रमाण-पत्र और समग्र आईडी के जरिये पंजीयन कर व्यवस्था की शुरूआत की। मोबाइल पर एसएमएस के जरिये श्री आर्य के पंजीयन की जानकारी प्राप्त हुई। इस प्रकार भोपाल से इस व्यवस्था का पहला रजिस्ट्रेशन शुरू हुआ। व्यवस्था में लगभग 70 योजनाओं को ऑनलाइन और कम्प्यूटरीकृत किया गया है। व्यवस्था के लिये लगभग 35 करोड़ रुपये स्वीकृत किये गये हैं। इसके जरिये विभागीय सभी कार्य-प्रणालियों का अध्ययन, सुधार और सरलीकरण किया जा रहा है। इससे अब हितग्राही को ऑफिस के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगें। आवेदक विभागीय वेबसाइट और इन्टरनेट कियोस्क से योजनाओं का लाभ ले सकेगा। राज्य मंत्री श्री आर्य ने अनुसूचित जाति-जनजाति के आवेदकों से अपील की है कि वे शासन की योजनाओं का लाभ लेने के लिये इस व्यवस्था में अपना पंजीयन शीघ्र और आवश्यक रूप से करवायें। यह पंजीयन नि:शुल्क और सरलता से किया जा सकता है। पंजीयन से हितग्राही की पहचान, जाति, आय और मूल-निवास तथा शैक्षणिक विवरण स्वयंमेव विभाग को ज्ञात हो जाता है। पंजीयन मात्र से ही अनेक योजनाओं का लाभ हितग्राहियों को मिल सकेगा। प्रोफाइल पंजीकरण का पॉयलट प्रोजेक्ट बालाघाट में 10 तारीख से शुरू किया गया है, जिसमें अभी तक 470 पंजीयन किये जा चुके हैं। पंजीयन में मात्र 3 से 4 मिनिट का समय लगता है। इस सॉफ्टवेयर का उद्देश्य प्रदेश के जनजातीय और अनुसूचित जाति वर्ग के हितग्राहियों को सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ सरलता और पारदर्शिता से दिलाना सुनिश्चित करवाना है। बताया गया कि इसके अलावा कुछ अन्य योजनाएँ हैं, जिनमें पंजीयन के बाद हितग्राही को पृथक से कियोस्क के माध्यम से ही आवेदन करना होगा। इसमें विभाग के किसी होस्टल में प्रवेश लेने के लिये पंजीयन के बाद हॉस्टल मॉड्यूल के अन्दर जाकर अपना यूनिक आईडी अपडेट कर प्रदेश के सभी हॉस्टल में रिक्त सीट का विवरण प्राप्त किया जा सकता है। इसके बाद आवेदक ऑनलाइन ही किसी भी हॉस्टल में प्रवेश के लिये आवेदन कर सकता है। विभागीय की अन्य योजनाएँ ; प्रतिभा योजना, यूपीएससी कोचिंग, सिविल सेवा प्रोत्साहन, आकांक्षा, साइकिल प्रदाय योजना इत्यादि के लिये भी अलग-अलग मॉड्यूल बनाये जा रहे हैं। इस सॉफ्टवेयर में विभाग द्वारा अन्य अनेक डेटाबेस सर्वर का इन्टीग्रेशन किया गया है। इन सर्वर में उपलब्ध जानकारी अपने आप विभाग के डाटा में प्राप्त हो जाती है। यूआईडीएआई, एनपीसीआई, ई-डिस्ट्रिक्ट एवं समग्र सर्वर के साथ इन्ट्रीग्रेशन किया जा चुका है। अन्य योजनाओं की आवश्यकतानुसार सॉफ्टवेयर को कोषालय, माध्यमिक शिक्षा मंडल, सीसीटीएनएस इत्यादि सर्वर के साथ इन्ट्रीगेट करने की कार्यवाही की जा रही है।
शासकीय पेंशनर्स एवं परिवार पेंशनर्स की पेंशन में होगी 2.57 गुना वृद्धि
15 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि शासकीय सेवा से एक जनवरी 2016 के पहले सेवानिवृत्त हुए पेंशनर्स एवं परिवार पेंशनर्स की पेंशन में 2.57 गुना की वृद्धि की जायेगी। इस वृद्धि का नगद लाभ तत्काल प्रभाव से देय होगा। श्री चौहान ने पेंशनर्स एवं परिवार पेंशनर्स को चिकित्सा सुविधा देने तथा उनकी अन्य समस्याओं के समाधान के लिये पेंशनर्स बोर्ड गठित करने की घोषणा की। श्री चौहान आज मुख्यमंत्री निवास पर पेंशनर्स संघ के प्रतिनिधि-मंडल को संबोधित कर रहे थे। श्री चौहान ने पेंशनर्स से आग्रह किया कि अपने अनुभव, योग्यता और ऊर्जा का उपयोग स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, बेटी बचाओ अभियान तथा सामाजिक बुराइयों को दूर करने में करें। उन्होंने अपेक्षा की कि पेंशनर्स का रचनात्मक सहयोग सरकार को सदैव मिलता रहेगा। इस मौके पर वित्त मंत्री श्री जयंत मलैया और अपर मुख्य सचिव वित्त श्री ए.के. श्रीवास्तव उपस्थित थे।
15 जुलाई से नर्मदा सहित 313 नदियों के कैचमेंट एरिया में होगा पौध-रोपण
15 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि इस वर्ष भी 15 जुलाई से 15 अगस्त तक नर्मदा सहित प्रदेश की 313 नदियों के कैचमेंट एरिया में पौध-रोपण किया जायेगा। उन्होंने कहा कि नर्मदा के कैचेमेंट एरिया में जल्दी ही तालाब निर्माण का कार्य भी शुरू किया जायेगा। इसके लिए राशि भी स्वीकृत की गई है। मेढ़-बँधान के कार्य भी किये जायेंगे, जिससे पानी रिस-रिस कर माँ नर्मदा में पहुँचेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्यावरण को बचाने और वृक्षारोपण को प्रोत्साहित करने के लिये वे आलोचना की परवाह किये बिना हमेशा प्रयास करते रहेंगे। मुख्यमंत्री श्री चौहान होशंगाबाद में 'नमामि देवी नर्मदे'' सेवा यात्रा के प्रथम वर्षगाँठ समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने सीवरेज वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट और अमृत योजना के स्ट्रॉम वॉटर ड्रेन का भूमि-पूजन किया। ट्रीटमेंट प्लांट 10 करोड़ 24 लाख की लागत से निर्मित किया होगा। नर्मदा तटों पर विकास के लिये 1377 करोड़ स्वीकृत मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि नर्मदा के तटों पर विकास के लिये 1377 करोड़ रूपये स्वीकृत किये गये हैं। आठ नगरीय निकायों में सीवेज ट्रीटमेंट प्लान्ट का कार्य शुरू किया गया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि बाबई के मुंहासा में एसकेपी प्लांट लगाये जायेंगे। घाटों पर 249 शौचालय निर्माण का कार्य शुरू किया गया है तथा ग्रामीण क्षेत्र में 29 हजार 500 शौचालय बनाए गये हैं। नर्मदा के किनारे बसे 110 गाँव में चेंजिंग-रूम एवं शौचालय का कार्य शुरू किया गया है। घाटों पर कचरा एकत्रित करने के लिए 285 कचरा-पेटी एवं वाहन दिये जा रहे हैं। सॉलिड बेस की स्थापना के लिए होशंगाबाद एवं देवास में क्लस्टर की स्वीकृति दी गई है। इसका कार्य शीघ्र प्रारंभ होगा। नगरीय क्षेत्रों में 20 और ग्रामीण क्षेत्रों में 14 हजार मुक्ति-धाम बनाये गये हैं। होशंगाबाद में गैस पर आधारित शवदाह गृह के लिए सांसद निधि से राशि स्वीकृत की गई है। करीब 235 ग्राम पंचायतों में जैव विविधता समिति बनाई गई है। श्री चौहान ने बताया कि 2227 गाँवों में बायोगैस संयंत्र स्वीकृत किए गए हैं। नर्मदा के दाएँ तट पर 40 और बाएँ तट पर 42 रैन-बसेरों के निर्माण के लिए 41 करोड़ 40 लाख रूपये स्वीकृत किये गये हैं। नर्मदा किनारे 2 हजार 448 सोलर पंप स्थापित किये गये हैं। उद्योगों का प्रदूषित पानी नर्मदा में जाने से रोकने के लिये रिवर्स आश्वासिक प्लांट की स्थापना के लिए प्रयास किए गए हैं। 68 शराब दुकानें बन्द मुख्यमंत्री ने कहा कि नर्मदा किनारे के क्षेत्रों की 68 शराब दुकानों को बंद करवा दिया गया है। उन्होंने बताया कि नर्मदा तट की रेत खदान की नीलामी नहीं की गई है। उन्होंने कहा कि नर्मदा किनारे के 130 मजरे-टोलों में विद्युतीकरण के साथ ही 100 पूजन कुण्ड एवं विसर्जन कुण्ड बनवाये गये हैं। जैविक खेती को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि नर्मदा सेवा समिति 16 जिलों में नर्मदा की सफाई और स्वच्छता का कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने सभी उपस्थित लोगों को नर्मदा सेवा मिशन को जारी रखने का संकल्प दिलाया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने समारोह में रिपेरियन जोन पर आधारित फोटो गैलरी का अवलोकन किया। मुख्यमंत्री ने 'नर्मदा सेवा मिशन का एक वर्ष'' पुस्तक, नर्मदापुरम् संभाग के कमिश्नर श्री उमाकांत उमराव की ई-बुक, प्रोफेसर विपिन व्यास की नर्मदा के बायलॉजिकल हेल्थ पर लिखी पुस्तक, नर्मदा पवित्र सर्वदा अभियान पर आधारित फोल्डर और नर्मदा पोर्टल का विमोचन किया। उन्होंने 11 व्यक्तियों को 108 प्रकार के पौधों की विभिन्न प्रजातियों के बीज भी वितरित किए। कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सीतासरन शर्मा, जिला प्रभारी मंत्री श्री जालम सिंह पटेल, सांसद श्री राव उदय प्रताप सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री कुशल पटेल, विधायक श्री विजयपाल सिंह, श्री ठाकुर दास नागवंशी और श्री सरताज सिंह, खनिज विकास निगम अध्यक्ष श्री शिव चौबे, राज्य अंत्योदय समिति सदस्य श्री हरिशंकर जयसवाल, नगर पालिका अध्यक्ष श्री अखिलेश खण्डेलवाल और जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती संगीता सोलंकी मौजूद थे।
शूटिंग अकादमी को मिला सर्व-सुविधायुक्त छात्रावास भवन
15 May 2018
राजधानी के गौरागाँव स्थित अंतर्राष्ट्रीय स्तरीय मध्यप्रदेश राज्य शूटिंग अकादमी में आज खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्रीमती यशोधरा राजे सिंधिया ने 12 करोड़ 66 लाख रुपये लागत के बॉयज हॉस्टल बिल्डिंग का भूमि-पूजन किया। इस अंतर्राष्ट्रीय स्तर के छात्रावास भवन में 200 से अधिक खिलाड़ियों को सुव्यवस्थित आवास सहित लायब्रेरी, कैफेटेरियर एवं आधुनिक सुविधाएँ उपलब्ध करवाई जाएँगी। भूमि-पूजन कार्यक्रम में संचालक खेल और युवा कल्याण श्री उपेन्द्र जैन सहित अन्य अधिकारी तथा खिलाड़ी मौजूद थे।
राज्य मंत्री श्री जोशी ने वर्ल्ड स्किल्स इंडिया प्रतियोगिता के विजेताओं को किया सम्मानित
15 May 2018
तकनीकी शिक्षा (स्वतंत्र प्रभार) एवं स्कूल शिक्षा राज्य मंत्री श्री दीपक जोशी ने वर्ल्ड स्किल्स इंडिया की जोनल स्तरीय प्रतियोगिता के विजेताओं को सम्मानित किया। प्रतियोगिता के माध्यम से 27 युवाओं का चयन किया गया है। यह प्रतियोगी आगामी 24 से 26 मई तक जयपुर में होने वाली क्षेत्रीय स्तरीय प्रतियोगिता में भाग लेंगे। यहाँ विजयी होने वाले प्रतियोगी कजान (रूस) में 2019 में होने वाली अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। हर दो वर्ष में यह प्रतियोगिता आयोजित की जाती है। श्री जोशी ने कहा कि हुनरमंद बनकर काम से जुड़ने की ललक हो, तो कुछ भी असंभव नहीं है। उन्होंने कहा कि उन्हें पूरा विश्वास है कि प्रतियोगी जयपुर में ही नहीं, कजान में भी विजयी होंगे। श्री जोशी ने कहा कि प्रतियोगियों को शासन की ओर से हर संभव मदद दी जायेगी। मध्यप्रदेश रोजगार निर्माण बोर्ड के अध्यक्ष श्री हेमंत देशमुख ने विजेता प्रतियोगियों को शुभकामनाएँ दीं। अपर संचालक कौशल विकास श्री जी.एन. अग्रवाल ने कहा कि प्रतियोगिता के नियमों का पूरी तरह से पालन करें, जिससे प्वाइंट नहीं कटें। प्रतियोगियों ने भी अनुभव शेयर किये।
मैपकास्ट में कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति 62 वर्ष में होगी
15 May 2018
राजस्व, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता की अध्यक्षता में हुई मध्यप्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (मैपकास्ट) की कार्यकारी समिति की बैठक में परिषद के स्टॉफ की सेवानिवृत्ति आयु 60 वर्ष से बढ़ाकर 62 वर्ष करने का निर्णय लिया गया। बैठक में मध्यप्रदेश जैव-प्रौद्योगिकी परिषद का मैपकास्ट में विलय करने का भी निर्णय लिया गया। श्री गुप्ता ने कहा कि कार्यकारी समिति में लिये जाने वाले निर्णयों का क्रियान्वयन शीघ्र करें। एटलस का विमोचन विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री ने पन्ना एवं छतरपुर जिले के एटलस का विमोचन किया। उन्होंने कहा कि शेष 31 जिलों के एटलस भी जल्द तैयार करवायें। इस दौरान प्रमुख सचिव विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी श्री मनीष रस्तोगी, मैपकास्ट के महानिदेशक डॉ. नवीन चन्द्रा एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने की म.प्र. बोर्ड की दसवीं, बारहवीं परीक्षा परिणामों की घोषणा
14 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज यहाँ हाईस्कूल और हायर सेकेण्डरी स्कूल परीक्षा 2018 के परिणामों की घोषणा की। हाई स्कूल का परीक्षा परिणाम 66.54 प्रतिशत और हायर सेकेण्डरी का परीक्षा परिणाम 68.07 प्रतिशत रहा। हाई स्कूल परीक्षा की मेरिट सूची में 98 छात्राएं और 83 छात्र एवं हायर सेकेण्डरी की मेरिट सूची में 71 छात्राएं और 62 छात्रों ने स्थान प्राप्त किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सभी सफल विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों और शिक्षकों को बधाई देते हुए कहा कि विद्यार्थियों ने सफलता का इतिहास लिखा है। उन्होंने कहा कि इस साल का परीक्षा परिणाम पिछले साल की अपेक्षा ज्यादा अच्छा है। श्री चौहान ने उम्मीद के अनुरूप सफलता प्राप्त नहीं कर सके विद्यार्थियों से कहा कि वे किसी भी प्रकार से हताश, निराश या उदास नहीं हों। जीवन में आगे बढ़ने के अनेक अवसर उपलब्ध हैं। आगे और बेहतर प्रयास करें तथा आगे बढ़े। उन्होंने क्रिकेट खिलाडी श्री सचिन तेन्दुलकर, महिला बॉक्सर सुश्री मेरीकॉम, ऑलराउंडर क्रिकेट खिलाड़ी श्री कपिल देव और अमेरिका के पहले राष्ट्रपति जार्ज वाशिंगटन का उदाहरण देते हुये कहा कि कम नंबर लाने के बावजूद इन हस्तियों ने असाधारण और महान काम किये हैं। इसलिये निराश होने की बिल्कुल आवश्यकता नहीं है। श्री चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री मेधावी विद्यार्थी प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत जो विद्यार्थी 70 प्रतिशत से ज्यादा अंक लायेंगे, उन्हें उच्च शिक्षा के लिये किसी भी संस्थान में प्रवेश लेने पर उनकी फीस राज्य सरकार भरेगी। उन्होंने कहा कि पैसों के अभाव में किसी भी विद्यार्थी के सपनों को अधूरा नहीं रहने देंगे। उन्होंने परीक्षाओं में बेटियों के आगे रहने पर प्रसन्नता जाहिर करते हुये कहा कि बेटियों को आगे बढ़ायें, बेटियाँ किसी से कम नहीं हैं। हर जिले में होंगे कॅरियर काउंसलर : श्री चौहान ने कहा कि इस बार विद्यार्थियों के लिये कॅरियर काउंसलिंग की विशेष व्यवस्था की जा रही है ताकि बच्चों को अपने भविष्य का रास्ता तय करने में भरपूर मदद मिले। हर जिले में कॅरियर काउंसलिंग की व्यवस्था की जायेगी। उन्होंने बताया कि 70 प्रतिशत से ज्यादा अंक लाने वाले विद्यार्थियों के जिलेवार सम्मेलन आयोजित होंगे। सम्मेलन में विद्यार्थियों का स्वागत किया जायेगा और उन्हें कॅरियर काउंसलिंग दी जायेगी। हर जिले में रोजगार कार्यालय में न्यूनतम पाँच कॅरियर काउंसलर नियुक्त किये जायेंगे। उच्च शिक्षा विभाग के सहयोग से भी प्रत्येक जिले में दो-दो कॅरियर काउंसलर उपलब्ध होंगे। आगामी 17 मई को 500 कॅरियर परामर्शदाताओं का उन्मुखीकरण प्रशासन अकादमी में आयोजित किया जायेगा और कॅरियर परामर्श योजना शुरू की जायेगी। अच्छा परिणाम देने वाले जिलों, शिक्षकों का होगा सम्मान : श्री चौहान ने माध्यमिक शिक्षा मंडल को समय पर रिजल्ट घोषित करने और निर्विघ्न रूप से परीक्षाएँ सम्पन्न कराने के लिये बधाई दी। उन्होंने शासकीय शालाओं के शिक्षकों को भी बधाई दी, जिनके अथक परिश्रम से शासकीय स्कूलों का परीक्षा परिणाम निजी स्कूलों के परीक्षा परिणाम से उत्कृष्ट रहा है। उन्होंने कहा कि अच्छा परिणाम देने वाले जिलों और शालाओं के शिक्षकों को सम्मानित करने के लिये अलग से कार्यक्रम आयोजित किया जायेगा। श्री चौहान ने कहा कि सभी अध्यापकों का शिक्षा विभाग में संविलियन होगा। जो शिक्षक पहले से कार्यरत हैं, उनकी वरिष्ठता किसी भी प्रकार से प्रभावित नहीं होगी। उन्होंने शिक्षकों से अपेक्षा की कि आने वाले समय में शिक्षा की गुणवत्ता में और ज्यादा सुधार लाने के लिये प्रयास करें। माध्यमिक शिक्षा मंडल के अध्यक्ष श्री एस.आर. मोहंती ने परीक्षा परिणामों पर विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि इस बार कक्षा दसवीं के लिये बेस्ट ऑफ फाईव व्यवस्था लागू की गई थी। दिव्यांग विद्यार्थियों के लिये अलग से परीक्षाएं आयोजित की गईं। उन्होंने बताया कि अंकसूची में त्रुटियों को तीन महीनों के अंदर दूर करने के लिये विद्यार्थी ऑनलाइन आवेदन दे सकते हैं। तीन महीने के अंदर त्रुटि नि:शुल्क दूर कर दी जायेगी। श्री मोहंती ने बताया कि इस बार हाई स्कूल परीक्षा में 11 लाख 3 हजार 852 विद्यार्थी बैंठे थे। इनमें से 66.54 प्रतिशत विद्यार्थी सफल रहे। पिछले साल की तुलना में यह 16.8 प्रतिशत अधिक हैं। इनमें 64 प्रतिशत छात्र और 69 प्रतिशत छात्राएं हैं। प्रावीण्य सूची में 98 छात्राएं और 83 छात्र ने स्थान प्राप्त किया है। नीमच और देवास जिलों से पास होने वाले बच्चों की संख्या सर्वाधिक है। मण्डल अध्यक्ष ने बताया कि हायर सेकेण्डरी परीक्षा में 7 लाख 44 हजार विद्यार्थी शामिल हुए थे, जिनमें से 68.07 प्रतिशत सफल हुए हैं। प्रावीण्य सूची में 71 छात्राएं और 62 छात्र शामिल हैं। 12वीं में भी नीमच और दमोह जिलों से सर्वाधिक विद्यार्थी पास हुए हैं। उन्होंने बताया कि 23 हजार विद्यार्थियों ने 75 प्रतिशत और 85 प्रतिशत से ज्यादा अंक प्राप्त किये हैं । इसमें 12 हजार 871 विद्यार्थियों ने 85 प्रतिशत से ज्यादा अंक हासिल किये और 10 हजार 469 विद्यार्थियों ने 75 प्रतिशत से ज्यादा अंक हासिल किये। मूकबधिर श्रेणी में हाई स्कूल परीक्षा में भिण्ड की सुश्री दीक्षा शर्मा प्रथम, ग्वालियर के श्री सार्थक चितले द्वितीय एवं धार के श्री कृष्णा गुप्ता तृतीय स्थान पर रहे। दृष्टिबाधित और मानसिक रूप से विकलांग श्रेणी में हाई स्कूल में सागर के श्री भूपेन्द्र सिंह ठाकुर प्रथम, इंदौर के अक्षत द्वितीय और सागर के श्री प्रहलाद दांगी तृतीय स्थान पर रहे। हाई स्कूल की मेरिट सूची में प्रथम दस में स्थान प्राप्त करने वालों में विदिशा की कुमारी अनामिका साध और शाजापुर के श्री हर्षवर्धन परमार प्रथम रहे। उमरिया के श्री सुभाष प्रसाद पटेल, उमरिया के श्री प्रभात शुक्ला, आगर मालवा के श्री संयम जैन, राजगढ़ के श्री राधेश्याम सोंधिया द्वितीय स्थान पर रहे। बुरहानपुर के श्री चितवन नाईक, बुरहानपुर की कुमारी आयुषी शाह, नरसिंहपुर की कुमारी साक्षी लोधी और छतरपुर की कुमारी प्रिया साहू ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। हायर सेकेण्डरी के परिणाम में मानसिक विकलांग श्रेणी में ग्वालियर श्री शशिशेखर प्रकाश प्रथम रहे। मूकबधिर श्रेणी में सुश्री ऋतिका गोयल प्रथम रहीं। कला संकाय में छिंदवाड़ा की सुश्री शिवानी पवार प्रथम रहीं। गणित संकाय में श्री ललित पंचोली शिवपुरी प्रथम रहे। वाणिज्य संकाय में शिवपुरी सुश्री आयुषी प्रथम रहीं और कृषि संकाय में श्री संतोष रावत शिवपुरी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। जीव विज्ञान श्रेणी में बालाघाट की सुश्री दीपल जैन प्रथम रहीं और गृह विज्ञान संकाय में सुश्री तमन्ना कुशवाहा प्रथम रहीं। इस अवसर पर विधान सभा के उपाध्यक्ष श्री राजेन्द्र सिंह, स्कूल शिक्षा मंत्री कुँवरविजय शाह, स्कूल शिक्षा राज्यमंत्री श्री दीपक जोशी, प्रावीण्य सूची में आने वाले विद्यार्थी, शिक्षक और उनके परिजन उपस्थित थे।
शीघ्र शुरू होगा दतिया में मेडिकल कॉलेज: जनसम्पर्क मंत्री डॉ. मिश्र
14 May 2018
जनसम्‍पर्क, जल संसाधन और संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने जिला चिकित्सालय दतिया में मेडीकल कॉलेज से संबंद्ध वार्डों का अनावरण कर 4.87 करोड़ रुपए लागत के 100 बिस्तर के अस्पताल का लोकार्पण किया। डॉ. मिश्र ने वार्डो का निरीक्षण कर मरीजों का हालचाल भी जाना। डॉ. मिश्र ने कहा कि दतिया मेडीकल कॉलेज शीघ्र शुरू होगा। अब दतिया में चिकित्सा संसाधनों की कमी नहीं रहेगी। नए अस्पताल भवन में एक्स-रे, अल्ट्रा साउण्ड़ यूनिट, एमआईआर एवं सिटी स्केन की व्यवस्था होगी। हर तरह की बीमारी का ईलाज दतिया में मिलेगा। उन्होंने कहा कि डॉक्टर एवं पैरामेडिकल स्टॉफ के लिए आवासीय कॉलोनी का विस्तार किया जायेगा।
रेरा एक्ट के क्रियान्वयन में मध्यप्रदेश को फॉलो करें अन्य राज्य - केन्द्रीय मंत्री श्री पुरी
14 May 2018
केन्द्रीय आवास एवं नगरीय मामलों के मंत्री श्री हरदीप सिंह पुरी ने मध्यप्रदेश में रेरा एक्ट के प्रभावी क्रियान्वयन की सराहना की है। उन्होंने कहा कि देश के अन्य राज्य मध्यप्रदेश की कार्य-प्रणाली का अनुसरण करें। उन्होंने यह बात नई दिल्ली में भारत सरकार द्वारा रेरा एक्ट के क्रियान्वयन के लिये गठित केन्द्रीय सलाहकार परिषद की प्रथम बैठक में कही। बैठक में विशेष रूप से नामांकित 5 राज्यों के अध्यक्ष, भारत सरकार के आवास एवं नगरीय मामलों, राजस्व, विधि, उपभोक्ता संरक्षण, कम्पनी मामलों विभाग के सचिवों ने भाग लिया। केन्द्रीय मंत्री श्री पुरी ने कहा कि रेरा एक्ट लागू करने के पीछे भारत सरकार की मूल-धारणा रियल एस्टेट उपभोक्ताओं के हितों के संरक्षण के साथ रियल एस्टेट व्यापार के लिये स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण का निर्माण करना है। उन्होंने कहा कि रियल एस्टेट प्रोजेक्ट समय-सीमा में पूर्ण करने के लिये एकल खिड़की प्रणाली विकसित की जाये। केन्द्रीय मंत्री ने मध्यप्रदेश भू-सम्पदा प्राधिकरण द्वारा किये गये प्रयासों की प्रशंसा की। मध्यप्रदेश रेरा के अध्यक्ष श्री अंटोनी डिसा ने एक्ट के जमीनी क्रियान्वयन को प्रभावी बनाने के लिये एक्ट में कुछ संशोधन के सुझाव दिये, जिन्हें परिषद द्वारा स्वीकार करते हुए उस पर अमल के लिये एक उप-समिति गठित करने के निर्देश दिये। इसके साथ ही, रेरा एक्ट को अधिक कारगर बनाने के लिये क्षेत्रीय स्तर पर परिषद गठित करने का निर्णय लिया गया। बैठक में प्रमोटर्स की संस्था क्रेडाई, नारेडको के अध्यक्षों, उपभोक्ता एवं रियल एस्टेट से जुड़े एजेन्ट्स की संस्थाओं के प्रतिनिधि भी सम्मिलित हुए।
कुपोषण के खिलाफ जंग में समाज की भागीदारी बहुत जरूरी : केन्द्रीय मंत्री श्री तोमर
14 May 2018
केन्द्रीय पंचायत राज, ग्रामीण विकास और खनन मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा है कि भौतिकवाद के कारण प्राकृतिक संसाधनों के साथ वर्षों खिलवाड़ हुआ है। इसी कारण पोषण के क्षेत्र में असंतुलन पैदा हो गया है। समाज में पोषण के प्रति जागरूकता बहुत जरूरी है। महज सरकार के प्रयास नाकाफी साबित होंगे। श्री तोमर आज भोपाल में पोषण संबंधी तीन दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय कार्यशाला का शुभारंभ कर रहे थे। श्री तोमर ने न्यूट्रीशन स्मार्ट विलेज की सराहना करते हुए कहा कि 313 ग्रामों से प्रारंभ हुई इस छोटी-सी शुरूआत का विस्तार प्रदेश के सभी गाँवों में होगा और गाँव स्वयं पोषण में आत्म-निर्भर बन सकेंगे। उन्होंने कहा कि परम्परागत कृषि और खाद्यान्न पद्धति में आये बदलावों के परिणाम स्वरूप पोषण में कमी की स्थिति बनी है। इसके निराकरण के लिए विभिन्न विभागों के आपसी सहयोग से आरंभ की गई गहन और विशेषज्ञता पूर्ण विचार-विमर्श श्रृंखला के निष्कर्ष निश्चित ही कारगर सिद्ध होंगे। श्री तोमर ने कार्यशाला की अनुशंसाओं को केन्द्र की ओर से हर संभव समर्थन देने का आश्वासन दिया। पोषण जागरूकता के शंखनाद के प्रतीक स्वरूप इस अवसर पर अतिथियों को शंख भेंट किये गये। महिला-बाल विकास मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनिस ने कहा कि कृषि व्यवस्था को बाजारवाद से बचाने की जरूरत है। फसलें केवल बेचने के लिये नहीं लें, बल्कि जो खाते हैं, वह उगायें और जो उगायें वह खायें। इस संदर्भ में उन्होंने कृष्ण और कंस के संघर्ष का हवाला देते हुए कहा कि कृष्ण चाहते थे कि बृज में उत्पादित दूध पर पहला अधिकार बृज के बच्चों का हो और शेष दूध ही मथुरा जाना चाहिए। कंस बृज में उत्पादित पूरे दूध पर अपना अधिकार जमाना चाहता था। श्रीमती चिटनिस ने कहा कि खेत और गाँव से बेर, कबीट, इमली, आँवला, सुरजना के नैसर्गिक पेड़ गायब हो रहे हैं। यह खाद्य विविधता की समाप्ति का संकेत हैं, इनको बचाना बहुत जरूरी है। इससे सहज-सुलभ और मुफ्त में मिलने वाले पोषक तत्व लोगों से दूर हो रहे हैं। उन्होंने मोटे अनाज (न्यूट्री सीरियल्स) को सार्वजनिक वितरण प्रणाली में शामिल करने के निर्णय के लिए भारत सरकार का आभार व्यक्त किया। श्रीमती चिटनिस ने पोषण संवेदी कृषि और पोषण जागरूकता के विस्तार के लिए आरंभ हुए प्रयासों की जानकारी देते हुए बताया कि फरवरी 2016 में चित्रकूट में इस विचार का बीजारोपण हुआ था। इस दिशा में भोपाल और शिलांग सहित कई स्थानों पर कार्यशालाएँ आयोजित की गईं तथा प्रदेश के सभी 313 विकासखंडों के एक-एक ग्राम को न्यूट्रीशन स्मार्ट विलेज के रूप में विकसित किया गया। उन्होंने कहा कि गाँव तभी पोषण आहार में स्वावलंबी होंगे, जब वहाँ की मिट्टी सुपोषित होगी। इन गाँवों का न्यूट्रीशन ऑडिट कराने की व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि हम न्यूट्रीशन स्मार्ट नागरिक की अवधारणा पर कार्य कर रहे हैं। तिरंगा थाली के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि बाजार की ताकतों के प्रभाव में कमी, परम्परागत ज्ञान और वैज्ञानिक दृष्टिकोण के समन्वय से हम पोषण में कमी की समस्या को दूर करने में सफल होंगे। प्रमुख सचिव महिला-बाल विकास श्री जे. एन. कंसोटिया ने पोषण जागरूकता के विस्तार की आवश्यकता बताई। शुभारंभ अवसर पर यूनीसेफ के सीएफओ श्री माइकल जूमा और न्यूट्रीशन प्रमुख श्री अर्जन वाग्ट, दीनदयाल शोध संसाधन दिल्ली के श्री अतुल जैन, भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद, अटारी जबलपुर के संचालक डॉ. श्री अनुपम मिश्र, कृषि विश्वविद्यालय ग्वालियर के कुलपति डॉ. एस. के. राव तथा विषय-विशेषज्ञ उपस्थित थे। अतिथियों का स्वागत केले के छिलके से तैयार गमछा और अलसी के फाइबर से बनी कोटी भेंट कर किया गया। इस अवसर पर पोषण पंचांग का विमोचन भी हुआ। पोषक तत्वों और विभिन्न स्तर पर पोषण जागरूकता पर संचालित गतिविधियों पर केन्द्रित प्रदर्शनी लगायी गई है। कार्यशाला में 15 और 16 मई को विभिन्न तकनीकी सत्र होंगे, जिनमें खाद्य सुरक्षा, पोषण सुरक्षा, ग्राम स्तरीय वाणिज्य व्यापार गतिविधियों, ग्राम स्तरीय समूहों के क्षमता विकास तथा प्रभावी नीति निर्धारण और क्रियान्वयन पर विचार-विमर्श होगा
मुख्यमंत्री श्री चौहान द्वारा वरिष्ठ पत्रकार श्री वोरा के निधन पर शोक व्यक्त
14 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने दैनिक समाचार-पत्र अमृत संदेश, रायपुर के प्रधान संपादक और वरिष्ठ पत्रकार श्री गोविंदलाल वोरा के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। श्री चौहान ने शोक संदेश में कहा है कि श्री वोरा का पूरा जीवन सादगी,सिद्धाँतों और सामाजिक सरोकारों के लिए समर्पित रहा। उनका आमजन से सीधा संवाद रहता था। उन्होंने पत्रकारिता का दीर्घ जीवन हमेशा सच के लिए लड़ते हुये जिया। श्री वोरा के निधन से पत्रकारिता जगत को अपूरणीय क्षति हुई है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति के लिये प्रार्थना की है और शोक संतप्त परिजनों के प्रति गहन संवेदना व्यक्त की है। उल्लेखनीय है कि श्री गोविंदलाल वोरा दैनिक समाचार-पत्र अमृत संदेश में स्थापना के समय से ही प्रधान संपादक के रूप में कार्य कर रहे थे। श्री वोरा लगभग 28 वर्ष तक नवभारत और क्रानिकल, रायपुर के संपादक रहे। उनका निधन गत दिवस 84 वर्ष की आयु में दिल्ली में हो गया।
मध्यप्रदेश जैव प्रौद्योगिकी परिषद् का विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद् में होगा संविलियन
14 May 2018
मध्यप्रदेश जैव प्रौद्योगिकी परिषद् का विज्ञान एवं प्रौद्यागिकी परिषद् में संविलियन होगा। विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता की अध्यक्षता में हुई जैव प्रौद्योगिकी परिषद् के संचालक मण्डल और आमसभा की बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक में निर्णय लिया गया है कि मध्यप्रदेश जैव प्रौद्योगिकी परिषद् में कार्यरत स्टाफ का भी विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद् में संविलियन होगा। विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री ने कहा कि दोनों परिषदों के कार्य लगभग एक समान हैं, इसलिए संविलियन का निर्णय लिया गया है। बैठक में बरकतउल्ला विश्वविद्यालय में इंस्टीट्यूट ऑफ लाइफ साइसेंस एवं टेक्नालॉजी की स्थापना करने के लिये प्रस्ताव तैयार करने का निर्णय लिया गया। साथ ही विभिन्न प्रस्तावों का कार्योत्तर अनुमोदन किया गया। जैव प्रौद्योगिकी परिषद् के सी.ई.ओ. श्री सी.के. पाटिल ने परिषद् द्वारा किए गए कार्यो की जानकारी दी। इस दौरान अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा श्री बी.आर. नायडू, सचिव वित्त श्री मुकेशचन्द्र गुप्ता, महानिदेशक विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद् डॉ. नवीन चन्द्रा एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
राज्य सरकार की प्राथमिकता में शामिल है परिवहन व्यवस्था का सुद्दढीकरण
14 May 2018
नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्रीमती माया सिंह ने कहा है कि प्रदेश के शहरों में लोक परिवहन व्यवस्था को सुदृढ़ बनाना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। शहरों में पार्किग को व्यवस्थित करने के लिए शहरी पार्किग नीति तैयार की गई है। प्रमुख 6 शहरों में परिवहन व्यवस्था के लिए 7 करोड़ 87 लाख रूपये की राशि आवंटित की गई है। श्रीमती माया सिंह ने कहा कि दृष्टि पत्र 2018 में राज्य सरकार द्वारा शहरों में लोक परिवहन को व्यवस्थित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। नगरीय विकास विभाग द्वारा जेएनएनयूआरएम के माध्यम से 4 बड़े शहरों में 600 बसों का संचालन किया जाएगा। अमृत योजना में 16 चयनित नगर निगम क्षेत्रों में 1600 शहरी और अर्द्ध-शहरी बसों का संचालन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जेएनएनयूआरएम द्वारा भोपाल, इंदौर, जबलपुर और उज्जैन में बस सेवा संचालित की जा रही है। अमृत योजना में भोपाल, इंदौर जबलपुर, उज्जैन के साथ-साथ ग्वालियर, देवास, मुरैना, सतना, सागर, रतलाम, रीवा, कटनी, खण्डवा, बुरहानपुर, सिंगरौली, छिन्दवाड़ा, भिण्ड, गुना, शिवपुरी एवं दतिया को सिटी बसों के साथ अन्तर्शहरी बस सेवा से भी जोड़ा जा रहा है। मंत्री श्रीमती सिंह ने जानकारी दी है कि राज्य स्तरीय डेडीकेटेट अरबन ट्रासर्पोट फण्ड से भोपाल को एक करोड़, इंदौर को एक करोड़ 87 लाख, जबलपुर को 2 करोड़ एवं ग्वालियर, उज्जैन और विदिशा को एक-एक करोड़ रूपये की राशि उपलब्ध करवाई गई है। अमृत योजना से जुड़े शहरों में सिटी परिवहन के लिये टेण्डर प्रक्रिया जारी है।
प्रदेश में शीघ्र लागू होगा एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट : मुख्यमंत्री श्री चौहान
13 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में शीघ्र ही एडव्होकेट प्रोटेक्शन एक्ट लागू होगा। सरकार विधानसभा के मानसून सत्र में इस संबंध में विधेयक प्रस्तुत करेगी। श्री चौहान ने नेशनल लॉ इंस्टीट्यूट यूनिवर्सिटी में राज्य अधिवक्ता परिषद के कार्यक्रम में यह जानकारी दी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि शासन का सबसे अच्छा स्वरूप लोकतंत्र है। इसकी मजबूती के लिये जनता का न्यायपालिका पर भरोसा होना आवश्यक है। समय पर निष्पक्ष न्याय दिलाने में न्यायाधिपतियों और अधिवक्ताओं की प्रमुख भूमिका होती है। उन्होंने मासूम के साथ बलात्कार के अपराधी को मात्र 23 दिन में दण्डित करने के लिये न्यायपालिका का अभिनंदन और आभार ज्ञापित किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिवक्ताओं को आरंभिक जीवन में कई कठिनाइयों का सामना और संघर्ष करना पड़ता है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार का पूरा सहयोग उन्हें हमेशा मिलेगा। अधिवक्ता कल्याण के बार काउंसिल के कार्यों में सरकार भरपूर सहयोग करेगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा समाज के सभी वर्गों के कल्याण के कार्य समान रूप से किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि समाज में समता के लिये राज्य सरकार सक्षम पर करारोपण कर अक्षम की मदद कर रही है। उन्होंने असंगठित मजदूरों के कल्याण के लिये किये जा रहे कार्यों की जानकारी भी दी। अधिवक्ता हितैषी घोषणाएँ ई-लायब्रेरी निर्माण में लगने वाली राशि का बजट में प्रावधान किया जायेगा। अधिवक्ताओं को गंभीर बीमारियों के उपचार के लिये राशि उपलब्धता की सीमा अधिकतम पाँच लाख रूपये की जायेगी। अधिवक्ता की असामयिक मृत्यु पर चार लाख की राशि परिजनों को दी जायेगी। इस राशि में 2 लाख रूपये राज्य सरकार और 2 लाख रूपये बार काउंसिल द्वारा देय होगी। अधिवक्ता चेंबर निर्माण के लिये 50 प्रतिशत की मैचिंग ग्रांट सरकार देगी। नये अधिवक्ताओं को दिये जाने वाला अनुदान 12 हजार से बढ़ाकर 25 हजार रूपये किया जायेगा। विधि मंत्री श्री रामपाल सिंह ने कहा कि न्यायिक प्रशासन के सुदृढ़ीकरण और अधिवक्ता कल्याण के कार्यों में प्रदेश की सरकार देश में अग्रणी है। शीघ्र न्याय सुलभ कराने के लिये सरकार ने न्यायाधिपतियों के 275 नये पद सृजित किये हैं। न्यायालय भवन निर्माण के लिये 53 करोड़ 62 लाख रूपये से अधिक की राशि उपलब्ध करवाई गई है। राज्य सरकार ने देश में पहली बार अधिवक्ता कल्याण के लिये महा-पंचायत की थी। पंचायत के निर्णयों पर आधारित योजनाएँ बनाकर अधिवक्ताओं को लाभान्वित किया जा रहा है। विधि मंत्री ने बताया कि नये अधिवक्ताओं को अनुदान के रूप में एक करोड़ 60 लाख रूपये उपलब्ध करवाये गये हैं। गंभीर बीमारियों के उपचार के लिये 3 करोड़ और असामयिक मृत्यु के प्रकरणों में 7 करोड़ 29 लाख रूपये से अधिक की राशि उपलब्ध करवाई गई है। महाधिवक्ता श्री पुरूषेन्द्र कौरव ने कहा कि अधिवक्ता समाज का प्रहरी होता है। प्रदेश में न्याय प्रशासन को सुदृढ़ बनाने में राज्य सरकार भरपूर सहयोग कर रही है। उच्च न्यायालय के शासकीय अधिवक्ताओं का वेतन 30 हजार बढ़ाकर जिला जज के समान एक लाख 25 हजार रूपये किया है। शासकीय अधिवक्ताओं के पद 30 से बढ़ाकर 150 किये गये हैं। वर्ष 2016 में सुलभ न्याय प्रशासन के लिये न्यायाधिपतियों से लेकर अन्य कर्मचारियों सहित 4 हजार 500 नये पदों का सृजन किया गया। नवीन मुकदमा नीति लागू की गई है। विधि आयोग का पुनर्गठन करने जैसे महत्वपूर्ण और दूरगामी कार्य राज्य सरकार ने किये हैं। राज्य अधिवक्ता परिषद के अध्यक्ष श्री शिवेन्द्र उपाध्याय ने परिषद द्वारा अधिवक्ता कल्याण के लिए किये जा रहे कार्यों में राज्य सरकार से सहयोग की अपेक्षा की।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने "दिल से" दी दसवीं, बारहवीं परीक्षा में सफल विद्यार्थियों को अग्रिम बधाई
13 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने दसवीं और बारहवीं की राज्य बोर्ड परीक्षा के घोषित होने वाले परिणाम की चर्चा करते हुए परीक्षा में अच्छे नंबरों से पास होने वाले विदयार्थियों को अग्रिम बधाई देते हुए शुभकामनाएँ दी हैं। साथ ही उन्होंने परीक्षा में असफल रहे विदयार्थियों से कहा कि असफल होने पर निराश होने की जरूरत नहीं है। आगे और ज्यादा तैयारी करें और आगे बढें। मुख्यमंत्री आज आत्मीय संवाद 'दिल से' के माध्यम से प्रदेशवासियों को संबोधित कर रहे थे। श्री चौहान ने कहा कि केवल डिग्री अथवा अच्छे नम्बर आना सफल होने की गारंटी नहीं है। उन्होंने महात्मा गांधी, पूर्व राष्ट्रपति स्वर्गीय डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम, बाक्सर सुश्री मैरी कॉम, महान् क्रिकेटर श्री सचिन तेंदुलकर, अमेरिका के प्रथम राष्ट्रपति जार्ज वाशिंगटन का उदाहरण देते हुए कहा कि परीक्षा में कम नम्बर आने के बावजूद उन्होंने महान् काम किये। सद्भावना बिगाड़ने वालों से सावधान रहें मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ लोग प्रदेश की शांति, सद्भावना एवं समरसता भंग करने के काम में लगे हैं। वे तरह-तरह की अफवाहें फैलाते हैं। ऐसे लोगों से सावधान रहने की जरूरत है। प्रदेशवासी मिल-जुल कर प्रदेश को आगे बढ़ायें। स्व-प्रेरणा से नदियों को बचाने आगे आयें श्री चौहान ने मातृ दिवस पर सभी माताओं के त्याग और तपस्या को नमन् करते हुए युवाओं का आव्हान किया कि वे हमेशा अपने माता-पिता का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि 15 मई को नर्मदा सेवा यात्रा का एक वर्ष पूरा हो रहा है। उन्होंने लोगों का आव्हान किया कि नदियों को बचाने के लिये स्व-प्रेरणा से आगे आयें। नर्मदा सेवा यात्रा और नर्मदा सेवा मिशन की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि नर्मदा जल को प्रदूषण से बचाने के लिये सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाये जा रहे हैं। शराब की दुकानें बंद कर दी गई हैं। उन्होंने कहा कि 35 लाख से ज्यादा लोगों ने पौधों का रोपण किया। दरिंदों के लिये सिर्फ मौत की सजा श्री चौहान ने इंदौर की हृदय-विदारक घटना की चर्चा करते हुए कहा कि दरिंदों की सजा केवल मृत्यु दण्ड है। उन्होंने मात्र 23 दिनों में न्याय प्रक्रिया पूरी करने और दोषी को मृत्यु दण्ड दिलाने के लिये पुलिस प्रशासन की सराहना की। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को बेटियों की गरिमा की रक्षा के लिये दोषी राक्षसों को फाँसी की सजा देने का कानून बनाने के लिये धन्यवाद दिया। श्री मोदी के नेतृत्व में हुआ शक्तिशाली भारत का उदय श्री नरेन्द्र मोदी के प्रधानमंत्री के रूप में चार साल पूरे होने की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि श्री मोदी ने अद्भुत जन-कल्याण योजनाएँ शुरू की हैं। उन्होंने स्वच्छता को जन-अभियान बना दिया है। श्री चौहान ने कहा कि श्री मोदी के नेतृत्व में शक्तिशाली भारत का उदय हुआ है। सौभाग्य से भारत को श्री मोदी जैसा समर्पित नेता मिला है। श्रमिकों के लिये सबसे बड़ी सामाजिक सुरक्षा योजना श्री चौहान ने असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के कल्याण के लिये शुरू की गई योजना के लाभ की चर्चा करते हुए कहा कि यह देश की सबसे बड़ी सामाजिक सुरक्षा योजना है। चार साल के भीतर कोई भी गरीब बिना जमीन के नहीं रहेगा। उन सब का पक्का मकान होगा। बच्चों की पढ़ाई का पूरा खर्चा सरकार उठायेगी। श्रमिकों को फ्लेट रेट पर बिजली मिलेगी। किसानों को नहीं होने देंगे नुकसान श्री चौहान ने किसान कल्याण के लिये उठाये गये क्रांतिकारी कदमों की चर्चा करते हुए कहा कि किसानों को संकट में नहीं रहने देंगे। गेंहूँ, लहसुन, प्याज, चना, मसूर, सरसों की फसलों पर किसानों को नुकसान नहीं होने देंगे। वनवासी बंधुओं को वनाधिकार पटटे देने का अभियान 20 मई से शुरू हो रहा है। श्री चौहान ने नर्मदा की सेवा में समर्पित व्यक्तित्व स्वर्गीय श्री अनिल माधव दवे का स्मरण करते हुए कहा कि वे नर्मदा के सच्चे सपूत थे।
ग्रामीण कला एवं संस्कृति को समृद्ध करने के हो रहे प्रयास : श्री चौहान
13 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में ग्रामीण कला एवं संस्कृति को समृद्ध बनाने के प्रयास किये जा रहे हैं। ग्राम स्तर पर कला एवं संस्कृति के प्रति समर्पित कलाकारों की उपकरण और सामग्री जैसी आवश्यकताओं की पूर्ति में सरकार सहयोग कर रही है। इस कार्य के लिये 57 करोड़ रूपये की व्यवस्था की गई है। श्री चौहान आज भारत भवन में रंगकर्मी श्री दया प्रकाश सिन्हा के नाटक 'रक्त अभिषेक' के मंचन से पूर्व कला-प्रेमियों को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने श्री सिन्हा का शॉल-श्रीफल और पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मान भी किया। श्री चौहान ने कहा कि देश और समाज का निर्माण उसके नागरिक और समाज को दिशा देने वाले चिंतक करते हैं। सरकार का मानना है कि पुल-पुलियों के निर्माण के साथ ही समाज के चिंतकों के नेतृत्व में मार्गदर्शन के प्रयास भी किये जाने चाहिये। इसी मंशा से सरकार ने नर्मदा सेवा यात्रा और एकात्म यात्रा आदि आयोजन किये हैं। उन्होंने कहा कि श्री सिन्हा राष्ट्रवादी विचारक, मौलिक चिंतक हैं। श्री दया प्रकाश सिन्हा ने नाटक का परिचय देते हुए बताया कि सार्वजनिक हित में किया गया कार्य हिंसा नहीं होता। व्यक्तिगत स्वार्थ में किया जाने वाला कार्य हिंसा होता हैं। इसी को नाटक में रूपायित करने का प्रयास किया गया है। उन्होंने बताया कि रक्ताभिषेक और सम्राट अशोक उनकी ऐसी कृतियाँ हैं, जिनकी रचना वर्तमान के संदर्भ में ऐतिहासिक नाटकों के रूप में की गई हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री चौहान की संगठन क्षमता, कर्मठता और धैर्यशीलता की व्यापक सराहना की। कार्यक्रम में प्रमुख सचिव संस्कृति श्री मनोज श्रीवास्तव, संस्कार भारती दिल्ली के श्री अमीरचंद सहित बड़ी संख्या में कला अनुरागी उपस्थित थे।
नल-जल योजना से 71 ग्राम के समूह को मिलेगा स्वच्छ जल
13 May 2018
जनसम्पर्क, जल संसाधन एवं संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने आज दतिया जिले के बाजनी गाँव में 90 करोड़ रुपए की लागत की नल-जल योजना का लोकार्पण किया। मंत्री डॉ. मिश्र ने बताया कि योजना का लाभ 71 ग्राम के समूह को प्राप्त होगा। ग्रामवासियों को स्वच्छ पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित की गई है। उन्होंने जनता से आव्हान किया कि आवश्यकता के अनुसार ही पानी का उपयोग करें। नर्सिंग कॉलेज में समारोह जनसम्पर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने दतिया नर्सिंग कॉलेज में लैम्प लाईटिंग कार्यक्रम में शामिल होकर छात्राओं को सम्बोधित किया। उन्होंने उत्कृष्ट अंक प्राप्त करने वाली छात्राओं को पुरस्कार प्रदान किए। पार्थिव शिवलिंग निर्माण में हर नागरिक हो भागीदार जनसम्पर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने दतिया में आगामी अगस्त माह में होने वाले पार्थिग शिवलिंग निर्माण कार्यक्रम में विभिन्न दायित्वों के संबंध में चर्चा की। वृंदावन धाम दतिया में पार्थिग शिवलिंग निर्माण कार्यक्रम की तैयारियों के संबंध में हुई बैठक में बताया गया कि संत श्री देवप्रभाकर शास्त्री, दद्दा जी के सानिध्य और मार्गदर्शन में कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने आयोजन समिति के पदाधिकारियों और सदस्यों से विस्तृत चर्चा कर रूपरेखा से अवगत करवाया। वार्ड का उद्घाटन 14 मई को दतिया जिला चिकित्सालय में 4 करोड़ 78 लाख से निर्मित नये वार्ड का उद्घाटन सोमवार 14 मई को पूर्वान्ह 11 बजे जनसम्पर्क मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र करेंगे।
राज्यों को पूरी तरह ओडीएफ बनाने में केन्द्र सरकार देगी भरपूर वित्तीय मदद : सुश्री उमा भारती
12 May 2018
केन्द्रीय पेयजल एवं स्वच्छता मंत्री सुश्री उमा भारती ने कहा है कि देश को 2 अक्टूबर, 2019 तक पूरी तरह खुले में शौच जाने से मुक्त बनाने का लक्ष्य है। यह लक्ष्य पूरा करने के लिये राज्यों को केन्द्र सरकार भरपूर वित्तीय सहयोग करेगी। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश राज्य को वर्ष 2014 से अब तक 3 हजार 180 करोड़ रूपये की वित्तीय सहायता दी जा चुकी है। वित्त आयोग से स्वच्छता के लिये अलग से धनराशि निर्धारित करने का आग्रह किया जायेगा, जिससे खुले में शौच जाने से मुक्त घोषित होने के आगे की गतिविधियाँ को क्रियान्वित किया जा सके। सुश्री भारती आज यहाँ रविन्‍द्र भवन परिसर में राज्य-स्तरीय स्वच्छता पुरस्कार समारोह को संबोधित कर रही थीं। सुश्री उमा भारती ने कहा कि प्लास्टिक स्वच्छता का सबसे बड़ा शत्रु है। उन्होंने नागरिकों का आव्हान किया कि सड़क पर किसी भी प्रकार का प्लास्टिक का सामान अथवा पॉलीथीन नहीं फेकें, इससे गौ-धन की हानि होती है। उन्होंने कहा कि स्वच्छता की शुरूआत स्व-प्रेरणा से होती है। इसलिये खुले में शौच जाने से मुक्त हो चुकी ग्राम पंचायतों के सरपंचों की यह जिम्मेदारी है कि वे अब ओडीएफ के आगे की गतिविधियों की तैयारी करें। केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि स्वच्छता निरंतर चलने वाला काम है। इसे करने में सरकारी पहल का इंतजार नहीं करें। उपलब्ध संसाधनों में ही पहल शुरू करें। उन्होंने स्वच्छता के क्षेत्र में मध्यप्रदेश द्वारा की गई उल्लेखनीय प्रगति की सराहना की। स्वच्छता जन-अभियान से बदली है मानसिकता : मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि दो अक्टूबर 2018 तक मध्यप्रदेश खुले में शौच जाने से पूरी तरह मुक्त प्रदेश हो जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने स्वच्छता को जन-अभियान का स्वरूप दिया है। इससे लोगों की मानसिकता बदली है। लोगों ने स्वच्छता के महत्व को स्वीकारा है। मुख्यमंत्री ने स्वच्छाग्रहियों से अपील की कि लोगों को शौचालय का उपयोग करने के लिए प्रेरित करें। मध्यप्रदेश को स्वच्छ और स्वस्थ प्रदेश बनाने का संकल्प लें। श्री चौहान ने कहा कि स्वच्छता के लिए प्लास्टिक का उपयोग अत्यंत हानिकारक है। इससे पर्यावरण को भारी नुकसान पहुँचता है। उन्होंने स्वच्छाग्रहियो को संकल्प दिलवाया कि वे धीरे-धीरे प्लास्टिक का उपयोग करना छोड़ दें। नागरिकों को भी इसके लिये प्रेरित करें। उन्होंने कहा कि इसके लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने असंगठित श्रमिक कल्याण योजना की चर्चा करते हुए स्वच्छाग्रहियों का आह्वान किया कि इस योजना के क्रियान्वयन में पूरा सहयोग करें। उन्होंने बताया कि इस योजना में हर गरीब का अपना मकान होगा, उसे आवासीय भूमि का पट्टा मिलेगा। मुफ्त में इलाज होगा। दुर्घटना होने पर 4 लाख रूपये और सामान्य मृत्यु पर दो लाख रूपये उसके आश्रितों को मिलेंगे। गोवर्धन योजना का शुभारंभ सुश्री उमा भारती और श्री चौहान ने भारत सरकार की गोवर्धन योजना का शुभारंभ किया। यह योजना नरसिंहपुर की ग्राम पंचायत कोदसा एवं ग्वालियर की ग्राम पंचायत चिरूली से शुरू हुई है। मध्य प्रदेश को अग्रिम बधाई केन्द्रीय स्वच्छता एवं पेयजल मंत्रालय के सचिव श्री परमेश्वरन अय्यर ने बताया कि वर्ष 2014 में स्वच्छ भारत अभियान शुरू होने से पहले देश में 55 करोड़ लोग खुले में शौच जाते थे। मात्र साढे़ तीन साल में इनकी संख्या घटकर 20 करोड़ रह गई है। उन्होंने कहा कि पिछले साढे़ तीन सालों में देश को स्वच्छ बनाने के अभियान में जितना काम हुआ, उतना बीते सात दशकों में भी नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि आज 400 जिले और साढे़ तीन लाख लाख गाँव खुले में शौच जाने से मुक्त हो गए हैं। उन्होंने बताया कि दो अक्टूबर, 2019 तक पूरे देश को खुले में शौच जाने से मुक्त करने का लक्ष्य है। श्री अय्यर ने मध्यप्रदेश की सराहना करते हुए कहा कि स्वच्छता अभियान के संचालन में मध्यप्रदेश ने उल्लेखनीय प्रगति की है। उन्होंने दो अक्टूबर 2018 तक मध्यप्रदेश को पूरी तरह से ओडीएफ राज्य बनाने के संकल्प के लिए अग्रिम बधाई देते हुए कहा कि अब हर प्रदेश को ओडीएफ से एक कदम आगे बढ़कर कार्य करने की दिशा में रणनीति बनानी होगी। केन्द्रीय मंत्री सुश्री उमा भारती और मुख्यमंत्री श्री चौहान ने स्वच्छता के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली जिला और जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों, सरपंचों और स्वच्छाग्रहियों को पुरस्कार एवं उत्कृष्टता प्रमाण-पत्र प्रदान किये। इस अवसर पर सुश्री उमा भारती ने ओडीएफ सत्यापन मार्गदर्शिका का विमोचन किया। पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गोपाल भार्गव, राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विश्वास सारंग, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री मनमोहन नागर, सीहोर जिला पंचायत अध्यक्ष सुश्री उर्मिला मरेठा और अपर मुख्य सचिव ग्रामीण विकास श्री इकबाल सिंह बैंस उपस्थित थे।
उद्योग आधार मेमोरेण्डम में 23 हजार 949 करोड़ का पूँजी निवेश
12 May 2018
प्रदेश में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम में उद्योग आधार मेमोरेण्डम (यूएएम) के माध्यम से पिछले दो वर्ष में 2 लाख 93 हजार से ज्यादा उद्योगों में 23 हजार 948 करोड़ रूपये से ज्यादा का पूँजी निवेश किया गया है। इसमें 9 लाख 60 हजार 802 बेरोजगारों को सम्मानजनक रोजगार मिला है। सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री संजय-सत्येन्द्र पाठक ने बताया है कि वर्ष 2017-18 में 2 लाख 6 हजार 142 उद्योग में 14 हजार 401 करोड़ 67 लाख रूपये पूँजी निवेश किया गया। इससे 5 लाख 96 हजार 990 बेरोजगारों को रोजगार मिला। इस अवधि में एक लाख 97 हजार 853 सूक्ष्म, 8019 लघु और 270 मध्यम उद्योग स्थापित हुए। राज्य मंत्री श्री पाठक ने बताया कि वित्त वर्ष 2016-17 में 9 हजार 547 करोड़ 32 लाख रूपये पूँजी निवेश से 3 लाख 63 हजार 812 बेरोजगारों को रोजगार मिला है। उक्तावधि में प्रदेश में 80 हजार 688 सूक्ष्म, 6140 लघु और 243 मध्यम उद्योग स्थापित किये गये हैं। आसान हुआ उद्योगों का पंजीयन: राज्य मंत्री श्री पाठक ने बताया कि भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु, मध्यम उद्यम मंत्रालय की अधिसूचना 18 सितम्बर, 2015 के बाद यूएएम पंजीयन की नई व्यवस्था लागू हुई। इस व्यवस्था में उद्यमियों द्वारा घर बैठे ऑनलाइन पंजीयन करवाया जाता है। प्रदेश में सूक्ष्म, लघु, मध्यम और उद्यम उद्योग में 2 लाख 93 हजार 213 लोगों ने ऑनलाइन पंजीयन करवाकर उद्योग स्थापित कर लिये हैं।
गेंहू उपार्जन 71 लाख मीट्रिक टन तक जाने की उम्मीद
11 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज प्रदेश में गेहूँ, चना, सरसों और मसूर के उपार्जन की स्थिति की मंत्रालय में हुई उच्च-स्तरीय बैठक में विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने कहा कि परिवहन व्यवस्था के कारण उपार्जन प्रभावित नहीं होना चाहिए। श्री चौहान ने चने की खरीदी 30 मई से पहले पूरी करने के निर्देश दिए। गेहूँ उपार्जन की स्थिति पर संतोष व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री ने बिना किसी शिकायत के गेहूँ उपार्जन की पुख्ता व्यवस्था के लिए विभागीय और मैदानी अधिकारियों की सराहना की। बैठक में बताया गया कि अब तक 61 लाख मीट्रिक टन गेहूँ की खरीदी हो गई है। अगले कुछ दिनों में यह खरीदी करीब 71 लाख मीट्रिक टन तक पहुँच जाएगी। गेहूँ उपार्जन के लिए 3000 से ज्यादा उपार्जन केंद्र संचालित हैं। अब तक चने की 4 लाख 36 हजार 333 मीट्रिक टन, सरसों की 31 हजार 310 मीट्रिक और मसूर की करीब 52 हजार मीट्रिक टन से ज्यादा की खरीदी हुई है। बैठक में मुख्य सचिव बी.पी. सिंह, कृषि उत्पादन आयुक्त श्री पी.सी. मीना, अपर मुख्य सचिव वित्त श्री ए.पी. श्रीवास्तव, प्रमुख सचिव खाद्य श्रीमती नीलम शमी राव एवं वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
भोपाल में राज्य-स्तरीय स्वच्छता सम्मेलन आज
11 May 2018
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के तत्वावधान में राज्य स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत 12 मई को रवीन्द्र भवन परिसर में सुबह 11 बजे से राज्य-स्तरीय स्वच्छता सम्मेलन होगा। सम्मेलन में केन्द्रीय पेयजल एवं स्वच्छता मंत्री सुश्री उमा भारती मुख्य अतिथि होंगी। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान सम्मेलन की अध्यक्षता करेंगे। सम्मेलन में पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गोपाल भार्गव, राजस्व मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता और पंचायत एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री श्री विश्वास सारंग विशिष्ट अतिथि होंगे। भोपाल जिला पंचायत अध्यक्ष श्री मनमोहन नागर, सांसद श्री आलोक संजर, महापौर श्री आलोक शर्मा, पूर्व मुख्यमंत्री श्री बाबूलाल गौर, विधायक श्री विष्णु खत्री, श्री सुरेन्द्रनाथ सिंह, श्री आरिफ अकील और श्री रामेश्वर शर्मा सम्मेलन में भाग लेंगे। उत्कृष्ट कार्य करने वाले होंगे सम्मानित : स्वच्छता सम्मेलन में प्रदेश के शौचमुक्त हो चुके 20 जिलों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले जिला पंचायत एवं जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला और विकासखण्ड समन्वयक, सरपंच एवं स्वच्छग्राहियों को सम्मानित किया जाएगा। सम्मानितों ने अपने-अपने कार्यक्षेत्र में वर्ष 2017-18 के दौरान शौचालय निर्माण, जियो टेगिंग, अनुपयोगी शौचालयों को उपयोगी बनाने, प्रेरकों की निरंतर संलग्नता सुनिश्चित कराने आदि मानकों पर उत्कृष्‍ट कार्य किया है। यही कार्य उनके राज्य स्तरीय पुरस्कार हेतु चयन का आधार बना है। प्रदेश को 2 अक्टूबर 2018 तक सम्पूर्ण रूप से खुले से शौच मुक्त करने का लक्ष्य है। सम्मेलन स्वच्छता चैंपियनों को गौरव का भाव महसूस कराकर इसे जन-आंदोलन बनाने का प्रयास है। सम्मानित जिले: सम्मेलन में मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत छिंदवाड़ा, बालाघाट, खण्डवा, शाजापुर, सीहोर, होशंगाबाद, ग्वालियर, अगर-मालवा एवं दतिया सम्मानित किये जाएंगे।
कुपोषण को हराने में जुटी आजीविका मिशन की टीम राधा
11 May 2018
राजगढ़ जिले के विकासखण्ड खुजनेरी में ग्राम करेड़ी में आजीविका मिशन की सजग महिला राधाबाई अपनी महिला टीम के साथ कुपोषित बच्चों के लिये यशोदा माँ का रोल अदा कर रही हैं। ये महिलाएँ मिशन की सहायता से अपनी आर्थिक उन्नति के साथ-साथ सामाजिक जिम्मेदारी निभाने में भी बहुत आगे हैं। ये सभी स्व-सहायता समूह के रूप में संगठित होकर संजीवनी अभियान से जुड़ गई हैं। इन्होंने गाँव के 26 कुपोषित बच्चों को गोद लेकर उन्हें प्रति दिन अपने खर्चे पर प्रोटीन पाउडर युक्त दूध पिलाने का जिम्मा उठाया है। इन महिलाओं ने गाँव को कुपोषण मुक्त बनाने का निश्चय किया है। खुजनेर की परियोजना अधिकारी श्रीमती पुष्पा गोयल ने बताया कि करेड़ी ग्राम में आँगनवाड़ी केंद्र संचालित है। इस केन्द्र में डेढ़ सौ बच्चों का पंजीयन है। इन आँगनवाड़ी केंद्रों में 28 बच्चे कुपोषित हैं, जिनमें से 6 बच्चों को अन्य लोगों द्वारा गोद लिया जा चुका है। शेष बच्चों को कुपोषण से मुक्त कराने की जिम्मेदारी इन महिलाओं ने ली है। इन्होंने निर्णय लिया है कि प्रति दिन आँगनवाड़ी केंद्र पर दो-दो महिलाएँ पहुँचेंगी और कुपोषित बच्चों को प्रोटीन पाउडर युक्त दूध पिलाएँगी। इन महिलाओं ने अपने इस फैसले के क्रियान्वयन में होने वाले व्यय को अपनी बचत से गठित आपदा कोष से समायोजित करने की व्यवस्था की है।
प्रथम वर्ष में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों के लिए हो स्वागत समारोह
10 May 2018
राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने विश्वविद्यालय समन्वय समिति की 94वीं बैठक में कहा कि विश्वविद्यालयों के परीक्षा परिणाम समय पर घोषित किए जाएँ तथा एक जुलाई के पहले नये प्रवेश की प्रक्रिया पूरी की जाये। सभी विश्वविद्यालयों में एक जुलाई को प्रथम वर्ष में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों के लिए स्वागत समारोह का आयोजन किया जाए। समारोह में पहले से अध्ययनरत विद्यार्थियों की उपस्थिति सुनिश्चित की जाये। यह भी सुनिश्चित किया जाए कि विश्वविद्यालय का कैलेण्डर सभी प्रवेश लेने वाले छात्रों तक समय पर पहुँचे। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों तथा महाविद्यालयों में एडमिशन लेने वाले अनुसूचित जाति-जनजाति के विद्यार्थियों तथा छात्राओं से प्रवेश पंजीयन शुल्क नहीं लिया जाए। राज्यपाल श्रीमती पटेल ने कुलपतियों से मध्यप्रदेश टी.बी मुक्त अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने का आव्हान किया। उन्होंने कहा कि जिला कलेक्टरों के सहयोग से विश्वविद्यालय के कुलपति, रजिस्ट्रार और प्रोफेसर शून्य से 18 वर्ष से कम आयु के एक-एक टी.बी रोगी बच्चे को गोद लें। टी.बी पीड़ित बच्चे को पौष्टिक आहार जैसे फल, गुड़ तथा दाल पहुँचाएँ। श्रीमती पटेल ने केन्द्र सरकार के स्वच्छता जागरूकता कार्यक्रम में विश्वविद्यालयों की भागीदारी तय करने के लिये ग्रीष्मकालीन योजना तैयार करें। इसमें गाँवों में 100 घंटे स्वच्छता के लिए कार्य किया जाए। इस दौरान छात्र-छात्राओं से स्वच्छता और शौचालयों की आवश्यकता पर निबंध और नाटक लिखवाये जायें, प्रतियोगिताएँ आयोजित की जायें तथा विजेता छात्र-छात्राओं को केन्द्र, राज्य सरकार और विश्वविद्यालय की ओर से पुरस्कार राशि दी जाए। स्वच्छता जागरूकता कार्यक्रम में किए गए कार्यों को वेबसाइट पर अपलोड कर केन्द्र और राज्य सरकार के विभागों को भेजा जाए। राज्यपाल ने कहा कि विश्वविद्यालयों में होने वाले कार्यक्रमों और समारोह में कुलपतियों की उपस्थिति सुनिश्चित होना चाहिए। अगर कुलपतियों को देश अथवा प्रदेश से बाहर जाना है, तो पूर्व में ही पूरे कारणों सहित आवेदन प्रस्तुत करना होगा। अनुमति प्राप्त होने के बाद ही वे दौरे पर जा सकते हैं। राज्यपाल ने कुलपतियों से उच्च शिक्षा विभाग को प्रोफेसरों, अध्यापकों तथा कर्मचारियों से संबंधित सही और सम्पूर्ण जानकारी उपलब्ध करवाने के निर्देश दिये। बैठक में अपर मुख्य सचिव वित्त श्री ए.पी. श्रीवास्तव, अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा श्री बी.आर. नायडू, राज्यपाल के प्रमुख सचिव डॉ. एम. मोहन राव तथा विश्वविद्यालयों के कुलपति एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
श्रमिकों की जिंदगियों में खुशियां लाना हमारा संकल्प : मुख्यमंत्री श्री चौहान
10 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि श्रमिकों की जिंदगियों में खुशियां लाना हमारा संकल्प है। असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिए विभिन्न कल्याण योजनाओं का सूत्रपात इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। सरकार के खजाने पर पहला हक उसका है जो सबसे गरीब और सबसे पीछे है। सरकार ने निर्धनता में जीवन गुजार रहे श्रमिकों की बेहतरी के लिए ठोस कदम उठाए हैं। श्री चौहान आज जबलपुर में असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के साथ संवाद कर रहे थे। इस मौके पर विधायक श्री अशोक रोहाणी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने तय किया है कि प्रदेश की धरती पर कोई भी गरीब बिना जमीन के टुकड़े के नहीं रहेगा बल्कि उसे पट्टा देकर जमीन का मालिक बनाया जाएगा। जिले में एक लाख से अधिक पट्टे दिए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रमिक अपनी जमीन के वैधानिक मालिक होंगे। पट्टा देने के बाद मकान बनाने के लिए राशि भी दी जाएगी। श्री चौहान ने आग्रह किया कि वे अपने सभी बच्चों को जरूरी तौर पर पढ़ाएं। उनके बच्चों की पढ़ाई की फीस सरकार भरेगी। श्री चौहान ने कहा कि सरकार ने मजदूरों के परिवारों के सदस्यों के मुफ्त इलाज के अलावा महिला श्रमिकों के मातृत्व के दौरान राशि मुहैया कराने के भी प्रावधान किए हैं। उन्होंने 200 रूपए के फ्लैट रेट पर बिजली देने, दुर्घटना मृत्यु के मामले में परिवार को 4 लाख रूपए दिए जाने सहित अन्य प्रावधानों का भी उल्लेख किया। श्री चौहान ने श्रमिकों से स्वरोजगार योजनाओं और आजीविका मिशन से जुड़ने की भी अपील की। मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रमिकों को गरीबी के अभिशाप से मुक्त कराने और उनकी आमदनी में बढ़ोतरी करने के लिए सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है। श्री चौहान ने कहा कि केवल जबलपुर जिले में 6 लाख रजिस्ट्रेशन हुए हैं। यदि अब भी कोई शेष रह गया हो तो आवेदन देने पर उसका नाम जोड़ा जाएगा। उन्होंने कलेक्टर को मॉनीटरिंग टीम गठित कर सभी पात्रों को योजनाओं का लाभ दिलाया जाना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि एक अप्रैल से 31 मई तक पंजीकृत होने वाले पात्र श्रमिकों को 13 जून को एक साथ हित-लाभ प्रदान किए जाएंगे। इसके बाद शहरी क्षेत्रों के वार्डों के निवासी श्रमिकों एवं ग्रामीण क्षेत्रों के निवासी श्रमिकों को प्रावधानों के अनुसार सतत् रूप से हित-लाभ के वितरण की प्रक्रिया जारी रहेगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने एक अप्रैल 2018 से पंजीकृत पात्र हितग्राहियों को सांकेतिक रूप से जमीन के पट्टे भी वितरित किए। साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत शहरी क्षेत्र के कुछ हितग्राहियों को चैक प्रदान किए। श्री चौहान ने मुख्यमंत्री श्रमिक सेवा प्रसूति सहायता योजना के तहत भी महिला श्रमिक हितग्राही को 16 हजार रूपए का चैक सौंपा। शहपुरा क्षेत्र के ग्राम मनकेड़ी में गत 29 अप्रैल को दुर्घटना में प्राण गंवाने वालों के परिवार को 4-4 लाख रूपए की सहायता राशि प्रदान की गई।
बाण सागर परियोजना की बहुती नहर का दो तिहाई कार्य पूर्ण
10 May 2018
जनसम्‍पर्क, जल संसाधन और संसदीय कार्य मंत्री एवं रीवा जिले के प्रभारी मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने रीवा में जल संसाधन विभाग के विकास कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि निर्धारित लक्ष्य के मुताबिक विकास कार्यों को समय-सीमा में पूरा करें। उन्होंने किसानों के लिए सिंचाई सुविधाओं को निरंतर जारी रखने के निर्देश दिए। मंत्री डॉ. मिश्र को बाणसागर परियोजना के विकास कार्यों की दी गई जानकारी में बताया गया कि बहुती नहर निर्माण का कार्य 65 प्रतिशत पूरा कर लिया गया है। इससे रीवा एवं सतना जिले के 65 हजार किसान लाभान्वित होंगे। इस नहर का निर्माण कार्य दिसम्बर 2018 तक पूर्ण करने का लक्ष्य निश्चित है। डॉ. नरोत्तम मिश्र ने कहा कि जल संसाधन विभाग के विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास इसी माह होगा। वे स्वयं इस माह जिले के हर विधान-सभा क्षेत्र का भ्रमण करेंगे। उन्होंने कहा कि अगले सप्ताह रीवा जिले के गुढ़ क्षेत्र में लिफ्ट इरीगेशन स्कीम का लोकार्पण किया जायेगा। इसी तरह मनगवां, और देवतालाब क्षेत्रों में भी विकास कार्यों का शुभारंभ होगा। बैठक के पूर्व मंत्री डॉ. मिश्र आमजनों से मिले और उनकी समस्याएं सुनीं। इस अवसर पर मध्यप्रदेश गौपालन एवं पशुधन संवर्धन बोर्ड के अध्यक्ष स्वामी अखिलेश्वरानंद जी, अन्य जन-प्रतिनिधि और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी मौजूद थे।
अब न पैर जलेंगे और न ही कांटे चुभेंगे
10 May 2018
सिवनी जिले में महिला तेन्दूपत्ता संग्राहक पुरंतीबाई सहित एक लाख से अधिक तेन्दूपत्ता संग्राहक हैं। इन सभी संग्राहकों को तेन्दूपत्ता तोड़ते समय, महुआ बीनते समय चिलचिलाती धूप में पैरों के जलने, नुकीले पत्थर और गिट्टी-कांटे चुभने से बड़ी तकलीफ होती थी। यह क्रम वर्षों से, पीढ़ियो से चला आ रहा था। अब इन संग्राहकों के न तो पैर जलेंगे और न ही पैर में कांटे चुभेंगे और न ही भरी दोपहरी में पीने के पानी के लिये इधर-उधर भटकना पड़ेगा। पीने के लिए शीतल जल उनके पास ही होगा। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने सिवनी जिले में विगत 5 मई को ग्राम भोमा निवासी पुरंतीबाई सहित अन्य संग्राहकों को अपने हाथों से सुन्दर और आरामदायी चप्पल पहनाई। पुरंतीबाई इस एहसास से ही भाव-विभोर हो गई कि प्रदेश के मुखिया उसे अपने हाथों से चप्पल पहना रहे हैं। पुरंतीबाई ने मन ही मन मुख्यमंत्री को खूब दुआएँ दी। अब पुरंतीबाई और अन्य सभी संग्राहाकों को महुआ बिनने तथा तेन्दूपत्ता संग्रहण में कोई परेशानी नहीं होती। धूप, कंकड़-पत्थर की चिंता से मुक्त रहकर संग्राहक अपना काम कर रहे हैं। पुरंतीबाई को मुख्यमंत्री ने चप्पल पहनाने के साथ ही नई साड़ी और पानी को ठंड़ा रखने के लिये सुन्दर बॉटल भी दी। छोटी-छोटी लेकिन जरूरत की ये चीज पाकर पुरंतीबाई अब खुश है।
कृष्ण कुमार और ददनराम बैगा आई.टी.आई. में बने प्रशिक्षक
10 May 2018
शहडोल जिले में ग्राम करकटी के कृष्ण कुमार बैगा और ग्राम बोड़री के ददनराम बैगा ने आज आई.टी.आई. में प्रशिक्षक के पद पर कार्य कर रहे हैं। इन्ही की तरह प्रदेश के अन्य युवा भी शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों से कौशल प्रशिक्षण लेकर शासकीय नौकरी प्राप्त करने में सफलता अर्जित कर रहे हैं। कृष्ण कुमार बैगा ने 12वीं परीक्षा पास करने के बाद बड़े भाई कैलाश बैगा की सलाह पर मोटर व्हीकल ट्रेड मैकेनिक का 2 साल का प्रशिक्षण प्राप्त किया। कौशल उन्नयन के प्रशिक्षण के दौरान ही बैगा का चयन आईटीआई खरगौन में प्रशिक्षक के पद पर हो गया। ददनराम बैगा आई.टी.आई. शहडोल में श्रमिक के रूप में कार्यरत थे। इन्होंने कटिंग स्वींग का प्रशिक्षण प्राप्त किया और आज आई.टी.आई. सिंगरौली में प्रशिक्षक के पद पर सेवाएँ दे रहे हैं।
स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के लिये आयोग के निर्देशों से अपडेट रहें
9 May 2018
मध्यप्रदेश विधानसभा के आगामी आम निर्वाचन के लिये उप जिला निर्वाचन अधिकारियों, 230 विधानसभा क्षेत्र के निर्वाचन अधिकारियों और सहायक निर्वाचन अधिकारियों की ट्रेनिंग आज से भोपाल के आर.सी.व्ही.पी. नरोन्हा प्रशासन अकादमी में शुरू हुई। पहले बैच की ट्रेनिंग का शुभारंभ अतिरिक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री संदीप यादव ने किया। अधिकारियों के सात बैच की ट्रेनिंग 5 जुलाई तक चलेगी। श्री संदीप यादव ने कहा कि स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के लिये भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों और नियमों से निरंतर अपडेट रहें। निर्वाचन अधिकारी जितने अपडेट रहेंगे, उतना ही कार्य को बेहतर और तत्परतापूर्वक कर सकेंगे। श्री यादव ने बताया कि ट्रेनिंग के साथ ही अब चुनावी मोड में आने का समय आ गया है। निर्वाचन अधिकारी पूरी निष्ठा, अनुशासन और ईमानदारी के साथ लोकतंत्र के इस उत्सव को सम्पन्न करवा सकते हैं। निर्वाचन के दौरान एक छोटी गलती अथवा त्रुटि से पूरा चुनाव प्रभावित होता है। इसीलिये आयोग द्वारा समय-समय पर जारी निर्देशों के अनुसार निर्वाचन प्रक्रिया को सम्पन्न करवाना अधिकारियों की महती जिम्मेदारी है। श्री यादव ने कहा कि किसी भी शिकायत पर निर्णय लेते समय आयोग द्वारा पूर्व में लिये गये निर्णय या संदर्भ को भी ध्यान में रखें। अपने कार्यों में निष्पक्ष रहना ही नहीं, दिखना भी जरूरी है। ईवीएम के साथ वीवीपैट की जानकारी भी सूक्ष्मता से होनी चाहिये। चुनाव आयोग के निर्देशों से संबंधित जो पुस्तकें दी जायेंगी, उसका अध्ययन अवश्य किया जाये। ट्रेनिंग को पूरी गंभीरता से ले तथा जिलों में जाकर निर्वाचन के अन्य अमले को भी प्रशिक्षित करें। संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री एस.एस. बंसल ने कहा कि मध्यप्रदेश में होने वाले विधानसभा एवं लोकसभा चुनावों को बेहतर संचालन के जरिये न सिर्फ शांतिपूर्वक बल्कि निष्पक्ष भी सम्पन्न करवायें। निर्वाचन प्रक्रिया से पूरी तरह वाकिफ रहकर आयोग के निर्देशों के अनुसार कार्य करें। पहले बैच की ट्रेनिंग में चुनाव आयोग के मास्टर-ट्रेनर/रिसोर्सपर्सन उत्तरप्रदेश के श्री दिनेशचंद्र सिंह, गुजरात के सैय्यद मुख्तार एवं म.प्र. की सुश्री रूही खान ने निर्वाचन अधिकारियों को अभ्यर्थियों की पात्रता एवं अपात्रता, नामांकन और स्क्रूटनी (जाँच) के संबंध में जानकारी दी। पहले बैच में लगभग 100 अधिकारी भाग ले रहे हैं, जिनकी ट्रेनिंग 12 मई तक चलेगी।
पीपीपी मोड पर रोजगार कार्यालयों का प्लेसमेंट सेंटर के रूप में होगा उन्नयन
9 May 2018
कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री दीपक जोशी की मौजूदगी में राज्य मंत्रालय में प्रदेश के रोजगार विभाग और यशस्वी एकेडमी फॉर टेलेन्ट मैनेजमेंट प्रा.लि. पुणे के बीच पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मोड के आधार पर रोजगार कार्यालयों के प्लेसमेंट सेंटर के रूप में उन्नयन के लिये करारनामे (एमओयू) पर हस्ताक्षर हुए। रोजगार विभाग की ओर से संचालक श्री संजीव सिंह और एकेडमी की ओर से संचालक श्री विश्वेष कुलकर्णी ने करारनामे पर हस्ताक्षर किये। राज्य मंत्री श्री जोशी ने कहा कि इस करारनामे से चयनित 15 जिला मुख्यालयों पर बेरोजगारों को रोजगार उपलब्ध करवाने के कार्य प्राथमिकता से सुनिश्चित होंगे। प्लेसमेंट सेंटर के लिये चयनित जिले प्रदेश में जन-भागीदारी आधार पर रोजगार कार्यालयों को प्लेसमेंट सेंटर के रूप में प्रोजेक्ट करने के लिये 15 जिले चयनित किये गये हैं। इनमें भोपाल, इंदौर, जबलपुर, रीवा, ग्वालियर, सागर, उज्जैन, होशंगाबाद, शहडोल, धार, खरगौन, देवास, सिंगरौली, सतना एवं कटनी जिले शामिल हैं। पीपीपी मोड का मुख्य उद्देश्य यह कम्पनी आधुनिक प्लेसमेंट सेंटर्स को नियोजित एवं क्रियान्वित करेगी। कम्पनी द्वारा युवाओं को निजी क्षेत्र में बेहतर रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाने के साथ-साथ व्यक्तित्व विकास, सी.वी. लेखन तथा बाजार की अद्यतन माँग आदि की जानकारी भी उपलब्ध करवाई जायेगी। पीपीपी मोड के अंतर्गत बाजार की मानव संसाधन माँगों का आकलन एवं विश्लेषण किया जायेगा और बेरोजगार युवाओं की कॅरियर काउंसिलिंग की जायेगी। युवा बेरोजगारों को बाजार की माँगों के अनुसार तैयार करने के साथ-साथ रोजगार मेले एवं कॅरियर काउंसिलिंग सत्रों का आयोजन होगा। इसके अलावा, स्थानीय नियोजकों से समन्वय कर आवेदकों को संबंधित जिलों में रोजगार उपलब्ध करवाया जायेगा। इस मौक पर म.प्र. राज्य कौशल विकास एवं रोजगार निर्माण के अध्यक्ष श्री हेमन्त विजय राव देशमुख, प्रमुख सचिव तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास एवं रोजगार श्री अशोक वर्णवाल, मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सुखबीर सिंह एवं अन्य वरिष्ठ विभागीय अधिकारी मौजूद थे।
स्मार्ट सिटी में सुविधाओं के विस्तार से नागरिक भी स्मार्ट बनेंगे - मंत्री श्रीमती माया सिंह
9 May 2018
नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्रीमती माया सिंह ने कहा है कि स्मार्ट सिटी में चयनित शहरों में स्मार्ट सुविधाओं के विस्तार से नागरिक भी स्मार्ट बनेंगे। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में 7 स्मार्ट सिटी में सुविधाओं के विस्तार के लिये लगभग ढाई हजार करोड़ रुपये लागत के कार्य स्वीकृत किये गये हैं तथा दो हजार करोड़ रुपये से अधिक लागत के कार्य प्रक्रिया में हैं। उन्होंने यह बात देश के स्मार्ट सिटी के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों के दो दिवसीय शिखर सम्मेलन के समापन अवसर पर कही। मंत्री श्रीमती सिंह ने कहा कि स्मार्ट सिटी की अवधारणा के तहत चुनिंदा शहरों में सड़क, पानी, बिजली, यातायात, रोजगार आदि सभी विषयों पर स्मार्ट तरीके से सोचने और कार्य करने की प्रक्रिया प्रारम्भ हुई है। यह प्रक्रिया देश के अन्य शहरों के लिये मॉडल का काम करेगी। उन्होंने कहा कि स्मार्ट सिटी का मूल ढाँचा इस तरह तैयार किया जा रहा है कि एक बार सुविधाओं का विस्तार होने के बाद फिर वह पब्लिक पार्टीसिपेशन से संचालित की जाती रहेंगी। श्रीमती माया सिंह ने कहा कि भोपाल में आयोजित इस शिखर सम्मेलन में प्राप्त सुझावों पर गंभीरता से विचार किया जायेगा। उन्होंने भोपाल में स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत एकीकृत कमाण्ड कंट्रोल सेंटर और इन्क्यूबेशन सेंटर प्रारंभ होने पर स्मार्ट सिटी की टीम को बधाई दी। प्रमुख सचिव श्री विवेक अग्रवाल ने कहा कि स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के सफल संचालन के लिये आवश्यक है कि पीपीपी मोड अथवा पब्लिक बाँड सिस्‍टम विकसित किये जायें। तभी यह सुविधाएँ भविष्य में बेहतर तरीके से काम कर सकेंगी। इस अवसर पर देश के विभिन्न स्मार्ट शहरों दमनद्वीव द्वारा विकसित सोलर प्रोजेक्ट, भोपाल द्वारा स्मार्ट लाइट पोल, स्मार्ट पब्लिक बाइक शेयरिंग, पूना द्वारा पब्लिक बाँड सिस्टम का प्रजेन्टेशन दिया गया। समापन सत्र में स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के लिये धन की व्यवस्था विषय पर विस्तार से चर्चा की गई। इस अवसर पर भारत सरकार के शहरी विकास मंत्रालय के सचिव श्री दुर्गाशंकर मिश्र सहित अन्य अधिकारी और विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
राज्य मंत्री श्री सारंग द्वारा द्वारका नगर में 80 लाख के विकास कार्यों का भूमि-पूजन
9 May 2018
सहकारिता, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री विश्वास सारंग ने आज द्वारका नगर में 80 लाख रूपये लागत के विकास कार्यों का भूमि-पूजन किया। श्री सारंग ने कहा कि वार्ड 37 में द्वारका नगर सहित सभी बस्तियों में नालियों और सड़कों का निर्माण करवाया जा रहा है। उन्होंने पार्षद और स्थानीय नागरिकों से विकास कार्यों की मॉनीटरिंग करने का आग्रह किया। श्री सारंग ने कहा कि नरेला क्षेत्र में शासकीय अस्पताल और महाविद्यालय शुरू करवाये गये है। शत-प्रतिशत घरों में नर्मदा जल की सप्लाई, पार्कों का विकास, सड़कों का निर्माण और चौराहों का सौन्दर्यीकरण करवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सुभाष रेल्‍वे फाटक ओवर ब्रिज और चेतक ब्रिज के निर्माण का कार्य अंतिम चरण में है। भूमि-पूजन कार्यक्रम में एमआईसी श्री मनोज चौबे, स्थानीय जन-प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद थे।
बैकलॉग पदों पर भर्ती शीघ्र की जाये : राज्य मंत्री श्री लाल सिंह आर्य
9 May 2018
सामान्य प्रशासन राज्य मंत्री श्री लाल सिंह आर्य ने बैकलॉग पदों पर शीघ्र भर्ती करने के निर्देश दिये हैं। श्री आर्य आज मंत्रालय में सामान्य प्रशासन विभाग की समीक्षा कर रहे थे। बैठक में अपर मुख्य सचिव सामान्य प्रशासन श्री प्रभांशु कमल उपस्थित थे। श्री आर्य ने कहा कि अनुकम्पा नियुक्ति के प्रकरणों में विलम्ब नहीं किया जाये, ये प्रकरण समय-सीमा में निराकृत किये जायें। उन्होंने कहा कि विभिन्न विभागों में श्रेणीवार रिक्त पदों की जानकारी सामान्य प्रशासन विभाग में होना चाहिये। श्री आर्य ने जाँच के लम्बित प्रकरणों में शीघ्र पेशी करवाने के निर्देश दिये। राज्य मंत्री ने कहा कि विभाग की उपलब्धियों को सोशल मीडिया पर प्रदर्शित करने के लिये उप सचिव स्तर का नोडल अधिकारी बनाया जाये। श्री आर्य ने कहा कि जाति प्रमाण-पत्र लम्बित जिले वाले जिला कलेक्टरों को नवीन शैक्षणिक सत्र शुरू होने से पहले जाति प्रमाण-पत्र के लम्बित प्रकरणों का निराकरण करने के लिये परिपत्र जारी किया जाये। राज्य मंत्री श्री आर्य ने मंत्रालय के एनेक्सी भवन की प्रगति के संबंध में निर्माण एजेन्सी सीपीए के अधिकारियों से चर्चा की। इस मौके पर बताया गया कि एनेक्सी भवन की टेस्टिंग चल रही है, 30 जुलाई तक भवन तैयार हो जायेगा। भवन को फायर प्रूफ बनाया गया है। फर्नीचर के सैम्पल आ गये हैं। भवन का एक साल तक ठेकेदार द्वारा रख-रखाव किया जायेगा, उसके बाद टेंडर किया जायेगा। गो-डाउन का काम अगले जून माह तक पूरा हो जायेगा। पार्किंग की व्यवस्था भी शीघ्र शुरू होगी। श्री आर्य ने कहा कि 22 मई के बाद एनेक्सी भवन का निरीक्षण करेंगे। राज्य मंत्री श्री आर्य ने लोक सेवा केन्द्र के जरिये बच्चे का जाति प्रमाण-पत्र बनवाने आये आवेदन पर आवेदक श्री गोपाल सिंह मीना तहसील कालापीपल, जिला शाजापुर से दूरभाष पर चर्चा की। आवेदक द्वारा बताया गया कि अभी तक प्रमाण-पत्र नहीं बना है, कागजों की खाना पूर्ति भी कर दी गई है। श्री आर्य ने इस संबंध में शाजापुर कलेक्टर को मोबाइल पर संबंधित आवेदक के बारे में बताकर त्वरित निराकरण करने को कहा।
सौभाग्य योजना से 14 लाख 81 हजार से अधिक घरों में पहुँची बिजली
9 May 2018
मध्यप्रदेश में सौभाग्य योजना में अब तक 14 लाख 10 हजार 708 घरों में बिजली कनेक्शन कर दिये गये हैं। प्रदेश में कुल 28 लाख 80 हजार बिजली कनेक्शन विहीन घरों को अक्टूबर 2018 तक विद्युतीकृत करने का लक्ष्य है। इस योजना में अब तक 10 जिलों आगर-मालवा, मंदसौर, इंदौर, खण्डवा, नीमच देवास, रतलाम, हरदा, अशोकनगर और उज्जैन में विद्युतीकरण का लक्ष्य शत-प्रतिशत पूरा कर सभी घर बिजली से रौशन कर दिए गए हैं। मध्यप्रदेश में केन्द्र सरकार के सहयोग से राज्य सरकार द्वारा बिजली विहीन सभी गरीब परिवारों के घरों में बिजली कनेक्शन किये जा रहे हैं। प्रदेश के तीन जिले सीहोर (99%), शाजापुर (99%) और भोपाल (96%) भी शीघ्र ही सौ फीसदी विद्युतीकरण की सूची में शामिल हो जायेंगे। अब तक पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने 20 जिलों के 15 लाख 7 हजार 20 घरों में बिजली कनेक्शन देने के लक्ष्य के विरूद्ध 4 लाख 69 हजार 153 घरों में बिजली कनेक्शन कर दिये गये हैं। मध्य क्षेत्र कंपनी ने 16 जिलों के 18 लाख 55 हजार 325 घरों के विद्युतीकरण के लक्ष्य के विरूद्ध 6 लाख 3 हजार 555 घरों में बिजली कनेक्शन देकर उन्हें रौशन किया है। पश्चिम क्षेत्र कंपनी द्वारा अक्टूबर तक क्षेत्र के 15 जिलों में 7 लाख 16 हजार 851 गरीब परिवारों के घरों में बिजली कनेक्शन देने के लक्ष्य के विरूद्ध 3 लाख 38 हजार घरों में बिजली कनेक्शन कर दिए गए हैं। सौभाग्य योजना में निर्धन परिवारों के घरों को मुफ्त बिजली कनेक्शन देने के लिये प्रदेश को 60 प्रतिशत राशि केन्द्र से अनुदान के रूप में मिलती है। शेष 40 प्रतिशत राशि का प्रबंध राज्य शासन एवं तीनों विद्युत कंपनी द्वारा संयुक्त रूप से किया जा रहा है। इस योजना में आर्थिक और सामाजिक रूप से पिछड़े लोगों को नि:शुल्क बिजली कनेक्शन दिए जा रहे हैं। अन्य लोगों से 500 रुपए की राशि 10 किश्तों में मासिक विद्युत बिल के साथ ली जाती है।
जरबेरा फूलों की खेती से 30 लाख सालाना कमा रहे कृषक शरद सिंह
9 May 2018
एक एकड़ से कम रकबे में जरबेरा फूल उत्पादन से छिन्दवाड़ा जिले के किसान शरद सिंह सालाना 30 लाख रुपये की आय अर्जित कर रहे हैं। कृषक शरद सिंह ने 4 हजार वर्ग मीटर में 3 साल पहले 58 लाख रुपये की लागत से पॉली-हाऊस बनाया। पॉली-हाऊस में जरबेरा फूलों के उत्पादन से लगातार 30 लाख रुपये सालाना से ज्यादा की कमाई कर कृषक शरद ने इतिहास रचा है। कृषक शरद को पॉली-हाऊस बनाने के लिये 50 प्रतिशत शासकीय अनुदान के रूप में 28 लाख रुपये की मदद मिली थी। इसे पॉली-हाऊस से सालाना 7-8 लाख जरबेरा फूलों की स्टिक प्राप्त होती है। यह स्टिक 5 रुपये प्रति स्टिक के भाव से कुल 35 से 40 लाख रुपये में बाजार में बिकती है। तमाम खर्चें निकालकर उन्हें शुद्ध रूप से 30 लाख रुपये से अधिक की सालाना आय होती है। कृषक शरद सिंह ने साबित कर दिया है कि फूलों की व्यावसायिक खेती को नई तकनीक से किया जाये, तो यह बहुत फायदेमंद व्यवसाय है। मार्केट में फूलों की बिक्री की कोई समस्या नहीं है। शरद के जरबेरा फूल नागपुर की मंडी में बिकते हैं। इन फूलों की सुन्दरता और बड़े आकार के कारण मार्केट में इनकी माँग दिनों-दिन बढ़ती जा रही है।
श्रमिक हीरालाल को भी मिला पक्का मकान
9 May 2018
सिवनी जिले के कंडीपार गाँव में श्रमिक हीरालाल तेकाम का भी अब पक्का मकान है। हीरालाल का अपना पक्का मकान प्रधानमंत्री आवास योजना में मिली आर्थिक मदद से बना है। श्रमिक हीरालाल वर्षों से अपने परिवार के साथ कच्चे झोपड़ीनुमा मकान में रहता था। हर मौसम में चाहे सर्दी हो, गर्मी हो या बरसात हो; हमेशा कुछ-ना-कुछ परेशानी बनी रहती थी। मजदूरी से इतनी बचत भी नहीं थी कि अपना पक्का मकान बना सके। पक्का बनाने का उनका सपना वास्तव में सपना ही रह जाता, अगर प्रधानमंत्री आवास योजना में उसे मकान नहीं मिलता। हीरालाल और उसका परिवार अब बहुत खुश है। इसके पक्के मकान में शौचालय भी बन गया है। अब श्रमिक हीरालाल सपरिवार अपने पक्के मकान में आराम से रहता है। सर्दी, गर्मी और बरसात की परेशानियों से इस परिवार को हमेश के लिये मुक्ति मिल गई है।
भारत के नव-निर्माण में मध्यप्रदेश की होगी विशेष भूमिका- मुख्यमंत्री श्री चौहान
8 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि ये भारत के नव-निर्माण में मध्यप्रदेश विशेष भूमिका अदा करेगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में भारत तेजी से बदल रहा है। विकास के हर क्षेत्र में अभूतपूर्व उपलब्धियाँ हासिल करते हुए मध्यप्रदेश अब बीमारू राज्य की श्रेणी से बाहर आ गया है। विकास दर दो अंकों में बनी हुई है और कृषि विकास दर देश में सबसे ज्यादा है। श्री चौहान ने कहा कि निरंतर प्रयासों से मध्यप्रदेश को बदल देंगे। श्री चौहान आज स्मार्ट सिटी के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों के प्रथम सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। इस दो दिवसीय सम्मेलन का आयोजन शहरी विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा किया गया है। इसमें देशभर से 77 मुख्य कार्यपालन अधिकारी भाग ले रहे हैं। केन्द्रीय शहरी कार्य राज्य मंत्री श्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि स्मार्ट सिटी के लिये श्री शिवराज सिंह चौहान जैसा मुख्यमंत्री चाहिए। उन्होंने स्मार्ट सिटी को 'वेव ऑफ फ्यूचर' बताते हुए कहा कि स्मार्ट सिटी के लिये जलवायु परिवर्तन, शिक्षा, सुरक्षा, सीवेज, उद्यमिता, कौशल विकास जैसे विषयों पर सलाहकार समितियां बनाई जायेंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्मार्ट सिटी बनने के साथ मानसिकता बदलेगी। उन्होंने स्वच्छता मिशन का उदाहरण देते हुए कहा कि अब यह जन-आंदोलन बन गया है। लोगों की मानसिकता में परिवर्तन आया है। ऐसे ही जब स्मार्ट शहर अपना स्वरूप ले रहे हैं, तो नागरिकों की अपने शहर को लेकर मानसिकता में सकारात्मक परिवर्तन आयेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि गरीबों की जिन्दगी बदलेगी तो देश भी बदल जायेगा। भोपाल महापौर श्री आलोक शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री चौहान के नेतृत्व में स्मार्ट शहरों के काम में तेजी आई है। मुख्य सचिव श्री बी.पी. सिंह ने कहा कि स्मार्ट शहर के नियोजन और प्रबंधन की शुरूआत मध्यप्रदेश से हुई। श्री चौहान ने स्मार्ट सिटी परियोजनाओं पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया। स्मार्ट सिटी मिशन भारत सरकार के संचालक श्री समीर शर्मा ने आभार व्यक्त किया। अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट किये गये। एकीकृत कमांड एवं कंट्रोल सेंटर ; एक परिचय सम्मेलन से पहले मुख्यमंत्री ने स्थानीय गोविंदपुरा क्षेत्र में स्मार्ट सिटी परियोजना के अंतर्गत एकीकृत कमांड एवं कंट्रोल सेंटर और इन्क्यूबेशन सेंटर का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने सेंटर की सभी शाखाओं और डाटा प्रोसेसिंग एवं विश्लेषण की प्रणाली का अवलोकन किया। उन्होंने कहा कि स्मार्ट सिटी के संचालन में यह सेंटर केंद्रीय भूमिका निभाएगा। श्री चौहान ने कहा कि सभी चयनित स्मार्ट शहरों में एकीकृत कमांड एवं कंट्रोल सेंटर स्थापित किये जायेंगे। एकीकृत कमांड एवं कंट्रोल सेंटर शहर में उपलब्ध विभिन्न सुविधाओं को समाहित कर एक ही स्थान पर प्लेटफार्म प्रदाय करेगा। सेंटर से परिवहन, जल, अग्नि पुलिस, मौसम विज्ञान, ई-गवर्नेंस जैसे विभिन्न विभागों से प्राप्त जानकारी का एक मंच पर समाधान और विश्लेषण किया जायेगा। इसके अलावा संपूर्ण शहर की जानकारी प्राप्त कर विश्लेषण के बाद आवश्यक प्रक्रिया से तत्काल संबंधित को कार्यवाही के लिए प्रेषित किया जायेगा। शहर में लगे सभी सेंसर्स जैसे पब्लिक ट्रांसपोर्ट बसों में लगे जीपीएस सेंसर्स, डायल-100 वाहन की स्थिति, 108 एम्बुलेंस की स्थिति, स्मार्ट पोल एवं स्मार्ट लाइट, ट्रैफिक मैनेजमेंट कैमरे, पब्लिक बाईक शेयरिंग, सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट, मौसम विभाग, सोलर पैनल्स, स्मार्ट मैप इत्यादि व्यवस्था एवं परियोजनाओं का डाटा यहां स्टोर होगा। इस सेंटर में पूरे शहर की व्यवस्थाएं एक ही छत के नीचे रियल टाईम में देखी जा सकेंगी। सेंटर से आपातकालीन स्थिति एवं आपदा प्रबंधन में तुरंत कार्यवाही करने में सहयोग मिलेगा। दुर्घटना या किसी अन्य आपात स्थिति में नियंत्रण कक्ष से लाइव वीडियो देखकर जरूरी सेवाओं जैसे फायर बिग्रेड, डायल-100 एवं 108 एम्बुलेंस को तुरंत सूचित किया जा सकेगा। इस मॉडल में शहर का डाटा, डाटा सेंटर में स्टोर किया जायेगा, जिसका समय-समय पर विश्लेषण होगा। यह डाटा एनालिसिस शहर की सेवाओं के संदर्भ में विभागीय योजना बनाने एवं उनमें परिवर्तन आदि के निर्णय लेने में सहायक होगा, प्रशासन की सेवाओं को सुचारू रूप से चलाने में महत्वपूर्ण साबित होगा। गवर्नेंस के लिये हर स्थिति में नियंत्रण बनाये रखने में यह केंद्र महत्वपूर्ण भूमिका निभायेगा। इन्क्यूबेशन सेंटर शहर के युवाओं में उद्यमशीलता का विकास करने और नए स्टार्टअप शुरू करने के लिये जरूरी मार्गदर्शन उपलब्ध कराने के लिये इन्क्यूबेशन सेंटर की स्थापना की गई है। यहाँ युवkओं को स्टार्टअप के संबंध में तकनीकी ज्ञान, व्यवसाय संबंधी सभी पहलुओं और संभावित जोखिमों के बारे में जानकारी के साथ सहायता उपलब्ध करवाई जायेगी। सम्मेलन में सहकारिता राज्य मंत्री श्री विश्वास सारंग, सांसद श्री आलोक संजर, पूर्व मंत्री श्री बाबूलाल गौर, केन्द्रीय अपर सचिव सह मिशन डायरेक्टर स्मार्ट सिटी डॉ. समीर शर्मा, केन्द्रीय आवासन एवं शहरी कार्य सचिव श्री दुर्गा शंकर मिश्रा, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री श्री विवेक अग्रवाल उपस्थित थे।
राज्यपाल द्वारा कर्मचारियों के स्वास्थ्य शिविर का निरीक्षण
8 May 2018
राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने आज राजभवन डिस्पेंसरी में पुरूष कर्मचारियों के स्वास्थ्य की जाँच के लिए आयोजित शिविर का निरीक्षण किया। उन्होंने डॉक्टरों से कर्मचारियों के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली। राज्यपाल ने शिविर में हड्डी की जांच करने वाली बी.एम.डी. मशीन से अपने पैर की जाँच कराई। शिविर का आयोजन मध्यप्रदेश रेडक्रास सोसायटी के स्थापना दिवस पर सोसायटी द्वारा किया गया था। राज्यपाल श्रीमती पटेल ने शिविर में दन्त रोग की जाँच करवा रहे एक कर्मचारी के बारे में डॉक्टर से उसके रोग के कारण के बारे में मालूम किया। डॉक्टर ने बताया कि इस कर्मचारी को गुटका अधिक खाने के कारण दन्त रोग हो गया है। राज्यपाल ने कर्मचारियों को सलाह दी कि वे गुटके की बजाए फल अथवा पौष्टिक चीजों का सेवन करें। इससे स्वास्थ्य ठीक रहेगा और इलाज के पैसे भी बचेंगे। शिविर में 195 कर्मचारियों के रजिस्ट्रेशन किये गये और 158 लोगों का परीक्षण किया गया। शिविर में 102 कर्मचारियों का ईसीजी किया गया और 167 की खून की जाँच तथा 146 कर्मचारियों की हड्डी की जाँच की गई। इसके अतिरिक्त कर्मचारियों की नाक, कान, गला, दाँत, त्वचा रोग की जाँच भी की गई। राज्यपाल ने होम्योपैथी चिकित्सा कक्ष का भी निरीक्षण किया तथा रोगियों के संबंध में जानकारी ली।
बसामन मामा गौवंश वन्य विहार का निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण करायें :उद्योग मंत्री श्री शुक्ल
8 May 2018
उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने आज रीवा जिले के सेमरिया में निर्माणाधीन बसामन मामा गौवंश वन्य विहार का अवलोकन किया तथा निर्देश दिये की निर्माण कार्यों को शीघ्र पूरा करवाया जाए। उन्होंने कहा कि वन्य विहार को हरा-भरा और सुरम्य बनाया जायेगा। श्री शुक्ल ने बसामन मामा गौवंश वन्य विहार में बनाये जा रहे पशु एवं भूसा शेड के निर्माण कार्य का अवलोकन किया। उन्होंने पशुओं के पानी पीने के लिए माकूल व्यवस्था करने के निर्देश भी दिये। उन्होंने कहा कि वन्य विहार को हरा भरा बनाने के लिये पौधरोपण कराया जाय ताकि गायों को छायादार वृक्षों का आश्रय मिल सके। उद्योग मंत्री ने कहा कि गौवंश वन्य विहार मे चारागाह विकास सहित पौधरोपण के कार्य भी कराये जायें। उद्योग मंत्री ने बताया कि 22.5 एकड़ राजस्व भूमि 50 एकड़ चरनोई भूमि में निर्मित हो रहे गौवंश वन्य विहार में 5600 गौवंश संरक्षित रखे जा सकेंगे। प्रारंभिक स्थिति में 500 से 1000 गौवंश रखे जाने की व्यवस्था सुनिश्चित करायी जा रही है।
मध्यप्रदेश में चलाया जाएगा "एक्सेसेबिल एम.पी. अभियान
8 May 2018
पंचायत एवं ग्रामीण विकास, सामाजिक न्याय एवं नि:शक्तजन कल्याण मंत्री श्री गोपाल भार्गव ने कहा है कि मध्यप्रदेश में भारत सरकार के 'एक्सेसेबिल इंडिया' की तर्ज पर एक्सेसेबिल एम.पी. अभियान चलाया जायेगा। इसके लिये मध्यप्रदेश दिव्यांगजन अधिकार नियम-2017 के अन्तर्गत दिव्यांगजन के लिये बेहतर माहौल बनाने में राज्य सलाहकार बोर्ड मदद करेगा। आज हुई राज्य सलाहकार बोर्ड की प्रथम बैठक में यह जानकारी दी गई। मंत्री श्री भार्गव ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार पूर्व से ही दिव्यांगजनों के लिये बेहतर वातावरण बनाने के लिये कृत-संकल्पित होकर कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि शासकीय कार्यालयों में दिव्यांगजनों के लिये बाधारहित वातावरण निर्मित करने के क्रम में इंदौर और भोपाल के 50-50 कार्यालयों में 4 करोड़ रुपये लागत से निर्माण कार्य कराये जा रहे हैं। भविष्य में बनने वाले सभी भवनों में दिव्यांगजनों के लिये यह व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये हैं। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा 40 प्रतिशत विकलांगता पर विकलांग पेंशन दी जा रही है, जबकि भारत सरकार द्वारा 80 प्रतिशत विकलांगता पर पेंशन दी जाती है। मध्यप्रदेश में शासकीय नौकरियों में 6 प्रतिशत स्थान दिव्यांगजनों के लिये आरक्षित किये गये हैं। श्री गोपाल भार्गव ने बताया कि निजी क्षेत्र में भी दिव्यांगजनों के लिये 5 प्रतिशत आरक्षण विचाराधीन है। राज्य सरकार द्वारा उच्च शिक्षा के क्षेत्र में भी दिव्यांगजनों के लिये 5 प्रतिशत स्थान आरक्षित किये गये हैं। उन्होंने कहा कि औद्योगिक संस्थाओं, बस, ट्रांसपोर्ट और अन्य निजी संस्थाओं के साथ पृथक से बैठक आयोजित की जाएगी। बैठक में विधायक सुश्री पारुल साहू सहित विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित थे
राज्य शासन द्वारा सातवें वेतनमान में 2 प्रतिशत और छठवें वेतनमान में 3 प्रतिशत की वृद्धि
8 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में आज हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में शासकीय सेवको/पेंशनरों/स्थानीय निकायों में नियोजित अध्यापक सवंर्ग तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के पंचायत सचिवों तथा स्थायी कर्मी को देय महंगाई भत्ता/राहत की दर में एक जनवरी 2018 से सातवें वेतनमान में 2 प्रतिशत और छठवें वेतनमान में 3 प्रतिशत की वृद्धि का निर्णय लिया गया। महंगाई भत्ते की प्रस्तावित वृद्धि का नगद भुगतान जनवरी 2018 (माह जनवरी 2018 का वेतन माह फरवरी 2018 में देय होगा) से किया जायेगा। संविदा नियुक्ति नियम में संशोधन मंत्रि-परिषद ने मध्यप्रदेश सिविल पदों पर संविदा नियुक्ति नियम 2017 में प्रशासनिक सुविधा की दृष्टि से संशोधन करने का निर्णय लिया है। इसमें नियम 4 (4) स्थापित किया गया इसके द्वारा सामान्य प्रशासन विभाग की सहमति से विभागीय सेटअप में नियमित स्थापना में स्वीकृत ऐसे पद/पदोन्नति से भरे जाने वाले ऐसे पद जिनकी पूर्ति में अपरिहार्य कारणों से एक वर्ष से अधिक अवधि लगना संभावित हो, के लिए संविदा नियुक्ति बाबत प्रावधान किये गये। संविदा नियुक्ति के मामलों में छानबीन समिति का प्रावधान किया गया है। समिति की सिफारिश पर प्रकरण मंत्रि-परिषद के आदेशार्थ प्रस्तुत करने के प्रावधान किये गये हैं। सार्वजनिक उपक्रम/निगम/मंडल/आयोग/विश्वविद्यालय में भी संविदा नियुक्ति के लिए प्रावधान किये गये हैं। छिंदवाड़ा एवं सिवनी की भारिया जनजाति को भी लाभ मंत्रि-परिषद ने मध्यप्रदेश लोक सेवा (अनुसूचित जातियों, अनुसूचित जनजातियों और अन्य पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण) नियम 1998 के नियम 4-ख में संशोधन कर जिला छिंदवाड़ा एवं सिवनी के भारिया जनजाति के ऐसे आवेदक को जो संविदा शाला शिक्षक या तृतीय/चतुर्थ श्रेणी के किसी भी पद के लिए या वनरक्षक (कार्यपालिक) के लिये आवेदन करता है और उस पद के लिये विहित की गई न्यूनतम अर्हता रखता है, तो उसे भर्ती प्रक्रिया अपनाये बिना उक्त पद पर नियुक्त करने का निर्णय लिया गया। पहले यह प्रावधान केवल छिंदवाड़ा जिले के तामिया विकासखण्ड के लिये था। शासकीय शिक्षा और खेलकूद का सुदढ़ीकरण योजना मंत्रि-परिषद ने शासकीय शिक्षा एवं खेलकूद का सुद्ढ़ीकरण योजना को वर्ष 2017-18, 2018-19 और 2019-20 तक वित्तीय आकार राशि 20 करोड़ रूपये निर्धारित कर निरंतर रखने की मंजूरी दी है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय के चार अस्थाई पद मंत्रि-परिषद ने मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय भोपाल के चार अस्थाई पद आगामी चार (वर्ष एक मार्च 2018 से 28 फरवरी 2022) तक निरंतर रखने की स्वीकृति दी। सिंचाई परियोजना एवं विशेष पुनर्वास पैकेज मंत्रि-परिषद ने धार जिले की रिंगनोद लघु सिंचाई परियोजना की 425 हेक्टेयर रबी सिंचाई के लिये 25 करोड़ 58 लाख की प्रशासकीय स्वीकृति दी। मंत्रि-परिषद ने राजगढ़ जिले की पार्वती परियोजना के कुल सैंच्य क्षेत्र 48,000 हेक्टेयर के लिए 1815 करोड़ 54 लाख की प्रशासकीय स्वीकृति दी। परियोजना से राजगढ़ जिले के नरसिंहगढ़ तथा ब्यावरा एवं भोपाल जिले की बैरसिया विकासखण्ड के 132 ग्राम लाभांवित होंगे। मंत्रि-परिषद ने लोअर ओर वृहद सिंचाई परियोजना के लिये भू-अर्जन अधिनियम 2013 एवं पुनर्वास नीति 2002 के अनुसार भू-अर्जन एवं पुनर्व्यवस्थापन के लिये परियोजना प्रतिवेदन के अनुसार अनुमानित व्यय के अतिरिक्त डूब क्षेत्र के कृषकों को विशेष पुनर्वास पैकेज का लाभ देने का निर्णय लिया। इसके फलस्वरूप शासन द्वारा इस परियोजना में भू-अर्जन एवं पुनर्वास पर 199 करोड़ 56 लाख के स्थान पर 236 करोड़ 10 लाख की राशि व्यय की जायेगी। मंत्रि-परिषद ने बरखेड़ा मध्यम सिंचाई परियोजना के लिए भू-अर्जन अधिनियम 2013 एवं पुनर्वास नीति 2002 के अनुसार भू-अर्जन एवं पुनर्व्यवस्थापन के लिये परियोजना प्रतिवेदन अनुसार अनुमानित व्यय के अतिरिक्त डूब क्षेत्र के कृषकों को विशेष पुनर्वास पैकेज का लाभ देने का निर्णय लिया। मंत्रि-परिषद ने कारम मध्यम सिंचाई परियोजना के लिये भू-अर्जन अधिनियम 2013 एवं पुनर्वास नीति,2002 के अनुसार भू-अर्जन एवं पुनर्व्यवस्थापन के लिये परियोजना प्रतिवेदन अनुसार अनुमानित व्यय के अतिरिक्त डूब क्षेत्र के कृषकों को विशेष पुनर्वास पैकेज का लाभ देने का निर्णय लिया। परियोजना की प्रशासकीय स्वीकृति में भू-अर्जन एवं पुनर्वास कार्य के लिये 49 करोड़ 55 लाख रूपये का प्रावधान है। डूब क्षेत्र के ऐसे कृषक, जिनकी भू-अर्जन अधिनियम,2013 के तहत सोलेशियम सहित मुआवजा राशि 10 लाख रूपये प्रति हेक्टेयर से कम है, को विशेष पुनर्वास पैकेज में न्यूनतम 10 लाख रूपये प्रति हेक्टेयर की दर से एकमुश्त राशि देने की स्थिति में भू-अर्जन एवं पुनर्वास पर 46 करोड़ 35 लाख रूपये की राशि व्यय की जायेगी। मंत्रि-परिषद ने छीताखुदरी मध्यम सिंचाई परियोजना के लिए भू-अर्जन अधिनियम,2013 एवं पुनर्वास नीति,2002 के अनुसार भू-अर्जन एवं पुनर्व्यवस्थापन के लिये परियोजना प्रतिवेदन अनुसार अनुमानित व्यय के अतिरिक्त डूब क्षेत्र के कृषकों को विशेष पुनर्वास पैकेज का लाभ देने का निर्णय लिया। परियोजना की प्रशासकीय स्वीकृति में भू-अर्जन एवं पुनर्वास कार्य के लिये 91 करोड़ 29 लाख रूपये का प्रावधान है। डूब क्षेत्र के ऐसे कृषक जिन्हें भू-अर्जन अधिनियम 2013 में सोलेशियम सहित मुआवजा राशि 10 लाख रूपये प्रति हेक्टेयर से कम है, को विशेष पुनर्वास पैकेज में न्यूनतम 10 लाख रूपये प्रति हेक्टेयर की दर से एकमुश्त राशि देने की स्थिति में भू-अर्जन एवं पुनर्वास पर 79 करोड़ 37 लाख रूपये की राशि व्यय की जायेगी। चिकित्सा महाविद्यालय मंत्रि-परिषद ने चिकित्सा महाविद्यालय रतलाम के भवन एवं परिसर निर्माण की स्वीकृत राशि 259 करोड़ 65 लाख रूपये को बढ़ाते हुए 295 करोड़ 65 लाख रूपये की पुनरीक्षित प्रशासकीय स्वीकृति दी। मंत्रि-परिषद ने चिकित्सा महाविद्यालय शहडोल के भवन एवं परिसर निर्माण की स्वीकृत राशि 224 करोड़ 31 लाख को बढ़ाते हुए 303 करोड़ 27 लाख रूपये की पुनरीक्षित प्रशासकीय स्वीकृति दी। मंत्रि-परिषद ने जबलपुर में टी.बी. चेस्ट उपचार यूनिट का उन्नयन कर इसे राष्ट्रीय स्तर का उच्च स्तरीय केन्द्र बनाने की परियोजना की 538 लाख 43 हजार की पुनरी‍क्षित प्रशासकीय स्वीकृति बढ़ाकर 24 करोड़ 75 लाख 66 हजार रूपये की स्वीकृति दी। उन्नयन के लिये आवश्यक पूंजी निवेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय द्वारा किया जायेगा। उन्नयन के लिये 108 पदों का सृजन करने की प्रशासकीय स्वीकृति भी दी गई। मंत्रि-परिषद ने रीवा स्थित मानसिक आरोग्यशाला में भारत शासन के राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत फैकल्टी सपोर्ट योजना में 5 नियमित पदों की संरचना करने का निर्णय लिया। मंत्रि-परिषद ने योजना अन्तर्गत पदों के लिए प्रथम 4 वर्ष के बाद इन पदों पर होने वाला व्यय राज्य शासन द्वारा वहन करने का अनुमोदन दिया। मानव अंग प्रतिरोपण मंत्रि-परिषद ने मानव अंग प्रतिरोपण अधिनियम,1994 (1994 का 42) की धारा 1 की उपधारा (2) और (3) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए तथा भारत के संविधान के अनुच्छेद 252 के खण्ड (1) के अनुसरण में मध्यप्रदेश राज्य में उक्त अधिनियम के उपबंधों के क्रियान्वयन द्वारा उनके प्रयोजनों को प्राप्त करने के लिए अंगीकृत करने का निर्णय लिया। नवीन संकाय खोलने के लिये अनुदान मंत्रि-परिषद ने शासकीय महाविद्यालयों में नवीन संकाय शुरू करने के दृष्टिकोण से अधिकाधिक विद्यार्थियों को लाभांवित करने के उद्देश्य के साथ उच्च शिक्षा विभाग की योजना 'नवीन संकाय खोलने हेतु अनुदान' को निरंतर रखते हुए आगामी तीन वर्ष के लिए 8 करोड़ 19 लाख 44 हजार रूपये की सैद्धांतिक स्वीकति दी। स्मार्ट सिटी मिशन मं‍त्रि परिषद ने प्रदेश में स्मार्ट सिटी मिशन योजना को पूर्व स्वीकृति अनुसार निरंतर रखने का अनुमोदन दिया। इसके लिए एक स्मार्ट सिटी के लिए 1000 करोड़ का प्रावधान किया गया है। योजना में भारत सरकार द्वारा 5 वर्षों में 100 करोड़ रूपये प्रति शहर प्रतिवर्ष के मान से 500 करोड़ की राशि प्रत्येक स्मार्ट सिटी शहर को अनुदान के रूप में दी जायेगी और उतनी ही राशि राज्य शासन द्वारा दी जायेगी। योजना के प्रथम चरण में भोपाल, इन्दौर और जबलपुर, ‍‍दितीय चरण में उज्जैन और ग्वालियर तथा तृतीय चरण में सागर और सतना शहरों का चयन किया गया है। यह योजना 25 जून 2015 में शुरू की गई है। योजना के जरिये प्रदेश के सात शहरों का चयन प्रतिस्पर्धा के माध्यम से किया गया है।
मध्यप्रदेश के आर्गनिक कॉटन की बेहतर मार्केटिंग व्यवस्था जरूरी
8 May 2018
किसान-कल्याण एवं कृषि विकास मंत्री श्री गौरीशंकर बिसेन ने कहा है कि मध्यप्रदेश आर्गनिक कॉटन के मामले में देश के अग्रणी राज्यों में गिना जाता है। दुनिया के आर्गनिक कॉटन के कुल उत्पादन का 25 प्रतिशत उत्पादन मध्यप्रदेश में होता है। इसलिये प्रदेश में पैदा होने वाले आर्गनिक कॉटन की राष्ट्रीय और अन्तर्राष्ट्रीय-स्तर पर बेहतर मार्केटिंग की आवश्यकता है। श्री बिसेन आज आर.सी.व्ही.पी. नरोन्हा प्रशासन अकादमी में जैविक कपास सम्मेलन में यह बात कही। किसान-कल्याण मंत्री श्री बिसेन ने कहा कि मेडिकल के क्षेत्र में आर्गनिक कॉटन की माँग बढ़ी है। प्रदेश के निमाड़ क्षेत्र की उत्कृष्ट कपास उत्पादन के लिये देशभर में विशिष्ट पहचान है। पिछले तीन-चार वर्षों में निमाड़ क्षेत्र में आर्गनिक कॉटन उत्पादन में किसानों ने रुचि दिखाई है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने प्रदेश में जैविक उत्पादों को बढ़ावा देने के लिये वर्ष 2011 में जैविक नीति तैयार की है। इसमें किसानों को अनुदान के साथ-साथ अनेक सुविधाएँ दी जा रही हैं। किसानों की आय दोगुनी करने के उपायों की चर्चा करते हुए श्री बिसेन ने कृषि क्षेत्र में कार्यरत स्वयंसेवी संगठनों से राज्य सरकार के साथ मिलकर कार्यक्रमों का प्रभावी क्रियान्वयन करने का आग्रह किया। प्रमुख सचिव किसान-कल्याण तथा कृषि विकास विभाग श्री राजेश राजौरा ने सम्मेलन में बताया कि प्रदेश में पहले वीटी कॉटन आया, लेकिन यह किसानों की लागत को कम करने में ज्यादा कारगर साबित नहीं हुआ। आर्गनिक कॉटन की चुनौतियों की चर्चा करते हुए श्री राजौरा ने कहा कि खरगोन, बड़वानी, झाबुआ और निमाड़ के कुछ जिलों में उत्कृष्ट स्तर का आर्गनिक कॉटन उत्पादित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश का जैविक खेती का क्षेत्रफल पिछले 7 वर्षों में 7 गुना बढ़कर करीब 6 लाख हेक्टेयर हो गया है। प्रमुख सचिव ने बताया कि आर्गनिक कॉटन की बदौलत जैविक उत्पाद निर्यात को 600 करोड़ से बढ़ाकर 1000 करोड़ रुपये तक पहुँचाया जा सकता है। प्रमुख सचिव ने बताया कि मण्डला में जैविक कृषि संस्थान, जबलपुर में जैविक उत्पाद टेस्टिंग सेंटर और खण्डवा में आर्गनिक कॉटन शोध संस्थान शुरू किये जा रहे हैं। सम्मेलन को प्रतिभा सिंटेक्स के सीईओ श्री श्रेयस्कर चौधरी, सी एण्ड ए फाउण्डेशन की एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर सुश्री लेसली जॉनस्टॉन ने भी संबोधित किया। तीन सत्रों में हुई चर्चा आर्गनिक कॉटन सम्मेलन में तीन सत्रों में कृषि विशेषज्ञों और प्रगतिशील किसानों ने कपास उत्पादन और उसकी मार्केटिंग के बारे में विचार रखे। संचालक किसान-कल्याण श्री मोहन लाल ने जैविक खेती के लिये तैयार किये गये क्लस्टर की जानकारी दी। सत्रों में जैविक कपास के सुदृढ़ीकरण और सहयोगी उद्योग, जैविक कपास उत्पादन से जुड़े किसानों के जीवन-स्तर में सुधार और सार्वजनिक संस्थानों की भूमिका विषय पर भी कृषि विशेषज्ञों ने विचार रखे। सम्मेलन का आयोजन किसान-कल्याण एवं कृषि विकास विभाग और सी एण्ड ए फाउण्डेशन ने मिलकर किया था। सम्मेलन में प्रगतिशील किसानों का सम्मान किया गया। इन किसानों ने आर्गनिक कॉटन पैदा करने के क्षेत्र में उल्लेखनीय काम किया है।
उज्जवला योजना से धुआँ रहित हो गई रसोई
8 May 2018
नरसिंहपुर जिले की करेली तहसील के खेरनिका गांव की सियाबाई की रसोई में अब धुआँ नहीं होता। उज्जवला योजना में मिले नि:शुल्क घरेलू गैस कनेक्शन से यह संभव हुआ है। पहले सियाबाई लकड़ी और कंड़ों से चूल्हा जलाती थी, धुएँ से इसके आँखों में जलन होती थी। खेरनीका गाँव की ही लक्ष्मी के लिये भी गैस चूल्हे पर भोजन बनाना अब आसान हो गया है। इसी गाँव की भागवती बाई ने बताया कि गैस चूल्हे पर भोजन बनाने में अब ज्यादा समय नहीं लगता। खेरीनाका गाँव की महिलाओं ने बताया कि गैस चूल्हा का सावधानीपूर्वक और समझदारी से उपयोग किये जाये, तो एक गैस सिलेंण्डर एक महीने की जगह दो माह तक चलता है। खेरीनाका ग्राम पंचायत में 45 गरीब परिवारों की महिलाओं को उज्जवला योजना में गैस कनेक्शन दिये गये हैं।
गरीबों को मिलेगी मुफ्त चिकित्सा सुविधा : मुख्यमंत्री श्री चौहान
7 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज यहां डॉ. कैलाश नाथ काटजू अस्पताल में 100 बिस्तर के नवीन बहुमंजिला भवन के निर्माण कार्य का भूमि-पूजन किया। इस अवसर पर राजस्व मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता, सांसद भोपाल श्री आलोक संजर और स्वास्थ विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एवं क्षेत्र के लोग बड़ी संख्या में उपस्थित थे। मुख्यमंत्री ने भूमि-पूजन कार्यक्रम में कहा कि गरीबों को इलाज की सुविधा मुफ्त में उपलब्ध होगी। उन्होंने सक्षम लोगों का आव्हान किया कि वे जरूरतमंद गरीबों को सरकार की गरीब कल्याण योजनाओं का लाभ दिलाने में स्व-प्रेरणा से मदद करें। उल्लेखनीय है कि वर्तमान में काटजू अस्पताल में बीस बिस्तर की सुविधा है। अब यह स्वास्थ सुविधाओं की दृष्टि से सर्व-सुविधा संपन्न बनेगा। इसमें सुविधायुक्त लेबर रूम, ओपीडी और ऑपरेशन थीएटर होगा। यह क्षेत्र के लोगों के लिए वरदान साबित होगा। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर आम लोगों की सहूलियत के लिये 'फूड सेफ्टी ऑन व्हील' वाहन को रवाना किया। इस वाहन में खाद्य सामग्री की गुणवत्ता का परीक्षण करने का किट भी उपलब्ध रहेगा। आम नागरिक इसका लाभ उठा सकते हैं।
राज्यपाल श्रीमती पटेल ने ओंकारेश्वर ज्योर्तिलिंग के दर्शन किये
7 May 2018
राज्यपाल श्रीमती आनन्दीबेन पटेल ने आज ओंकारेश्वर में ज्योर्तिलिंग के दर्शन किये और पूजा-अर्चना की। श्रीमती पटेल ने मंदिर में किये गये विकास कार्यों का अवलोकन भी किया। श्रीमती पटेल को मंदिर समिति द्वारा स्मृति-चिन्ह भेंट किया गया। राज्यपाल ने सैलानी टापू भ्रमण भी किया।
नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों के लिये होगी अलग-अलग तहसील : मंत्री डॉ. मिश्र
7 May 2018
जनसम्पर्क, जल-संसाधन एवं संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने दतिया में नवीन कलेक्ट्रेट परिसर में 72 लाख रुपए लागत से बने नवीन तहसील भवन का लोकार्पण किया। डॉ. मिश्र ने इस मौके पर बताया कि नागरिकों की सुविधा के लिए मध्यप्रदेश सरकार ने एक लाख से अधिक आबादी वाले नगरों में दो तहसील बनाई हैं। इस व्यवस्था में ग्रामीण तथा शहरी क्षेत्र के लिए अलग-अलग तहसील रहेगी। उन्होंने कहा कि दो तहसीलें बन जाने से नागरिकों को राजस्व संबंधी कार्यों में काफी सहूलियत रहेगी। डॉ. मिश्र ने कहा कि शीघ्र ही दतिया में सिटी बस सेवा प्रारंभ की जायेगी, ताकि लोग नवीन कलेक्ट्रेट, मेडिकल कॉलेज, जिला चिकित्सालय, कोर्ट भवन सहित अन्य स्थानों पर आसानी से आ-जा सकें। इस अवसर पर विधायक श्री प्रदीप अग्रवाल और अन्य जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे। गोराघाट ग्राम सभा में डॉ. मिश्र : जनसम्पर्क मंत्री डॉ. मिश्र ग्राम गोराघाट में हुई ग्रामसभा में सम्मिलित हुए। ग्राम सभा में मुख्यमंत्री श्रमिक सुरक्षा योजना में पंजीकृत श्रमिकों को शासन की योजनाओं के फायदों की जानकारी दी गई। इस दौरान गोराघाट पंचायत में 541 श्रमिकों का पंजीयन हुआ। डॉ. मिश्र ने ग्रामसभा में कहा कि ग्रामवासी यहाँ मिली योजनाओं की जानकारी का आगे बढ़कर लाभ भी प्राप्त करें
असंगठित श्रमिक कल्याण योजनाओं पर रीवा जिले में हुई विशेष ग्रामसभा
7 May 2018
रीवा जिले की सभी ग्राम पंचायतों में असंगठित क्षेत्र के श्रमिक भाई-बहनों को श्रमिक सुरक्षा एवं श्रमिक कल्याण योजनाओं की जानकारी देने के लिये आज विशेष ग्रामसभा का आयोजन रीवा जिले में हुआ। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने विशेष ग्रामसभाओं को संबोधित किया। उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ग्राम पंचायत कोठी की ग्रामसभा में शामिल हुए। उन्होंने कहा कि जिले के अधिकारियों का कर्त्तव्य है कि वे योजना का लाभ असंगठित क्षेत्र के सभी श्रमिकों को दिलवायें। प्रभारी कलेक्टर श्री मयंक अग्रवाल ने बताया कि जिले में 6 लाख 47 हजार से अधिक असंगठित कामगारों का पंजीयन किया गया है। कोठी गाँव में 1151 पंजीकृत कामगारों में से 521 कामगारों का सत्यापन हो चुका है। सार्वजनिक प्याऊ का शुभारंभ उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने रीवा में सांई मंदिर के पास सार्वजनिक प्याऊ का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि शहर के अनेक स्थानों पर सार्वजनिक प्याऊ शुरू कर दिये गये हैं। उन्होंने स्वयंसेवी संस्थाओं से आग्रह किया कि वे आगे आकर सामाजिक कार्यों में हिस्सा लें। इस मौके पर महापौर श्रीमती ममता गुप्ता एवं स्थानीय जन-प्रतिनिधि मौजूद थे।
नेशनल स्टील फर्नीचर" कारखाने के मालिक बने गफ्फार अंसारी
7 May 2018
प्राइवेट नौकरी से 8 हजार रुपये महीना कमाने वाले राजगढ़ जिले में सारंगपुर के गफ्फार अंसारी अब अपने नेशनल स्टील फर्नीचर कारखाने से साढ़े चार लाख रुपये सलाना आसानी से कमा रहे हैं। इन्हें आर्थिक रूप से इतना अधिक सक्षम बनाने में राज्य सरकार की मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना का अमूल्य योगदान है। कुछ दिनों पहले तक गफ्फार अंसारी और उनका परिवार तंगी में जीवन बिता रहा था। स्टील फर्नीचर बनाने का हुनर होने के बाद भी गफ्फार अपना कारोबार शुरू करने में असमर्थ थे। कारण था अंशपूँजी का अभाव। इसलिये एक प्राइवेट इण्डस्ट्री में 8 हजार रुपये महीने की नौकरी करते थे। एक दिन गफ्फार को मालूम हुआ कि हाथकरघा विभाग से मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना में कारोबार के लिये लोन और उस पर अनुदान भी मिलता है। बिना कोई देरी किये गफ्फार ने पहल की, तो इन्हें 7 लाख 70 हजार रुपये का लोन और उस पर अनुदान मिला। इन्होंने अपनी बचत की 2 लाख रुपये की अंशपूँजी को लोन की राशि में मिला कर 'नेशनल स्टील फर्नीचर' नाम से शानदार कारखाना शुरू किया। आज गफ्फार अंसारी अपने परिवार के साथ खुशहाल जिन्दगी बिता रहे हैं। अपने कारखाने में चार अन्य लोगों को भी रोजगार दे रहे हैं। गफ्फार अंसारी का ' नेशनल स्टील फर्नीचर' सारंगपुर में जाना-माना नाम हो गया है। इनके कारखाने में लोहे और स्टील की जाली, फाटक, खिड़कियाँ, कृषि उपकरण, चैनल गेट, शटर आदि बड़ी खूबसूरती से बनाये जाते हैं। गफ्फार के अच्छे व्यवहार और सामानों की वाजिब कीमत के कारण इनका कारोबार दिन-दुनी-रात-चौगुनी तरक्की कर रहा है। इनके बच्चे अच्छे स्कूल में पढ़ रहे हैं। समाज और शहर में गफ्फार अंसारी का सम्मान बढ़ा है।
परिवार में बेटा-बेटी के साथ एक-समान व्यवहार होना चाहिये:राज्यपाल श्रीमती पटेल
6 May 2018
राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने आज उज्जैन में म.प्र पाटीदार समाज महिला संगठन के प्रान्तीय महाधिवेशन में कहा कि समाज में अच्छे काम कभी भी निरर्थक नहीं होते हैं। माताएं अपने स्वास्थ्य का खयाल रखें। अपनी बेटियों को पौष्टिक आहार दें एवं वर्ष में एक बार उनका हीमोग्लोबिन परीक्षण अवश्य करवायें, ताकि आने वाली पीढ़ी कुपोषण की शिकार नहीं हो। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना का जिक्र करते हुए राज्यपाल ने कहा कि हर परिवार में बेटा-बेटी के साथ एक-समान व्यवहार होना चाहिये। बेटों की तरह बेटियों को भी खूब पढ़ायें और बेटे के समान ही ध्यान भी रखें। राज्यपाल श्रीमती पटेल ने कहा कि बच्चे के शारीरिक और मानसिक विकास में महिलाओं का महत्वपूर्ण योगदान है। माताएं अपने बच्चों को आठ वर्ष की आयु तक अच्छे संस्कार दें। विवाह समारोह में अनावश्यक धनराशि व्यय नहीं करें। बचत राशि से बेटे-बेटियों को पढ़ाई और काम-धंधे में लगायें ताकि परिवार और समाज का समुचित विकास हो सके। उन्होंने कहा कि समाज में घूंघट प्रथा बन्द होना चाहिये। महिलाएं अपने अधिकार को पहचानें। लड़कों के मुकाबले और लड़कियों की संख्या का अनुपात कम हो रहा है। श्रीमती आनन्दीबेन पटेल ने कहा कि बाल विवाह जैसी कुरीति से बचना चाहिये। वयस्क होने पर ही बालक-बालिका का विवाह सम्पन्न कराया जाना चाहिये। उदाहरण देते हुए कहा कि उन्होंने स्वयं अपने भतीजे की कम उम्र में होने वाली शादी को रूकवाया था। अच्छे काम में थोड़ी तकलीफ जरूर आती है, परन्तु अच्छे काम करते रहना चाहिये। समाज में सुख-समृद्धि के लिये सबको मिलकर, संकल्प लेकर अच्छे काम के लिये आगे बढ़ते रहना चाहिये। म.प्र.पाटीदार समाज महिला संगठन की प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती पुष्पा पाटीदार ने कहा कि समाज में फैली कुप्रथाओं को दूर करने के लिये महाधिवेशन बुलाया गया है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में महिला सशक्तिकरण, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ जैसी अनेकों योजनाएं द्वारा महिलाओं सशक्तिकरण के लिये कार्य कर रहा है। सभी को इन योजनाओं का लाभ लेना चाहिये। कार्यक्रम में जिला पंचायत रतलाम की पूर्व अध्यक्ष श्रीमती निर्मला शंकर पाटीदार, गुजरात प्रान्त की साबरमती अहमदाबाद की पूर्व विधायक श्रीमती गीताबेन पटेल तथा पूर्व प्रान्ताध्यक्ष और जिला पंचायत इन्दौर की अध्यक्ष सुश्री कविता पाटीदार ने भी विचार व्यक्त किये। राज्यपाल श्रीमती पटेल ने इस अवसर पर महिला संगठन द्वारा प्रकाशित पुस्तक 'कल्याणी' का विमोचन किया गया। जिला पंचायत बुरहानपुर की अध्यक्ष श्रीमती गायत्री पाटीदार, इन्दौर की समाजसेवी एवं शक्ति पम्प इंडिया की संचालिका श्रीमती इंदिरा पाटीदार, कृषि उपज मंडी भोपाल की अध्यक्ष श्रीमती श्यामा भागीरथ पाटीदार, बुरहानपुर की पूर्व महापौर श्रीमती माधुरी अतुल पटेल, अहमदाबाद गुजरात के ओमिया कैम्पस की प्रोफेसर श्रीमती रूपलबेन पटेल, मां-बेटी सम्मेलन की प्रणेता श्रीमती जागृतिबेन पटेल, बदनावर की समाजसेवी श्रीमती श्यामगिरी पाटीदार और दूर-दराज से आये पाटीदार समाज के महिला-पुरूष उपस्थित थे।
उच्च शिक्षा के लिये बच्चों का मार्गदर्शन करे कोली समाज : मुख्यमंत्री श्री चौहान
6 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कोली समाज का आव्हान किया है कि वह अपने बच्चों के लिये एक मार्गदर्शी टीम बनाये ताकि उन्हें उच्च शिक्षा के लिये परामर्श मिल सके। श्री चौहान ने कहा कि कोली समाज के सदस्यों में प्रतिभा, ऊर्जा और क्षमता की कमी नहीं है। उन्हें अवसर मिले, तो वे अभूतपूर्व कार्य कर सकते हैं। श्री चौहान ने कहा कि वीरांगना झलकारी बाई की प्रतिमा समाज के परामर्श और मार्गदर्शन के अनुसार लगायी जायेगी। मुख्यमंत्री आज यहाँ स्थानीय दशहरा मैदान में अखिल भारतीय कोली समाज के प्रांतीय सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। श्री चौहान ने कहा कि बच्चों की शिक्षा पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। उन्होंने राज्य सरकार की योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि बच्चों को पहली कक्षा से लेकर पी.एच.डी. तक की शिक्षा में राज्य सरकार हर सम्भव सहयोग करेगी। विदेशी शैक्षणिक संस्थानों में उच्च शिक्षा के लिये भी पूरी मदद दी जायेगी। श्री चौहान ने समाज के सदस्यों से कहा कि बेटियों की पढ़ाई पर भी विशेष ध्यान दें, बेटियों का हमेशा सम्मान करें। इस अवसर पर अखिल भारतीय कोली समाज के अध्यक्ष श्री कुंवरजी भाई बावलिया, विधायक श्री कुंवर जी कोठार और बड़ी संख्या में कोली समाज के युवक-युवती उपस्थित थे।
राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग के गठन के प्रयास किये जायेंगे : मुख्यमंत्री श्री चौहान
6 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि पिछड़ा वर्ग के लिये राज्य सरकार द्वारा केन्द्र सरकार से राष्ट्रीय आयोग गठित करने और उसे संवैधानिक दर्जा दिलाने का अनुरोध किया जायेगा। पिछड़ा वर्ग के युवाओं में प्रतिभा, क्षमता और योग्यता की कोई कमी नहीं है, इन्हें शिक्षा एवं रोजगार के क्षेत्र में सभी सुविधाएँ मुहैया करवाई जायेंगी। मुख्यमंत्री ने आज सागर के समीप ग्राम बामौरा में पिछड़ा वर्ग महाकुंभ को संबोधित करते हुए यह जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने पिछड़ा वर्ग की 15 विभूतियों को म.प्र. रामजी महाजन पिछड़ा वर्ग सेवा राज्य पुरस्कार-2015 प्रदान किये। साथ ही वर्ष 2017-18 म.प्र. लोक सेवा आयोग द्वारा विभिन्न सेवाओं के लिये चयनित पिछड़ा वर्ग के उम्मीदवारों को सम्मानित किया। श्री चौहान ने शासन की विभिन्न योजनाओं के पात्र हितग्राहियों को हितलाभ भी वितरित किये। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि राज्य सरकार ने अन्य पिछड़ा वर्ग के विकास के लिये 5973 करोड़ रूपये की राशि आर्थिक सहायता और अनुदान के रूप में खर्च की है। राज्य सरकार की यह कोशिश निरंतर जारी रहेगी। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पिछड़ा वर्ग स्व-रोजगार योजना में पिछले वित्त वर्ष में 111 करोड़ रूपये खर्च कर युवाओं को स्व-रोजगार से लगाया गया है। श्री चौहान ने प्रधानमंत्री फसल बीमा, मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि, समर्थन मूल्य पर अनाज खरीदी, स्व-रोजगार योजनाओं और मुख्यमंत्री असंगठित श्रमिक कल्याण योजना की जानकारी देते हुए अपील की कि 7 मई को अपनी ग्राम पंचायत में आयोजित विशेष ग्राम सभाओं में जरूर शामिल हों। उन्होंने श्रमिक बंधुओं से आग्रह किया कि विशेष ग्राम सभाओं में जाकर अपने पंजीयन का सत्यापन करायें और मुख्यमंत्री असंगठित श्रमिक कल्याण योजना का भरपूर लाभ उठायें। मुख्यमंत्री द्वारा सम्मानित विभूतियाँ मुख्यमंत्री श्री चौहान द्वारा महाकुंभ में म.प्र. रामजी महाजन पिछड़ा वर्ग सेवा राज्य पुरस्कार-2015 से श्रीमती कान्ति पटेल, श्रीमती आशा साहू, श्रीमती माया विश्वकर्मा, श्रीमती अलका सैनी, श्रीमती बबीता परमार, श्रीमती यमुना कछावा, श्रीमती प्रीति सेन, सुश्री राजकुमारी कुसुम महदेले (जबलपुर), श्री सूरज सिंह मारण, डॉ जे.के. यादव, श्री राजेश दोडके, डॉ. भगवान भाई पाटीदार, श्री काशीराम यादव और श्री महेन्द्र कटियार को सम्मानित किया। इन विभूतियों को पुरस्कार स्वरूप एक-एक लाख रूपये, स्मृति चिन्ह, प्रशस्ति-पत्र, शॉल-श्रीफल भेंटकर सम्मानित किया गया। स्व. श्री नारायण सिंह डागोर का मरणोपरांत पुरस्कार उनकी धर्मपत्नी श्रीमती चन्द्रादेवी ने प्राप्त किया। पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती ललिता यादव ने समारोह की अध्यक्षता की। सांसद श्री लक्ष्मीनारायण यादव, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गोपाल भार्गव, गृह एवं परिवहन मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह, महापौर श्री अभय दर्रे, बुन्देलखंड विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष डा. रामकृष्ण कुसमरिया, विधायक श्री शैलेन्द्र जैन, श्रीमती पारूल साहू, श्री हरवंश राठौर, श्री प्रदीप लारिया, श्री महेश राय, श्री हर्ष यादव, म.प्र. राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष श्री राधेलाल बघेल, पिछड़ा वर्ग तथा वित्त विकास निगम के अध्यक्ष श्री प्रदीप पटेल एवं अन्य स्थानीय जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे।
जनसम्पर्क मंत्री डॉ. मिश्र द्वारा छात्रावास का लोकार्पण
6 May 2018
जनसम्पर्क जल संसाधन एवं संसदीय कार्य मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने आज दतिया नगर में जीएनएम (जनरल नर्सिंग मिडवाइफरी) प्रशिक्षण केन्द्र और छात्रावास का लोकार्पण किया। यह 10 करोड़ 36 लाख रूपए की लागत से निर्मित किया गया है। इस अवसर पर डॉ. मिश्र ने कहा कि चिकित्सा के क्षेत्र में नर्स को सेवा का पर्याय माना गया है। दतिया में जीएनएम प्रशिक्षण केन्द्र की लगभग 150 पंजीकृत छात्राओं के लिए नवीन छात्रावास उपयोगी सिद्ध होगा। कार्यक्रम में सांसद डॉ. भागीरथ प्रसाद भी उपस्थित थे। ग्राम कमथरा में सड़क का शिलान्यास जनसम्पर्क मंत्री ने आज दतिया जिले के ग्राम कमथरा में प्रधानमंत्री सड़क ग्राम योजना के अंतर्गत 35 लाख रूपए की लागत से निर्मित की जाने वाली सड़क का शिलान्यास किया। जनसम्पर्क मंत्री ने इस अवसर पर ग्रामीणजन को मुख्यमंत्री मजूदर सुरक्षा योजना के लाभ बताते हुए सोमवार 7 मई को ग्रामसभाओं में शामिल होने का आग्रह किया। ग्राम सभाओं में पात्र व्यक्तियों के नाम सूची में सम्मिलित करने की कार्यवाही की जाएगी। इस अवसर पर अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। समाजसेवियों का सम्मान जनसम्पर्क मंत्री ने आज दतिया में बाल प्रगति संस्थान के स्थापना दिवस कार्यक्रम में अनेक समाजसेवियों का सम्मान किया। उन्होंने संस्था द्वारा महिला संशक्तिकरण पर्यावरण संरक्षण और जरूरतमंदों को रोजगार उपलब्ध करवाने के क्षेत्र में किए गए कार्य की प्रशंसा की। कार्यक्रम में मंत्री डॉ. मिश्र का सम्मान भी किया गया।
प्रदेश में सड़कों का निर्माण युद्ध स्तर पर हुआ
6 May 2018
उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि प्रदेश में सड़कों का निर्माण युद्ध स्तर पर हुआ है। उन्होंने कहा कि सड़कों के निर्माण में अभूतपूर्व कार्य हुए हैं। श्री शुक्ल आज रीवा में 2296.10 लाख रुपये से बनने वाली 36 किलोमीटर सड़क के निर्माण कार्य के शिलान्यास समारोह को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता सांसद श्री जनार्दन मिश्र ने की। श्री शुक्ल ने कहा कि प्रदेश में सड़क, बिजली, पानी के साथ ही अन्य अधोसंरचना विकास के कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के संभागों में फोरलेन सड़कों के निर्माण किये जा रहे हैं। सड़कों के निर्माण से आवागमन सुगम होने के साथ ही विकास के नये द्वार भी खुलते हैं। उद्योग मंत्री ने बताया कि इस सड़क निर्माण से तीन विधानसभा क्षेत्र के लोगों को फायदा होगा। भारतमाला योजना में सतना-सेमरिया होकर शंकरगढ़ से इलाहाबाद तक के सड़क निर्माण की चर्चा करते हुए कहा कि यह सड़क भी इसी को जोड़ने का कार्य करेगी। 12 करोड़ लागत के विकास कार्यों का लोकार्पण श्री राजेन्द्र शुक्ल ने मुख्यमंत्री अधोसंरचना मद से 6 किलोमीटर की कांक्रीट सड़क, मुख्यमंत्री पेयजल योजना से बनी उच्चस्तरीय टंकी तथा अमृत योजना में पाइप लाइन विस्तार के 12 करोड़ लागत के विकास कार्यों का लोकार्पण किया। उद्योग मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा हितग्राही मूलक तथा जनोन्मुखी कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है। श्री शुक्ल ने कहा कि लोगों की माँग पर किये गये सड़क निर्माण के कार्य से दलदल युक्त सड़क से मुक्ति मिलेगी। उन्होंने कहा कि उच्चस्तरीय टंकी बन जाने से लोगों को शुद्ध पानी मिलेगा।
राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री शाह ने भाजयुमो के चलो पंचायत अभियान को सराहा​
​राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री शाह को 21000 पंचायतों की सूची युवा मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष श्री पांडे ने सौंपी​

5 May 2018
भारतीय जनता पार्टी प्रदेश स्तरीय विस्तारक बैठक में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अमित शाह को भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अभिलाष पांडे एवं अभियान के प्रदेश प्रभारी श्री चंद्रप्रकाश मिश्रा ने मोर्चा द्वारा प्रदेश की 21000 पंचायतों में गठित स्पेशल इलेवन की पुस्तिका भेंट की। राष्ट्रीय अध्यक्ष जी, मुख्यमंत्री जी, पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष जी ने मोर्चा के चलो पंचायत अभियान को सराहा। उक्त अवसर पर मंच पर मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री प्रभात झा, राष्ट्रीय महासचिव श्री कैलाश विजयवर्गीय, राष्ट्रीय संगठन महामंत्री श्री रामलाल जी राष्ट्रीय मंत्री श्रीमती ज्योति धुर्वे, प्रदेश अध्यक्ष श्री राकेश सिंह, चुनाव प्रबंध समिति के संयोजक केंद्रीय मंत्री श्री नरेंद्र सिंह तोमर, श्री धर्मेन्द्र प्रधान, श्री थावरचंद गहलोत, श्री वीरेंद्र कुमार खटीक, प्रदेश संगठन महामंत्री सुहास भगत, पूर्व मुख्यमंत्री श्री बाबूलाल गौर, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष श्री विक्रम वर्मा, सांसद श्री नंदकुमारसिंह चौहान, डॉ. सत्यनारायण जटिया, चुनाव प्रबंध समिति के सह संयोजक श्री फग्गन सिंह कुलस्ते, डॉ. नरोत्तम मिश्रा, श्री लालसिंह आर्य मंचासीन थे।
बाघ प्रदेश बन रहा है मध्यप्रदेश
4 May 2018
मध्यप्रदेश में निरंतर किये जा रहे प्रयासों से बाघों की संख्या बढ़ रही है। किशोर होते बाघों को वर्चस्व की लड़ाई और मानव द्वंद से बचाने के लिये वन विभाग ने अभिनव योजना अपनायी है। वन विभाग अनुकूल वातावरण का निर्माण कर बाघों को ऐसे अभयारण्यों में शिफ्ट कर रहा है, जहाँ वर्तमान में बाघ नहीं हैं। पन्ना में बाघ पुनर्स्थापना से विश्व में मिसाल कायम करने के बाद वन विभाग ने सीधी के संजय टाइगर रिजर्व में भी 6 बाघों का सफल स्थानांतरण किया है। बाघ शून्य हो चुके पन्ना में आज लगभग 30 बाघ हैं। अब नौरादेही अभयारण्य में बाघ पुनर्स्थापना का कार्य प्रगति पर है। मध्यप्रदेश केवल प्रदेश में ही नहीं देश में भी बाघों का कुनबा बढ़ा रहा है। जल्द ही प्रदेश उड़ीसा के सतकोसिया अभयारण्य को भी 3 जोड़े बाघ देगा। वन मंत्री डॉ. गौरीशंकर शेजवार स्वयं नौरादेही पहुँचकर ऑपरेशन का जायजा ले रहे हैं। जबलपुर से 140 किलोमीटर दूर दमोह, सागर और नरसिंहपुर जिले में 1197 वर्ग किलोमीटर में फैले नौरादेही अभयारण्य में बहुत पहले कभी बाघ रहे होंगे। यह जंगल देश की दो बड़ी नदियों गंगा और नर्मदा का कछार होने के कारण यहाँ पानी की कमी नहीं है। वन विभाग ने पन्ना की तर्ज पर देश के सबसे बड़े इस अभयारण्य में बाघ आबाद करना शुरू कर दिया है। पिछले 18 अप्रैल को यहाँ कान्हा से ढ़ाई वर्षीय एक बाघिन और 29 अप्रैल को बाँधवगढ़ से लगभग पाँच वर्षीय बाघ का स्थानांतरण किया गया है। बाघिन तो नये वातावरण में रम गई है, पर बाघ को नये आवास का अभ्यस्त बनाने के लिये विभाग काफी मशक्कत कर रहा है। नौरादेही की टीम ने बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व की टीम के साथ मिलकर युद्ध स्तर पर मात्र तीन दिनों में दोनों के लिये विशेष रूप से अलग-अलग बाड़ा तैयार किया है। प्रबंधन ने इन्हें एन-1 और एन-2 का नाम दिया है। बाघ का जोड़ा आने से स्थानीय लोगों में काफी उत्साह और गर्व की भावना है। वे इन्हें राधा-किसन के नाम से पुकारने लगे हैं। वनमंडलाधिकारी श्री रमेशचन्द विश्वकर्मा ने बताया कि शुरू में एक-दो दिन असहज रहने के बाद बाघिन ने नये वातावरण के साथ सामंजस्य शुरू कर दिया है। वह शिकार भी कर रही है और एक हेक्टयेर में बने अपने बाड़े में स्वाभाविक रूप से दिनचर्या व्यतीत कर रही है। पास में स्थित मचान और एक वाहन के माध्यम से वन अधिकारी-कर्मचारी 24 घंटे बाघिन के स्वास्थ्य और सुरक्षा की निगरानी कर रहे हैं। बाघ ने स्वयं को बाड़े से आजाद कर दो-ढाई किलोमीटर की दूरी पर स्थित नाले के किनारे प्राकृतिक रूप से बनी खोह में अपना ठिकाना बना रखा है। दो सौ किलोग्राम से अधिक वजन वाला यह बाघ काफी तन्दरूस्त और शक्तिशाली है। शुरूआती दिनों में असहज रहने के बाद वह भी नये माहौल में घुलने-मिलने लगा है। बाघ के रेस्क्यू के लिये बांधवगढ़ से हाथी की टीम के साथ दल आ गया है। वन विभाग बाघ पर सतत निगरानी रखे हुए हैं। कुछ दिनों के बाद बाघ की पसंद को देखते हुए निर्णय लिया जायेगा कि इसे वापस बाड़े में पहुँचायें या उन्मुक्त जंगल में विचरण करने दें। अभयारण्य में बसे गाँव के लोग भी इस काम में मदद कर रहे हैं। अभयारण में 69 गाँव थे, जिनमें से 10 गाँव का विस्थापन कर मुआवजा दिया जा चुका है। सात गाँव के विस्थापन की प्रक्रिया जारी है। इनमें 4 सागर और 3 नरसिंहपुर जिले के हैं। ग्रामीण भी खुश हैं कि अब उन्हें जंगल में होने वाली दिक्कतों से दो-चार नहीं होना पड़ रहा है। घर में बिजली है, कहीं आने-जाने के लिये सड़क और साधन हैं। तेंदुआ, सियार आदि जंगली जानवरों का भय भी नहीं रहा। रिक्त गाँवों में बड़ी मात्रा में घास विकसित की गई है। इससे शाकाहारी प्राणियों की संख्या बढ़ने से बाघों को भरपूर शिकार मिलेगा। विस्थापन से मानव हस्तक्षेप खत्म होने से जंगल अपने प्राकृतिक स्वरूप में आता जा रहा है। यहाँ के भारतीय भेड़िया के साथ भालू, सांभर, चीतल, चिंकारा, जंगली बिल्ली आदि की संख्या बढ़ी है। पेंच राष्ट्रीय उद्यान से भी सात खेप में यहाँ 125 चीतल आ चुके हैं।
प्रदेश में उपभोक्ताओं की सुविधा के लिये एंटी प्रोफेटियरिंग अथॉरिटी का गठन
4 May 2018
प्रदेश में वाणिज्यिक कर विभाग ने उपभोक्ताओं को वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) में कर की दरों में कमी का लाभ दिलाने और शिकायतों पर प्रभावी कार्यवाही के लिये एंटी प्रोफेटियरिंग अथॉरिटी का गठन किया है। अथॉरिटी के गठन की जानकारी प्रदेश के सभी वाणिज्यिक कर कार्यालयों को उपलब्ध करवाई गयी है। राज्य के व्यवसायी करदाताओं की सुविधा के लिये विभागीय कार्य प्रणाली का कम्प्यूटरीकरण किया गया है। ईज ऑफ डूइंग के अंतर्गत वाणिज्यिक कर विभाग द्वारा व्यवसायी कर-दाताओं को ऑनलाईन पंजीयन, ई-रिटर्न फाईल, ई-पेमेंट और विभिन्न प्रकार के फार्म डाउनलोड करने की सुविधा उपलब्ध करवायी गयी है। प्रदेश में एक जुलाई 2017 से नवीन कर प्रणाली जीएसटी लागू होने के बाद प्रदेश में पूर्व से पंजीकृत व्यवसायियों में से दो लाख 66 हजार 744 करदाता जीएसटी में माइग्रेट किये जा चुके हैं। व्यवसायी करदाताओं को जीएसटी में परेशानियों से बचने के लिये वाणिज्यिक कर विभाग ने प्रदेश में लगभग 1200 कार्यशालाएं आयोजित की हैं।
स्व-कर निर्धारण प्रदेश में पंजीकृत व्यवसाईयों को स्व-कर निर्धारण की सुविधा देने के मकसद से वर्ष 2015-16 की अवधि से संबंधित 6 लाख 10 हजार प्रकरणों में से करीब 2 लाख 80 हजार प्रकरणों का स्व-कर निर्धारण कर विभाग द्वारा निराकरण किया गया है। प्रदेश में कार्यरत टैक्स ऑडिट विंग द्वारा पिछले वर्ष 541 व्यवसाईयों का ऑडिट कर करीब 5 करोड़ रूपये की राशि जमा करवायी गयी है।
कर निर्धारण के अधिकार प्रदेश में कर निर्धारण कार्य के अंतर्गत एक करोड़ रूपये तक वार्षिक टर्नओव्हर वाले व्यवसाईयों का सहायक वाणिज्यिक कर अधिकारियों द्वारा, 15 करोड़ रूपये तक वार्षिक टर्नओव्हर वाले व्यवसाइयों का वाणिज्यिक कर अधिकारियों द्वारा तथा 50 करोड़ रूपये तक वार्षिक टर्नओव्हर वाले व्यवसाईयों का कर-निर्धारण कार्य सहायक आयुक्तों द्वारा किया जा रहा है। प्रदेश में 50 करोड़ रूपये से अधिक वार्षिक टर्नओव्हर वाले व्यवसाईयों के कर-निर्धारण के लिये संभागीय उपायुक्तों को अधिकृत किया गया है।

पिछड़ा वर्ग महाकुंभ एवं रामजी महाजन पुरस्कार वितरण छ: मई को सागर में
4 May 2018
राज्य शासन द्वारा सागर में छ: मई को पिछड़ा वर्ग महाकुंभ और रामजी महाजन पिछड़ा वर्ग सेवा राज्य पुरस्कार-2015 वितरण समारोह का आयोजन किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान बामोरा स्कूल ग्राउण्ड में दोपहर दो बजे शुभारंभ करेंगे। पिछड़ा वर्ग तथा अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती ललिता यादव की अध्यक्षता में होने वाले महाकुंभ में वित्त मंत्री श्री जयंत मलैया, गृह मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गोपाल भार्गव, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री सुश्री कुसुम सिंह मेहदेले और राजस्व मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता भी भाग लेंगे। आयुक्त पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण श्री रमेश थेटे आज तैयारियों की समीक्षा की। श्री थेटे ने बताया कि इस अवसर पर रामजी महाजन पिछड़ा वर्ग सेवा राज्य पुरस्कार-2015 से श्रीमती कान्ति पटेल, श्रीमती आशा साहू, श्रीमती माया विश्वकर्मा, श्री सूरज सिंह मारण, डॉ जे.के. यादव, श्रीमती अल्का सैनी, श्री नारायण सिंह डागोर, श्रीमती बबिता परमार, श्रीमती यमुना कछावा, श्रीमती प्रीति सेन, सुश्री कुसुम महदेल (जबलपुर), श्री राजेश दोडके, डॉ. भगवान भाई पाटीदार, श्री काशीराम यादव और श्री महेन्द्र कटियार को दिया जायेगा। इस अवसर पर स्मारिका का विमोचन और प्रदर्शनी भी आयोजित होगी। महाकुंभ में सागर संभाग के पाँचों जिलों से एक लाख से अधिक लोगों के भाग लेने की संभावना है। समारोह में विभाग द्वारा संचालित प्रशिक्षण संस्थाओं के प्रशिक्षणार्थी और विभिन्न योजनाओं के हितग्राही भी मौजूद रहेंगे। पिछले दिनों नि:शुल्क प्रशिक्षण के बाद विभिन्न पदों पर चयनित होने वाले सफल उम्मीदवारों का सम्मान भी किया जायेगा। राज्य-स्तरीय रोजगार एवं प्रशिक्षण केन्द्र से वर्ष 2017-18 में चार प्रशिक्षणार्थी डिप्टी कलेक्टर, 19 पीएससी के माध्यम से 16 पटवारी और 8 अन्य शासकीय पदों पर चयनित हुए हैं। मुख्यमंत्री पिछड़ा वर्ग स्व-रोजगार योजना वर्ष 2017-18 में 110 करोड़ 98 लाख का व्यय किया जाकर युवाओं को अपना रोजगार स्थापित करने में सहायता की गई है। कुम्भ में विभाग की विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दी जायेगी।
खुशी के लिये नहीं, खुश होकर काम करने से मिलेगी खुशी - स्वामी सुखबोधानन्द
4 May 2018
वेद मर्मज्ञ एवं प्रखर आध्यात्मिक गुरू स्वामी सुखबोधानन्द ने कहा है कि खुशी के लिये काम करने से खुशी नहीं मिलेगी, बल्कि खुश होकर काम करने से खुशी मिलेगी। यंत्रवत जीवन और प्रतिक्रिया करने की प्रवृत्ति से मुक्ति पाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि परेशानियों और समस्याओं को सकारात्मक दृष्टि से देखने पर वे भी गुरू बन जाती हैं। स्वामी सुखबोधानन्द ने आज यहां प्रशासन अकादमी में आनन्द विभाग के अंतर्गत राज्य आनन्द संस्थान द्वारा आयोजित 'आनन्द व्याख्यान' में यह विचार व्यक्त किये। मन की भीतर की स्थिति है आनन्द मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने अध्यक्षीय संबोधन में कहा कि सकारात्मक विचार ही सकारात्मक ऊर्जा उत्पन्न करते हैं। उन्होंने कहा कि सभी प्रकार का दर्शन आनन्द को प्राप्त करने का मार्ग बताता है। साम्यवाद और पूंजीवाद ने भी आनन्द प्राप्ति का रास्ता दिखाया था, लेकिन कालांतर में सही साबित नहीं हुआ। मुख्यमंत्री ने कहा कि आनन्द और सुख में भेद नहीं समझने के कारण ऐसा होता है। उन्होंने कहा कि आनन्द मन की भीतर की स्थिति है, जबकि सुख बाहरी परिस्थितियों से निर्मित होता है। श्री चौहान ने कहा कि केवल अधोसंरचनाएं खड़ी करने से आनन्द नहीं मिलता। अर्थपूर्ण जीवन जीना महत्वपूर्ण है। समृद्ध लोग भी दुखी रहते हैं और अभाव में रहने वाले भी खुश रहते हैं। इसलिये मनोदशा को सकारात्मक बनाने की कला सीखना होगा। प्रत्येक क्षण में है आनन्द स्वामी सुखबोधानंद ने आनन्द की चारित्रिक विशेषताओं और जीवन में उसकी उपस्थिति पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि आनन्द को भविष्य में देखने की प्रवृत्ति और आदत बना लेने से निराशा और दुख ही हाथ आयेगा। उन्होंने कहा कि वर्तमान ही सब कुछ है, इसलिए आनन्द भी वर्तमान में ही उपस्थित है। यह मन के भीतर है। उन्होंने कहा कि जब सब दरवाजे बंद हो जाते हैं, तब ईश्वर नया द्वार खोल देता है। इसलिए प्रत्येक क्षण में आनन्द है। प्रत्येक पल में जीवन है। प्रत्येक पल ऊर्जावान है। वर्तमान में भूतकाल का हस्तक्षेप नहीं होने दें स्वामीजी ने कहा कि राग और द्वेष का रूपांतरण प्रेम में करने के लिए भक्ति की जरूरत पड़ती है। इसलिए भक्ति प्रमुख तत्व है। स्वामी ने कहा कि भविष्य माया है। सिर्फ वर्तमान ही सच है और वर्तमान में ही आनन्द व्याप्त है। उसकी अनुभूति करने की आवश्यकता है। आश्चर्य तत्व की प्रधानता होना चाहिए। उन्होने कहा कि वर्तमान में भूतकाल का हस्तक्षेप नहीं होने दें, इसके प्रति भी सचेत रहें। आनंद का दूसरा स्वरूप ऊर्जा है। आनन्द विभाग के मंत्री श्री लाल सिंह आर्य ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री चौहान निरंतर नवाचार करने वाले मुख्यमंत्री हैं। आनन्द विभाग की स्थापना इसका उदाहरण है। उन्होंने बताया कि बहुत कम समय में आनन्द विभाग की गतिविधियों का प्रदेशव्यापी विस्तार हुआ है। पूरे देश में इसकी सराहना हो रही है। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव आनन्द विभाग श्री इकबाल सिंह बैंस और आनन्द क्लबों के सदस्य उपस्थित थे।
रेरा संस्था उपभोक्ता और बिल्डर के बीच विश्वास पैदा करने में सहायक : मंत्री श्रीमती माया सिंह
3 May 2018
नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्रीमती माया सिंह ने कहा है कि रेरा संस्था (रियल एस्टेट रेग्यूलरटी अथॉरिटी) उपभोक्ता और बिल्डर के बीच विश्वास पैदा करने का कार्य करती है। यह केन्द्र और राज्य सरकार की अभिनव पहल है। रेरा एक्ट के प्रभावी क्रियान्वयन में मध्यप्रदेश देश का अग्रणी राज्य है। श्रीमती माया सिंह ने रेरा संस्था की स्थापना के एक वर्ष पूर्ण होने पर 'उपलब्धियाँ और चुनौतियाँ'' विषय पर आयोजित परिचर्चा में यह बात कही। परिचर्चा में प्राधिकरण के चेयरमेन श्री एन्टोनी डिसा सहित अन्य सदस्य उपस्थित थे। श्रीमती माया सिंह ने कहा कि भारत सरकार द्वारा वर्ष 2016 में भू-सम्पदा अधिनियम लागू करने के बाद देश में सर्वप्रथम मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की पहल पर मध्यप्रदेश में एक मई 2017 को प्राधिकरण की स्थापना की गई। उन्होंने कहा कि एक्ट की मूल-भावना उपभोक्ता हितों के संरक्षण के साथ बिल्डर के प्रति उपभोक्ता का विश्वास स्थापित करना है। उन्होंने कहा कि रेरा एक्ट के प्रभावी क्रियान्वयन से शहरों में अवैध कॉलोनियों को नियंत्रित करने में मदद हुई है। श्रीमती माया सिंह ने परिचर्चा में प्राप्त सुझावों पर गंभीरता से अमल करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के विभिन्न अंचलों में कार्यरत रियल एस्टेट, डेवलपर एजेन्ट, आंवटी संस्थाएँ और बैंकर्स की एक कार्यशाला शीघ्र आयोजित की जाएगी। रेरा के अध्यक्ष श्री एन्टोनी डिसा ने बताया कि पिछले एक वर्ष में 1800 प्रोजेक्ट और 337 रियल एस्टेट एजेन्ट द्वारा पंजीयन करवाया गया है। इसके साथ ही, 1232 शिकायतों का निराकरण भी किया गया है। उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए रेरा अथॉरिटी ने इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर में सर्किट कैम्प आयोजित किये। उन्होंने बताया कि रेरा इसी माह इंदौर शहर में अपना एक कार्यालय प्रारम्भ करने जा रहा है। श्री डिसा ने बिल्डरों के सुझाव पर प्रोजेक्ट पूर्णता प्रमाण पत्र की प्रक्रिया को आसान बनाने की सलाह भी दी। परिचर्चा के दौरान नगरीय विकास एवं आवास मंत्री ने रेरा की नई वेबसाइट का लोकार्पण किया। इस मौके पर प्राधिकरण के सदस्य श्री दिनेश नायक, श्री अनिरूद्ध कपाले, महानिरीक्षक पंजीयन श्रीमती कल्पना श्रीवास्तव, श्री चन्द्रशेखर वाल्मवे तथा हाउसिंग बोर्ड और नगर निगम के कमिश्नर, संचालक, टाउन एण्ड कन्ट्री प्लांनिग एवं उपभोक्ता संरक्षण भी उपस्थित थे।
मध्यप्रदेश को ’सर्वाधिक फिल्म अनुकूल राज्य’ के लिये मिला राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार
3 May 2018
मध्यप्रदेश को आज सर्वाधिक फिल्म अनुकूल राज्य के राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यह पुरस्कार नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों के कार्यक्रम में केन्द्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री श्रीमती स्मृति ईरानी ने मध्यप्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति राज्य मंत्री श्री सुरेन्द्र पटवा को प्रदान किया। पुरस्कार के रूप में एक ट्राफी और प्रशस्ति-पत्र दिया गया है। इस मौके पर केन्द्रीय सूचना प्रसारण राज्यमंत्री श्री राजवर्धन राठौर और मध्यप्रदेश के प्रमुख सचिव पर्यटन श्री हरिरंजन राव भी मौजूद थे। पुरस्कार का चयन रमेश सिप्पी की अध्यक्षता में गठित ज्यूरी ने किया। ज्यूरी में प्रख्यात फिल्म निर्माता श्री नागार्जुन मंजुले, श्री राजाकृष्ण मेनन, श्री विवेक अग्निहोत्री और मोशन पिक्चर डिस्ट्रीब्यूटर एसोसिएशन के प्रबंध निदेशक श्री उदय सिंह शामिल थे। ज्यूरी द्वारा मध्यप्रदेश को फिल्मांकन में सहूलियतें सुनिश्चित करने के प्रयासों को देखते हुए 'सर्वाधिक फिल्म अनुकूल राज्य' पुरस्कार प्रदान करने का निर्णय लिया गया। मध्यप्रदेश में सुव्यवस्थित वेबसाइट बनाने और फिल्म अनुकूल बुनियादी ढांचा स्थापित करने के साथ विभिन्न तरह की सहूलियतें दी गई हैं। प्रदेश में संबंधित डाटाबेस का बढ़िया ढंग से रख-रखाव, विपणन और संवर्द्धन संबंधी पहल भी की जा रही है। ज्यूरी ने 16 राज्यों में से सर्व-सम्मति से मध्यप्रदेश का चयन किया। मध्यप्रदेश को उन जाने-माने फिल्म निर्माताओं की ओर से भी सकारात्मक प्रतिक्रिया के साथ अनुकूल फीडबैक मिला है, जो यहाँ पहले फिल्मांकन कर चुके हैं। मध्यप्रदेश में उत्कृष्ट बुनियादी सहायता एवं फिल्मांकन संबंधी बुनियादी ढांचा मुहैया करवाने के साथ फिल्म बनाने के लिए एक सूचनाप्रद वेबसाइट भी बनायी गयी है। साथ ही, अनेक प्रोत्साहनों की भी पेशकश की गई है।
बच्चों को सप्ताह में एक स्थान का भ्रमण अवश्य करवायें
3 May 2018
अनुसूचित-जाति कल्याण राज्य मंत्री श्री लाल सिंह आर्य ने कहा है कि छात्रावासों के विद्यार्थियों को सप्ताह में एक स्थान का भ्रमण अवश्य करवायें। उन्होंने कहा कि बच्चों को पास के औद्योगिक क्षेत्र, मेडिकल अथवा इंजीनियरिंग कॉलेज का भ्रमण अवश्य करवाया जाये। राज्य मंत्री श्री आर्य आज अनुसूचित-जाति कल्याण विभाग की समीक्षा कर रहे थे। बैठक में प्रमुख सचिव श्री संजय बन्दोपाध्याय और आयुक्त श्री आनंद शर्मा उपस्थित थे। श्री आर्य ने कहा कि छात्रावासों में स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाये। पर्याप्त डस्टबिन का उपयोग किया जाये। पेयजल उपलब्धता की स्थिति से कलेक्टर, पीएचई अधिकारी अथवा विभाग प्रमुख को अवगत करायें। निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा स्वयं कर कलेक्टर को वस्तु-स्थिति से अवगत करवायें। जिन छात्रावासों में सी.सी. टी.व्ही. कैमरे लगे हैं, उन्हें चालू हालत में रखा जाये। सभी छात्रावासों में टी.व्ही. की उपलब्धता को जल्द पूरा किया जाये। उन्होंने संभागीय अधिकारियों को समय-समय पर जिला अधिकारियों की बैठक लेने को कहा। उन्होंने कहा कि बैठक के जरिये समस्या और सुझाव सामने आते हैं। राज्य मंत्री श्री आर्य ने निर्देश दिये कि छात्रावासों के लिये सामग्री का क्रय करने के बाद उसका उपयोग भी करें। बच्चों की संख्या और सामग्री की जानकारी मुख्यालय पर उपलब्ध रहे। आवश्यकता अनुसार गुणवत्तायुक्त सामग्री ली जाये और अग्रिम सामग्री का क्रय नहीं किया जाये। उन्होंने कहा कि अगले सप्ताह निर्माण एजेंसियों की बैठक की जाये। उन्होंने निर्देश दिये कि प्रगतिरत निर्माण कार्यों को पूरा कर विकास यात्रा के दौरान उनके शिलान्यास एवं लोकार्पण की तैयारी करें। साथ ही, निर्माण कार्यों की अद्यतन जानकारी 7 दिन के अंदर उपलब्ध करवायें। श्री आर्य ने कहा कि सभी तरह के विभागीय टेण्डर मई माह में करवा लिये जायें। दी गई राशि को प्लान कर उपयोग करें। उपयोग नहीं होने पर राशि वापस दें, ताकि दूसरे जिले की आवश्यकता पूरी की जा सके और बजट लेप्स नहीं हो। उन्होंने छात्रावासों में प्रवेशोत्सव मनाने की तारीख तय करने के निर्देश भी दिये। साथ ही कहा कि इसके लिये प्रवेश समिति की बैठक कर ली जाये। पालकों को बुलवाकर मंत्रियों की उपस्थिति में प्रवेशोत्सव मनाया जायेगा। श्री आर्य ने कहा कि रिजल्ट के बाद दसवीं और बारहवीं कक्षा में 70 प्रतिशत या उससे अधिक अंक से उत्तीर्ण अनुसूचित-जाति और अनुसूचित-जनजाति के छात्रों की सूची बनाकर भेजी जाये। मुख्यमंत्री की उपस्थिति में उनके लिये एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जायेगा।
राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अमित शाह 4 को आयेंगे
3 May 2018
भोपाल। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष व सांसद श्री अमित शाह 4 मई को प्रातः 9.30 बजे भोपाल पधारेंगे। वे यहां भेल दशहरा मैदान पर आयोजित पार्टी की प्रदेश स्तरीय विस्तारित बैठक को संबोधित करेंगे। तत्पश्चात सायंकाल भोपाल से प्रस्थान करेंगे। राष्ट्रीय अध्यक्ष के आगमन को लेकर कार्यकर्ताओं में अपार उत्साह है और वे अपने नेता के स्वागत के लिए आतुर है। स्टेट हैंगर से कार्यक्रम स्थल तक के मार्ग में स्थान स्थान पर श्री अमित शाहजी का स्वागत किया जायेगा। राष्ट्रीय अध्यक्ष जी के आगमन की तैयारियों के सिलसिले में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष निरंतर भोपाल में रहकर समूची व्यवस्थाओं पर कार्यकर्ताओं के साथ निरंतर चर्चा कर रहें है।
गोकुल महोत्सव में अब तक मिला 76 लाख पशुओं को लाभ
2 May 2018
प्रदेश में 27 मार्च से आरम्भ गोकुल महोत्सव-2018 में अब-तक करीब 76 लाख पशुओं को विभिन्न प्रकार की चिकित्सा सुविधाएँ दी जा चुकी हैं। महोत्सव में एक मई 2018 तक 38 हजार 618 गाँव में पशु चिकित्सा शिविर लगा कर 14 लाख 65 हजार से अधिक पशुपालकों को पशुपालन की आधुनिक तकनीक, चिकित्सा सुविधाएँ और योजनाओं से वाकिफ कराया गया है। इस दौरान 13 लाख 90 हजार 660 पशुओं का उपचार, 39 लाख 38 हजार 621 पशुओं का टीकाकरण, एक लाख 67 हजार 717 पशुओं का बधियाकरण, 22 हजार 783 कृत्रिम गर्भाधान, एक लाख 84 हजार 249 बाँझपन उपचार, एक लाख 35 हजार 231 गर्भ परीक्षण, 3550 पशु बीमा और 17 हजार 741 पशु शल्य चिकित्सा के कार्य हुए। महोत्सव का समापन 10 मई को होगा। महोत्सव का शुभारंभ मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने 27 मार्च को किया था। विधानसभा अध्यक्ष सहित केन्द्रीय एवं राज्य के मंत्री, विधायक, अन्य जन-प्रतिनिधि आदि भी इसमें भाग ले रहे है। मल्टीमीडिया रथ हुए लोकप्रिय पशुपालन मंत्री श्री अंतर सिंह आर्य ने कहा कि किसानों की आय दोगुना करने में गोकुल महोत्सव का महत्वपूर्ण योगदान है। इस वर्ष महोत्सव में एल.ई.डी. और मल्टीमीडिया से सुसज्जित प्रचार रथों का उपयोग कर फिल्म, जिंगल, नवीन तकनीक, गतिविधि और विभागीय योजनाओं की जानकारी गाँव-गाँव और जन-जन तक पहुँचायी जा रही है। मल्टीमीडिया में लोगों की रूचि होने से प्रचार कार्य इस बार अधिक सार्थक सिद्ध हो रहा है। देश का सर्वाधिक पशुधन मध्यप्रदेश में श्री आर्य ने बताया कि देश का सर्वाधिक पशुधन मध्यप्रदेश में है। प्रदेश के पशु धन के स्वास्थ्य, सुरक्षा और उत्पादन वृद्धि के लिये राज्य शासन द्वारा पिछले साल से गोकुल महोत्सव के रूप में अनूठी पहल की गई है। ग्रामीण अंचलों में पशुपालन आजीविका का साधन भी है। पशुओं की समस्याओं का उन्हीं के गाँव में निराकरण पशुपालक और पशु दोनों के लिये आरामदेह है। महोत्सव का आयोजन वर्ष में दो बार गाँव-गाँव में पशु चिकित्सा शिविर लगाकर किया जाता है। पशुपालकों और पशुओं की समस्या का समाधान होने, नयी तकनीक और योजनाओं की जानकारी होने से पशुधन संवर्धन के साथ आर्थिक समृद्धि भी बढ़ी है
किसानों के लिये उपार्जन केन्द्रों में करें सभी आवश्यक व्यवस्थाएँ
2 May 2018
जनसम्पर्क, जल-संसाधन एवं संसदीय कार्य मंत्री तथा रीवा जिले के प्रभारी मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र की अध्यक्षता में आज रीवा में जिला योजना समिति की बैठक सम्पन्न हुई। उद्योग मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल भी बैठक में शामिल हुए। मंत्री डॉ. मिश्र ने कहा कि सभी उपार्जन केन्द्रों में किसानों के लिये आवश्यक व्यवस्थाएँ सुनिश्चित की जाएँ। किसानों को उपार्जित फसल का भुगतान समय पर करवाया जाए। ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों में पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाये। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना का लाभ पात्र व्यक्तियों को मिले तथा सिलेण्डर की रिफिलिंग निकटतम स्थानों में हो। हाट-बाजार में गैस एजेन्सियाँ सिलेण्डर लेकर जाएं, जिससे हितग्राही गैस की रिफिलिंग करवा सकें। प्रभारी मंत्री डॉ. मिश्र ने कहा कि जल-संरक्षण एवं संवर्धन के कार्य प्राथमिकता से करवाए जाएँ। पुरानी जल संरचनाओं को पुनर्जीवित करने के भी कार्य भी पूर्ण करवाये जायें। उन्होंने रीवा जिले में मिशन इन्द्रधनुष में बच्चों एवं गर्भवती माताओं के टीकाकरण कार्य में शत-प्रतिशत उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने प्रधानमंत्री सौभाग्य योजना के तहत ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में विद्युतीकरण के लक्ष्य को नियत समय में पूर्ण किये जाने के निर्देश दिये। मंत्रीद्वय ने प्रधानमंत्री असंगठित श्रमिक पंजीयन में जिले में 6 लाख 77 हजार 102 श्रमिकों द्वारा पंजीयन करवाने पर प्रसन्नता व्यक्त की। जिला कलेक्टर ने बताया कि पंजीकृत हितग्राहियों का सत्यापन अगले 2-3 दिन में पूर्ण करवा लिया जायेगा। इस दौरान सांसद श्री जनार्दन मिश्र, रीवा की महापौर सुश्री ममता गुप्ता, विन्ध्य विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री सुभाष अन्य जन-प्रतिनिधि तथा वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। पर्यटन विकास परिषद की बैठक प्रभारी मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र ने रीवा पर्यटन विकास परिषद की बैठक ली। बैठक में वर्तमान पर्यटन स्थलों के साथ ही नवीन पर्यटन स्थलों के विकास के संबंध में चर्चा की गई। डॉ. मिश्र ने कहा कि रीवा जिले के ऐतिहासिक एवं प्राचीन स्थलों का जीर्णोद्धार एवं सौंदर्यीकरण कर इन्हें पर्यटन सर्किल में जोड़ा जाए ताकि पर्यटक इन स्थलों का आसानी से भ्रमण कर सकें।
निर्माणाधीन एकलव्य विद्यालयों के कार्य 7 अगस्त तक पूर्ण करायें : राज्य मंत्री श्री आर्य
2 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में आगामी 15 मई से 30 जून तक विकास यात्राएँ निकाली जायेंगी। यात्राओं के दौरान विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को हित-लाभ दिलवाये जायेंगे। साथ ही, विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास भी होगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने आज मंत्रालय में समाधान ऑनलाईन कार्यक्रम में इस संबंध में वरिष्ठ मैदानी अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का मुख्य एजेंडा विकास और जन-कल्याण है। अत: विभिन्न योजनाओं में पात्र हितग्राहियों को लाभान्वित करने के लिये तेजी से प्रयास किये जायें। समाधान ऑनलाईन में आज मुख्यमंत्री ने विभिन्न जिलों के 12 आवेदकों की समस्याओं का निराकरण किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि चना, मसूर और सरसों के समर्थन मूल्य पर उपार्जन के कार्य को पूरी दक्षता और कुशलता से पूरा किया जाये। किसानों को भुगतान में कहीं भी कोई दिक्कत नहीं हो। पेयजल आपूर्ति के लिये भी व्यापक प्रबंध करें तथा आवश्यकतानुसार जिलों में पेयजल परिवहन की व्यवस्था करें। मुख्यमंत्री ने बताया कि ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत पाँच मई को सभी विकासखण्डों में आजीविका दिवस पर स्व-सहायता समूहों के सम्मेलन किये जायेंगे। विकास यात्रा के दौरान श्रमिक होंगे लाभान्वित मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि असंगठित श्रमिक कल्याण योजना, सामाजिक सुरक्षा का महत्वाकांक्षी कार्यक्रम है। इसे सभी के सहयोग से आयोजित किया जाये। आगामी 7 मई को होने वाली ग्राम सभाओं में श्रमिकों के प्राप्त आवेदनों की सूची का वाचन किया जाये। वाचन के बाद पात्र श्रमिकों को कार्ड दिये जायें। श्री चौहान ने कहा कि इस योजना में गत एक अप्रैल से पात्र श्रमिकों को लाभ दिया जाना है। उन्होंने निर्देश दिये कि विकास यात्रा के दौरान श्रमिकों को लाभ वितरण किया जाये। आगामी जुलाई और अगस्त माह में विभिन्न स्व-रोजगार योजनाओं के हितग्राहियों के सम्मेलन कर उन्हें लाभान्वित किया जायेगा। मुख्य सचिव श्री बी.पी. सिंह ने बताया कि असंगठित श्रमिक कल्याण योजना के हितग्राहियों को लाभ दिलाने के लिये पिछले दिनों चलाये गये राजस्व अभियान की तरह वृहद अभियान चलाया जायेगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान को कार्यक्रम में बताया गया कि होशंगाबाद के श्री हेमचंद कोरी को छात्रवृत्ति की लंबित राशि 28 हजार 600 रुपये का भुगतान मिल गया है। इसी तरह, मंदसौर की श्रीमती उमा बाई को पति की डूबने से मृत्यु होने पर आर्थिक सहायता की लंबित राशि 4 लाख रूपये प्राप्त हो गई है। इंदौर के श्री राकेश प्रजापति द्वारा भतीजी शिवानी की साइकिल नहीं मिलने की शिकायत का भी समाधान कर उसे साइकिल उपलब्ध करवा दी गई है। छतरपुर के श्री भरत श्रीवास को तेन्दूतपत्ता पारिश्रमिक की राशि 2 हजार 688 रूपये मिल गई है। आवेदक के बैंक खाते में राशि जमा नहीं करने के लिये उत्तरदायी पंजाब नेशनल बैंक की उप प्रबंधक सुश्री पल्लवी अग्रवाल के विरूद्ध कार्रवाई के लिये केन्द्र सरकार को लिखा जा रहा है। राजगढ़ के श्री दरियोसिंग को ओपन स्कूल से दसवीं परीक्षा की अंक-सूची दे दी गई है। हरदा के श्री आनंद सिंह राजपूत को कृषि उपज मण्डी समिति टिमरनी को विक्रय की गई मूँग की राशि 2 लाख 37 हजार 762 रूपये का भुगतान कर दिया गया है। कटनी के श्री रामदयाल यादव को 20 क्विंटल धान विक्रय की राशि 31 हजार रूपये प्राप्त हो गई है। मुख्यमंत्री ने खण्डवा के श्री शिवनारायण चौहान के शस्त्र लायसेंस के नवीनीकरण में संबंधित पुलिस अधिकारी पर विलंब के लिये पाँच हजार रूपये का अर्थदण्ड अधिरोपित कर आवेदक को क्षतिपूर्ति के रूप में दिये जाने के निर्देश दिये। इस मौके पर बताया गया कि शस्त्र लायसेंस नवीनीकरण व्यवस्था में परिवर्तन कर पुलिस अधीक्षक के माध्यम से कार्रवाई की व्यवस्था की गई है। इस कारण अब नवीनीकरण का कोई भी प्रकरण लंबित नहीं है। डिण्डौरी की श्रीमती लीलाबाई के खेत में स्थाई पम्प कनेक्शन में विलंब पर संबंधित ठेकेदार की प्रतिभूति राशि एक लाख 33 हजार 500 रूपये जप्त कर उसे दो वर्ष के लिये कार्य निषेध करने की जानकारी दी गई। यह भी बताया गया कि कार्य की अधिकतम सीमा के अंतर्गत विभागीय स्तर पर कार्रवाई कर स्थाई पम्प कनेक्शन करा दिया गया है। उमरिया के श्री सम्पत प्रजापति को चार लाख 83 हजार 735 रूपये के किराये का लंबित भुगतान कर दिया गया है। दोषी कर्मचारी लिपिक बृजेन्द्र सिंह और लेखापाल सी.पी. परौहा को दण्डित किया गया है। खरगोन के श्री नानकरावजी के कपिलधारा कूप निर्माण में गलत मूल्यांकन करने के प्रकरण में अधिकारियों के विरूद्ध एक लाख 14 हजार 487 रूपये की वसूली की कार्रवाई की जा रही है। नीमच जिले के श्री सुनील कुमार को निजी आईटीआई कनावटी द्वारा अंक-सूची प्रदाय करने में विलंब किया गया। आवेदक को अंक-सूची उपलब्ध कराने के साथ ही संस्था की मान्यता दो वर्ष के लिये निरस्त करने की कार्रवाई प्रचलित है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर समाधान एक दिन में योजना के अंतर्गत उत्कृष्ट कार्य करने वाले 10 अधिकारियों को प्रशस्ति-पत्र प्रदान किये। पुरस्कृत अधिकारियों में केटेगेरी 'ए' में मुख्य कार्यपालन अधिकारी सिवनी श्रीमती सुमन खटरकर, तहसीलदार सोहागपुर (शहडोल) श्री मनोज चौरसिया, विकासखंड समन्वयक सिवनी श्री सुनील कुमार पवार, सहायक आपूर्ति अधिकारी भोपाल श्री राजेश खरे, आयुक्त भोपाल द्वारा प्राधिकृत अधिकारी श्री एम.पी. शांडिल्य शामिल हैं। इसी प्रकार केटेगरी 'बी' में वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी (बसोदा) विदिशा श्री ए.एस. कौरव, नायब तहसीलदार (सरई) सिंगरौली श्री प्रभास कुमार भर्गी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत पुष्पराजगढ़ (अनूपपुर) श्री आर.पी. त्रिपाठी, वरिष्ठ कृषि अधिकारी श्यामपुर (सीहोर) श्री बी.एस. देवरा और तहसीलदार कुम्भराज (गुना) श्री ब्रिज मोहन आर्य को प्रशस्ति-पत्र दिये गये।
राजस्व मंत्री श्री गुप्ता द्वारा आवासीय पट्टे वितरित
2 May 2018
राजस्व, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता ने कहा है कि मुख्यमंत्री आश्रय योजना अंतर्गत प्रदेश में वर्ष 2022 तक प्रत्येक जरूरतमंद आवासहीन व्यक्ति को आवास उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। राजस्व मंत्री आज वार्ड-25 और 26 में आयोजित पट्टा वितरण कार्यक्रम कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर श्री गुप्ता ने एक सौ से अधिक आवासहीनों को पट्टे प्रदान किये। राजस्व मंत्री श्री गुप्ता ने कहा कि प्रदेश में राज्य सरकार द्वारा गरीबों के कल्याण के लिये निरंतर अनेक योजनाएँ चलाई जा रही हैं। बालिकाओं के लिये लाड़ली लक्ष्मी योजना, पढ़ाई के लिये नि:शुल्क शिक्षा, मुख्यमंत्री कन्यादान योजना और होनहार बच्चों के लिये उच्च शिक्षा उपलब्ध कराने के लिये संचालित योजनाएँ काफी लोकप्रिय हुई हैं। सभी योजनाओं में जाति और धर्म का कोई भेद नहीं किया गया है। उन्होंने बताया कि अंसगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिये भी अभिनव योजना प्रारंभ की गई है। इसमें ढाई एकड़ मालिकाना हक वाले किसान भी शामिल किये गये हैं। योजना में श्रमिक परिवारों के बच्चों को नि:शुल्क शिक्षा, नि:शुल्क स्वास्थ्य सुविधाएँ, घायल/अपंगता होने पर आर्थिक सहायता, महिलाओं को मातृत्व अवकाश, पोषण आहार हेतु समुचित आर्थिक सहायता के प्रावधान किये गये हैं। श्री गुप्ता ने कहा कि जिन हितग्रहियों को पट्टे मिल गये हैं, वे उन्हें सुरक्षित रखें। जिन आवासहीनों ने पट्टे के लिये पंजीयन नहीं करवाया है, वे भी अपना पंजीयन करवा लें। सभी पात्र हितग्रहियों को आवासीय पट्टे जायेंगे। पट्टा वितरण कार्यक्रम में वार्ड-25 की पार्षद श्रीमती सरोज राकेश जैन एवं वार्ड-26 के पार्षद श्री संतोष उईके और स्थानीय जन-प्रतिनिधि मौजूद थे।
विश्व प्रेस दिवस पर बुरहानपुर में होगी मीडिया एडवोकेसी कार्यशाला
2 May 2018
महिलाओं और बालक-बालिकाओं से जुड़े संवेदनशील मामलों में मीडिया की भूमिका और रिपोर्टिंग के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों को लेकर 03 मई को विश्व प्रेस दिवस के मौके पर बुरहानपुर में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया जायेगा। महिला बाल विकास मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनिस ने यह जानकारी देते हुए बताया कि इस कार्यशाला के चार सत्र होंगे, जिनमें महिलाओं और बच्चों के लिए स्वस्थ-सुरक्षित समाज के निर्माण में मीडिया की भूमिका तथा मीडिया, जन-प्रतिनिधि एवं प्रशासन के परस्पर संबंध और समझ विषय पर चर्चा होगी। कार्यशाला में महिलाओं एवं बच्चों से संबंधित कानूनों की जानकारी पर विशेष सत्र रखा गया है। यह कार्यशाला महिला बाल विकास विभाग तथा जनसम्पर्क विभाग के सहयोग से आयोजित की जा रही है। मीडिया कार्यशाला में वरिष्ठ वीडियो जर्नलिस्ट श्री विनोद कश्यप, इंडिया टुडे के श्री राहुल नरोन्हा, इन्दौर के वरिष्ठ पत्रकार श्री प्रकाश हिन्दुस्तानी, भोपाल के वरिष्ठ पत्रकार श्री सोमदत्त शास्त्री, सुबह सवेरे के श्री अजय बोकिल, देशबंधु भोपाल की वरिष्ठ पत्रकार सुश्री रूबी सरकार तथा समागम पत्रिका के संपादक श्री मनोज कुमार और खण्डवा तथा बुरहानपुर के पत्रकार एक-दूसरे से से रूबरू होंगे। कार्यशाला में सांसद श्री नंदकुमार सिंह चौहान सहित बुरहानपुर के जन-प्रतिनिधि भी सम्मिलित होंगे। उल्लेखनीय है कि सन् 1991 में यूनेस्को और संयुक्त राष्ट्र ने मिलकर अंतर्राष्ट्रीय पत्रकारिता स्वतंत्रता दिवस मनाने का निर्णय लिया था। इसका उद्देश्य प्रेस की स्वतंत्रता की महत्ता के बारे में जानकारी देना रहा है।
कांग्रेस अध्यक्ष बनने के बाद गुफा मंदिर पहुंचे कमलनाथ, बोले- मंदिरों में जाने का ठेका भाजपा ने नहीं लिया
2 May 2018
भोपाल. मध्य प्रदेश कांग्रेस के नए अध्यक्ष कमलनाथ सक्रिय हो चुके हैं। भाजपा और शिवराज से मुकाबले के लिए कमलनाथ भोपाल के गुफा हनुमान मंदिर में पहुंचे। मंगलवार को प्रदेश अध्यक्ष का पदभार संभालने के बाद ही अगले ही दिन कमलनाथ ने भोपाल के गुफा मंदिर का दर्शन किया है। उन्होंने कहा कि मंदिर जाने का भाजपा ने ठेका नहीं लिया है और न ही भगवान पर उनका अधिकार है। ये बात मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कमलनाथ ने कही थी, जिसे बुधवार को भी दोहराते रहे। इसके पहले कमलनाथ ने बुधवार को सुबह पार्टी कार्यालय में वरिष्ठ नेताओं के साथ मीटिंग ली। गुफा मंदिर पहुंचे कमलनाथ -भोपाल के गुफा मंदिर में दर्शन के बाद कमलनाथ ने कहा कि वो धार्मिक व्यक्ति हैं और भगवान के आशिर्वाद से ही प्रदेश में कांग्रेस 2018 में विधानसभा चुनावों में जीत दर्ज करेगी। इसके बाद कमलनाथ उज्जैन के महाकाल और दतिया के मां पीतांबरा पीठ के दर्शन भी करेंगे। बीजेपी ने कोई ठेका नहीं लिया -कमलनाथ ने कहा कि मंदिर जाना बीजेपी का कॉपीराइट नहीं है। भगवान सभी के हैं और भगवान के दरबार में सभी बराबर हैं। इससे पहले राहुल गांधी, दिग्विजय सिंह, फिर ज्योतिरादित्य सिंधिया औऱ अब कमलनाथ भगवान के द्वार पर जाकर जीत की प्रार्थना करते नज़र आ रहे हैं। कांग्रेस मतलब परस्त है : भाजपा -इधर, इस मामले में बीजेपी ने कांग्रेस पर मतलबपरस्त होने का आरोप लगाया है। बीजेपी प्रवक्ता के मुताबिक कमलनाथ हों या फिर कोई और बड़ा नेता। सिर्फ चुनावों के समय पर मंदिर-मंदिर जाकर वोट की राजनीति करना उन्हें शोभा नहीं देता. वो जनता को बरगला कर वोट हासिल नहीं कर पाएंगे. जनता कांग्रेस की असलियत जानती है। इसलिए देवी-देवताओं की शरण में -दरअसल, पिछले कुछ विधानसभा चुनावों से कांग्रेस अपनी तुष्टीकरण की छवि से बाहर निकलना चाहती है। गुजरात के विधानसभा चुनावों में राहुल गांधी के मंदिर फार्मूले ने पार्टी को फायदा पहुंचाया और गुजरात में कांग्रेस ने उम्मीद से बढ़कर प्रदर्शन किया। यही फार्मूला कमलनाथ मध्य प्रदेश में अपनाते नजर आ रहे हैं। वे सॉफ्ट हिंदुत्व वाली छवि को लेकर चल रहे हैं। इसके पहले पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह भी कह चुके हैं कि नर्मदा यात्रा के दौरान उनके सारे पाप धुल चुके हैं।
प्रदेश में 15 मई से 30 जून तक निकाली जायेंगी विकास यात्राएँ : मुख्यमंत्री श्री चौहान
1 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में आगामी 15 मई से 30 जून तक विकास यात्राएँ निकाली जायेंगी। यात्राओं के दौरान विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को हित-लाभ दिलवाये जायेंगे। साथ ही, विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास भी होगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने आज मंत्रालय में समाधान ऑनलाईन कार्यक्रम में इस संबंध में वरिष्ठ मैदानी अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का मुख्य एजेंडा विकास और जन-कल्याण है। अत: विभिन्न योजनाओं में पात्र हितग्राहियों को लाभान्वित करने के लिये तेजी से प्रयास किये जायें। समाधान ऑनलाईन में आज मुख्यमंत्री ने विभिन्न जिलों के 12 आवेदकों की समस्याओं का निराकरण किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि चना, मसूर और सरसों के समर्थन मूल्य पर उपार्जन के कार्य को पूरी दक्षता और कुशलता से पूरा किया जाये। किसानों को भुगतान में कहीं भी कोई दिक्कत नहीं हो। पेयजल आपूर्ति के लिये भी व्यापक प्रबंध करें तथा आवश्यकतानुसार जिलों में पेयजल परिवहन की व्यवस्था करें। मुख्यमंत्री ने बताया कि ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत पाँच मई को सभी विकासखण्डों में आजीविका दिवस पर स्व-सहायता समूहों के सम्मेलन किये जायेंगे। विकास यात्रा के दौरान श्रमिक होंगे लाभान्वित मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि असंगठित श्रमिक कल्याण योजना, सामाजिक सुरक्षा का महत्वाकांक्षी कार्यक्रम है। इसे सभी के सहयोग से आयोजित किया जाये। आगामी 7 मई को होने वाली ग्राम सभाओं में श्रमिकों के प्राप्त आवेदनों की सूची का वाचन किया जाये। वाचन के बाद पात्र श्रमिकों को कार्ड दिये जायें। श्री चौहान ने कहा कि इस योजना में गत एक अप्रैल से पात्र श्रमिकों को लाभ दिया जाना है। उन्होंने निर्देश दिये कि विकास यात्रा के दौरान श्रमिकों को लाभ वितरण किया जाये। आगामी जुलाई और अगस्त माह में विभिन्न स्व-रोजगार योजनाओं के हितग्राहियों के सम्मेलन कर उन्हें लाभान्वित किया जायेगा। मुख्य सचिव श्री बी.पी. सिंह ने बताया कि असंगठित श्रमिक कल्याण योजना के हितग्राहियों को लाभ दिलाने के लिये पिछले दिनों चलाये गये राजस्व अभियान की तरह वृहद अभियान चलाया जायेगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान को कार्यक्रम में बताया गया कि होशंगाबाद के श्री हेमचंद कोरी को छात्रवृत्ति की लंबित राशि 28 हजार 600 रुपये का भुगतान मिल गया है। इसी तरह, मंदसौर की श्रीमती उमा बाई को पति की डूबने से मृत्यु होने पर आर्थिक सहायता की लंबित राशि 4 लाख रूपये प्राप्त हो गई है। इंदौर के श्री राकेश प्रजापति द्वारा भतीजी शिवानी की साइकिल नहीं मिलने की शिकायत का भी समाधान कर उसे साइकिल उपलब्ध करवा दी गई है। छतरपुर के श्री भरत श्रीवास को तेन्दूतपत्ता पारिश्रमिक की राशि 2 हजार 688 रूपये मिल गई है। आवेदक के बैंक खाते में राशि जमा नहीं करने के लिये उत्तरदायी पंजाब नेशनल बैंक की उप प्रबंधक सुश्री पल्लवी अग्रवाल के विरूद्ध कार्रवाई के लिये केन्द्र सरकार को लिखा जा रहा है। राजगढ़ के श्री दरियोसिंग को ओपन स्कूल से दसवीं परीक्षा की अंक-सूची दे दी गई है। हरदा के श्री आनंद सिंह राजपूत को कृषि उपज मण्डी समिति टिमरनी को विक्रय की गई मूँग की राशि 2 लाख 37 हजार 762 रूपये का भुगतान कर दिया गया है। कटनी के श्री रामदयाल यादव को 20 क्विंटल धान विक्रय की राशि 31 हजार रूपये प्राप्त हो गई है। मुख्यमंत्री ने खण्डवा के श्री शिवनारायण चौहान के शस्त्र लायसेंस के नवीनीकरण में संबंधित पुलिस अधिकारी पर विलंब के लिये पाँच हजार रूपये का अर्थदण्ड अधिरोपित कर आवेदक को क्षतिपूर्ति के रूप में दिये जाने के निर्देश दिये। इस मौके पर बताया गया कि शस्त्र लायसेंस नवीनीकरण व्यवस्था में परिवर्तन कर पुलिस अधीक्षक के माध्यम से कार्रवाई की व्यवस्था की गई है। इस कारण अब नवीनीकरण का कोई भी प्रकरण लंबित नहीं है। डिण्डौरी की श्रीमती लीलाबाई के खेत में स्थाई पम्प कनेक्शन में विलंब पर संबंधित ठेकेदार की प्रतिभूति राशि एक लाख 33 हजार 500 रूपये जप्त कर उसे दो वर्ष के लिये कार्य निषेध करने की जानकारी दी गई। यह भी बताया गया कि कार्य की अधिकतम सीमा के अंतर्गत विभागीय स्तर पर कार्रवाई कर स्थाई पम्प कनेक्शन करा दिया गया है। उमरिया के श्री सम्पत प्रजापति को चार लाख 83 हजार 735 रूपये के किराये का लंबित भुगतान कर दिया गया है। दोषी कर्मचारी लिपिक बृजेन्द्र सिंह और लेखापाल सी.पी. परौहा को दण्डित किया गया है। खरगोन के श्री नानकरावजी के कपिलधारा कूप निर्माण में गलत मूल्यांकन करने के प्रकरण में अधिकारियों के विरूद्ध एक लाख 14 हजार 487 रूपये की वसूली की कार्रवाई की जा रही है। नीमच जिले के श्री सुनील कुमार को निजी आईटीआई कनावटी द्वारा अंक-सूची प्रदाय करने में विलंब किया गया। आवेदक को अंक-सूची उपलब्ध कराने के साथ ही संस्था की मान्यता दो वर्ष के लिये निरस्त करने की कार्रवाई प्रचलित है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर समाधान एक दिन में योजना के अंतर्गत उत्कृष्ट कार्य करने वाले 10 अधिकारियों को प्रशस्ति-पत्र प्रदान किये। पुरस्कृत अधिकारियों में केटेगेरी 'ए' में मुख्य कार्यपालन अधिकारी सिवनी श्रीमती सुमन खटरकर, तहसीलदार सोहागपुर (शहडोल) श्री मनोज चौरसिया, विकासखंड समन्वयक सिवनी श्री सुनील कुमार पवार, सहायक आपूर्ति अधिकारी भोपाल श्री राजेश खरे, आयुक्त भोपाल द्वारा प्राधिकृत अधिकारी श्री एम.पी. शांडिल्य शामिल हैं। इसी प्रकार केटेगरी 'बी' में वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी (बसोदा) विदिशा श्री ए.एस. कौरव, नायब तहसीलदार (सरई) सिंगरौली श्री प्रभास कुमार भर्गी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत पुष्पराजगढ़ (अनूपपुर) श्री आर.पी. त्रिपाठी, वरिष्ठ कृषि अधिकारी श्यामपुर (सीहोर) श्री बी.एस. देवरा और तहसीलदार कुम्भराज (गुना) श्री ब्रिज मोहन आर्य को प्रशस्ति-पत्र दिये गये।
मुख्यमंत्री ने दत्तक पुत्रियों का कन्यादान किया
1 May 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज विदिशा में अपनी दोनों दत्तक पुत्रियों का कन्यादान किया। श्री सेवा सुन्दर आश्रम में रह रही दोनों दत्तक बेटियां रेखा लोधी और भारती नामदेव तथा एक बेटा कमल सिंह लोधी आश्रम में रहकर पढे-बडे हुए है इन तीनों का विवाह आज श्री बाढ़ वाले गणेश मंदिर में पूर्ण विधि विधान से हुआ। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने धर्मपत्नी श्रीमती साधना सिंह के साथ बारातियों का स्वागत किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि बेटियाँ बहू बनकर जा रही है। वहीं एक बेटी बहू बनकर आ रही है। तीनों जोड़े हमेशा सुखी रहे और उन्हें जीवन का हर सुख मिले। उन्होंने दामादों से कहा कि मिल-जुलकर रहें। वहीं दत्तक पुत्रियों से कहा कि दोनों कुलों का नाम रोशन करें। मुख्यमंत्री श्री चौहान रेखा और भारती को अनाथ आश्रम में लाने के वृतान्त को सुनाते हुए भावुक हो गए है। उन्होंने कहा कि ससुराल में सदैव खुश रहें और घरवालों को सुखी रखें। उन्होंने आशीर्वाद देते हुए कहा कि तुम्हारा मंगल हो और तुम सबका मंगल करो। भगवान तीनों जोड़ों को सदा सुखी रखे और उनकी मनोकामनाएँ पूरी करें। नव-दम्पतियों को साधु संतों के अलावा लोक निर्माण मंत्री श्री रामपाल सिंह राजपूत, उद्यानिकी राज्यमंत्री श्री सूर्यप्रकाश मीणा, दमोह सांसद श्री प्रहलाद पटेल के अलावा अन्य जन-प्रतिनिधियों, समाजसेवी संगठनों, गणमान्य नागरिकों और अधिकारियों ने शुभार्शीवाद दिया।
आगर-शाजापुर और नीमच में बनेंगे 1500 मेगावॉट के सोलर पार्क
1 May 2018
राज्य शासन द्वारा देश में रीवा सौर परियोजना को मॉडल रूप में स्थापित करने के बाद शाजापुर, आगर और नीमच में भी सोलर पार्क सौर परियोजनाओं की तैयारी कर ली गई है। इस संबंध में नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा विभाग और विश्व बैंक के इंटरनेशनल फायनेंस कॉर्पोरेशन (आईएफसी) के मध्य आज फायनेंशियल एडवायजरी सर्विसेस एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर हुए। नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री नारायण सिंह कुशवाहा की उपस्थिति में विभाग की ओर से प्रमुख सचिव श्री मनु श्रीवास्तव और आईएफसी की ओर से एशिया पेसिफिक रीजनल मैनेजर सुश्री ईसाबेल चेटरटन ने हस्ताक्षर किये। शाजपुर सोलर पार्क 500 मेगावॉट, आगर 550 और नीमच सोलर पार्क 450 मेगावॉट का होगा। इससे राज्य को सस्ती दर पर सौर ऊर्जा मिलेगी। विश्व की सबसे बड़ी सौर परियोजनाओं में से एक मध्यप्रदेश की रीवा सौर परियोजना को केन्द्र शासन द्वारा देश के अन्य राज्यों के समक्ष मॉडल के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है। इसे विश्व बैंक प्रेसिडेंट अवार्ड भी मिल चुका है। रीवा सौर परियोजना से इसी माह उत्पादन प्रारंभ हो जायेगा। आईएफसी ने पिछले साल 750 मेगावॉट की रीवा परियोजना में भी भागीदारी की है। रीवा परियोजना ने नई तकनीक से सबसे कम टेरिफ का कीर्तिमान स्थापित करते हुए दुनिया में प्रशंसा अर्जित की है। प्रधानमंत्री के पेरिस समझौते के तहत देश में वर्ष 2022 तक 100 गीगावाट क्षमता के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिये प्रदेश में 2000 मेगावाट के सौर पार्क की स्थापना का कार्य प्रगति पर है। 1500 मेगावाट पार्क के लिये 89 प्रतिशत भूमि की व्यवस्था कर ली गई है। विश्व बैंक से अधोसंरचना विकास हेतु ऋण प्राप्त हो चुका है। मध्यप्रदेश की विद्युत वितरण कंपनियों और भारतीय रेल द्वारा विद्युत क्रय की सहमति दे दी गई है। मध्यप्रदेश ऊर्जा विकास निगम के अध्यक्ष श्री विजेन्द्र सिंह सिसोदिया, प्रमुख सचिव ऊर्जा श्री आई.सी.पी. केशरी, प्रबंध संचालक पॉवर ट्रांसमिशन कम्पनी श्री संजय शुक्ला, प्रबंध संचालक मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कम्पनी श्री संजय गोयल और विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे। कार्यक्रम में श्रीलंका और आईएफसी के अधिकारियों ने भी भाग लिया।
बेटियों को बचाने के साथ स्वस्थ बनाना भी आवश्यक
30 April 2018
राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने शिक्षकों से कहा है कि छात्राओं की रूचि के विषयों पर अधिक ध्यान दें और उन्हें प्रोत्साहित करें। उन्होंने कहा कि मुझे यह जानकर हर्ष और प्रसन्नता होती है कि गरीबों की बच्चियाँ भी प्रतियोगिता परीक्षा में उच्च स्थान प्राप्त कर रही है। कन्या शिक्षा का समाज और देश के विकास को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने कहा कि छात्राओं की प्रतिभा को उभारने के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दी जाना चाहिए। राज्यपाल श्रीमती पटेल आज सरोजनी नायडू कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में पुरस्कार वितरण कर रही थी। राज्यपाल श्रीमती पटेल ने कहा कि बेटियों को बचाना ही काफी नहीं है। उनके स्वास्थ्य पर भी ध्यान देना जरूरी है। इसके लिए विद्यालयों में स्वास्थ्य शिविर लगाकर सम्पूर्ण जाँच कराई जाए। राज्यपाल ने कहा कि छात्राओं को शिक्षा देने के साथ सांस्कृतिक और अन्य कार्यक्रम और गतिविधियाँ संचालित कर उनका शैक्षणेत्तर ज्ञान बढ़ाने का भी प्रयास किया जाये। उन्हें प्रदेश के पयर्टन एवं ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण कराया जाये। विद्यालयों में होने वाले कार्यक्रमों का संचालन छात्राओं से ही कराया जाये, इससे उनका मनोबल बढ़ेगा और वे कुछ नया सीख सकेंगी। स्कूल शिक्षा मंत्री कुंवर विजय शाह ने कहा कि छात्राएँ देश का भविष्य हैं। देश और प्रदेश का विकास और सामाजिक उन्नति उनके कंधे पर है। इनमें से कोई डाक्टर, इंजीनियर बनकर देश और समाज की सेवा करेगी। उन्होंने कहा कि आगे से अतिथियों का स्वागत पुस्तकें भेंट कर किया जायेगा। नये सत्र से स्कूल परिसर में नया शेड बनाया जायेगा। कक्षा में उपस्थिति के समय बच्चे जय-हिंद बोलें, इससे उनमें राष्ट्रभक्ति की भावना जागृत होगी। स्कूल शिक्षा राज्य मंत्री श्री दीपक जोशी ने कहा कि मुख्यमंत्री जी ने मेधावी छात्राओं के लिए कई योजनाएँ शुरू की हैं। अब 70 प्रतिशत अंक लाने वाली छात्राओं को भी लेपटॉप दिया जायेगा। राज्यपाल ने स्कूल की स्मारिका का विमोचन भी किया। आभार स्कूल शिक्षा सचिव श्री अशोक भार्गव ने माना।
जन-सहयोग से जल-संरक्षण और संवर्धन का महाभियान चलेगा : मुख्यमंत्री श्री चौहान
30 April 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि भू-जल स्तर निरंतर गिर रहा है। इसे रोकने के लिये प्रदेश में जन-सहयोग से जल-संरक्षण और संवर्धन का महाभियान चलाया जायेगा। पुराने तालाबों और नदियों का गहरीकरण किया जायेगा। साथ ही इस वर्ष 500 करोड़ रूपये से नये तालाबों का निर्माण किया जायेगा। इस वर्ष 15 जुलाई से वृक्षारोपण का अभियान भी शुरू होगा। श्री चौहान ने इस महती कार्य में शामिल होने के लिये संपूर्ण समाज का आव्हान किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज सीहोर जिले के ईंटखेड़ी छाप में आयोजित जल-संसद को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कोलांस नदी के गहरीकरण के लिये श्रमदान का शुभारंभ भी किया। उन्होंने स्वयं श्रमदान कर लोगों को श्रमदान के लिये प्रेरित भी किया। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मनुष्य द्वारा औद्योगिकीकरण और भौतिकता की चाह में प्राकृतिक संसाधनों का अँधाधुँध दोहन किया गया है। इससे अनेक प्राकृतिक आपदाएँ उत्पन्न हुई हैं। वृक्षों की अँधाधुँध कटाई से वर्षा कम और अनियमित होने लगी है। आज पर्यावरण बिगड़ रहा है, नदियाँ सूख रही हैं और सतही जल लगातार घट रहा है। धरती पर सूखे का संकट पैदा हो रहा है। धरती की सतह का तापमान लगातार बढ़ रहा है, जो वर्ष 2050 तक दो डिग्री सेल्सियस तक बढ़ जायेगा। इससे ग्लेशियर पिघलेंगे, समुद्र का जल-स्तर बढ़ेगा और बाढ़ जैसी समस्याएँ पैदा होंगी। श्री चौहान ने कहा कि इन समस्याओं का पूरी दुनिया और देश सामना कर रहा है। ये समस्याएँ क्यों पैदा हुईं, यह सभी के लिये चिंता और सोचने का विषय है। अगर हम अभी नहीं चेते तो आने वाली पीढ़ियों के लिये भारी संकट पैदा होगा। यह धरती मनुष्यों के साथ पेड़-पौधों और जीव-जंतुओं के लिये भी है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक संसाधनों का शोषण नहीं दोहन करना चाहिए। वृक्ष वर्षा जल को अवशोषित करते हैं जिससे भू-जल स्तर बढ़ता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि नदियाँ जीवन का आधार हैं। मानव सभ्यता नदियों के किनारे ही विकसित हुई हैं। पर्यावरण संरक्षण और प्राकृतिक संसाधनों को बचाना हमारा लक्ष्य है। आगामी 15 जुलाई से 30 अगस्त तक महावृक्षारोपण अभियान शुरू होगा। उन्होंने कहा कि वर्षा जल को रोकने के लिये चेक डेम, बोरी बँधान और तालाब निर्माण का कार्य किया जायेगा। उन्होंने कहा कि गाँव का पानी गाँव में ही रोकने के उपाय किये जायेंगे। इसमें स्वयंसेवी संस्थाएँ एवं सभी लोग सहयोग करें। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जब भी कोई बड़ा कार्य शुरू करते हैं तो उसमें रूकावटें आती ही हैं। लोग क्या कहेंगे, इसकी चिंता नहीं करें। यह कार्य केवल सरकार नहीं कर सकती, संपूर्ण समाज के सहयोग से ही संभव है। उन्होंने इस पुण्य कार्य में शामिल होने केलिये सभी से अपील की। मुख्यमंत्री ने जल-संरक्षण के लिये जन-अभियान परिषद द्वारा सभी 313 विकासखण्डों में नदियों के गहरीकरण के लिये शुरू किये गये श्रमदान की प्रशंसा की। श्री चौहान ने बताया कि विगत वर्ष की गई नर्मदा सेवा यात्रा से लोगों में नदियों के प्रति जागरूकता बढ़ी है। अब लोग नदियों में दूषित जल-प्रवाह करने से परहेज करते हैं। नदी के किनारे विसर्जन-कुण्ड, पूजन-कुण्ड, शौचालय और मुक्ति-धाम बनाये गये हैं। साथ ही तट के गाँव से शराब की दुकानें हटाई गई हैं। नर्मदा नदी के किनारे विगत दो जुलाई को 35 लाख लोगों द्वारा 6 करोड़ से अधिक पौधे रोपे गये थे। उन्होंने लोगों को पर्यावरण और नदी संरक्षण का संकल्प भी दिलाया। साथ ही स्वयं भी चिलचिलाती धूप में गैती लेकर कोलांस नदी में श्रमदान किया। जन-अभियान परिषद के उपाध्यक्ष डॉ. प्रदीप पाण्डे ने बताया कि आज से नदी गहरीकरण के जन-अभियान की शुरूआत हो रही है। जो आगामी दो माह तक प्रदेश के 313 विकासखण्डों में चलेगा। गौ-संवर्धन बोर्ड के अध्यक्ष स्वामी श्री अखिलेश्वरानंद ने कहा कि भारतीय संस्कृति बहुत उदार है। इसमें सभी जीव-जंतुओं, जड़-चेतन को भी चैतन्य माना गया है। भारत एक जीवंत चेतना है। इसमें प्रकृति को पूरा सम्मान दिया गया है। बिना जल के जीवन संभव नहीं है। इसलिये जड़-जंतु, जल को सुरक्षित रखें। विधायक श्री रामेश्वर शर्मा ने कहा कि कोलांस नदी से भोपाल का बड़ा तालाब भरता है। उन्होंने नदी गहरीकरण के कार्य के लिये परिषद की सराहना की। मुख्यमंत्री ने परिषद द्वारा आयोजित प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया। इस मौके पर सांसद श्री आलोक संजर, भोपाल महापौर श्री आलोक शर्मा, मध्यप्रदेश खनिज विकास निगम के अध्यक्ष श्री शिव चौबे, जन-अभियान परिषद के उपाध्यक्ष श्री राघवेन्द्र गौतम, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री मनमोहन नागर आदि जन-प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में आमजन मौजूद थे।
पंजीकृत असंगठित श्रमिकों को शीघ्र लाभ दिया जाये - श्री चौहान
30 April 2018
मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान ने असंगठित श्रमिक कल्याण योजना के पात्र हितग्राहियों को शीघ्र लाभ देना सुनिश्चित करने के लिये अधिकारियों को निर्देशित किया है। उन्होंने कहा है कि योजना की जानकारी देने के लिये 07 मई 2018 को विशेष ग्राम सभाएँ की जाये। इनमें वे स्वयं तथा मंत्रीगण, विधायक और अधिकारी शामिल होंगे। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज यहाँ असंगठित श्रमिक कल्याण योजना की क्रियान्वयन की तैयारियों की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि योजना से संबंधित आदेश, निर्देश एवं परिपत्र 02 मई तक जारी कर दिये जायें। योजना पर तत्काल अमल सुनिश्चित किया जाये। जो पात्र हितग्राही हैं उनको लाभ देना शुरू किया जाये। साथ ही गाँवों में डोंडी पिटवाई जाये, जिससे जो लोग पंजीयन के लिये छूट गये हैं, वे ग्राम सभा के दौरान अपना पंजीयन करा सकें। प्रदेश में 07 मई को शाम 05 बजे से ग्रामसभाओं का तथा शहरों में शाम 06 बजे से वार्ड सभाओं का आयोजन किया जायेगा। इनमें पंजीकृत श्रमिकों की सूची पढ़कर सुनाई जायेगी। साथ ही इस महत्वाकांक्षी योजना और उससे मिलने वाले लाभों की जानकारी दी जायेगी। बताया गया कि पंजीकृत श्रमिकों को 15 मई से 30 मई 2018 तक पंजीयन प्रमाण-पत्र वितरित किये जायेंगे। इन परिवारों को प्रसूति सहायता, पहली से पीएचडी तक नि:शुल्क शिक्षा, कोचिंग, आवासीय पट्टे और मकान बनाने के लिये सहायता, रोजगार, प्रशिक्षण, स्व-रोजगार में मदद, इलाज की सुविधा, फ्लैट रेट पर बिजली, अंत्येष्टि सहायता आदि योजनाओं का लाभ मिलेगा। बैठक में पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गोपाल भार्गव, नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्रीमती माया सिंह, ऊर्जा मंत्री श्री पारस जैन, लोक स्वास्थ्य मंत्री श्री रूस्तम सिंह, मुख्य सचिव श्री बी.पी.सिंह, अपर मुख्य सचिव पंचायत और ग्रामीण विकास श्री इकबाल सिंह बैंस तथा ऊर्जा, स्वास्थ्य, श्रम, नगरीय विकास आदि विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
श्री रवि श्रीवास्तव द्वारा वन बल प्रमुख का पदभार ग्रहण
30 April 2018
श्री रवि श्रीवास्तव ने सतपुडा भवन स्थित वन मुख्यालय में प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख का पदभार ग्रहण किया। श्री रवि श्रीवास्तव भारतीय वन सेवा संवर्ग 1979 के अधिकारी है।




देश की समृद्धि में शहरों के विकास की महत्वपूर्ण भूमिका : राष्ट्रपति श्री कोविंद
29 April 2018
राष्ट्रपति श्री रामनाथ कोविंद ने कहा है कि भारत की समृद्धि में शहरों की अर्थ-व्यवस्था का महत्वूपर्ण स्थान है। शहरों के सुनियोजित विकास के लिए भारत सरकार द्वारा स्मार्ट सिटी परियोजना शुरू की गई है। इसमें 100 शहरों को स्मार्ट के रूप में विकसित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने स्मार्ट सिटी परियोजना को और मजबूती से लागू करने के लिए प्रदेश में मिनी स्मार्ट सिटी विकसित करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया है। राष्ट्रपति श्री कोविंद ने यह बात आज गुना शहर को मिनी स्मार्ट सिटी में शामिल करने के कार्यक्रम में कही। राष्ट्रपति श्री कोविंद ने कहा कि मध्यप्रदेश राज्य संस्कृति] शौर्य और संगीत में समृद्ध राज्य है। इस राज्य में पर्यटन की अपार संभावनाएँ हैं। प्रदेश ने पिछले कुछ वर्षों में कृषि के क्षेत्र में अभूतपूर्व प्रगति की है। खेती-किसानी के क्षेत्र में बेहतर उत्पादन के लिए राज्य को लगातार कृषि कमर्ण अवार्ड प्राप्त हो रहा है। म.प्र. से आत्मीय लगाव राष्ट्रपति ने कहा कि पर्यटन विकास के क्षेत्र में भी बेहतर काम के लिए मध्यप्रदेश सरकार को केन्द्र सरकार की ओर से पुरस्कृत किया गया है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश से उनका आत्मीय लगाव रहा है। प्रदेश में लगभग सभी जिलों में उनका भ्रमण हुआ है। गुना में उनके बड़े भाई निवास कर रहे हैं। श्री कोविंद ने कहा कि प्रदेश में संविधान निर्माता डॉ. बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर की जन्म-स्थली है। ग्वालियर पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की कर्मस्थली है। इसके साथ ही गुना स्व.राजमाता विजयाराजे सिंधिया की कर्मभूमि भी है। राज्यपाल श्रीमती आनंदी बेन पटेल ने कहा कि स्मार्ट सिटी परियोजना में प्रदेश के 7 शहर शामिल हैं। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने प्रदेश में 12 मिनी स्मार्ट सिटी बनाने का भी निर्णय लिया है, जिसमें गुना शहर शामिल किया गया है। उन्होंने कहा कि शहर को स्मार्ट बनाने के लिए शहर के निवासियों को भी अपने व्यवहार में परिवर्तन करते हुए शहर विकास में भागीदार बनना जरूरी है। राज्यपाल श्रीमती पटेल ने नागरिकों से आग्रह किया कि स्मार्ट सिटी बनाने के साथ कुपोषण और टी.बी. जैसी गंभीर बीमारी को समूल रूप से खत्म करने के लिए समाज के सभी वर्गों को आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि सभी जन-प्रतिनिधि और समाज के गणमान्य नागरिक यह संकल्प लें कि कोई भी बच्चा कुपोषित नहीं रहेगा। इसके लिए कुपोषित बच्चों को गोद लेने का काम भी किया जाए। टी.बी. को खत्म करने के लिये समन्वित प्रयास किए जाए। गुना के विकास में कोई कसर नहीं रखेंगे : मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि गुना के विकास में सरकार कोई कसर नहीं छोड़ेगी। गुना शहर को मिनी स्मार्ट सिटी में शामिल किया गया है। प्रदेश सरकार 282 करोड़ रूपए खर्च कर गुना का सुनियोजित विकास कर स्मार्ट सिटी बनाय